चकरनगर/इटावा का पाली-रनियां संपर्क मार्ग, जो लंबे समय से क्षतिग्रस्त था और जिस पर आवागमन दूभर होने के साथ-साथ आए दिन दुर्घटनाएँ होती थीं, अब उसकी सूरत बदल गई है। सड़क पर बेतहाशा गड्ढों और कटे हुए रेंट कटों के कारण वाहन चालकों व सवारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। इस समस्या को कई बार समाचार पत्रों के माध्यम से अधिकारियों के संज्ञान में लाया गया, जिसके बाद सार्वजनिक निर्माण विभाग ने कड़ी मेहनत और तेजी से कार्य करते हुए सड़क का कायाकल्प किया। विभाग द्वारा पहले गड्ढे भरने और कटे हुए रेंनकटों पर मिट्टी ढलाई का कार्य किया गया, जिसके बाद डामरीकरण का काम तेजी से पूरा किया गया। अधिकारियों और कर्मचारियों ने विशेष रुचि दिखाते हुए उन तीन जगहों पर सीमेंटेड सड़क का निर्माण कराया जहां आमतौर पर यमुना नदी की बाढ़ के कारण सड़कें ध्वस्त हो जाती थीं। बाकी सभी हिस्सों पर डामरीकरण का कार्य हो चुका है, और विभाग ने बचे हुए कुछ रेंनकटों को बरसात को मद्देनजर रखते हुए शीघ्र ही पूरा करने का आश्वासन दिया है। इस सड़क को पार करने में पहले घंटों का समय बर्बाद होता था और वाहनों को भी भारी क्षति होती थी, जबकि टायरों से उछलकर लगने वाली गिट्टी राहगीरों के लिए जानलेवा साबित होती थी। इस बीच, अपुष्ट सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, गांव गौहानी में सड़क पर पानी भरने की समस्या को लेकर चल रही खबरों पर सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारी श्री गगन जी ने संज्ञान लिया। उन्होंने अपने अधीनस्थों से उक्त समस्या पर जानकारी मांगी, जिस पर विभागीय अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह पानी गांव के संपर्क मार्ग पर है। अधिकारी की अपने कार्य के प्रति इस संवेदनशीलता के लिए श्री गगन जी को बहुत-बहुत धन्यवाद दिया गया। सड़क का कार्य विभाग द्वारा कराए जाने पर क्षेत्रीय जनता ने जिलाधिकारी इटावा सहित सार्वजनिक निर्माण विभाग के सभी जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। इसके साथ ही सड़क पर कार्य करने वाले मजदूरों और उन मीडिया कर्मियों को भी धन्यवाद दिया गया, जिन्होंने इस सड़क की समस्या को जिला प्रशासन तक पहुँचाने का महत्वपूर्ण कार्य किया।
चकरनगर/इटावा का पाली-रनियां संपर्क मार्ग, जो लंबे समय से क्षतिग्रस्त था और जिस पर आवागमन दूभर होने के साथ-साथ आए दिन दुर्घटनाएँ होती थीं, अब उसकी सूरत बदल गई है। सड़क पर बेतहाशा गड्ढों और कटे हुए रेंट कटों के कारण वाहन चालकों व सवारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। इस समस्या को कई बार समाचार पत्रों के माध्यम से अधिकारियों के संज्ञान में लाया गया, जिसके बाद सार्वजनिक निर्माण विभाग ने कड़ी मेहनत और तेजी से कार्य करते हुए सड़क का कायाकल्प किया। विभाग द्वारा पहले गड्ढे भरने और कटे हुए रेंनकटों पर मिट्टी ढलाई का कार्य किया गया, जिसके बाद डामरीकरण का काम तेजी से पूरा किया गया। अधिकारियों और कर्मचारियों
ने विशेष रुचि दिखाते हुए उन तीन जगहों पर सीमेंटेड सड़क का निर्माण कराया जहां आमतौर पर यमुना नदी की बाढ़ के कारण सड़कें ध्वस्त हो जाती थीं। बाकी सभी हिस्सों पर डामरीकरण का कार्य हो चुका है, और विभाग ने बचे हुए कुछ रेंनकटों को बरसात को मद्देनजर रखते हुए शीघ्र ही पूरा करने का आश्वासन दिया है। इस सड़क को पार करने में पहले घंटों का समय बर्बाद होता था और वाहनों को भी भारी क्षति होती थी, जबकि टायरों से उछलकर लगने वाली गिट्टी राहगीरों के लिए जानलेवा साबित होती थी। इस बीच, अपुष्ट सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, गांव गौहानी में सड़क पर पानी भरने की समस्या को लेकर चल रही
