देवास के हाटपिपल्या में एनएसयूआई और युवक कांग्रेस के नेतृत्व में तहसील का घेराव कर कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया। एनएसयूआई छात्रों ने बताया कि वे पहले भी लगातार चार साल से इस संबंध में ज्ञापन देते आ रहे हैं। इस ज्ञापन में छात्रों ने प्रमुखता से तीन मांगें रखीं। पहली मांग शासकीय बालक विद्यालय को तुड़वाकर नवीन भवन के साथ सीएम राइज स्कूल बनाने की है, क्योंकि स्कूल भवन अत्यंत जर्जर अवस्था में है और उसका प्लास्टर गिर रहा है। पूर्व में प्लास्टर गिरने से दो बच्चों को चोटें भी आई थीं। दूसरी मांग शासकीय महाविद्यालय हाटपिपल्या का नाम भारत की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फूले महाविद्यालय रखने की है। छात्रों ने तर्क दिया कि माता सावित्रीबाई फूले के त्याग और क्रांति के कारण ही देश के सर्वोच्च पद पर महामहिम राष्ट्रपति महोदय जैसी महिलाएं विराजमान हैं, और कई अन्य महिलाएं भी बड़े पदों पर हैं, जो उनके संघर्ष के बिना संभव नहीं था। तीसरी और गंभीर मांग महाविद्यालय के प्राचार्य गौरीशंकर रोहित और शिक्षक कविंद्र भरद्वाज के खिलाफ कार्रवाई की थी। छात्रों ने आरोप लगाया कि प्राचार्य और शिक्षक ने एक छात्र को घसीटकर अंदर ले जाकर उसके साथ मारपीट की थी। एनएसयूआई ने इसकी जांच करवाकर प्राचार्य एवं शिक्षक को तत्काल शासकीय पद से बर्खास्त करने और संवैधानिक रूप से उचित कार्यवाही करने की मांग की। इस अवसर पर पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक पटेल कप्तान, युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान, एनएसयूआई अध्यक्ष अरुण बराया, नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण गुड्डू जायसवाल, पार्षद पिंटू जामोदिया, पार्षद अजीत राजावत, पार्षद बंशी तंवर, प्रशांत चौहान राजौदा, दीपक गुर्जर, मनोहर भाटिया, भारत भीलवाड़ा, राजेश गोलियां, राकेश वैष्णव, रविन्द्र पटेल, विशाल माली, आशीष मेसरा, राहुल चौहान, गणेश वर्मा, राहुल राजपूत, कुलदीप गुर्जर, रोहित राजपूत, मनोज कंठाली, देवराज पाटीदार, सुरेश सिसोदिया, हाजी एहसान मंसूरी, गोलू निजामुद्दीन काजी, प्रीतम चौधरी, आर्यन यादव सहित समस्त छात्र उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आभार युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान ने व्यक्त किया।
देवास के हाटपिपल्या में एनएसयूआई और युवक कांग्रेस के नेतृत्व में तहसील का घेराव कर कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया। एनएसयूआई छात्रों ने बताया कि वे पहले भी लगातार चार साल से इस संबंध में ज्ञापन देते आ रहे हैं। इस ज्ञापन में छात्रों ने प्रमुखता से तीन मांगें रखीं। पहली मांग शासकीय बालक विद्यालय को तुड़वाकर नवीन भवन के साथ सीएम राइज स्कूल बनाने की है, क्योंकि स्कूल भवन अत्यंत जर्जर अवस्था में है और उसका
प्लास्टर गिर रहा है। पूर्व में प्लास्टर गिरने से दो बच्चों को चोटें भी आई थीं। दूसरी मांग शासकीय महाविद्यालय हाटपिपल्या का नाम भारत की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फूले महाविद्यालय रखने की है। छात्रों ने तर्क दिया कि माता सावित्रीबाई फूले के त्याग और क्रांति के कारण ही देश के सर्वोच्च पद पर महामहिम राष्ट्रपति महोदय जैसी महिलाएं विराजमान हैं, और कई अन्य महिलाएं भी बड़े पदों पर हैं, जो उनके संघर्ष के बिना संभव नहीं था। तीसरी
और गंभीर मांग महाविद्यालय के प्राचार्य गौरीशंकर रोहित और शिक्षक कविंद्र भरद्वाज के खिलाफ कार्रवाई की थी। छात्रों ने आरोप लगाया कि प्राचार्य और शिक्षक ने एक छात्र को घसीटकर अंदर ले जाकर उसके साथ मारपीट की थी। एनएसयूआई ने इसकी जांच करवाकर प्राचार्य एवं शिक्षक को तत्काल शासकीय पद से बर्खास्त करने और संवैधानिक रूप से उचित कार्यवाही करने की मांग की। इस अवसर पर पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक पटेल कप्तान, युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान, एनएसयूआई अध्यक्ष अरुण
