मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कड़ेल के ग्रामीणों से हुए रूबरू समस्याओं के लिए जानकारी सुबह की सैर के साथ मुख्यमंत्री ने अजमेर के कड़ेल में ग्रामीणों से किया आत्मीय संवाद -गांव की गलियों में पहुंच कर ग्रामीणों से लिया विकास और योजनाओं का फीडबैक -ग्रामीणों की मांग पर मुख्यमंत्री ने हाथों-हाथ दी सौगात -प्राथमिक स्वास्थय केंद्र, कड़ेल सामुदायिक स्वास्थय केंद्र में होगा क्रमोन्नत -बुजुर्गों से लिया आशीर्वाद, किसान-महिलाओं-युवाओं से किया संवाद -अधिकारियों को लंबित राजस्व प्रकरणों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के दिए निर्देश जयपुर/अजमेर , 11 मई। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अजमेर जिले के कड़ेल गांव में सोमवार सुबह की सैर के साथ एक बार फिर आमजन के बीच पहुंचकर जन संवाद और जनविश्वास का प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत किया। रविवार रात को ग्राम चौपाल में ग्रामीणों से संवाद के बाद मुख्यमंत्री सुबह गांव की गलियों में पैदल भ्रमण करते नजर आए। ग्रामीण जब अपने घरों से बाहर निकले तो उन्होंने मुख्यमंत्री को सहज और सरल भाव से गांव के बीच उपस्थित पाया। मुख्यमंत्री ने गांव की गलियों में भ्रमण करते हुए बुजुर्गों से आशीर्वाद लिया तथा महिलाओं, किसानों, पशुपालकों, युवाओं, फल एवं सब्जी विक्रेताओं और सफाईकर्मियों से बातचीत की। उन्होंने ग्रामीणों से राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन का फीडबैक लिया और आमजन की समस्याओं को गंभीरता से सुना। मुख्यमंत्री को अपने बीच सहज रूप में पाकर ग्रामीणों में विशेष उत्साह दिखाई दिया। मुख्यमंत्री ने बच्चों को दुलारते हुए उनकी पढ़ाई-लिखाई की जानकारी ली साथ ही, उन्हें चॉकलेट वितरित की। भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री ने गांव के प्राचीन शेषनाग भगवान मंदिर में दर्शन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, खुशहाली एवं उत्तम स्वास्थय की कामना की। मंदिर परिसर में भी उन्होंने श्रद्धालुओं से भी संवाद किया। मुख्यमंत्री ने किसानों से गुलाब, आंवला, लेसवा, जामुन और प्याज सहित स्थानीय कृषि उत्पादों एवं पारंपरिक खेती की पद्धतियों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने किसानों को आधुनिक, वैज्ञानिक एवं नवाचार आधारित कृषि तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि उन्नत कृषि पद्धतियों और जल संरक्षण आधारित प्रयासों से उत्पादन और आय में उल्लेखनीय वृद्धि संभव है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए संवेदनशीलता, प्रतिबद्धता और जवाबदेही के साथ कार्य कर रही है। ग्रामीणों की मांग पर मौके पर ही संवेदनशील निर्णय- ग्रामीणों द्वारा प्रस्तुत समस्याओं और मांगों को गंभीरता से सुनते हुए मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को त्वरित एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। ग्रामीणों की मांग पर मुख्यमंत्री ने गांव के प्राथमिक स्वास्थय केंद्र को सामुदायिक स्वास्थय केंद्र में क्रमोन्नत करने की घोषणा की। साथ ही, परिवहन सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए अतिरिक्त बस संचालन सुनिश्चित करने तथा बालिका विद्यालय की चारदीवारी निर्माण के लिए भी अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने गांव में लंबित राजस्व प्रकरणों की जानकारी लेते हुए अधिकारियों को विशेष शिविर आयोजित कर राजस्व वादों का समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आमजन