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कुएं में तड़पकर मर गया तेंदुआ शावक, 5 दिन तक सोता रहा वन विभाग! पटोरी सर्किल के बोचकी में सनसनी: कुएं में सड़ता मिला तेंदुआ शावक, वन विभाग की ‘कागजी गश्त’ बेनकाब! गोहपारू/शहडोल। दक्षिण वन मंडल शहडोल के गोहपारू वन परिक्षेत्र अंतर्गत पटोरी सर्किल के बोचकी गांव में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक खुले कुएं में तेंदुआ शावक का सड़ा-गला शव मिला। बताया जा रहा है कि शावक करीब 5 दिन पहले कुएं में गिरा और तड़प-तड़प कर मर गया, लेकिन वन विभाग को इसकी भनक तक नहीं लगी। 👉 ग्रामीणों ने खोली पोल कुएं से बदबू आने पर ग्रामीणों ने अंदर झांका तो तेंदुआ शावक का शव दिखाई दिया। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे वन अमले की कार्यप्रणाली पर अब सवाल खड़े हो रहे हैं। 👉 ‘कागजी गश्त’ का खेल उजागर स्थानीय लोगों का आरोप है कि जंगल में गश्त सिर्फ कागजों में हो रही है। अगर समय पर निगरानी होती, तो शायद शावक की जान बच सकती थी। 👉 खुले कुएं बने ‘मौत का जाल’ सरकार द्वारा मुंडेर निर्माण के लिए करोड़ों का बजट दिया जाता है, लेकिन जमीनी हकीकत में कुएं अब भी खुले हैं—और वन्यजीवों के लिए मौत का जाल बने हुए हैं। ❗ बड़े सवाल: 👉तेंदुआ शावक की मौत का जिम्मेदार कौन? 👉गश्त सिर्फ कागजों तक क्यों सीमित? 👉मुंडेर निर्माण के बजट का हिसाब कौन देगा? 💥 निष्कर्ष: बोचकी की ये घटना सिर्फ एक तेंदुआ शावक की मौत नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम की लापरवाही की कहानी बयां कर रही है।

4 hrs ago
user_Sumit Singh Chandel
Sumit Singh Chandel
Local News Reporter गोहपारू, शहडोल, मध्य प्रदेश•
4 hrs ago
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कुएं में तड़पकर मर गया तेंदुआ शावक, 5 दिन तक सोता रहा वन विभाग! पटोरी सर्किल के बोचकी में सनसनी: कुएं में सड़ता मिला तेंदुआ शावक, वन विभाग की ‘कागजी गश्त’ बेनकाब! गोहपारू/शहडोल। दक्षिण वन मंडल शहडोल के गोहपारू वन परिक्षेत्र अंतर्गत पटोरी सर्किल के बोचकी गांव में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक खुले कुएं में तेंदुआ शावक का सड़ा-गला शव मिला। बताया जा रहा है कि शावक करीब 5 दिन पहले कुएं में गिरा और तड़प-तड़प कर मर

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गया, लेकिन वन विभाग को इसकी भनक तक नहीं लगी। 👉 ग्रामीणों ने खोली पोल कुएं से बदबू आने पर ग्रामीणों ने अंदर झांका तो तेंदुआ शावक का शव दिखाई दिया। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे वन अमले की कार्यप्रणाली पर अब सवाल खड़े हो रहे हैं। 👉 ‘कागजी गश्त’ का खेल उजागर स्थानीय लोगों का आरोप है कि जंगल में गश्त सिर्फ कागजों में हो रही है। अगर समय पर निगरानी होती, तो शायद शावक की जान बच सकती थी। 👉

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खुले कुएं बने ‘मौत का जाल’ सरकार द्वारा मुंडेर निर्माण के लिए करोड़ों का बजट दिया जाता है, लेकिन जमीनी हकीकत में कुएं अब भी खुले हैं—और वन्यजीवों के लिए मौत का जाल बने हुए हैं। ❗ बड़े सवाल: 👉तेंदुआ शावक की मौत का जिम्मेदार कौन? 👉गश्त सिर्फ कागजों तक क्यों सीमित? 👉मुंडेर निर्माण के बजट का हिसाब कौन देगा? 💥 निष्कर्ष: बोचकी की ये घटना सिर्फ एक तेंदुआ शावक की मौत नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम की लापरवाही की कहानी बयां कर रही है।

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  • कटनी से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। चलती ट्रेन के टॉयलेट डिब्बे में एक नवजात शिशु मिलने से हड़कंप मच गया। जैसे ही इसकी सूचना मिली, मौके पर आरपीएफ और जीआरपी की टीम तुरंत पहुंच गई। बताया जा रहा है कि शिशु को बेहद असहाय हालत में छोड़ दिया गया था। घटना के बाद यात्रियों में आक्रोश और हैरानी का माहौल है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आखिर किसने मासूम को इस हालत में छोड़ा। यह घटना एक बार फिर समाज को सोचने पर मजबूर कर रही है—आखिर कब तक मासूम यूं ही बेबस छोड़ दिए जाएंगे? इंसानियत एक बार फिर शर्मसार हो गई है।