खबरों पर सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारी श्री गगन जी ने संज्ञान लिया। उन्होंने अपने अधीनस्थों से उक्त समस्या पर जानकारी मांगी, जिस पर विभागीय अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह पानी गांव के संपर्क मार्ग पर है। अधिकारी की अपने कार्य के प्रति इस संवेदनशीलता के लिए श्री गगन जी को बहुत-बहुत धन्यवाद दिया गया। सड़क का कार्य विभाग द्वारा कराए जाने पर क्षेत्रीय जनता ने जिलाधिकारी इटावा सहित सार्वजनिक निर्माण विभाग के सभी जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। इसके साथ ही सड़क पर कार्य करने वाले मजदूरों और उन मीडिया कर्मियों को भी धन्यवाद दिया गया, जिन्होंने इस सड़क की समस्या को जिला प्रशासन तक पहुँचाने का महत्वपूर्ण कार्य किया।
- उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में स्थित विट्ठल आश्रम परिसर में दस विद्या पीठ मंदिर का निर्माण कार्य प्रगति पर है।1
- औरैया जिले के दिबियापुर में पड़ोसी के घर हुई लाखों की चोरी का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर सफल खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि एक बाल अपचारी को भी पुलिस अभिरक्षा में लिया गया है। पुलिस के अनुसार, चोरों ने प्रशांत पोरवाल के घर का ताला तोड़कर लगभग ₹5 लाख नकद और करीब 2 किलो चांदी के जेवर चुराए थे। दिबियापुर पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ₹3.90 लाख नकद और चांदी के आभूषण बरामद किए हैं। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने वैसुन्धरा तिराहा के पास पुलिया से इन आरोपियों को पकड़ा। पूछताछ के दौरान, उन्होंने पड़ोसी प्रशांत पोरवाल के घर चोरी करने की बात कबूल की।1
- नगला चौहान क्षेत्र में सड़कों का निर्माण कार्य नहीं हो रहा है। इसी वजह से वहां की सड़कों पर जल्दी ही पानी भर जाता है, जिससे स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।1
- आगरा स्थित ताजमहल के अंदर दो पुलिसकर्मियों द्वारा बनाई गई दो रीलें सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रही हैं। इन रीलों में, दोनों पुलिसकर्मी अपनी वर्दी पहने हुए एक गाने पर अभिनय करते हुए दिखाई दे रहे हैं। वायरल हो रहे इस वीडियो के बारे में बताया जा रहा है कि यह 2025 का है।1
- सुप्रसिद्ध अटेर में स्थित चामुंडा माता के मंदिर पर इन दिनों एक संगीतमय राम कथा का आयोजन चल रहा है। इस कथा को अयोध्या धाम के सुधीरशरण जी महाराज अपने मुखारविंद से सुना रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान चामुंडा मंदिर के पुजारी श्री श्री 1008 प्रेमानंद सरस्वती महाराज मंचासीन हैं, जबकि श्री अशोक कुमार सोनी कथा के परीक्षित के रूप में उपस्थित हैं। इस राम कथा में हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित होकर कथा का श्रवण पान कर रहे हैं।1