को त्वरित राहत पहुंचाना राज्य सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ पी चाय, सुने अभाव अभियोग- ग्राम भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ बैठकर चाय पी तथा गांव के विकास, खेती-किसानी, शिक्षा और दैनिक जीवन से जुड़े विभिन्न विषयों पर आत्मीय चर्चा की। इस दौरान मुख्यमंत्री की सहजता ने ग्रामीणों को विशेष रूप से प्रभावित किया। इस अवसर पर जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत सहित अन्य जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कड़ेल के ग्रामीणों से हुए रूबरू समस्याओं के लिए जानकारी सुबह की सैर के साथ मुख्यमंत्री ने अजमेर के कड़ेल में ग्रामीणों से किया आत्मीय संवाद -गांव की गलियों में पहुंच कर ग्रामीणों से लिया विकास और योजनाओं का फीडबैक -ग्रामीणों की मांग पर मुख्यमंत्री ने हाथों-हाथ दी सौगात -प्राथमिक स्वास्थय केंद्र, कड़ेल सामुदायिक स्वास्थय केंद्र में होगा क्रमोन्नत -बुजुर्गों से लिया आशीर्वाद, किसान-महिलाओं-युवाओं से किया संवाद -अधिकारियों को लंबित राजस्व प्रकरणों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के दिए निर्देश जयपुर/अजमेर , 11 मई। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अजमेर जिले के कड़ेल गांव में सोमवार सुबह की सैर के साथ एक बार फिर आमजन के बीच पहुंचकर जन संवाद और जनविश्वास का प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत किया। रविवार रात को ग्राम चौपाल में ग्रामीणों से संवाद के बाद मुख्यमंत्री सुबह गांव की गलियों में पैदल भ्रमण करते नजर आए। ग्रामीण जब अपने घरों से बाहर निकले तो उन्होंने मुख्यमंत्री को सहज और सरल भाव से गांव के बीच उपस्थित पाया। मुख्यमंत्री ने गांव की गलियों में भ्रमण करते हुए बुजुर्गों से आशीर्वाद लिया तथा महिलाओं, किसानों, पशुपालकों, युवाओं, फल एवं सब्जी विक्रेताओं और सफाईकर्मियों से बातचीत की। उन्होंने ग्रामीणों से राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन का फीडबैक लिया और आमजन की समस्याओं को गंभीरता से सुना। मुख्यमंत्री को अपने बीच सहज रूप में पाकर ग्रामीणों में विशेष उत्साह दिखाई दिया। मुख्यमंत्री ने बच्चों को दुलारते हुए उनकी पढ़ाई-लिखाई की जानकारी ली साथ ही, उन्हें चॉकलेट वितरित की। भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री ने गांव के प्राचीन शेषनाग भगवान मंदिर में दर्शन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, खुशहाली एवं उत्तम स्वास्थय की कामना की। मंदिर परिसर में भी उन्होंने श्रद्धालुओं से भी संवाद किया। मुख्यमंत्री ने किसानों से गुलाब, आंवला, लेसवा, जामुन और प्याज सहित स्थानीय कृषि उत्पादों एवं पारंपरिक खेती की पद्धतियों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने किसानों को आधुनिक, वैज्ञानिक एवं नवाचार आधारित कृषि तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि उन्नत कृषि पद्धतियों और जल संरक्षण आधारित प्रयासों से उत्पादन और आय में उल्लेखनीय वृद्धि संभव है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए संवेदनशीलता, प्रतिबद्धता और जवाबदेही के साथ कार्य कर रही है। ग्रामीणों की मांग पर मौके पर ही संवेदनशील निर्णय- ग्रामीणों द्वारा प्रस्तुत समस्याओं और मांगों को गंभीरता से सुनते हुए मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को त्वरित एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। ग्रामीणों की मांग पर मुख्यमंत्री