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    कटनी से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। चलती ट्रेन के टॉयलेट डिब्बे में एक नवजात शिशु मिलने से हड़कंप मच गया। जैसे ही इसकी सूचना मिली, मौके पर आरपीएफ और जीआरपी की टीम तुरंत पहुंच गई।
बताया जा रहा है कि शिशु को बेहद असहाय हालत में छोड़ दिया गया था। घटना के बाद यात्रियों में आक्रोश और हैरानी का माहौल है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आखिर किसने मासूम को इस हालत में छोड़ा।
यह घटना एक बार फिर समाज को सोचने पर मजबूर कर रही है—आखिर कब तक मासूम यूं ही बेबस छोड़ दिए जाएंगे? इंसानियत एक बार फिर शर्मसार हो गई है।
    user_Sumit Singh Chandel
    Sumit Singh Chandel
    Local News Reporter गोहपारू, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    5 hrs ago
  • ​शहडोल (मध्य प्रदेश): शहडोल पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 15 वर्षीय नाबालिग बालिका को ब्लैकमेल कर आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। थाना कोतवाली पुलिस ने इस गंभीर मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी सनी यादव को सलाखों के पीछे भेज दिया है। ​घटना का विवरण: मामला फरवरी 2026 का है, जब एक नाबालिग बालिका ने जहर खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली थी। पुलिस जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि देवरी निवासी 19 वर्षीय सनी यादव पिछले एक साल से पीड़िता को उसकी फोटो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल कर रहा था। इसी प्रताड़ना से तंग आकर बालिका ने आत्मघाती कदम उठाया। विवेचना के दौरान यह भी पता चला कि एक अन्य आरोपी, रूपेश सिंह गौड़, ने भी पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया था। ​कानूनी कार्रवाई: पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108 (आत्महत्या का दुष्प्रेरण), 65(1), पॉक्सो एक्ट (POCSO) और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। ​वर्तमान स्थिति: आज दिनांक 31 मार्च 2026 को पुलिस ने दबिश देकर मुख्य आरोपी सनी यादव को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पुलिस ने बताया कि प्रकरण का दूसरा आरोपी रूपेश फिलहाल फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। इस सफल कार्रवाई में कोतवाली थाना प्रभारी राघवेंद्र तिवारी और उनकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
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    ​शहडोल (मध्य प्रदेश): शहडोल पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 15 वर्षीय नाबालिग बालिका को ब्लैकमेल कर आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। थाना कोतवाली पुलिस ने इस गंभीर मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी सनी यादव को सलाखों के पीछे भेज दिया है।
​घटना का विवरण:
मामला फरवरी 2026 का है, जब एक नाबालिग बालिका ने जहर खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली थी। पुलिस जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि देवरी निवासी 19 वर्षीय सनी यादव पिछले एक साल से पीड़िता को उसकी फोटो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल कर रहा था। इसी प्रताड़ना से तंग आकर बालिका ने आत्मघाती कदम उठाया। विवेचना के दौरान यह भी पता चला कि एक अन्य आरोपी, रूपेश सिंह गौड़, ने भी पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया था।
​कानूनी कार्रवाई:
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108 (आत्महत्या का दुष्प्रेरण), 65(1), पॉक्सो एक्ट (POCSO) और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।
