***सितंबर से अक्टूबर के महीनों में मानसून के ढलने और मौसम में हल्के बदलाव के कारण होने वाली प्रमुख संभावित बीमारियां व उनके लक्षण **** 1- वायरल फीवर और मौसमी फ्लू — अचानक तेज बुखार, गले में खराश, सिरदर्द, बदन दर्द, थकान, सूखी खांसी और छींकें। | हवा में मौजूद वायरस, कमजोर इम्यूनिटी और बदलता तापमान। | 2–डेंगू (Dengue) — बहुत तेज बुखार, आंखों के पीछे असहनीय दर्द, जोड़ों व मांसपेशियों में खिंचाव, त्वचा पर लाल चकत्ते (रैशेज), जी मिचलाना या उल्टी। एडीज मच्छर (दिन में काटने वाला मच्छर)। 3– चिकनगुनिया (Chikungunya) तेज बुखार के साथ हाथों-पैरों के जोड़ों में गंभीर सूजन और तेज दर्द, जो कई हफ्तों तक बना रह सकता है। | संक्रमित एडीज मच्छर। | 4– मलेरिया (Malaria) तेज कंपकंपी और ठंड लगकर बुखार आना, बुखार उतरने के बाद अत्यधिक पसीना आना, सिरदर्द व कमजोरी। | मादा एनाफिलीज़ मच्छर (अक्सर शाम या रात में)। 5– टाइफाइड और पेट के संक्रमण | लगातार बना रहने वाला बुखार, पेट में दर्द, भूख न लगना, उल्टी या दस्त (डायरिया)दूषित पानी या अस्वच्छ बाहर का खान-पान। | बचाव और सावधानियां — * मच्छरों से सुरक्षा: * घर और आसपास गमलों, कूलरों, पुराने टायरों या छत पर कहीं भी पानी इकट्ठा न होने दें (सप्ताह में एक बार सूखा दिवस मनाएं)। * पूरी आस्तीन के कपड़े पहनें। * दिन और रात में मॉस्किटो रिपेलेंट क्रीम, स्प्रे या मच्छरदानी का प्रयोग करें। * खान-पान और स्वच्छता: * उबला हुआ या अच्छी तरह फिल्टर किया हुआ पानी पिएं। * बाहर के कटे फल, स्ट्रीट फूड और खुले में रखे खाद्य पदार्थों से पूरी तरह परहेज करें। * भोजन ताजा, हल्का और सुपाच्य खाएं (जैसे मूंग दाल की खिचड़ी, दलिया, सूप)। * तापमान बदलाव से बचाव: * पसीने से भीगे होने पर सीधे एसी या बहुत ठंडे कमरे में न जाएं। * फ्रिज का अत्यधिक ठंडा पानी पीने से बचें। प्राथमिक उपचार और देखभाल (Care & Treatment) * पर्याप्त आराम (Rest): शरीर को संक्रमण से लड़ने के लिए ऊर्जा चाहिए, इसलिए कम से कम 7–8 घंटे की नींद और शारीरिक आराम जरूरी है। * हाइड्रेशन (शरीर में पानी की कमी न होने दें): * दिनभर में प्रचुर मात्रा में तरल पदार्थ लें — ओआरएस (ORS), नारियल पानी, नींबू पानी, हल्का सूप और गुनगुना पानी। * बुखार नियंत्रण: * सामान्य वायरल या तेज बुखार में केवल पैरासिटामोल (Paracetamol) का उपयोग चिकित्सक की सुझाई मात्रा में करें। * सावधानी: बिना डॉक्टर की सलाह के कभी भी एस्पिरिन (Aspirin), इबुप्रोफेन (Ibuprofen) या अन्य पेनकिलर न लें, क्योंकि यदि बुखार डेंगू का हो तो इनसे प्लेटलेट्स कम होने और ब्लीडिंग का खतरा बढ़ जाता है। * एंटीबायोटिक से बचें: वायरल फीवर पर एंटीबायोटिक्स असर नहीं करती हैं। बिना जांच और डॉक्टर के पर्चे के कोई भी एंटीबायोटिक न शुरू करें। डॉक्टर से तुरंत कब संपर्क करें (खतरे के संकेत) यदि बुखार 3 दिन से अधिक बना रहे, या निम्नलिखित में से कोई भी लक्षण दिखे, तो बिना देरी किए अस्पताल या डॉक्टर से संपर्क करें: * लगातार उल्टियां होना या पेट में तेज दर्द। * मसूड़ों या नाक से खून आना, अथवा मल का रंग काला होना। * अत्यधिक सुस्ती, चक्कर आना या सांस लेने में तकलीफ। * शरीर पर लाल चकत्ते दिखना या प्लेटलेट्स काउंट तेजी से गिरना। नोट: -किसी भी दवा या उपचार को शुरू करने से पहले संबंधित चिकित्सक से परामर्श अवश्य लें और आवश्यकता पड़ने पर सीबीसी (CBC), डेंगू -एन.एस1/एंटीबॉडी या विडाल टेस्ट कराएं। वरिष्ठ सर्जन डॉ.के.पी. गुप्ता अर्नव सर्जिकेयर हॉस्पिटल घण्टाघर शाहजहाँपुर उ प्र !
