प्रयागराज में गुरुवार को भगवान जगन्नाथ जी की भव्य रथ यात्रा निकाली गई। जगन्नाथ पुरी धाम से मंगाया गया 20 फीट ऊंचा, 14 फीट चौड़ा और 16 पहियों वाला नंदीघोष रथ त्रिलोक के मोहिनी ध्वज और नील चक्र से सुशोभित था। रथ के शिखर पर प्रेम और भक्ति के प्रतीक दो तोते और सत्य, धर्म, न्याय व कर्म के प्रतीक के रूप में चार श्वेत अश्व विराजमान थे। राजस्थान से लाई गई रत्न जड़ित पोशाक और मयूर पंख जड़ित स्वर्ण व चांदी का मुकुट धारण किए भगवान जगन्नाथ, भ्राता बलभद्र और बहन सुभद्रा जी के अलौकिक रूप के दर्शन के लिए भक्तों का तांता लगा रहा। भगवान जगन्नाथ अपने हाथों में कमल पुष्प, गदा व चक्र और भ्राता बलभद्र हल धारण किए हुए थे। इस दौरान श्रद्धालु, विशेषकर महिलाएं और बच्चे, 100 फीट लंबी नाग वासुकी नामक रस्सी से रथ को खींचने के लिए बेहद उत्साहित दिखे। रथ यात्रा शुरू होने से पहले भगवान जगन्नाथ जी की आरती उतारी गई। इस आरती में कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, पूर्व महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी, महापौर गणेश केसरवानी, विधायक हर्षवर्धन बाजपेई, उदय प्रताप सिंह, सांसद उज्जवल रमण सिंह सहित कई विधायक, दर्जनों पार्षद, ट्रस्ट के सदस्य और भारी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। यह रथ यात्रा हाटकेश्वर मंदिर से प्रारंभ होकर एस सी बसु रोड, चमेली बाई धर्मशाला, हीवेट रोड, जॉनसेन गंज, घंटाघर, बताशा मंडी, बहादुरगंज, सुलाकी चौराहा, राम भवन, मुट्ठीगंज, सत्तीचौरा, बलुआ घाट और कटघर होते हुए प्रयागेश्वर नाथ मंदिर जगन्नाथ धाम काशीराज नगर, कटघर में जाकर संपन्न हुई। इस भव्य यात्रा में ढोल ताशा पार्टी, पाइप बैंड, डमरू और नगाड़ा वादक, रोड लाइट और दर्जनों डीजे के साथ कई आकर्षक झांकियां शामिल थीं। इनमें मुख्य रूप से भगवान जगन्नाथ का राजशाही दरबार, गणेश जी, वरुण जी, माता गुंडिचा और रानी लक्ष्मी बाई सहित महापुरुषों की झांकियां थीं, जिनमें अयोध्या व वृंदावन के कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। यात्रा के पूरे मार्ग पर श्रद्धालुओं को प्रसाद के रूप में ठंडा पानी, शरबत, कोल्ड ड्रिंक और विभिन्न प्रकार की खाने-पीने की चीजें बांटी जा रही थीं। सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन सुबह से ही मुस्तैद था। कोतवाली क्षेत्र के एसीपी रवि कुमार गुप्ता, कोतवाली इंचार्ज कपिल कुमार चहल सहित विभिन्न थानों की पुलिस रथ यात्रा को सकुशल संपन्न कराने में जुटी रही, जिसमें सिविल डिफेंस के आमिर डाबर ने भी प्रशासन का पूरा सहयोग किया।
