नाचते-नाचते बुझ गई जिंदगी, काली बने युवक हुई मौत नाचते-नाचते बुझ गई जिंदगी, काली बने युवक हुई मौत उमरिया तपस गुप्ता (7999276090) कहते हैं जिंदगी और मौत के बीच की दूरी बस एक पल की होती है। उमरिया जिले के जनपद पंचायत करकेली अंतर्गत ग्राम पठारी में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर यह कहावत उस वक्त सच साबित हो गई, जब भक्ति और उत्साह से भरा माहौल अचानक चीख-पुकार और सन्नाटे में बदल गया। दरअसल, गांव में कलश विसर्जन कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक काली नृत्य का आयोजन किया गया था। गांव के ही निवासी रामगरीब कोल उम्र 40 वर्ष हर साल की तरह इस बार भी मां काली का रूप धारण कर प्रस्तुति दे रहे थे। चेहरे पर काली का रौद्र रूप… जैसे ही बैंड-बाजे की गूंज तेज हुई, उनका नृत्य भी पूरे शबाब पर था। सामने खड़े ग्रामीण उनकी प्रस्तुति को देखकर भाव-विभोर हो रहे थे। माहौल पूरी तरह भक्तिमय था, लेकिन किसी को क्या पता था कि यह प्रस्तुति उनकी जिंदगी की आखिरी प्रस्तुति साबित होगी। नृत्य के दौरान अचानक रामगरीब लड़खड़ाए और गिर पड़े। शुरुआत में लोगों ने इसे अभिनय का हिस्सा समझा, लेकिन जब कुछ देर तक वह नहीं उठे, तो वहां मौजूद लोगों के बीच हड़कंप मच गया। तुरंत कुछ लोग मंच पर पहुंचे और उन्हें उठाने की कोशिश की, लेकिन उनकी हालत गंभीर लग रही थी। ग्रामीणों ने बिना देर किए उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी की, लेकिन प्राथमिक जानकारी में ही उनकी मौत की पुष्टि हो गई। डॉक्टरों ने शुरुआती जांच में हृदयाघात (हार्ट अटैक) को मौत का संभावित कारण बताया है। इस घटना के बाद पूरे कार्यक्रम का माहौल पल भर में बदल गया। जहां कुछ मिनट पहले तक जयकारों और संगीत की आवाज गूंज रही थी, वहीं अब हर तरफ सन्नाटा और गम का माहौल था। महिलाएं रोने लगीं, बच्चे सहम गए और पुरुष स्तब्ध खड़े रह गए। गांव वालों के मुताबिक, रामगरीब कोल धार्मिक आयोजनों में हमेशा बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे और खासकर काली नृत्य के लिए जाने जाते थे। उनका यह रूप और ऊर्जा लोगों को हर साल आकर्षित करती थी। इस बार भी लोगों को उनकी प्रस्तुति का बेसब्री से इंतजार था, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह इंतजार ऐसी दर्दनाक याद में बदल जाएगा। घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसे देखने वाले लोग जहां एक तरफ हैरान हैं, वहीं दूसरी ओर गहरा दुख भी जता रहे हैं। ग्राम पठारी में अब सिर्फ एक ही चर्चा है कि जो व्यक्ति कुछ ही मिनट पहले देवी का रूप लेकर लोगों को भावुक कर रहा था, वह अचानक यूं सबको छोड़कर चला जाएगा यह किसी ने सोचा भी नहीं था। यह घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि जिंदगी कितनी अनिश्चित है, और कब क्या हो जाए, कोई नहीं जानता।
नाचते-नाचते बुझ गई जिंदगी, काली बने युवक हुई मौत नाचते-नाचते बुझ गई जिंदगी, काली बने युवक हुई मौत उमरिया तपस गुप्ता (7999276090) कहते हैं जिंदगी और मौत के बीच की दूरी बस एक पल की होती है। उमरिया जिले के जनपद पंचायत करकेली अंतर्गत ग्राम पठारी में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर यह कहावत उस वक्त सच साबित हो गई, जब भक्ति और उत्साह से भरा माहौल अचानक चीख-पुकार और सन्नाटे में बदल गया। दरअसल, गांव में कलश विसर्जन कार्यक्रम के दौरान पारंपरिक काली नृत्य का आयोजन किया गया था। गांव के ही निवासी रामगरीब कोल उम्र 40 वर्ष हर साल की तरह इस बार भी मां काली का रूप धारण कर प्रस्तुति दे रहे थे। चेहरे पर काली का रौद्र रूप… जैसे ही बैंड-बाजे की गूंज तेज हुई, उनका नृत्य भी पूरे शबाब पर था। सामने खड़े ग्रामीण उनकी प्रस्तुति को देखकर भाव-विभोर हो रहे थे। माहौल पूरी तरह भक्तिमय था, लेकिन किसी को क्या पता था कि यह प्रस्तुति उनकी जिंदगी की आखिरी प्रस्तुति साबित होगी। नृत्य के दौरान अचानक रामगरीब लड़खड़ाए और गिर पड़े। शुरुआत में लोगों ने इसे अभिनय का हिस्सा समझा, लेकिन जब कुछ देर तक वह नहीं उठे, तो वहां मौजूद लोगों के बीच हड़कंप मच गया। तुरंत कुछ लोग मंच पर पहुंचे और उन्हें उठाने की कोशिश की, लेकिन उनकी हालत गंभीर लग रही थी। ग्रामीणों ने बिना देर किए उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी की, लेकिन प्राथमिक जानकारी में ही उनकी मौत की पुष्टि हो गई। डॉक्टरों ने शुरुआती जांच में हृदयाघात (हार्ट अटैक) को मौत का संभावित कारण बताया है। इस घटना के बाद पूरे कार्यक्रम का माहौल पल भर में बदल गया। जहां कुछ मिनट पहले तक जयकारों और संगीत की आवाज गूंज रही थी, वहीं अब हर तरफ सन्नाटा और गम का माहौल था। महिलाएं रोने लगीं, बच्चे सहम गए और पुरुष स्तब्ध खड़े रह गए। गांव वालों के मुताबिक, रामगरीब कोल धार्मिक आयोजनों में हमेशा बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे और खासकर काली नृत्य के लिए जाने जाते थे। उनका यह रूप और ऊर्जा लोगों को हर साल आकर्षित करती थी। इस बार भी लोगों को उनकी प्रस्तुति का बेसब्री से इंतजार था, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह इंतजार ऐसी दर्दनाक याद में बदल जाएगा। घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसे देखने वाले लोग जहां एक तरफ हैरान हैं, वहीं दूसरी ओर गहरा दुख भी जता रहे हैं। ग्राम पठारी में अब सिर्फ एक ही चर्चा है कि जो व्यक्ति कुछ ही मिनट पहले देवी का रूप लेकर लोगों को भावुक कर रहा था, वह अचानक यूं सबको छोड़कर चला जाएगा यह किसी ने सोचा भी नहीं था। यह घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि जिंदगी कितनी अनिश्चित है, और कब क्या हो जाए, कोई नहीं जानता।
- शहडोल जिले के सोहागपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत कुदरी गांव में एक हिरण घायल अवस्था में मिला है, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने अटल कामधेनु गौ सेवा संस्थान के लोगों को इस बात की जानकारी दी जानकारी लगते ही संस्थान के लोग मौके पर पहुंचे और घायल हुए हिरण का उपचार करके हिरण को वन विभाग की टीम को सौपा है।1
- शहडोल जिले के हरदी गांव में एक दर्दनाक हादसे में दूसरी कक्षा के 7 वर्षीय छात्र की तालाब में डूबने से मौत हो गई। जानकारी के अनुसार, सीता राम उर्फ कपिल बैगा सोमवार दोपहर अपने घर के पास खेल रहा था। इसी दौरान वह अपने दो दोस्तों के साथ पास स्थित बेलहा तालाब में नहाने चला गया। नहाते समय अचानक वह गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा। साथियों ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन वे सफल नहीं हो सके। इसके बाद उन्होंने गांव जाकर घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही ग्रामीण और पुलिस मौके पर पहुंचे तथा SDRF टीम को बुलाया गया। सोमवार शाम तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया, लेकिन तालाब की अधिक गहराई और अंधेरा होने के कारण सफलता नहीं मिल सकी। मंगलवार सुबह दोबारा अभियान शुरू किया गया, जिसमें SDRF की सात सदस्यीय टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद बालक के शव को तालाब से बाहर निकाला। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी अरुण पांडे के अनुसार, सूचना मिलते ही टीम ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू दल के सहयोग से कार्रवाई की। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।1
- Post by Suraj shriwastava1
- कॉलेज में बिताए पल हमेशा याद आएंगे ब्योहारी | पंडित राम किशोर शुक्ला शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय के मुख्य लेखपाल वंश बहादुर सिंह को सेवानिवृत्ति पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में जीवन का ज्यादातर समय बीता है, यहां बिताए पल हमेशा याद आएंगे।3
- *बरही ब्रेकिंग* 👉🏻 गैस उपभोक्ताओं व प्रभावित लोगों का आरोप 👉🏻बरही में गैस की किल्लत बड़ी 👉🏻 लोगों की लग रही लंबी कतारें 👉🏻 गैस उपभोक्ता सुबह से कतार में लगते हैं शाम को निराश वापस घर जाना पड़ता है क्यों क्योंकि सलेंडर खत्म का बहाना 👉🏻 बरही का जिम्मेदार प्रशासन नदारत नहीं है जनता की परेशानी से मतलब 👉🏻 अच्छी खासी लुटाई चल रही हैं एजेंसी संचालक और दलालों से मिलकर 👉🏻 क्या दलालों में लगाम लगाएगी बरही प्रशासन 👉🏻 दलालों से मिलो सिलेंडर पाओ सरकार के आदेशों का पालन कराने में प्रशासन नाकाम जनता लाचार, हताश परेशान खाली हाथ पसीना बहाते वापस घर आखिर कौन देखेगा, सुनेगा उनकी परेशानियां या यों चलता रहेगा एजेंसी संचालक और दलालों की मनमानी।1
- Sidhi jila khaddi area ki ghatna Jo Khushi uske Naam Se Hui Hai 24 February ke din vah ghatna ko dabane ki koshish ki ja rahi hai main Narendra Singh bess Gram Panchayat kuniya6
- Post by Sumit Singh Chandel1
- शहडोल जिले के सोहागपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत हरदी गांव में दूसरी कक्षा का छात्र तालाब में डूब गया जिससे उसकी मौत हो गई है, सोहागपुर पुलिस ने जानकारी देते हुए बताया है की दूसरी कक्षा का छात्र तालाब में डूबा है, जिससे उसकी मौत हो गई है,मामले पर पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है, और जांच शुरू कर दी हैं।1
- Post by Suraj shriwastava1