रायपुर कलेक्टोरेट परिसर स्थित टाउन हॉल में शुक्रवार को एक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया, जहाँ कलेक्टर गौरव कुमार सिंह के मुख्य आतिथ्य में रायपुर जिले के विभिन्न विभागों से सेवानिवृत्त हुए 68 शासकीय कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उन्हें शॉल, श्रीफल और प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। इसी क्रम में, शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला बेल्दार सिवनी, विकासखंड तिल्दा, जिला रायपुर के सेवानिवृत्त प्रधान पाठक ईश्वरी प्रसाद वर्मा को भी कलेक्टर गौरव कुमार सिंह द्वारा शॉल, श्रीफल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। समारोह में सेवानिवृत्त कर्मचारियों को उनके सेवाकाल के योगदान के लिए सम्मानित करने के साथ ही उनके सभी देयकों का तत्काल भुगतान भी किया गया। सम्मानित किए गए कर्मचारियों में स्कूल शिक्षा विभाग के 21, स्वास्थ्य विभाग के 3, राजस्व विभाग के 2, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के 2, जल संसाधन विभाग के 11, उच्च शिक्षा विभाग के 7, पशुधन विकास विभाग के 2, वन विभाग के 3, लोक निर्माण विभाग के 2, जेल विभाग के 3, उद्यानिकी विभाग के 1 और संस्कृति विभाग के 1 कर्मचारी शामिल थे। इस अवसर पर कलेक्टर गौरव कुमार सिंह ने कहा कि शासकीय कर्मचारी अपने पूरे सेवाकाल में प्रशासन और समाज की सेवा करते हैं, और उनके सम्मानजनक विदाई के उद्देश्य से 'प्रोजेक्ट वंदन' की शुरुआत की गई है। उन्होंने यह भी बताया कि अब जिले के किसी भी विभाग का कर्मचारी सेवानिवृत्त होगा तो उसे सम्मानपूर्वक विदाई दी जाएगी। समारोह में जिला पंचायत सीईओ कुमार विश्वरंजन, सीएमएचओ डॉ. मिथिलेश चौधरी, जिला शिक्षा अधिकारी हिमांशु भारती, जिला कोषालय अधिकारी गजानन पटेल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
रायपुर कलेक्टोरेट परिसर स्थित टाउन हॉल में शुक्रवार को एक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया, जहाँ कलेक्टर गौरव कुमार सिंह के मुख्य आतिथ्य में रायपुर जिले के विभिन्न विभागों से सेवानिवृत्त हुए 68 शासकीय कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उन्हें शॉल, श्रीफल और प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। इसी क्रम में, शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला बेल्दार सिवनी, विकासखंड तिल्दा, जिला रायपुर के सेवानिवृत्त
प्रधान पाठक ईश्वरी प्रसाद वर्मा को भी कलेक्टर गौरव कुमार सिंह द्वारा शॉल, श्रीफल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। समारोह में सेवानिवृत्त कर्मचारियों को उनके सेवाकाल के योगदान के लिए सम्मानित करने के साथ ही उनके सभी देयकों का तत्काल भुगतान भी किया गया। सम्मानित किए गए कर्मचारियों में स्कूल शिक्षा विभाग के 21, स्वास्थ्य विभाग के 3, राजस्व विभाग के 2, पंचायत एवं
ग्रामीण विकास विभाग के 2, जल संसाधन विभाग के 11, उच्च शिक्षा विभाग के 7, पशुधन विकास विभाग के 2, वन विभाग के 3, लोक निर्माण विभाग के 2, जेल विभाग के 3, उद्यानिकी विभाग के 1 और संस्कृति विभाग के 1 कर्मचारी शामिल थे। इस अवसर पर कलेक्टर गौरव कुमार सिंह ने कहा कि शासकीय कर्मचारी अपने पूरे सेवाकाल में प्रशासन और समाज की सेवा करते
हैं, और उनके सम्मानजनक विदाई के उद्देश्य से 'प्रोजेक्ट वंदन' की शुरुआत की गई है। उन्होंने यह भी बताया कि अब जिले के किसी भी विभाग का कर्मचारी सेवानिवृत्त होगा तो उसे सम्मानपूर्वक विदाई दी जाएगी। समारोह में जिला पंचायत सीईओ कुमार विश्वरंजन, सीएमएचओ डॉ. मिथिलेश चौधरी, जिला शिक्षा अधिकारी हिमांशु भारती, जिला कोषालय अधिकारी गजानन पटेल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
- राजधानी रायपुर के टिकरापारा थाना क्षेत्र में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक युवक को गिरफ्तार किया है। यह युवक संतोषी नगर चौक में अवैध रूप से धारदार चाकू लहराकर लोगों को डरा-धमका रहा था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से लोहे का धारदार चाकू भी बरामद किया है। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि संतोषी नगर चौक से भाठागांव जाने वाले मार्ग के पास एक युवक हाथ में धारदार चाकू लेकर राहगीरों को भयभीत कर रहा है। सूचना मिलते ही थाना टिकरापारा प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार मरई के नेतृत्व में एक पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ने का प्रयास किया। आरोपी ने हालांकि बचने की कोशिश की, लेकिन पुलिस टीम ने मशक्कत के बाद उसे अवैध हथियार सहित गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान थलेन्द्र साहू (20 वर्ष), निवासी ग्राम सरवदा, चौकी बिरेंझर, थाना कुरूद, जिला धमतरी के रूप में हुई है। आरोपी के खिलाफ थाना टिकरापारा में अपराध क्रमांक 465/2026 के तहत धारा 25 और 27 आर्म्स एक्ट के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। उल्लेखनीय है कि पुलिस उपायुक्त (वेस्ट जोन) संदीप पटेल, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राहुल देव शर्मा और सहायक पुलिस आयुक्त नवनीत पाटित के निर्देश पर शहर में चाकूबाजी और अवैध हथियारों पर अंकुश लगाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है।1
- छुरा ब्लॉक के पाण्डुका चारोधाम चौक में सोमवार को खाद की कमी से आक्रोशित 22 गांवों के सैकड़ों किसानों ने NH-130C पर चक्का जाम कर दिया। भीषण गर्मी के बावजूद किसान हाईवे पर धरने पर बैठे रहे, जिसके कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। प्रदर्शनकारी किसानों ने तत्काल पर्याप्त खाद उपलब्ध कराने और खाद की कालाबाजारी रोकने की मांग की। इस आंदोलन को कांग्रेस नेताओं का भी समर्थन प्राप्त हुआ, वहीं मौके पर भारी पुलिस बल भी तैनात रहा। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित एक ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा। इस पर नायब तहसीलदार ने किसानों को 7 दिन के भीतर पर्याप्त खाद उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। नायब तहसीलदार से मिले आश्वासन के बाद किसानों ने अपना धरना-प्रदर्शन समाप्त कर सड़क से जाम हटा दिया। हालांकि, किसानों ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि उनके वादे पूरे नहीं हुए तो वे भविष्य में और भी उग्र आंदोलन करेंगे।4
- बिलासपुर जिले के इंद्रपुरी रहंगी क्षेत्र में पालतू कुत्ते के पालतू बिल्ली पर भौंकने को लेकर दो पड़ोसियों के बीच देर रात जमकर मारपीट हुई, जिसमें दोनों पक्षों से लोग खून से लथपथ हो गए। इस घटना के बाद चकरभाठा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। प्रार्थी सूर्य प्रकाश कौशिक, जो इंद्रपुरी हीर्री माइन्स के निवासी हैं और नगर निगम बिलासपुर में सिटी बस परिचालक का काम करते हैं, उन्होंने शुक्रवार रात करीब 10:39 बजे चकरभाठा थाना पहुंचकर यह रिपोर्ट दर्ज कराई। उनके अनुसार, शुक्रवार दिनांक 29.05.2026 की रात लगभग 09.00 बजे उनका पालतू कुत्ता छत के ऊपर से पड़ोसी वीरेंद्र महिलांगे की छत पर बैठी बिल्ली को देखकर भौंक रहा था। इसी बात पर पड़ोसी वीरेंद्र महिलांगे ने गाली-गलौज करते हुए कहा कि क्या वह अपने कुत्ते को बांधकर नहीं रख सकता। यह विवाद तब और बढ़ गया जब वीरेंद्र महिलांगे छत से घर के बाहर आया और सूर्य प्रकाश व उनकी पत्नी मंजू चेलकर को गाली देने लगा। झगड़े की आवाज सुनकर सूर्य प्रकाश की सास दीपकबाई चेलकर और साला राजकुमार चेलकर मौके पर आए और समझाने का प्रयास करने लगे। इससे वीरेंद्र महिलांगे और उसके परिवार वाले नाराज हो गए। वीरेंद्र महिलांगे की पत्नी ने ईंट फेंककर सूर्य प्रकाश को मारा, जिससे उनके माथे पर चोट लगी और काफी खून बह गया। इसी दौरान वीरेंद्र महिलांगे की मां ने दीपकबाई चेलकर के सिर में उण्डा से मारा, जिससे उनके सिर के दाहिने तरफ चोट लगी और खून निकलने लगा। वहीं, वीरेंद्र महिलांगे ने राजकुमार चेलकर को ईंट से मारा, जिससे उनके सिर में चोट आई और खून बहने लगा। रविशंकर लहरे और आसपास के अन्य लोगों ने इस घटना को देखा और सुना। प्रार्थी की रिपोर्ट पर चकरभाठा पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 296, 115 (2), और 3 (5) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की विवेचना कर रही है और प्रार्थी ने इस मामले में आगे की कार्यवाही की मांग की है।1
- राजस्थान के चूरू से प्रकृति का रौद्र रूप सामने आया है, जहाँ एक भयंकर रेतीले तूफान ने देखते ही देखते दिन को रात में बदल दिया। धूल की एक विशाल दीवार ने पूरे इलाके को अपनी चपेट में ले लिया, जिसके कारण विजिबिलिटी लगभग शून्य हो गई। प्रकृति की इस भयावह ताकत को दर्शाता यह डराने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखकर लोग हैरान हैं।1