​वर्तमान स्थिति:
आज दिनांक 31 मार्च 2026 को पुलिस ने दबिश देकर मुख्य आरोपी सनी यादव को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। पुलिस ने बताया कि प्रकरण का दूसरा आरोपी रूपेश फिलहाल फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। इस सफल कार्रवाई में कोतवाली थाना प्रभारी राघवेंद्र तिवारी और उनकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
    user_Policewala news
    Policewala news
    सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • शहडोल जिला कांग्रेस कमेटी के लोग मंगलवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचे और कलेक्टर को एक ज्ञापन सौपा है, ज्ञापन में उन्होंने कहा है कि, गैस सिलेंडर एवं बिजली बिल में मूल वृद्धि का विरोध ज्ञापन के माध्यम से किया गया है, इस दौरान काफी संख्या में कांग्रेस कमेटी के लोग मौजूद रहे हैं।
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    शहडोल जिला कांग्रेस कमेटी के लोग मंगलवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचे और कलेक्टर को एक ज्ञापन सौपा है, ज्ञापन में उन्होंने कहा है कि, गैस सिलेंडर एवं बिजली बिल में मूल वृद्धि का विरोध ज्ञापन के माध्यम से किया गया है, इस दौरान काफी संख्या में कांग्रेस कमेटी के लोग मौजूद रहे हैं।
    user_Akhilesh Mishra
    Akhilesh Mishra
    सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    12 hrs ago
  • नाचते-नाचते बुझ गई जिंदगी, काली बने युवक हुई मौत उमरिया तपस गुप्ता (7999276090) कहते हैं जिंदगी और मौत के बीच की दूरी बस एक पल की होती है। उमरिया जिले के जनपद पंचायत करकेली अंतर्गत ग्राम पठारी में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर यह कहावत उस वक्त सच साबित हो गई, जब भक्ति और उत्साह से भरा माहौल अचानक चीख-पुकार और सन्नाटे में बदल गया। दरअसल, गांव में कलश विसर्जन कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक काली नृत्य का आयोजन किया गया था। गांव के ही निवासी रामगरीब कोल उम्र 40 वर्ष हर साल की तरह इस बार भी मां काली का रूप धारण कर प्रस्तुति दे रहे थे। चेहरे पर काली का रौद्र रूप… जैसे ही बैंड-बाजे की गूंज तेज हुई, उनका नृत्य भी पूरे शबाब पर था। सामने खड़े ग्रामीण उनकी प्रस्तुति को देखकर भाव-विभोर हो रहे थे। माहौल पूरी तरह भक्तिमय था, लेकिन किसी को क्या पता था कि यह प्रस्तुति उनकी जिंदगी की आखिरी प्रस्तुति साबित होगी। नृत्य के दौरान अचानक रामगरीब लड़खड़ाए और गिर पड़े। शुरुआत में लोगों ने इसे अभिनय का हिस्सा समझा, लेकिन जब कुछ देर तक वह नहीं उठे, तो वहां मौजूद लोगों के बीच हड़कंप मच गया। तुरंत कुछ लोग मंच पर पहुंचे और उन्हें उठाने की कोशिश की, लेकिन उनकी हालत गंभीर लग रही थी। ग्रामीणों ने बिना देर किए उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी की, लेकिन प्राथमिक जानकारी में ही उनकी मौत की पुष्टि हो गई। डॉक्टरों ने शुरुआती जांच में हृदयाघात (हार्ट अटैक) को मौत का संभावित कारण बताया है। इस घटना के बाद पूरे कार्यक्रम का माहौल पल भर में बदल गया। जहां कुछ मिनट पहले तक जयकारों और संगीत की आवाज गूंज रही थी, वहीं अब हर तरफ सन्नाटा और गम का माहौल था। महिलाएं रोने लगीं, बच्चे सहम गए और पुरुष स्तब्ध खड़े रह गए। गांव वालों के मुताबिक, रामगरीब कोल धार्मिक आयोजनों में हमेशा बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे और खासकर काली नृत्य के लिए जाने जाते थे। उनका यह रूप और ऊर्जा लोगों को हर साल आकर्षित करती थी। इस बार भी लोगों को उनकी प्रस्तुति का बेसब्री से इंतजार था, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह इंतजार ऐसी दर्दनाक याद में बदल जाएगा। घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसे देखने वाले लोग जहां एक तरफ हैरान हैं, वहीं दूसरी ओर गहरा दुख भी जता रहे हैं। ग्राम पठारी में अब सिर्फ एक ही चर्चा है कि जो व्यक्ति कुछ ही मिनट पहले देवी का रूप लेकर लोगों को भावुक कर रहा था, वह अचानक यूं सबको छोड़कर चला जाएगा यह किसी ने सोचा भी नहीं था। यह घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि जिंदगी कितनी अनिश्चित है, और कब क्या हो जाए, कोई नहीं जानता।
