*विधानसभा में विधायक ने टंडवा में काष्ठ डिपो अथवा विद्युत शवदाहगृह स्थापना की मांग की* सिमरिया विधानसभा क्षेत्र के विधायक कुमार उज्ज्वल दास ने टंडवा प्रखंड में दाह-संस्कार के लिए लकड़ी की समुचित व्यवस्था नहीं होने का मुद्दा झारखंड विधानसभा में उठाया। उन्होंने कहा कि टंडवा प्रखंड के लोगों को अंतिम संस्कार के लिए आवश्यक लकड़ी उपलब्ध नहीं हो पाती, जिसके कारण शोकाकुल परिवारों को 15 से 20 किलोमीटर दूर जाकर लकड़ी लानी पड़ती है। विधायक ने सदन के माध्यम से सरकार से मांग की कि टंडवा प्रखंड में शीघ्र स्थायी काष्ठ डिपो अथवा विद्युत शवदाहगृह की स्थापना की जाए, ताकि स्थानीय लोगों को अंतिम संस्कार जैसे संवेदनशील समय में अनावश्यक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था के होने से क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया भी सुगम हो सकेगी।
*विधानसभा में विधायक ने टंडवा में काष्ठ डिपो अथवा विद्युत शवदाहगृह स्थापना की मांग की* सिमरिया विधानसभा क्षेत्र के विधायक कुमार उज्ज्वल दास ने टंडवा प्रखंड में दाह-संस्कार के लिए लकड़ी की समुचित व्यवस्था नहीं होने का मुद्दा झारखंड विधानसभा में उठाया। उन्होंने कहा कि टंडवा प्रखंड के लोगों को अंतिम संस्कार के लिए आवश्यक लकड़ी उपलब्ध नहीं हो पाती, जिसके कारण शोकाकुल परिवारों को 15 से 20 किलोमीटर दूर जाकर लकड़ी लानी पड़ती है। विधायक ने सदन के माध्यम से सरकार से मांग की कि टंडवा प्रखंड में शीघ्र स्थायी काष्ठ डिपो अथवा विद्युत शवदाहगृह की स्थापना की जाए, ताकि स्थानीय लोगों को अंतिम संस्कार जैसे संवेदनशील समय में अनावश्यक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था के होने से क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया भी सुगम हो सकेगी।
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- Post by Sanjay Sahu1
- राँची: कांग्रेस कार्यालय में इफ्तार की दावत, दिखी गंगा-जमुनी तहज़ीब राजधानी Ranchi में आज कांग्रेस कार्यालय में इफ्तार की खास दावत का आयोजन किया गया। इस मौके पर कई मंत्री, पार्टी के वरिष्ठ नेता, कार्यकर्ता, आम जनता और पत्रकार बड़ी संख्या में मौजूद रहे। रोज़ा इफ्तार के दौरान सभी ने मिलकर देश में अमन-चैन, भाईचारे और आपसी सौहार्द की दुआ मांगी। कार्यक्रम में अलग-अलग समुदाय के लोग शामिल हुए और एक साथ रोज़ा खोलकर एकता का संदेश दिया।1
- लातेहार। जिले के विभिन्न प्रखंडों में केंद्रीय टीम का दौरा जारी है। सूत्रों की मानें, तो राज्य के कई जिलों को पीएम अवार्ड के लिए चयनित किया गया है। जिसमें लातेहार जिला भी है। अभी तक लातेहार जिले के कई प्रखंडों को केंद्रीय टीम दौरा कर कई विभाग की ओर से संचालित योजनाओं की जांच एवं मूल्यांकन कर चुकी है। इसी क्रम में बुधवार को लातेहार जिले के चंदवा प्रखंड के लुकुइया आंगनवाड़ी केंद्र का मूल्यांकण, एवं ट्रामा सेंटर का निरीक्षण, चंदवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण-मूल्यांकन, नगर आंगनवाड़ी केंद्र के बच्चों का रखरखाव-मूल्यांकन और जमीरा मेंआम बागवानी का निरीक्षण किया गया। उसके बाद बालूमाथ में सेविका ट्रेनिंग कार्यक्रम को बालूमाथ प्रखंड कार्यालय के साथ ही बारीखाप पीएचसी का निरीक्षण और मूल्यांकन किया गया। इसी तरह जिला प्रशासन की देखरेख में केंद्रीय टीम लातेहार के विभिन्न प्रखंडों में घूम-घूम कर सभी स्थलों का निरीक्षण एवं मूल्यांकन कर रही है।4
- हजारीबाग की ख्याति प्राप्त रामनवमी में डीजे के बन पर हजारीबाग सदर विधायक प्रदीप प्रसाद ने रांची विधानसभा के बाहर किया प्रदर्शन हजारीबाग की इंटरनेशनल रामनवमी को राजकीय महोत्सव का दर्जा दिए जाने की मांग भी उठाई हजारीबाग सदर विधायक प्रदीप प्रसाद ने कहा हज़ारीबाग मे राम नवमी के पावन अवसर पर हजारीबाग में DJ अवश्य बजेगा प्रशासन अनुमति दे या न दे। हिंदुओं की आस्था और उनके पवित्र पर्वों के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। DJ भी बजेगा और पूरे उत्साह, श्रद्धा व धूमधाम के साथ रामनवमी की भव्य यात्रा भी निकलेगी हजारीबाग की रामनवमी को इंटरनेशनल बताते हुए राजकीय महोत्सव का दर्जा दिए जाने की मांग भी झारखण्ड सरकार के सामने उठाई2