प्रयागराज में गुरुवार को भगवान जगन्नाथ जी की भव्य रथ यात्रा निकाली गई। जगन्नाथ पुरी धाम से मंगाया गया 20 फीट ऊंचा, 14 फीट चौड़ा और 16 पहियों वाला नंदीघोष रथ त्रिलोक के मोहिनी ध्वज और नील चक्र से सुशोभित था। रथ के शिखर पर प्रेम और भक्ति के प्रतीक दो तोते और सत्य, धर्म, न्याय व कर्म के प्रतीक के रूप में चार श्वेत अश्व विराजमान थे। राजस्थान से लाई गई रत्न जड़ित पोशाक और मयूर पंख जड़ित स्वर्ण व चांदी का मुकुट धारण किए भगवान जगन्नाथ, भ्राता बलभद्र और बहन सुभद्रा जी के अलौकिक रूप के दर्शन के लिए भक्तों का तांता लगा रहा। भगवान जगन्नाथ अपने हाथों में कमल पुष्प, गदा व चक्र और भ्राता बलभद्र हल धारण किए हुए थे। इस दौरान श्रद्धालु, विशेषकर महिलाएं और बच्चे, 100 फीट लंबी नाग वासुकी नामक रस्सी से रथ को खींचने के लिए बेहद उत्साहित दिखे। रथ यात्रा शुरू होने से पहले भगवान जगन्नाथ जी की आरती उतारी गई। इस आरती में कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, पूर्व महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी, महापौर गणेश केसरवानी, विधायक हर्षवर्धन बाजपेई, उदय प्रताप सिंह, सांसद उज्जवल रमण सिंह सहित कई विधायक, दर्जनों पार्षद, ट्रस्ट के सदस्य और भारी संख्या
में श्रद्धालु शामिल हुए। यह रथ यात्रा हाटकेश्वर मंदिर से प्रारंभ होकर एस सी बसु रोड, चमेली बाई धर्मशाला, हीवेट रोड, जॉनसेन गंज, घंटाघर, बताशा मंडी, बहादुरगंज, सुलाकी चौराहा, राम भवन, मुट्ठीगंज, सत्तीचौरा, बलुआ घाट और कटघर होते हुए प्रयागेश्वर नाथ मंदिर जगन्नाथ धाम काशीराज नगर, कटघर में जाकर संपन्न हुई। इस भव्य यात्रा में ढोल ताशा पार्टी, पाइप बैंड, डमरू और नगाड़ा वादक, रोड लाइट और दर्जनों डीजे के साथ कई आकर्षक झांकियां शामिल थीं। इनमें मुख्य रूप से भगवान जगन्नाथ का राजशाही दरबार, गणेश जी, वरुण जी, माता गुंडिचा और रानी लक्ष्मी बाई सहित महापुरुषों की झांकियां थीं, जिनमें अयोध्या व वृंदावन के कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। यात्रा के पूरे मार्ग पर श्रद्धालुओं को प्रसाद के रूप में ठंडा पानी, शरबत, कोल्ड ड्रिंक और विभिन्न प्रकार की खाने-पीने की चीजें बांटी जा रही थीं। सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन सुबह से ही मुस्तैद था। कोतवाली क्षेत्र के एसीपी रवि कुमार गुप्ता, कोतवाली इंचार्ज कपिल कुमार चहल सहित विभिन्न थानों की पुलिस रथ यात्रा को सकुशल संपन्न कराने में जुटी रही, जिसमें सिविल डिफेंस के आमिर डाबर ने भी प्रशासन का पूरा सहयोग किया।
- प्रयागराज में 15 यूपी बटालियन एनसीसी द्वारा आयोजित संयुक्त वार्षिक प्रशिक्षण शिविर (सीएटीसी-69) के चौथे दिन कैडेटों को सैन्य अनुशासन, शस्त्र प्रशिक्षण, ड्रोन तकनीक और नेतृत्व विकास का व्यापक प्रशिक्षण दिया गया। दिन की शुरुआत सुबह के शारीरिक प्रशिक्षण (पीटी) और ड्रिल के साथ हुई, जिसके बाद कैडेटों ने सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए शस्त्र प्रशिक्षण और फायरिंग अभ्यास में हिस्सा लिया। इसके साथ ही, कैडेटों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के लिए ड्रोन के विभिन्न पुर्जों, उनकी असेंबली, कार्यप्रणाली और इसके उपयोगों की व्यावहारिक जानकारी दी गई। इसी दौरान प्रयागराज ग्रुप एनसीसी की ओर से आयोजित थल सैनिक कैंप (टीएससी) के लिए टीम चयन प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंच गई। कैंप कमांडेंट कर्नल ऋतु श्रीवास्तव