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    नाचते-नाचते बुझ गई जिंदगी, काली बने युवक हुई मौत
उमरिया तपस गुप्ता (7999276090)
कहते हैं जिंदगी और मौत के बीच की दूरी बस एक पल की होती है। उमरिया जिले के जनपद पंचायत करकेली अंतर्गत ग्राम पठारी में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर यह कहावत उस वक्त सच साबित हो गई, जब भक्ति और उत्साह से भरा माहौल अचानक चीख-पुकार और सन्नाटे में बदल गया।
दरअसल, गांव में कलश विसर्जन कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक काली नृत्य का आयोजन किया गया था। गांव के ही निवासी रामगरीब कोल उम्र 40 वर्ष हर साल की तरह इस बार भी मां काली का रूप धारण कर प्रस्तुति दे रहे थे। चेहरे पर काली का रौद्र रूप… जैसे ही बैंड-बाजे की गूंज तेज हुई, उनका नृत्य भी पूरे शबाब पर था।
सामने खड़े ग्रामीण उनकी प्रस्तुति को देखकर भाव-विभोर हो रहे थे। माहौल पूरी तरह भक्तिमय था, लेकिन किसी को क्या पता था कि यह प्रस्तुति उनकी जिंदगी की आखिरी प्रस्तुति साबित होगी।
नृत्य के दौरान अचानक रामगरीब लड़खड़ाए और गिर पड़े। शुरुआत में लोगों ने इसे अभिनय का हिस्सा समझा, लेकिन जब कुछ देर तक वह नहीं उठे, तो वहां मौजूद लोगों के बीच हड़कंप मच गया। तुरंत कुछ लोग मंच पर पहुंचे और उन्हें उठाने की कोशिश की, लेकिन उनकी हालत गंभीर लग रही थी।
ग्रामीणों ने बिना देर किए उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी की, लेकिन प्राथमिक जानकारी में ही उनकी मौत की पुष्टि हो गई। डॉक्टरों ने शुरुआती जांच में हृदयाघात (हार्ट अटैक) को मौत का संभावित कारण बताया है।
इस घटना के बाद पूरे कार्यक्रम का माहौल पल भर में बदल गया। जहां कुछ मिनट पहले तक जयकारों और संगीत की आवाज गूंज रही थी, वहीं अब हर तरफ सन्नाटा और गम का माहौल था। महिलाएं रोने लगीं, बच्चे सहम गए और पुरुष स्तब्ध खड़े रह गए।
गांव वालों के मुताबिक, रामगरीब कोल धार्मिक आयोजनों में हमेशा बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे और खासकर काली नृत्य के लिए जाने जाते थे। उनका यह रूप और ऊर्जा लोगों को हर साल आकर्षित करती थी। इस बार भी लोगों को उनकी प्रस्तुति का बेसब्री से इंतजार था, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह इंतजार ऐसी दर्दनाक याद में बदल जाएगा।
घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसे देखने वाले लोग जहां एक तरफ हैरान हैं, वहीं दूसरी ओर गहरा दुख भी जता रहे हैं।
ग्राम पठारी में अब सिर्फ एक ही चर्चा है कि जो व्यक्ति कुछ ही मिनट पहले देवी का रूप लेकर लोगों को भावुक कर रहा था, वह अचानक यूं सबको छोड़कर चला जाएगा यह किसी ने सोचा भी नहीं था। यह घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि जिंदगी कितनी अनिश्चित है, और कब क्या हो जाए, कोई नहीं जानता।
    user_Tapas Gupta
    Tapas Gupta
    पाली, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • भाजपा मंत्री को बना दिया कांग्रेस प्रदेश सचिव उमरिया में लिस्ट से मचा बवाल उमरिया (देशबन्धु)जिले की सियासत में कांग्रेस की एक सूची ने ऐसा बवंडर खड़ा कर दिया है जिसकी गूंज अब संगठन की साख तक पहुंच गई है। मामला मध्य प्रदेश कांग्रेस केश कला शिल्पी प्रकोष्ठ की प्रदेश स्तरीय नव-नियुक्त प्रबंध समिति से जुड़ा है जहां एक नाम ने पूरी राजनीति गरमा दी। सूची में उमरिया निवासी अनुज सेन को प्रदेश सचिव घोषित कर दिया गया लेकिन असली विवाद यहीं से शुरू हुआ। चौंकाने वाली बात यह है कि अनुज सेन खुद को भारतीय जनता पार्टी का सक्रिय कार्यकर्ता बताते हैं और वर्तमान में भाजपा नगर मंडल उमरिया में मंत्री पद पर काबिज हैं। ऐसे में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सूची में उनका नाम शामिल होना सीधे-सीधे संगठन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करता है। अनुज सेन ने इस घटनाक्रम पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने साफ कहा कि उनका कांग्रेस से कोई संबंध नहीं है और वे वर्षों पहले ही पार्टी छोड़ चुके हैं। उनके मुताबिक, बिना जानकारी और सहमति के उनका नाम जोड़ना सिर्फ एक गलती नहीं बल्कि साजिश भी हो सकती है। सेन ने दो टूक कहा कि वे आगे भी भाजपा के साथ ही जुड़े रहेंगे। बताया जा रहा है कि अनुज सेन करीब 8 साल पहले कांग्रेस से अलग हो चुके थे और तब से लगातार भाजपा की राजनीति में सक्रिय हैं। ऐसे में सवाल उठना लाजिमी है कि आखिर कांग्रेस की सूची तैयार करने में इतनी बड़ी चूक कैसे हो गई? क्या यह सिर्फ लापरवाही है या फिर संगठन के भीतर गहरी गड़बड़ी? इस पूरे मामले ने कांग्रेस को असहज स्थिति में ला खड़ा किया है। विपक्ष को बैठे-बिठाए हमला करने का मौका मिल गया है वहीं संगठन के भीतर भी असंतोष की सुगबुगाहट शुरू हो गई है। एक साधारण सूची में इस तरह की गलती ने कांग्रेस की गंभीरता और विश्वसनीयता दोनों पर चोट पहुंचाई है। विवाद बढ़ता देख कांग्रेस संगठन के महासचिव एडवोकेट पुष्पराज सिंह सामने आए और सफाई दी। उन्होंने स्वीकार किया कि अनुज सेन पहले कांग्रेस में थे लेकिन अब पार्टी का हिस्सा नहीं हैं। उनके अनुसार सूची में नाम शामिल होना एक तकनीकी त्रुटि है, जिसे जल्द ही ठीक कर लिया जाएगा। हालांकि यह सफाई कई सवालों को शांत करने में नाकाफी साबित हो रही है। क्या इतनी अहम नियुक्ति सूची बिना सही जांच के जारी कर दी गई? क्या संगठन में समन्वय की कमी है या फिर जिम्मेदारी तय करने का अभाव? उमरिया का यह मामला अब एक साधारण नाम जुड़ने की गलती नहीं रह गया है बल्कि कांग्रेस के संगठनात्मक ढांचे और कार्यशैली पर बड़ा सवाल बनकर खड़ा हो गया है। आने वाले समय में यह देखना अहम होगा कि कांग्रेस इस नुकसान की भरपाई कैसे करती है या यह मुद्दा आगे और सियासी रंग लेता है।
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    भाजपा मंत्री को बना दिया कांग्रेस प्रदेश सचिव उमरिया में लिस्ट से मचा बवाल
उमरिया (देशबन्धु)जिले की सियासत में कांग्रेस की एक सूची ने ऐसा बवंडर खड़ा कर दिया है जिसकी गूंज अब संगठन की साख तक पहुंच गई है। मामला मध्य प्रदेश कांग्रेस केश कला शिल्पी प्रकोष्ठ की प्रदेश स्तरीय नव-नियुक्त प्रबंध समिति से जुड़ा है जहां एक नाम ने पूरी राजनीति गरमा दी। सूची में उमरिया निवासी अनुज सेन को प्रदेश सचिव घोषित कर दिया गया लेकिन असली विवाद यहीं से शुरू हुआ।
चौंकाने वाली बात यह है कि अनुज सेन खुद को भारतीय जनता पार्टी का सक्रिय कार्यकर्ता बताते हैं और वर्तमान में भाजपा नगर मंडल उमरिया में मंत्री पद पर काबिज हैं। ऐसे में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सूची में उनका नाम शामिल होना सीधे-सीधे संगठन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करता है।
अनुज सेन ने इस घटनाक्रम पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने साफ कहा कि उनका कांग्रेस से कोई संबंध नहीं है और वे वर्षों पहले ही पार्टी छोड़ चुके हैं। उनके मुताबिक, बिना जानकारी और सहमति के उनका नाम जोड़ना सिर्फ एक गलती नहीं बल्कि साजिश भी हो सकती है। सेन ने दो टूक कहा कि वे आगे भी भाजपा के साथ ही जुड़े रहेंगे।
बताया जा रहा है कि अनुज सेन करीब 8 साल पहले कांग्रेस से अलग हो चुके थे और तब से लगातार भाजपा की राजनीति में सक्रिय हैं। ऐसे में सवाल उठना लाजिमी है कि आखिर कांग्रेस की सूची तैयार करने में इतनी बड़ी चूक कैसे हो गई? क्या यह सिर्फ लापरवाही है या फिर संगठन के भीतर गहरी गड़बड़ी?
