मध्य प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री श्री मिश्री लाल जैन ने एक प्रेरक घटना के माध्यम से 'प्रथम धर्म फिर सत्ता' के सिद्धांत को उजागर किया। यह प्रसंग तब का है जब लंदन से मेहमान भारत आए थे और उस समय पंडित जवाहरलाल नेहरू देश के प्रधानमंत्री थे। नेहरू जी ने मुख्यमंत्री मिश्री लाल जैन को पत्र लिखकर इन मेहमानों के लिए माँस और मदिरा के भोजन की व्यवस्था करने का निर्देश दिया था। इस अनुरोध पर, श्री मिश्री लाल जैन ने स्पष्ट रूप से मना कर दिया और कहा कि वे मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने को तैयार हैं, लेकिन उज्जैन जैसी पवित्र नगरी में धर्म के विरुद्ध कोई कार्य नहीं कर सकते। उनके इस दृढ़ निश्चय से प्रधानमंत्री नेहरू जी भी सोच में पड़ गए। इसके बाद मेहमानों को दाल बाटी और चूरमा का भोजन परोसा गया। मेहमानों ने इस पारंपरिक भोजन का इतना आनंद लिया कि वे उंगलियां चाटते रह गए। यह घटना श्री मिश्री लाल जैन के जीवन से एक महत्वपूर्ण सीख देती है कि सिद्धांतों और धर्म का स्थान हमेशा सत्ता से ऊपर होना चाहिए।
मध्य प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री श्री मिश्री लाल जैन ने एक प्रेरक घटना के माध्यम से 'प्रथम धर्म फिर सत्ता' के सिद्धांत को उजागर किया। यह प्रसंग तब का है जब लंदन से मेहमान भारत आए थे और उस समय पंडित जवाहरलाल नेहरू देश के प्रधानमंत्री थे। नेहरू जी ने मुख्यमंत्री मिश्री लाल जैन को पत्र लिखकर इन मेहमानों के लिए माँस और मदिरा के भोजन की व्यवस्था करने का निर्देश दिया था। इस अनुरोध पर, श्री मिश्री लाल जैन ने स्पष्ट रूप से मना कर दिया और कहा कि वे मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने को तैयार हैं, लेकिन उज्जैन जैसी पवित्र नगरी में धर्म के विरुद्ध कोई कार्य नहीं कर सकते। उनके इस दृढ़ निश्चय से प्रधानमंत्री नेहरू जी भी सोच में पड़ गए। इसके बाद मेहमानों को दाल बाटी और चूरमा का भोजन परोसा गया। मेहमानों ने इस पारंपरिक भोजन का इतना आनंद लिया कि वे उंगलियां चाटते रह गए। यह घटना श्री मिश्री लाल जैन के जीवन से एक महत्वपूर्ण सीख देती है कि सिद्धांतों और धर्म का स्थान हमेशा सत्ता से ऊपर होना चाहिए।
- रेवदर उपखंड क्षेत्र में लगातार बढ़ रही बाइक चोरी की घटनाओं से लोगों में भय और आक्रोश का माहौल है। बीते 25 दिनों में आधा दर्जन से अधिक बाइक चोरी होने की जानकारी मिली है। इन लगातार हो रही वारदातों के बावजूद, पुलिस को अब तक किसी भी मामले में बड़ी सफलता नहीं मिली है, जिससे ग्रामीणों और वाहन मालिकों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, रेवदर कस्बे में 9 मई और 28 मई की रात को बजाज शोरूम के पीछे खड़ी बाइकें चोरी हो गईं। इसके अतिरिक्त, बुधवार रात सेरवा रोड क्षेत्र से कृषि पर्यवेक्षक नरेंद्र सिंह की बाइक सहित एक अन्य बाइक भी अज्ञात चोरों द्वारा चुरा ली गई। उपखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों और कस्बों से भी पिछले दिनों ऐसी कई बाइक चोरी की घटनाएं सामने आई हैं। ग्रामीणों का कहना है कि चोरों के हौसले इतने बुलंद हैं कि वे रात में पुलिस गश्त के बावजूद आसानी से वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। कुछ मामलों में चोर सीसीटीवी कैमरों में भी बाइक चोरी करते हुए दिखाई दिए हैं, लेकिन इसके बावजूद पुलिस अब तक आरोपियों तक पहुंचने में नाकाम रही है। इससे आम जनता में कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों और वाहन मालिकों ने पुलिस प्रशासन से चोरी की बढ़ती घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने की मांग की है। उनका कहना है कि लगातार हो रही वारदातों के कारण लोग अपने वाहनों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं और अब सार्वजनिक स्थानों पर वाहन खड़े करने से भी कतराने लगे हैं।1