- ग्राम पंचायत गुढ़ा में जीव प्रेम की एक अनोखी घटना सामने आई है, जहाँ एक भूखा और थका हुआ बंदर अचानक एक दुकान में आ गया। देखने में वह अत्यंत कमज़ोर प्रतीत हो रहा था, जिसकी हालत देखकर सोनू सेंगर ने तुरंत उसे भोजन कराया। सोनू सेंगर ने केवल बंदर को खाना ही नहीं खिलाया, बल्कि भीषण गर्मी से राहत दिलाने के लिए उसे कूलर की हवा भी दी। सोनू सेंगर निवासी ग्राम गुढ़ा द्वारा बन जीवों के प्रति दिखाया गया यह प्रेम और दया भाव चर्चा का विषय बन गया है।3
- इटावा पुलिस ने पहली बार एक सांप का सुरक्षित रेस्क्यू सफलतापूर्वक पूरा किया, जो सिविल लाइंस थाने में निकला था। लगभग 6 फीट लंबे इस सांप को थाने के हेड मुहर्रिर हरवीर सिंह ने हिम्मत दिखाते हुए एक स्टिक की मदद से सुरक्षित पकड़ लिया। हरवीर सिंह ने इस रेस्क्यू को पूरा करने का पूरा श्रेय सर्पमित्र डॉ आशीष को दिया। उन्होंने बताया कि डॉ आशीष के रेस्क्यू वीडियो देखकर ही उन्होंने सुरक्षित तरीके से सांप का रेस्क्यू करना सीखा है।1
- भिंड जिले के मेहगांव विधानसभा क्षेत्र की गयेली ग्राम पंचायत से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ उप पंचायत चुनाव में लोकतंत्र को शर्मसार करने वाले गंभीर आरोप लगे हैं। ग्रामीणों और पंचायत सदस्यों का दावा है कि सरपंच पद के चुनाव में निर्वाचन प्रक्रिया का पालन ही नहीं किया गया, बल्कि बहुमत के समर्थन प्राप्त प्रत्याशी को हरा कर अल्पमत वाले प्रत्याशी को सरपंच घोषित कर दिया गया। यह विवादित चुनाव वर्तमान सरपंच के निधन से रिक्त हुए पद के लिए 12 जून को आयोजित किया गया था। पंचायत सदस्यों और ग्रामीणों के अनुसार, चुनाव के दौरान विधिवत मतदान या मतगणना नहीं हुई। आरोप है कि अधिकारियों ने केवल हाथ उठाकर समर्थन पूछा, जिसमें एक पक्ष के समर्थन में 12 सदस्य थे जबकि दूसरे पक्ष के समर्थन में केवल 6 सदस्य मौजूद थे। इसके बावजूद, बहुमत वाले प्रत्याशी को विजयी घोषित न करके अल्पमत वाले पक्ष के प्रत्याशी को सरपंच बना दिया गया। इस फैसले के बाद गयेली पंचायत में भारी आक्रोश फैल गया है, जहाँ ग्रामीणों ने इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताया। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि बहुमत की राय को ही नज़रअंदाज़ कर दिया जाएगा, तो चुनाव कराने का औचित्य क्या रह जाता है। मामले की जानकारी मिलने पर युवा नेता राहुल भदोरिया ग्रामीणों और पंचायत सदस्यों के साथ कलेक्टर कार्यालय पहुँचे और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जाँच की मांग करते हुए एक आवेदन सौंपा। कलेक्टर ने इस मामले में निष्पक्ष जाँच का आश्वासन दिया है।4
- इटावा के जसवंतनगर पुलिस ने मारपीट और फायरिंग के आरोप में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिन्हें माननीय न्यायालय द्वारा जेल भेज दिया गया है। जसवंतनगर थाना प्रभारी निरीक्षक कमल भाटी ने बताया कि ग्राम महलई में कुछ दबंग युवकों ने हर्ष नामक व्यक्ति को खेत में ले जाकर बेल्ट, लात और घूंसों से बेरहमी से पीटा। जब पीड़ित हर्ष वहां से भागने लगा, तो आरोपियों ने उस पर फायरिंग कर दी, जिसमें हर्ष बाल-बाल बच गया। पीड़ित के पिता विनय कुमार की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी हर्षित, कपिल और धर्मेन्द्र जाटव के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस ने इन तीनों आरोपियों - हर्षित, कपिल और धर्मेन्द्र को धरवार मार्ग से गिरफ्तार किया और कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद उन्हें माननीय न्यायालय द्वारा जेल भेज दिया गया है।1