इस पूरे मामले ने कांग्रेस को असहज स्थिति में ला खड़ा किया है। विपक्ष को बैठे-बिठाए हमला करने का मौका मिल गया है वहीं संगठन के भीतर भी असंतोष की सुगबुगाहट शुरू हो गई है। एक साधारण सूची में इस तरह की गलती ने कांग्रेस की गंभीरता और विश्वसनीयता दोनों पर चोट पहुंचाई है।
विवाद बढ़ता देख कांग्रेस संगठन के महासचिव एडवोकेट पुष्पराज सिंह सामने आए और सफाई दी। उन्होंने स्वीकार किया कि अनुज सेन पहले कांग्रेस में थे लेकिन अब पार्टी का हिस्सा नहीं हैं। उनके अनुसार सूची में नाम शामिल होना एक तकनीकी त्रुटि है, जिसे जल्द ही ठीक कर लिया जाएगा।
हालांकि यह सफाई कई सवालों को शांत करने में नाकाफी साबित हो रही है। क्या इतनी अहम नियुक्ति सूची बिना सही जांच के जारी कर दी गई? क्या संगठन में समन्वय की कमी है या फिर जिम्मेदारी तय करने का अभाव?
उमरिया का यह मामला अब एक साधारण नाम जुड़ने की गलती नहीं रह गया है बल्कि कांग्रेस के संगठनात्मक ढांचे और कार्यशैली पर बड़ा सवाल बनकर खड़ा हो गया है। आने वाले समय में यह देखना अहम होगा कि कांग्रेस इस नुकसान की भरपाई कैसे करती है या यह मुद्दा आगे और सियासी रंग लेता है।
    user_देशबंधु समाचार पत्र आशीष कुमार
    देशबंधु समाचार पत्र आशीष कुमार
    पाली, उमरिया, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • Post by Suraj shriwastava
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    Post by Suraj shriwastava
    user_Suraj shriwastava
    Suraj shriwastava
    Building society बुदार, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    15 hrs ago
  • कॉलेज में बिताए पल हमेशा याद आएंगे ब्योहारी | पंडित राम किशोर शुक्ला शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय के मुख्य लेखपाल वंश बहादुर सिंह को सेवानिवृत्ति पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में जीवन का ज्यादातर समय बीता है, यहां बिताए पल हमेशा याद आएंगे।
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    कॉलेज में बिताए पल हमेशा याद आएंगे
ब्योहारी | पंडित राम किशोर शुक्ला शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय के मुख्य लेखपाल वंश बहादुर सिंह को सेवानिवृत्ति पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में जीवन का ज्यादातर समय बीता है, यहां बिताए पल हमेशा याद आएंगे।
    user_Durgesh Kumar Gupta
    Durgesh Kumar Gupta
    Electrician Beohari, Shahdol•
    7 hrs ago
  • उमरिया जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां काली नृत्य करते समय एक युवक की अचानक मौत हो गई। बताया जा रहा है कि घटना नौरोजाबाद तहसील के ग्राम पठारी की है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मृतक की पहचान राम गरीब कोल पिता प्रेमलाल कोल (उम्र लगभग 34 वर्ष) निवासी ग्राम पठारी के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक काली नृत्य कर रहा था, तभी अचानक गिर पड़ा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। प्रथम दृष्टया मौत का कारण “साइलेंट अटैक” बताया जा रहा है। घटना के बाद इलाके में शोक का माहौल है और वीडियो ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है।
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    उमरिया जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां काली नृत्य करते समय एक युवक की अचानक मौत हो गई। बताया जा रहा है कि घटना नौरोजाबाद तहसील के ग्राम पठारी की है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
मृतक की पहचान राम गरीब कोल पिता प्रेमलाल कोल (उम्र लगभग 34 वर्ष) निवासी ग्राम पठारी के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक काली नृत्य कर रहा था, तभी अचानक गिर पड़ा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
प्रथम दृष्टया मौत का कारण “साइलेंट अटैक” बताया जा रहा है। घटना के बाद इलाके में शोक का माहौल है और वीडियो ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है।
    user_Sumit Singh Chandel
    Sumit Singh Chandel
    Local News Reporter गोहपारू, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
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