- सिरोही जिले के शिवगंज में अभिषेक माली की गिरफ्तारी को लेकर गहरा विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि एक मंत्री के निर्देश पर शिवगंज पुलिस ने निर्दोष अभिषेक माली को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई को नागरिक अधिकारों का हनन और पूरी तरह से अस्वीकार्य बताया गया है, जिसने क्षेत्र में गहरी चर्चा छेड़ दी है। इस गंभीर मामले को लेकर, संबंधित पक्ष ने सिरोही जिला पुलिस अधीक्षक पुष्पेंद्र सिंह से फोन पर संपर्क साधा और उन्हें पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। बताया गया है कि पुलिस अधीक्षक को इस प्रकरण के बारे में पहले से कोई जानकारी नहीं थी। उन्होंने इस मामले में निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने और उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। इस घटना के बाद से पूरे क्षेत्र में निष्पक्ष जांच की मांग जोर-शोर से उठ रही है।1
- सिरोही जिले के प्रभारी मंत्री के.के. बिश्नोई जिले के दौरे पर रहे, जहाँ उन्होंने बत्तीसा बांध पर जल संरक्षण जन अभियान के तहत आयोजित एक कार्यक्रम में शिरकत की। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जल संरक्षण को बढ़ावा देना था, जिसके तहत जल पूजन का आयोजन भी किया गया। इस अवसर पर विधायक समाराम गरासिया और जिला प्रमुख अर्जुनराम पुरोहित सहित कई जनप्रतिनिधि व अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान, भाजपा नेता भुवनेश राजपुरोहित ने प्रभारी मंत्री को एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में बत्तीसा बांध पेयजल परियोजना से वंचित देलदर और सरूपगंज क्षेत्र के गांवों को योजना से जोड़ने की मांग उठाई गई। विशेष रूप से किवरली, आमथला, कासिंद्रा, अचपुरा, पंचदेवल और कारोली सहित कई गांवों को बत्तीसा बांध की पेयजल आपूर्ति योजना से जोड़ने का आग्रह किया गया। ग्रामीणों की इस मांग पर प्रभारी मंत्री विश्नोई ने सकारात्मक रुख दिखाते हुए संबंधित गांवों को योजना से जोड़ने के प्रयास का आश्वासन दिया। यह कार्यक्रम जल संरक्षण जन अभियान के हिस्से के रूप में आयोजित किया गया था, जिसमें जल संरक्षण और जल संसाधनों के बेहतर प्रबंधन का संदेश दिया गया।1
- भीनमाल शहर के क्षेमंकरी माता मंदिर तलहटी स्थित महाकालेश्वर धाम अखाड़े में आयोजित 11 दिवसीय अग्नि तपस्या और यज्ञ गुरुवार को विधिवत पूर्णाहुति के साथ संपन्न हो गया। भीषण गर्मी के बीच की गई इस कठोर तपस्या में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर संतों का आशीर्वाद प्राप्त किया और धर्म लाभ अर्जित किया। यह धार्मिक अनुष्ठान महंत नवीन गिरी महाराज के सानिध्य में तथा राधा गिरी महाराज और गोविंदगिरी महाराज के नेतृत्व में सम्पन्न हुआ। इसका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में अच्छी वर्षा और जनकल्याण की कामना करना था, जिसे संतों ने प्रकृति संतुलन और लोककल्याण से जुड़ा एक आध्यात्मिक अनुष्ठान बताया। इस तपस्या के तहत, लगातार 11 दिनों तक भीषण गर्मी में अग्निकुंड प्रज्वलित कर कठोर साधना की गई। पूर्णाहुति के दिन, दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक दो ट्रैक्टर ट्रॉली उपलों से विशेष अग्नि