रावत ने बताया कि चयन प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी हो चुकी है और चयनित कैडेटों का अंतिम मूल्यांकन शुक्रवार को किया जाएगा, जिसके बाद प्रयागराज ग्रुप की अंतिम टीम घोषित होगी। प्रयागराज ग्रुप एनसीसी के प्रशिक्षण अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल जावेद एच. फरेदी ने भी शिविर का निरीक्षण कर प्रशासनिक व्यवस्थाओं, अनुशासन और प्रशिक्षण की गुणवत्ता की सराहना की।4
- भारत की संविधान सभा का गठन क्यों किया गया था और इसकी स्थापना कब हुई थी, इसे लेकर सवाल उठाया गया है।1
- प्रयागराज के करछना/कोरांव क्षेत्र के बलापुर गांव के निवासी और स्वरूप रानी नेहरू चिकित्सालय में सह आचार्य (प्रोफेसर) के रूप में कार्यरत कान, नाक, गला व मुख रोग विशेषज्ञ डॉ. राम सिया सिंह का जन्मदिन बुधवार को अत्यंत हर्षोल्लास और आत्मीय माहौल में मनाया गया। इस विशेष अवसर पर उनके परिवार, मित्रों, सहकर्मियों, विद्यार्थियों और समाज के विभिन्न वर्गों के शुभचिंतकों ने उन्हें बधाई देते हुए उनके स्वस्थ, सुखी और दीर्घायु जीवन की कामना की। समारोह के दौरान केक काटकर खुशियां साझा की गईं और उपस्थित लोगों ने डॉ. सिंह को पुष्पगुच्छ, स्मृति-चिह्न तथा उपहार भेंट कर सम्मानित किया। इस मौके पर वक्ताओं ने चिकित्सा के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान की सराहना करते हुए कहा कि वे अपने सरल, सहज और संवेदनशील व्यवहार के कारण मरीजों के बीच अत्यंत लोकप्रिय हैं। शुभचिंतकों ने कहा कि डॉ. सिंह चिकित्सा सेवा को केवल पेशा नहीं बल्कि मानव सेवा का माध्यम मानते हैं, यही वजह है कि उनके पास दूर-दराज के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं। सम्मान से अभिभूत डॉ. राम सिया सिंह ने सभी शुभचिंतकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि लोगों का स्नेह, विश्वास और आशीर्वाद ही उनके जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है। मरीजों की सेवा को अपना सर्वोच्च कर्तव्य बताते हुए उन्होंने कहा कि वे भविष्य में भी पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ समाज और मानवता की सेवा करते रहेंगे। जन्मदिन का यह समारोह पूरे दिन शुभकामनाओं और आत्मीय मुलाकातों के बीच उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ।1
- उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन चुनाव के मद्देनजर अधिवक्ताओं ने वकीलों के हितों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की है। इस दौरान अधिवक्ताओं ने बार एसोसिएशन चुनाव के संदर्भ में वकीलों के हितों और उनके मुद्दों पर विशेष रूप से विचार-विमर्श किया।2
- उत्तर प्रदेश राजर्षि टण्डन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज के 21वें दीक्षान्त समारोह के आयोजन को लेकर एक प्रेस वार्ता की गई है।1