बराया, नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण गुड्डू जायसवाल, पार्षद पिंटू जामोदिया, पार्षद अजीत राजावत, पार्षद बंशी तंवर, प्रशांत चौहान राजौदा, दीपक गुर्जर, मनोहर भाटिया, भारत भीलवाड़ा, राजेश गोलियां, राकेश वैष्णव, रविन्द्र पटेल, विशाल माली, आशीष मेसरा, राहुल चौहान, गणेश वर्मा, राहुल राजपूत, कुलदीप गुर्जर, रोहित राजपूत, मनोज कंठाली, देवराज पाटीदार, सुरेश सिसोदिया, हाजी एहसान मंसूरी, गोलू निजामुद्दीन काजी, प्रीतम चौधरी, आर्यन यादव सहित समस्त छात्र उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आभार युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान ने व्यक्त किया।
- देवास के हाटपिपल्या में एनएसयूआई और युवक कांग्रेस ने संयुक्त रूप से तहसील का घेराव किया और कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन सौंपा। एनएसयूआई द्वारा पहले भी लगातार चार सालों से ज्ञापन दिए जा चुके हैं। ज्ञापन में एनएसयूआई के छात्रों ने प्रमुख रूप से तीन मांगें उठाईं। पहली मांग में शासकीय बालक विद्यालय को तुड़वाकर उसके स्थान पर नवीन भवन के साथ एक सीएम राइज स्कूल का निर्माण करने की बात कही गई, क्योंकि उनका कहना था कि वर्तमान स्कूल पूरी तरह जर्जर अवस्था में है और उसका प्लास्टर गिर रहा है, जिससे पहले भी दो बच्चों को चोटें आई थीं। दूसरी मांग के तहत शासकीय महाविद्यालय हाटपिपल्या का नाम भारत की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई_फूले महाविद्यालय रखने की पैरवी की गई। छात्रों ने तर्क दिया कि माता सावित्रीबाई फूले के त्याग और क्रांति के कारण ही आज देश के सर्वोच्च पद पर महामहिम राष्ट्रपति महोदय विराजमान हैं, और कई महिलाएं बड़े पदों पर आसीन हैं, जो उनके संघर्ष के बिना संभव नहीं था। तीसरी मांग महाविद्यालय से जुड़े एक मामले पर केंद्रित थी, जिसमें प्राचार्य गौरीशंकर रोहित और शिक्षक कविंद्र भरद्वाज पर एक छात्र को घसीटकर अंदर ले जाकर मारपीट करने का आरोप लगाया गया। छात्रों ने मांग की कि इस घटना की जांच करवाकर प्राचार्य और शिक्षक को तत्काल शासकीय पद से बर्खास्त किया जाए और उनके खिलाफ संवैधानिक रूप से उचित कार्यवाही की जाए। इस अवसर पर पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक पटेल कप्तान, युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान, एनएसयूआई अध्यक्ष अरुण बराया, नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण गुड्डू जायसवाल, पार्षद पिंटू जामोदिया, पार्षद अजीत राजावत, पार्षद बंशी तंवर, प्रशांत चौहान राजौदा, दीपक गुर्जर, मनोहर भाटिया, भारत भीलवाड़ा, राजेश गोलियां, राकेश वैष्णव, रविन्द्र पटेल, विशाल माली, आशीष मेसरा, राहुल चौहान, गणेश वर्मा, राहुल राजपूत, कुलदीप गुर्जर, रोहित राजपूत, मनोज कंठाली, देवराज पाटीदार, सुरेश सिसोदिया, हाजी एहसान मंसूरी, गोलू निजामुद्दीन काजी, प्रीतम चौधरी, आर्यन यादव सहित समस्त छात्र उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान ने सभी का आभार व्यक्त किया।1
- देवास जिले के पीपलरावाँ में युवाओं ने साइबर सुरक्षा से संबंधित एक दौड़ में भाग लिया।1
- देवास जिले में दो अलग-अलग गतिविधियाँ सामने आई हैं। एक राम मंदिर में हुई चोरी के बाद शुद्धि हवन का आयोजन किया गया है। इसके अतिरिक्त, महिला आरक्षण के विषय पर एक पोस्ट कार्ड अभियान भी चलाया जा रहा है।1
- देवास जिले के कन्नौद स्थित चपलासा में किसान सड़क संबंधी अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं। यह धरना सड़क से जुड़े मुद्दों पर किसानों के विरोध को दर्शाता है।1
- इंदौर जिले में एक पीड़ित व्यक्ति ने जनसुनवाई कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर अपनी समस्या बताई है। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि उसके किराएदार ने उसके मकान पर जबरन कब्जा कर लिया है। पीड़ित ने इस मामले में संबंधित अधिकारियों से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।1