अनुष्ठान और यज्ञ संपन्न कराया गया। वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक विधि-विधानों के बीच हुए इस अनुष्ठान में श्रद्धालुओं की उल्लेखनीय उपस्थिति दर्ज की गई, जिससे पूरे परिसर में भक्ति और आध्यात्मिकता का वातावरण व्याप्त रहा। कार्यक्रम के दौरान, संतों ने धर्म, संस्कृति और आध्यात्मिक साधना के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में तप, त्याग और साधना व्यक्ति व समाज दोनों के कल्याण का मार्ग प्रशस्त करते हैं। उन्होंने समाज में आपसी सद्भाव, नैतिक मूल्यों और लोककल्याण की भावना को मजबूत करने का आह्वान भी किया। इस अवसर पर शिवदयाल, विजय सिंह राव, नटवर सेन सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे, जिन्होंने यज्ञ और तपस्या में भाग लेकर धार्मिक लाभ प्राप्त किया और संतों से आशीर्वाद लिया।3
- जालौर जिले की बागोड़ा पंचायत समिति के धुम्बडिया ग्राम पंचायत में फिरोज खान नामक एक ग्रामीण ने सरपंच/ग्राम विकास अधिकारी को गांव में गंदे पानी की निकासी और नाली के पानी के सड़क पर बहने की गंभीर समस्या को लेकर शिकायत पत्र लिखा है। शिकायतकर्ता के अनुसार, गांव की मुख्य सड़क के साथ-साथ राज्य उच्च माध्यमिक विद्यालय के पास वाली गली और चार-पांच अन्य गलियों में नालियों की उचित व्यवस्था नहीं है। इसके चलते गंदा पानी लगातार सड़कों पर जमा रहता है, जिससे राहगीरों का चलना मुश्किल हो गया है। सड़क पर पानी जमा होने से हर समय बदबू आती रहती है, और मच्छरों के पनपने के कारण डेंगू व मलेरिया जैसी मौसमी बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। इसके अलावा, कई बार राहगीर और बच्चे फिसलकर चोटिल भी हो चुके हैं। ग्रामीणों ने इस 'नरक जैसी स्थिति' से मुक्ति पाने के लिए नई नालियों के निर्माण या रुकी हुई नालियों की तत्काल सफाई करने का निवेदन किया है।2
- झाड़ोल के ग्राम गोगला स्थित श्री लक्ष्मी नारायण भगवान मंदिर में पुरुषोत्तम मास के पावन अवसर पर नौ दिवसीय श्रीरामायण कथा का भव्य आयोजन किया जा रहा है। यह कथा 2 जून 2026 को शुरू हुई, जिसमें क्षेत्रभर के श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुँचकर धर्मलाभ प्राप्त कर रहे हैं। कथा का वाचन चित्रकूट अयोध्या धाम से पधारे संत श्री 1008 ऋषिराज जी महाराज द्वारा किया जा रहा है। प्रतिदिन रात्रि 8:30 बजे से 10:00 बजे तक आयोजित होने वाली इस कथा में भगवान श्रीराम के आदर्श जीवन, मर्यादा, भक्ति और धर्म के महत्व का विस्तार से वर्णन किया जा रहा है। आयोजन समिति और ग्रामवासियों ने बताया कि इस कथा का मुख्य उद्देश्य समाज में धार्मिक एवं सांस्कृतिक मूल्यों का प्रसार करना और युवाओं को भारतीय संस्कृति से जोड़ना है। कथा स्थल पर श्रद्धालुओं के लिए विशेष व्यवस्थाएं भी की गई हैं। समस्त ग्रामवासियों और भक्तजनों से अपील की गई है कि वे अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर श्रीराम कथा श्रवण का लाभ लें।1
- आबूरोड के गांधीनगर स्थित वार्ड नंबर 22 के निवासियों को पेयजल आपूर्ति में सीवरेज युक्त गंदा पानी मिलने से भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। दूषित पानी की इस गंभीर समस्या के कारण लोगों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। वार्डवासियों का आरोप है कि पिछले कुछ समय से उनके नलों में गंदा और बदबूदार पानी आ रहा है, जिससे उनके स्वास्थ्य पर भी खतरा मंडरा रहा है। इस समस्या के समाधान की मांग को लेकर वार्डवासी एलएंडटी (L&T) कार्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने अधिकारियों को बोतल में भरकर दूषित पानी दिखाया और उनसे स्वयं स्थिति की गंभीरता को समझकर जल्द समाधान करने का आग्रह किया। जब उन्हें समस्या का संतोषजनक समाधान नहीं मिला, तो वार्डवासियों का आक्रोश फूट पड़ा और उन्होंने कार्यालय परिसर में ही जमीन पर बैठकर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट कहा कि पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने तत्काल पाइपलाइन की जांच कर समस्या का स्थायी समाधान किए जाने की मांग की। इस धरने में नगर पालिका के पूर्व उपाध्यक्ष रवि शर्मा, भाजपा ओबीसी मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष राजा बंजारा सहित सनी कुमार जैन, तुषार त्रिवेदी, जितेंद्र तिवारी, अश्विन मेहरा, अंकित उपाध्याय, आकाश, मनोहर, विनय, रवि, गोविंद, यश, अभय, सौरभ, हितेश, राहुल, प्रदीप और बड़ी संख्या में वार्डवासी उपस्थित रहे। वार्डवासियों ने चेतावनी दी कि यदि अगले पाँच दिनों के भीतर इस समस्या का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो आंदोलन को और अधिक व्यापक रूप दिया जाएगा। उन्होंने प्रशासन और संबंधित विभाग से तत्काल कार्रवाई कर स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने की मांग की, ताकि लोगों को दूषित पानी से होने वाली संभावित बीमारियों से बचाया जा सके।4
- सिरोही जिले के प्रभारी मंत्री के.के. बिश्नोई ने अपने जिले के दौरे के दौरान बत्तीसा बांध पर आयोजित जल संरक्षण जन अभियान के कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस अवसर पर जल संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जल पूजन का आयोजन किया गया, जिसमें विधायक समाराम गरासिया, जिला प्रमुख अर्जुनराम पुरोहित सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे। इसी कार्यक्रम में भाजपा नेता भुवनेश राजपुरोहित ने प्रभारी मंत्री को एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में बत्तीसा बांध पेयजल परियोजना से वंचित देलदर और सरूपगंज क्षेत्र के गांवों को योजना से जोड़ने की मांग की गई थी। ज्ञापन में किवरली, आमथला, कासिंद्रा, अचपुरा, पंचदेवल और कारोली सहित कई गांवों को बत्तीसा बांध की पेयजल आपूर्ति योजना से जोड़ने का आग्रह किया गया। प्रभारी मंत्री विश्नोई ने ग्रामीणों की इस मांग पर सकारात्मक रुख अपनाते हुए संबंधित गांवों को योजना से जोड़ने के प्रयास का आश्वासन दिया। गौरतलब है कि बत्तीसा बांध परियोजना पर आयोजित यह कार्यक्रम जल संरक्षण जन अभियान के तहत किया गया था, जिसका उद्देश्य जल संरक्षण और जल संसाधनों के बेहतर प्रबंधन का संदेश देना था।1
- गुरुवार को रेवदर-आबूरोड मार्ग पर दौलपुरा बोर्ड के पास एक कार और बाइक की जोरदार भिड़ंत हो गई। इस हादसे में बाइक सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग एकत्र हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि टक्कर इतनी भीषण थी कि युवक सड़क पर गिरकर बुरी तरह चोटिल हो गया। सूचना मिलते ही समाजसेवी सुरेश विरमोतर तुरंत मौके पर पहुंचे और घायल युवक को मानवता दिखाते हुए रेवदर के राजकीय अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में चिकित्सकों ने युवक को प्राथमिक उपचार दिया, लेकिन उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची और दुर्घटना से संबंधित जानकारी जुटाई। पुलिस ने घायल की पहचान आबूरोड के गिरवर निवासी भावेश पुत्र गोवा गरासिया के रूप में की है। फिलहाल, पुलिस इस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।1