ने गांव के प्राथमिक स्वास्थय केंद्र को सामुदायिक स्वास्थय केंद्र में क्रमोन्नत करने की घोषणा की। साथ ही, परिवहन सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए अतिरिक्त बस संचालन सुनिश्चित करने तथा बालिका विद्यालय की चारदीवारी निर्माण के लिए भी अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने गांव में लंबित राजस्व प्रकरणों की जानकारी लेते हुए अधिकारियों को विशेष शिविर आयोजित कर राजस्व वादों का समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आमजन को त्वरित राहत पहुंचाना राज्य सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ पी चाय, सुने अभाव अभियोग- ग्राम भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ बैठकर चाय पी तथा गांव के विकास, खेती-किसानी, शिक्षा और दैनिक जीवन से जुड़े विभिन्न विषयों पर आत्मीय चर्चा की। इस दौरान मुख्यमंत्री की सहजता ने ग्रामीणों को विशेष रूप से प्रभावित किया। इस अवसर पर जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत सहित अन्य जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
- सोमवार की शुभकामनाएं आज सोमवार को शिव भक्तों को अपना आराध्य देव की पूजा अर्चना करनी चाहिए1
- नीलकंठ महादेव मंदिर में जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन का हुआ लाइव प्रसारण सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के तहत ब्यावर जिले में विविध आयोजन संपन्न रायपुर (ब्यावर) ब्यावर, में कला, साहित्य, संस्कृति एवं पुरातत्व विभाग राजस्थान के निर्देशानुसार “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व” के अंतर्गत ब्यावर जिले में विभिन्न धार्मिक, सांस्कृतिक एवं जन-जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। यह आयोजन सोमनाथ मंदिर पर प्रथम आक्रमण के 1000 वर्ष एवं मंदिर पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में राष्ट्रव्यापी स्तर पर आयोजित किए जा रहे हैं। जिला स्तरीय मुख्य कार्यक्रम नीलकंठ महादेव मंदिर, ब्यावर में आयोजित हुआ। इस दौरान प्रधानमंत्री Narendra Modi के सोमनाथ से संबोधन एवं मुख्य कार्यक्रम का लाइव प्रसारण किया गया, जिसे बड़ी संख्या में उपस्थित श्रद्धालुओं एवं आमजन ने देखा। कार्यक्रम में ब्यावर विधायक Shankar Singh Rawat ने सपत्नी भगवान शिव की पूजा-अर्चना एवं जलाभिषेक किया। उन्होंने कहा कि सोमनाथ मंदिर भारत की सनातन संस्कृति, आस्था और आत्मगौरव का प्रतीक है। अनेक आक्रमणों के बावजूद मंदिर का पुनर्निर्माण हमारी आध्यात्मिक शक्ति और सांस्कृतिक विरासत की अमर पहचान को दर्शाता है। जिला शिक्षा अधिकारी अनिल कुमार शर्मा ने बताया कि जिले के विद्यालयों एवं शिक्षण संस्थानों में सोमनाथ मंदिर के इतिहास एवं गौरव पर आधारित ऐनिमेटेड फिल्म का प्रदर्शन किया गया। साथ ही विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के लिए व्याख्यान एवं जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। कार्यक्रम में अतिरिक्त जिला कलेक्टर ब्रह्मलाल जाट, विकास अधिकारी बलराम मीणा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।1
- बलरामपुर खंडवा चित्तौड़ भीलवाड़ा इंदौर देवास होते हुए नागपुर फोरलेन का रोड का नजारा है कोई भी भाई गाड़ी लेकर फोर व्हीलर अपना हैदराबाद का रास्ता1
- राजस्थान के पाली जिले में गैस रिसाव से लगी भीषण आग में एक मां और उसकी दो मासूम बेटियों की दर्दनाक मौत हो गई। यह हृदय विदारक हादसा रायपुर मारवाड़ के कानाचा उड़ावता गांव में हुआ, जिससे पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है।1