- बिल्हा थाना क्षेत्र से एक 17 वर्ष 6 माह की नाबालिग बालिका बिना बताए घर से फरार हो गई है। उसके परिजनों ने बिल्हा थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई है। शुक्रवार रात 10 बजे बिल्हा पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार शाम 17:04 बजे बिल्हा थाना क्षेत्र के एक ग्राम पंचायत में रहने वाली 40 वर्षीय मां ने थाने में आकर रिपोर्ट लिखवाई है। मां के अनुसार, वह बिल्हा क्षेत्र के एक गांव में अपने परिवार के साथ रहती है और सिलाई का काम करती है। उसके तीन बच्चे हैं, जिनमें से बड़ी बेटी शादीशुदा है। 27 मई 2026 की सुबह 07:30 बजे वह बिलासपुर सामान खरीदने गई थी। जब वह दोपहर करीब 01:00 बजे घर वापस लौटी, तो उसके 11 वर्षीय सबसे छोटे बेटे ने बताया कि दीदी सुबह लगभग 09:00 बजे घर से कहीं जाने के लिए निकली थी। बेटे ने जब उससे पूछा कि वह कहां जा रही है, तो उसने कहा कि वह लौटने के बाद बताएगी। रिपोर्ट के अनुसार, लापता लड़की की उम्र 17 साल 6 माह 22 दिन है और उसने कक्षा 10वीं तक पढ़ाई के बाद स्कूल छोड़ दिया था। घर वापस न आने पर परिजनों ने आसपास और रिश्तेदारों में काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। लड़की का हुलिया साँवला रंग, 5 फीट ऊँचाई, गोल चेहरा, काले बाल और सामान्य शारीरिक बनावट बताई गई है। वह काले रंग का पैंट और सफेद रंग की शर्ट पहने हुई थी। मां ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कराने के दिन तक पता न चलने पर वह अपने भाई के साथ थाने में रिपोर्ट करने आई है और कार्यवाही की मांग कर रही है। प्रार्थीया की रिपोर्ट पर बिल्हा पुलिस ने अपराध धारा- 137(2) भान्यासं. के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आगे की विवेचना जारी है।1
- सोशल मीडिया पर एक युवक का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वह अपने पिता को लेकर कह रहा है कि "मेरा बाप सबसे बड़ा ढोंगी है”। इस वीडियो के सामने आने के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर जोरदार बहस छिड़ गई है। कुछ लोग इसे पीढ़ियों का टकराव बता रहे हैं, तो वहीं कई अन्य यूजर्स का कहना है कि पूरी कहानी जानने से पहले किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचना चाहिए। इस वायरल वीडियो के पीछे की असली कहानी जानने की उत्सुकता बढ़ गई है।1
- बिलासपुर में एक बड़ी कार्रवाई की गई है, जिसके तहत 20 आरक्षकों को लाइन अटैच कर दिया गया है। इस महत्वपूर्ण एक्शन के पीछे की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है।1
- दुर्ग के सुशासन तिहार शिविर में 29 मई 2026 को उस समय बवाल मच गया, जब दुर्ग ग्रामीण के विधायक ललित चंद्राकर की मौजूदगी में ही जनपद सीईओ ने एक भाजपा कार्यकर्ता को सरेआम धमका दिया। इस घटना से शिविर में मौजूद भाजपा कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों में भारी नाराजगी फैल गई। पूरा मामला दुर्ग ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में आयोजित इस सुशासन शिविर से जुड़ा है, जहाँ ग्रामीण अपनी शिकायतें लेकर पहुँचे थे। इसी दौरान, एक भाजपा कार्यकर्ता ने जनपद पंचायत के कामकाज और भ्रष्टाचार को लेकर सवाल उठाए। आरोप है कि कार्यकर्ता के सवाल सुनते ही जनपद सीईओ भड़क गए और उन्हें धौंस दिखाते हुए कहा, "तेरे को जो करना है कर लें... देखता हूं तू क्या कर लेगा।" घटना के समय विधायक ललित चंद्राकर भी वहीं खड़े थे। इस पूरी घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। "Bhilai Times" द्वारा जारी किए गए वीडियो में साफ दिख रहा है कि सीईओ कार्यकर्ता को उंगली दिखाकर धमका रहे हैं, जिसके साथ कैप्शन में लिखा है कि "दुर्ग ग्रामीण विधायक ललित खड़े रहें और CEO ने लगा दी BJP कार्यकर्ता की क्लास..." भाजपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि जब विधायक के सामने ही अधिकारियों का यह हाल है, तो आम जनता की शिकायतों पर कौन ध्यान देगा। उनका कहना है कि सुशासन तिहार में शिकायत करने आए लोगों को ही धमकाया जा रहा है। घटना के बाद, भाजपा कार्यकर्ताओं ने जनपद सीईओ के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और माफी माँगने की पुरजोर माँग की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी जनप्रतिनिधि के सामने अधिकारी की ऐसी दबंगई को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। फिलहाल, इस पूरे मामले पर जिला प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।1