- इंदौर में एक वीडियो को लेकर चल रहे विवाद ने अब एक नया मोड़ ले लिया है। मंगलवार को हुई जनसुनवाई के दौरान समाजसेवियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने इंदौर कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें पूरे मामले की निष्पक्ष और तकनीकी जांच कराने की मांग की गई है। ज्ञापन में स्पष्ट रूप से मांग की गई है कि संबंधित वीडियो की फॉरेंसिक और तकनीकी जांच कराई जाए ताकि यह पता चल सके कि वीडियो वास्तविक है या इसे कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) की मदद से तैयार किया गया है। समाजसेवियों का कहना है कि यदि किसी वास्तविक वीडियो को AI बताकर जानबूझकर गलत प्रचार किया जा रहा है, तो इसकी निष्पक्ष जांच बेहद ज़रूरी है। यह विवाद शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है और एम.टी.एच. अस्पताल परिसर में स्थित महाकाल संस्था से जुड़े आरोप इसके केंद्र में हैं। हालांकि, इन आरोपों की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, और संबंधित संस्था का पक्ष सार्वजनिक रूप से सामने आना अभी बाकी है। फिलहाल, सभी की निगाहें इंदौर कलेक्टर पर टिकी हैं कि प्रशासन जनसुनवाई में दिए गए इस ज्ञापन पर क्या निर्णय लेता है और क्या पूरे मामले की जांच के लिए संबंधित विभागों को कोई निर्देश जारी किए जाएंगे। यह मामला अब प्रशासन के संज्ञान में है और आगे की कार्रवाई का इंतजार किया जा रहा है।1
- इंदौर के छत्री बाग स्थित श्री लक्ष्मी वेंकटेश मंदिर देवस्थान में हर साल की तरह इस साल भी 10 से 16 जुलाई तक ब्रह्मोत्सव का भव्य आयोजन किया जाएगा, जिसके अंतर्गत एक विशाल रथ यात्रा निकाली जाएगी। आयोजकों के अनुसार, इस शोभा यात्रा में भगवान स्वयं लोगों के कष्ट दूर करने के लिए निकलेंगे। इस आयोजन से जुड़ी जानकारी आज लक्ष्मी वेंकटेश मंदिर में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी गई। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रिंट मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के बड़ी संख्या में पत्रकार, फोटोग्राफर और वीडियोग्राफर उपस्थित रहे, जिसके बाद भगवान का प्रसाद भी वितरित किया गया।1
- देवास के हाटपिपल्या में एनएसयूआई और युवक कांग्रेस के नेतृत्व में तहसील का घेराव कर कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया। एनएसयूआई छात्रों ने बताया कि वे पहले भी लगातार चार साल से इस संबंध में ज्ञापन देते आ रहे हैं। इस ज्ञापन में छात्रों ने प्रमुखता से तीन मांगें रखीं। पहली मांग शासकीय बालक विद्यालय को तुड़वाकर नवीन भवन के साथ सीएम राइज स्कूल बनाने की है, क्योंकि स्कूल भवन अत्यंत जर्जर अवस्था में है और उसका प्लास्टर गिर रहा है। पूर्व में प्लास्टर गिरने से दो बच्चों को चोटें भी आई थीं। दूसरी मांग शासकीय महाविद्यालय हाटपिपल्या का नाम भारत की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फूले महाविद्यालय रखने की है। छात्रों ने तर्क दिया कि माता सावित्रीबाई फूले के त्याग और क्रांति के कारण ही देश के सर्वोच्च पद पर महामहिम राष्ट्रपति महोदय जैसी महिलाएं विराजमान हैं, और कई अन्य महिलाएं भी बड़े पदों पर हैं, जो उनके संघर्ष के बिना संभव नहीं था। तीसरी और गंभीर मांग महाविद्यालय के प्राचार्य गौरीशंकर रोहित और शिक्षक कविंद्र भरद्वाज के खिलाफ कार्रवाई की थी। छात्रों ने आरोप लगाया कि प्राचार्य और शिक्षक ने एक छात्र को घसीटकर अंदर ले जाकर उसके साथ मारपीट की थी। एनएसयूआई ने इसकी जांच करवाकर प्राचार्य एवं शिक्षक को तत्काल शासकीय पद से बर्खास्त करने और संवैधानिक रूप से उचित कार्यवाही करने की मांग की। इस अवसर पर पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक पटेल कप्तान, युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान, एनएसयूआई अध्यक्ष अरुण बराया, नगर कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण गुड्डू जायसवाल, पार्षद पिंटू जामोदिया, पार्षद अजीत राजावत, पार्षद बंशी तंवर, प्रशांत चौहान राजौदा, दीपक गुर्जर, मनोहर भाटिया, भारत भीलवाड़ा, राजेश गोलियां, राकेश वैष्णव, रविन्द्र पटेल, विशाल माली, आशीष मेसरा, राहुल चौहान, गणेश वर्मा, राहुल राजपूत, कुलदीप गुर्जर, रोहित राजपूत, मनोज कंठाली, देवराज पाटीदार, सुरेश सिसोदिया, हाजी एहसान मंसूरी, गोलू निजामुद्दीन काजी, प्रीतम चौधरी, आर्यन यादव सहित समस्त छात्र उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आभार युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष किशोर चौहान ने व्यक्त किया।4