***सितंबर से अक्टूबर के महीनों में मानसून के ढलने और मौसम में हल्के बदलाव के कारण होने वाली प्रमुख संभावित बीमारियां व उनके लक्षण **** 1- वायरल फीवर और मौसमी फ्लू — अचानक तेज बुखार, गले में खराश, सिरदर्द, बदन दर्द, थकान, सूखी खांसी और छींकें। | हवा में मौजूद वायरस, कमजोर इम्यूनिटी और बदलता तापमान। | 2–डेंगू (Dengue) — बहुत तेज बुखार, आंखों के पीछे असहनीय दर्द, जोड़ों व मांसपेशियों में खिंचाव, त्वचा पर लाल चकत्ते (रैशेज), जी मिचलाना या उल्टी। एडीज मच्छर (दिन में काटने वाला मच्छर)। 3– चिकनगुनिया (Chikungunya) तेज बुखार के साथ हाथों-पैरों के जोड़ों में गंभीर सूजन और तेज दर्द, जो कई हफ्तों तक बना रह सकता है। | संक्रमित एडीज मच्छर। | 4– मलेरिया (Malaria) तेज कंपकंपी और ठंड लगकर बुखार आना, बुखार उतरने के बाद अत्यधिक पसीना आना, सिरदर्द व कमजोरी। | मादा एनाफिलीज़ मच्छर (अक्सर शाम या रात में)। 5– टाइफाइड और पेट के संक्रमण | लगातार बना रहने वाला बुखार, पेट में दर्द, भूख न लगना, उल्टी या दस्त (डायरिया)दूषित पानी या अस्वच्छ बाहर का खान-पान। | बचाव और सावधानियां — * मच्छरों से सुरक्षा: * घर और आसपास गमलों, कूलरों, पुराने टायरों या छत पर कहीं भी पानी इकट्ठा न होने दें (सप्ताह में एक बार सूखा दिवस मनाएं)। * पूरी आस्तीन के कपड़े पहनें। * दिन और रात में मॉस्किटो रिपेलेंट क्रीम, स्प्रे या मच्छरदानी का प्रयोग करें। * खान-पान और स्वच्छता: * उबला हुआ या अच्छी तरह फिल्टर किया हुआ पानी पिएं। * बाहर के कटे फल, स्ट्रीट फूड और खुले में रखे खाद्य पदार्थों से पूरी तरह परहेज करें। * भोजन ताजा, हल्का और सुपाच्य खाएं (जैसे मूंग दाल की खिचड़ी, दलिया, सूप)। * तापमान बदलाव से बचाव: * पसीने से भीगे होने पर सीधे एसी या बहुत ठंडे कमरे में न जाएं। * फ्रिज का अत्यधिक ठंडा पानी पीने से बचें। प्राथमिक उपचार और देखभाल (Care & Treatment) * पर्याप्त आराम (Rest): शरीर को संक्रमण से लड़ने के लिए ऊर्जा चाहिए, इसलिए कम से कम 7–8 घंटे की नींद और शारीरिक आराम जरूरी है। * हाइड्रेशन (शरीर में पानी की कमी न होने दें): * दिनभर में प्रचुर मात्रा में तरल पदार्थ लें — ओआरएस (ORS), नारियल पानी, नींबू पानी, हल्का सूप और गुनगुना पानी। * बुखार नियंत्रण: * सामान्य वायरल या तेज बुखार में केवल पैरासिटामोल (Paracetamol) का उपयोग चिकित्सक की सुझाई मात्रा में करें। * सावधानी: बिना डॉक्टर की सलाह के कभी भी एस्पिरिन (Aspirin), इबुप्रोफेन (Ibuprofen) या अन्य पेनकिलर न लें, क्योंकि यदि बुखार डेंगू का हो तो इनसे प्लेटलेट्स कम होने और ब्लीडिंग का खतरा बढ़ जाता है। * एंटीबायोटिक से बचें: वायरल फीवर पर एंटीबायोटिक्स असर नहीं करती हैं। बिना जांच और डॉक्टर के पर्चे के कोई भी एंटीबायोटिक न शुरू करें। डॉक्टर से तुरंत कब संपर्क करें (खतरे के संकेत) यदि बुखार 3 दिन से अधिक बना रहे, या निम्नलिखित में से कोई भी लक्षण दिखे, तो बिना देरी किए अस्पताल या डॉक्टर से संपर्क करें: * लगातार उल्टियां होना या पेट में तेज दर्द। * मसूड़ों या नाक से खून आना, अथवा मल का रंग काला होना। * अत्यधिक सुस्ती, चक्कर आना या सांस लेने में तकलीफ। * शरीर पर लाल चकत्ते दिखना या प्लेटलेट्स काउंट तेजी से गिरना। नोट: -किसी भी दवा या उपचार को शुरू करने से पहले संबंधित चिकित्सक से परामर्श अवश्य लें और आवश्यकता पड़ने पर सीबीसी (CBC), डेंगू -एन.एस1/एंटीबॉडी या विडाल टेस्ट कराएं। वरिष्ठ सर्जन डॉ.के.पी. गुप्ता अर्नव सर्जिकेयर हॉस्पिटल घण्टाघर शाहजहाँपुर उ प्र !