- हजारीबाग जिला अंतर्गत मुफस्सिल थाना क्षेत्र के हुटपा में NH-522 सड़क किनारे सुबह-सुबह दो वाहनों के बीच जोरदार टक्कर हो गई। इस दुर्घटना में दोनों वाहनों के चालक गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। घटना की सूचना मिलते ही मुफस्सिल थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजने की प्रक्रिया शुरू की। दुर्घटना के बाद कुछ देर के लिए सड़क पर अफरा-तफरी का माहौल रहा।1
- 12 मार्च 2026, झारखंड के थानों में जर्जर वाहनों का दौर खत्म। पुलिस महकमे को हाई-टेक पेट्रोलिंग के लिए 1477 नई गाड़ियों का तोहफा मिला है। कल 13 मार्च को विधानसभा प्रांगण में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के हाथों इन वाहनों का वितरण होगा। वाहनों का ब्योरा इसमें 628 चार पहिया वाहन और 849 दो पहिया वाहन शामिल हैं, जो जगुआर मुख्यालय में तैयार खड़े हैं। पहले थानों में 15 साल पुरानी 1196 चार पहिया गाड़ियां थीं, जिनके ब्रेक फेल और मरम्मत की मार झेलनी पड़ रही थी। इन नई गाड़ियों से ग्रामीण इलाकों तक पेट्रोलिंग मजबूत होगी।1
- रांची रिंग रोड खरसीदाग में बस में आग लग गया है1
- डीसी के निर्देश पर गठित कमिटी पहुंची डाडीघाघर के पुरानपनिया विशेष संवाददाता सुनील शर्मा की रिपोर्ट इचाक (हजारीबाग): जिले के उपायुक्त शशिप्रकाश के निर्देशानुसार गठित टीम में शामिल स्पेशल डिविजन और वन विभाग के अधिकारियों की टीम डाडीघाघर पंचायत के पुरानपनिया और सिमरातरी गांव पहुंची। टीम ने क्षेत्र का निरीक्षण करते हुए सड़क की स्थिति का अवलोकन किया और ग्रामीणों की समस्याओं से रूबरू हुए।डाडीघाघर पंचायत की प्रमुख समस्या इचाक प्रखंड का सुदूरवर्ती और जंगलों से घिरा डाडीघाघर पंचायत आज भी कई मूलभूत सुविधाओं से वंचित है। पंचायत के कई गांव ऐसे हैं, जहां आजादी के बाद भी बुनियादी सुविधाएं नहीं पहुंच पाई हैं। पुरानपनिया और सिमरातरी गांव तक आज तक पक्की सड़क नहीं बन पाई है। ग्रामीणों को पहाड़ों और पत्थरों से होकर जोखिम भरे रास्तों से आना-जाना पड़ता है।आपात स्थिति में परेशानी और बढ़ जाती है। बीमार या प्रसव पीड़ित महिलाओं को अस्पताल ले जाने के लिए गांव तक कोई वाहन नहीं पहुंच पाता। एंबुलेंस को फोन करने पर वह गांव से करीब तीन किलोमीटर दूर फफूंदी तक ही पहुंच पाती है। वहां तक मरीजों को खटोली में लेटाकर लाना पड़ता है। इस तरह की परिस्थितियों में कई लोगों की जान भी जा चुकी है। क्या कहते हैं स्थानीय मुखिया स्थानीय मुखिया नंदकिशोर कुमार ने बताया कि सड़क और पेयजल यहां की सबसे बड़ी समस्या है। पुरानपनिया और सिमरातरी गांव जाने के लिए कोई समुचित रास्ता नहीं है। ग्रामीणों को पहाड़ों और पत्थरों के बीच जान जोखिम में डालकर आना-जाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि वन क्षेत्र होने के कारण सड़क निर्माण नहीं हो पा रहा है। इस संबंध में जिला प्रशासन, सांसद और विधायक को कई बार अवगत कराया जा चुका है। वन विभाग को भी यहां की समस्याओं से अवगत कराया गया है। करीब एक वर्ष पूर्व उपायुक्त स्वयं यहां पहुंचकर स्थिति का जायजा ले चुके हैं, लेकिन अब तक सड़क नहीं बन पाई है, जिससे ग्रामीणों में नाराजगी है। हालांकि आज टीम के पहुंचने से ग्रामीणों में फिर से उम्मीद जगी है। आज भी चुआ का पानी पीने को मजबूर ग्रामीण मुखिया ने बताया कि पेयजल की स्थिति भी बेहद खराब है। आज भी ग्रामीण चुआ (झरने) का पानी पीने को विवश हैं और सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है। टीम में ये अधिकारी थे शामिल निरीक्षण टीम में डीपीओ पंकज कुमार तिवारी, ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल के पदाधिकारी अमरेन्द्र कुमार, सहायक अभियंता लव कुमार, जेई अभिजीत कुमार चौधरी तथा वन विभाग के वनरक्षी मुकेश कुमार शामिल थे। मौके पर स्थानीय मुखिया नंदकिशोर कुमार, पंचायत सचिव सत्यनारायण उरांव, बाबू राम मांझी, गांगेश्वर, अनिल कुमार मेहता, महादेव मांझी, श्यामलाल मांझी, विजय कुमार, प्रकाश प्रसाद समेत कई ग्रामीण उपस्थित थे।4