- पाली के रायपुर उपखंड के कानचा उड़ावता गाँव में गैस लीकेज से हुए हादसे में एक महिला और उसकी दो मासूम बेटियों की दुखद मृत्यु हो गई। चाय बनाते समय हुए इस भयावह अग्निकांड से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मामले की जांच में जुटे हैं।1
- बस किराया में ₹1 कम होने पर छात्र के साथ मारपीट के मामले में आरोपी को को गिरफ्तार भादरा में एक बस कनेक्टर में ₹1 किराया कम होने पर 16 वर्ष से छात्र रजत शर्मा के साथ मारपीट के मामले में, पुलिस ने बस परिचालक को किया गिरफ्तार मारपीट करने वाले छात्र का चल रहा है निजी अस्पताल में इलाज।1
- रियां बड़ी शहर में पुरुषोत्तम मास के अवसर पर आयोजित होने वाली पारंपरिक ग्यारह कोसी नगर परिक्रमा की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस संबंध में रविवार शाम सकल हिंदू समाज की एक महत्वपूर्ण बैठक चारभुजा मंदिर परिसर में आयोजित की गई। यह परिक्रमा 31 मई से शुरू होगी। रियां बड़ी शहर में पुरुषोत्तम मास के अवसर पर आयोजित होने वाली पारंपरिक ग्यारह कोसी नगर परिक्रमा की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस संबंध में रविवार शाम सकल हिंदू समाज की एक महत्वपूर्ण बैठक चारभुजा मंदिर परिसर में आयोजित की गई। यह परिक्रमा 31 मई से शुरू होगी। बैठक में आगामी नगर परिक्रमा की विस्तृत रूपरेखा तैयार की गई। विभिन्न व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के लिए कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां भी सौंपी गईं। आयोजकों का उद्देश्य परिक्रमा को भव्य, सुव्यवस्थित और श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक बनाना है। आयोजकों ने बताया कि पुरुषोत्तम मास में निकलने वाली यह परिक्रमा क्षेत्र की धार्मिक आस्था और परंपरा का एक प्रमुख आयोजन है। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाग लेते हैं। इस वर्ष व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। बैठक के दौरान परिक्रमा मार्ग में पड़ने वाले विभिन्न पड़ावों पर श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक सुविधाओं जैसे छाया, शुद्ध पेयजल, भोजन, चिकित्सा सहायता और रात्रि विश्राम के पुख्ता इंतजाम करने का निर्णय लिया गया। इसके अतिरिक्त, मार्ग की साफ-सफाई, रोशनी और सुरक्षा व्यवस्था पर भी चर्चा की गई। आयोजन समिति ने श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न होने देने का आश्वासन दिया। सकल हिंदू समाज के सदस्यों ने परिक्रमा को धार्मिक उल्लास और भक्तिमय वातावरण के साथ संपन्न कराने का संकल्प लिया। बैठक में बजरंगगढ़ सेवा समिति के अध्यक्ष जगदीश प्रसाद राठी, श्याम सुंदर रुणवाल, एडवोकेट रामकिशोर तिवाड़ी, विनोद कुमार गौड़, जुगल किशोर मणिहार, देवी सिंह बडगूजर, राजेश पाराशर, मिठ्ठू लाल सोनी, कैलाश नागर और बबलू पाराशर सहित कई धर्मप्रेमी उपस्थित रहे। बैठक के अंत में सभी सदस्यों ने समाज के लोगों से अधिक से अधिक संख्या में जुड़कर इस नगर परिक्रमा को सफल बनाने की अपील की। आयोजन को लेकर शहर में धार्मिक उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।1
- जयपुर में परशुराम सेना की बैठक में SC/ST एक्ट और आरक्षण कानूनों पर गंभीर चर्चा हुई। संगठन ने ब्राह्मण समाज के बच्चों को नुकसान पहुंचाने वाले इन कानूनों को खत्म करने के लिए सरकार को चेतावनी देने का फैसला किया। इसके साथ ही, हर ब्राह्मण घर से एक 'परशुराम सैनिक' तैयार करने का भी संकल्प लिया गया।1