- *उप जिलाधिकारी सदर की अभद्रता के विरोध में तहसील सदर में अधिवक्ताओं का जोरदार धरना-प्रदर्शन, पुलिस बल बुलाने से बढ़ा आक्रोश* शाहजहांपुर: तहसील सदर परिसर में उप जिलाधिकारी (SDM) सदर द्वारा अधिवक्ताओं के साथ कथित रूप से किए गए अभद्र व्यवहार को लेकर वकीलों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित अधिवक्ताओं ने उप जिलाधिकारी सदर की कार्यशैली के खिलाफ तहसील परिसर में अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया है। अधिवक्ताओं का आरोप है कि उप जिलाधिकारी ने संवाद करने के बजाय भारी पुलिस बल बुलवाकर अधिवक्ताओं को मानसिक रूप से आहत करने और डराने का प्रयास किया, जिससे स्थिति और अधिक तनावपूर्ण हो गई। धरने पर बैठे अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि विवाद केवल अभद्रता तक सीमित नहीं है, बल्कि तहसील की चरमरा चुकी प्रशासनिक व्यवस्था भी इसका बड़ा कारण है। अधिवक्ताओं के अनुसार, जब से नए तहसीलदार और नायब तहसीलदार आए हैं, तब से वादकारियों और अधिवक्ताओं की समस्याओं का कोई निस्तारण नहीं हो पा रहा है। राजस्व मामलों में लेखपालों द्वारा समय पर आख्या/रिपोर्ट न लगाना तथा अहलमद/आरआर (RR) द्वारा पत्रावलियों को समयबद्ध तरीके से पूर्ण न करना आम बात हो चुकी है, जिससे दूर-दराज से आने वाले वादकारियों को चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। इस धरना-प्रदर्शन का नेतृत्व वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने किया। मौके पर वरिष्ठता रज्जन बाबू मिश्रा, गोपाल मिश्रा, बी.पी. सिंह, घनश्याम मिश्र, संजीव मिश्रा, रविंद्र मिश्रा, महेंद्र बाजपेई, विपुल कुमार बाजपेई, महेंद्र श्रीवास्तव तथा राजेश सक्सेना , आदर्श कुमार सक्सेना ,समेत भारी संख्या में अन्य अधिवक्ता उपस्थित रहे। अधिवक्ताओं ने एकजुट होकर चेतावनी दी है कि जब तक उप जिलाधिकारी सदर अपने व्यवहार के लिए खेद प्रकट नहीं करते और तहसील में व्याप्त भ्रष्टाचार व लापरवाही पर अंकुश नहीं लगाते, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।1
- आप देख रहे हैं शहीदों की नगरी शाहजहांपुर से आशीष अवस्थी तेज इंडिया न्यूज़ चैनल के सुपरफास्ट कवरेज1
- aankhon ko swasth rakhne ke liye gharelu upay video ko like karo share karo follow karo YouTube channel subscribe karo1
- शाहजहांपुर अपडेट... विशेष प्रदर्शन हनुमान अंश बाबा नीम करौली जी महाराज की दिव्य लीला पार्टी आधारित फ़िल्म बड़े पर्दे पर निशुल्क दिखाई जाएगी ! दिनांक : 08 सितम्बर 2026 समय : 07:00 बजे शाम दिन : मंगलवार स्थान : काशीराम कालोनी ब्लॉक नंबर . 28 के बाहर सड़क पर बरेली मोड़, शाहजहाँपुर उ प्र ! आयोजक : अतुल मौर्यवंशी अक्की सोशल सोशल एक्टिविस्ट शाहजहाँपुर उ प्र ! सम्पर्क सूत्र : 09450995171 आप सभी सादर आमंत्रित है ! 👇🏻1
- jila Shahjahanpur imam Dham mandir bahut badh Hai vahan per sab logon se bhai gujarish hai sab log savdhan rahen Pani badhane ki abhi ummid lag rahi hai to pahle Se savdhan Ho jaen vasim Khan Shahjahanpur1
- जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह हनुमत धाम पर जलस्तर बढ़ने, किया निरीक्षण1
- अहमदपुर नवाजपुर टिकल के कई घरों में भरा पानी, लोग परेशान, बारिश के दौरान सोना पड़ रहा भूखे पेट लॉग इन मकान की कच्ची छते ढह रह रही है1
- Post by MAHARAJ SINGH1