- प्रयागराज में गुरुवार को भगवान जगन्नाथ जी की भव्य रथ यात्रा निकाली गई। जगन्नाथ पुरी धाम से मंगाया गया 20 फीट ऊंचा, 14 फीट चौड़ा और 16 पहियों वाला नंदीघोष रथ त्रिलोक के मोहिनी ध्वज और नील चक्र से सुशोभित था। रथ के शिखर पर प्रेम और भक्ति के प्रतीक दो तोते और सत्य, धर्म, न्याय व कर्म के प्रतीक के रूप में चार श्वेत अश्व विराजमान थे। राजस्थान से लाई गई रत्न जड़ित पोशाक और मयूर पंख जड़ित स्वर्ण व चांदी का मुकुट धारण किए भगवान जगन्नाथ, भ्राता बलभद्र और बहन सुभद्रा जी के अलौकिक रूप के दर्शन के लिए भक्तों का तांता लगा रहा। भगवान जगन्नाथ अपने हाथों में कमल पुष्प, गदा व चक्र और भ्राता बलभद्र हल धारण किए हुए थे। इस दौरान श्रद्धालु, विशेषकर महिलाएं और बच्चे, 100 फीट लंबी नाग वासुकी नामक रस्सी से रथ को खींचने के लिए बेहद उत्साहित दिखे। रथ यात्रा शुरू होने से पहले भगवान जगन्नाथ जी की आरती उतारी गई। इस आरती में कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, पूर्व महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी, महापौर गणेश केसरवानी, विधायक हर्षवर्धन बाजपेई, उदय प्रताप सिंह, सांसद उज्जवल रमण सिंह सहित कई विधायक, दर्जनों पार्षद, ट्रस्ट के सदस्य और भारी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। यह रथ यात्रा हाटकेश्वर मंदिर से प्रारंभ होकर एस सी बसु रोड, चमेली बाई धर्मशाला, हीवेट रोड, जॉनसेन गंज, घंटाघर, बताशा मंडी, बहादुरगंज, सुलाकी चौराहा, राम भवन, मुट्ठीगंज, सत्तीचौरा, बलुआ घाट और कटघर होते हुए प्रयागेश्वर नाथ मंदिर जगन्नाथ धाम काशीराज नगर, कटघर में जाकर संपन्न हुई। इस भव्य यात्रा में ढोल ताशा पार्टी, पाइप बैंड, डमरू और नगाड़ा वादक, रोड लाइट और दर्जनों डीजे के साथ कई आकर्षक झांकियां शामिल थीं। इनमें मुख्य रूप से भगवान जगन्नाथ का राजशाही दरबार, गणेश जी, वरुण जी, माता गुंडिचा और रानी लक्ष्मी बाई सहित महापुरुषों की झांकियां थीं, जिनमें अयोध्या व वृंदावन के कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। यात्रा के पूरे मार्ग पर श्रद्धालुओं को प्रसाद के रूप में ठंडा पानी, शरबत, कोल्ड ड्रिंक और विभिन्न प्रकार की खाने-पीने की चीजें बांटी जा रही थीं। सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन सुबह से ही मुस्तैद था। कोतवाली क्षेत्र के एसीपी रवि कुमार गुप्ता, कोतवाली इंचार्ज कपिल कुमार चहल सहित विभिन्न थानों की पुलिस रथ यात्रा को सकुशल संपन्न कराने में जुटी रही, जिसमें सिविल डिफेंस के आमिर डाबर ने भी प्रशासन का पूरा सहयोग किया।2
- प्रयागराज के जिगना चौकी क्षेत्र में एक बड़ा हादसा सामने आया है, जहां एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर बिजली के खंभे से जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार और फिल्मी अंदाज में हुई कि बिजली का खंभा तीन हिस्सों में टूटकर बिखर गया। राहत की बात यह रही कि हादसे के समय कार में सवार तीनों लोग सुरक्षित बच गए। दुर्घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने मौके पर पहुंचकर कार में फंसे लोगों को बाहर निकाला। इस हादसे में किसी के भी हताहत होने की कोई सूचना नहीं है।1