जनपद आजमगढ़ में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस से जुड़ा एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। सोशल मीडिया पर किए जा रहे दावों के अनुसार, यह वीडियो सदर तहसील का बताया जा रहा है, जिसमें एक पुलिस उपनिरीक्षक (दारोगा) अपनी पुलिस की टोपी की आड़ में मोबाइल फोन देखते हुए नजर आ रहे हैं। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने दावा किया है कि वह मनोरंजन संबंधी सामग्री देख रहे थे, जिससे यह वीडियो लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है, क्योंकि आम जनता अपनी शिकायतों के समाधान की उम्मीद लेकर सम्पूर्ण समाधान दिवस में पहुंचती है। हालांकि, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि वीडियो कब का है और मोबाइल पर वास्तव में क्या देखा जा रहा था। यदि यह वीडियो वास्तव में सदर तहसील का है, तो इसकी वास्तविक स्थिति संबंधित अधिकारियों द्वारा जांच कराए जाने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
जनपद आजमगढ़ में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस से जुड़ा एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। सोशल मीडिया पर किए जा रहे दावों के अनुसार, यह वीडियो सदर तहसील का बताया जा रहा है, जिसमें एक पुलिस उपनिरीक्षक (दारोगा) अपनी पुलिस की टोपी की आड़ में मोबाइल फोन देखते हुए नजर आ रहे हैं। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने दावा किया है कि वह मनोरंजन संबंधी सामग्री देख रहे थे, जिससे यह वीडियो लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है, क्योंकि आम जनता अपनी शिकायतों के समाधान की उम्मीद लेकर सम्पूर्ण समाधान दिवस में पहुंचती है। हालांकि, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि वीडियो कब का है और मोबाइल पर वास्तव में क्या देखा जा रहा था। यदि यह वीडियो वास्तव में सदर तहसील का है, तो इसकी वास्तविक स्थिति संबंधित अधिकारियों द्वारा जांच कराए जाने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
- आजमगढ़ में कोतवाली पुलिस ने 'ऑपरेशन सड़क पर सूरूर' नामक अभियान के तहत सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने के आरोप में मंगलवार को 25 लोगों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। यह अभियान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य सार्वजनिक स्थानों पर शराब के सेवन को रोकना है। कोतवाली पुलिस ने सड़क और सड़क किनारे सार्वजनिक स्थानों पर शराब का सेवन कर रहे इन सभी 25 व्यक्तियों को हिरासत में लिया। उनके विरुद्ध पुलिस एक्ट की धारा 34 के तहत चालान किया गया और उन्हें भविष्य में ऐसी हरकत न करने की कड़ी चेतावनी भी दी गई है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि वे सड़क अथवा किसी भी सार्वजनिक स्थान पर शराब का सेवन या धूम्रपान न करें। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ पुलिस एक्ट के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के अनुसार, जनपद में सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने और यातायात सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।3
- जनपद आजमगढ़ में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस से जुड़ा एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। सोशल मीडिया पर किए जा रहे दावों के अनुसार, यह वीडियो सदर तहसील का बताया जा रहा है, जिसमें एक पुलिस उपनिरीक्षक (दारोगा) अपनी पुलिस की टोपी की आड़ में मोबाइल फोन देखते हुए नजर आ रहे हैं। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने दावा किया है कि वह मनोरंजन संबंधी सामग्री देख रहे थे, जिससे यह वीडियो लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है, क्योंकि आम जनता अपनी शिकायतों के समाधान की उम्मीद लेकर सम्पूर्ण समाधान दिवस में पहुंचती है। हालांकि, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि वीडियो कब का है और मोबाइल पर वास्तव में क्या देखा जा रहा था। यदि यह वीडियो वास्तव में सदर तहसील का है, तो इसकी वास्तविक स्थिति संबंधित अधिकारियों द्वारा जांच कराए जाने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।1
- अतरौलिया के गोविंदपुर से एक पीड़ित ने 'न्याय चाहिए' की पुकार लगाते हुए मुख्यमंत्री से सीधी गुहार लगाई है। पीड़ित का आरोप है कि एक बुलडोजर कार्रवाई के दौरान लेखपाल की भूमिका पर गंभीर सवाल उठे हैं और उन पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। अपनी इस पीड़ा को लेकर पीड़ित ने मुख्यमंत्री से उचित हस्तक्षेप और न्याय सुनिश्चित करने की माँग की है।1
- आजमगढ़ के दीदारगंज थाना क्षेत्र में एक महिला की मृत्यु से जुड़े मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो वांछित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, यह घटना कथित चिकित्सकीय उपचार के दौरान हुई थी। इस मामले में पुलिस ने एक डॉक्टर और एक कम्पाउंडर को हिरासत में लिया है, जिनकी गिरफ्तारी परिजनों द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज होने के बाद हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग का कहना है कि मामले की विवेचना अभी जारी है और जांच के निष्कर्षों के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस प्रकरण में न्यायिक प्रक्रिया चल रही है, इसलिए सभी तथ्यों का अंतिम निर्धारण न्यायालय के निर्णय के अधीन होगा।1
- आजमगढ़ पुलिस को ई-रिक्शा चोरी के मामले में एक बड़ी सफलता मिली है। थाना कोतवाली पुलिस, विशेष अपराध नियंत्रण टीम, चोरी अनावरण टीम और सर्विलांस सेल की संयुक्त कार्रवाई में ई-रिक्शा चोरी से जुड़े एक संगठित गिरोह का खुलासा किया गया है। पुलिस ने इस कार्रवाई में 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से 8 चोरी के ई-रिक्शा, 36 बैटरियां और एक मास्टर-की बरामद की गई है। बरामद सामान की अनुमानित कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने कई चोरी की घटनाओं से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की है। इस मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है और जांच के आधार पर अन्य तथ्यों की भी पड़ताल की जा रही है। इस उत्कृष्ट कार्य के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने संयुक्त पुलिस टीम की सराहना करते हुए ₹25,000 के नगद पुरस्कार और क्षेत्राधिकारी नगर को प्रशस्ति-पत्र देने की घोषणा की है।1
- अतरौलिया में यूपीएससी परीक्षा में 457वीं रैंक हासिल कर आईपीएस अधिकारी बनीं रोली मद्धेशिया का भव्य स्वागत किया गया।1
- यह संदेश परमानंद जी महाराज के प्रति गहरी भक्ति को दर्शाता है, जिसमें 'श्री राधे राधे जय श्री कृष्णा राधे राधे' का बार-बार जाप किया गया है।4
- आजमगढ़ जनपद में ई-रिक्शा और बैटरी चोरी की लगातार हो रही घटनाओं का खुलासा करते हुए पुलिस ने एक अंतरजनपदीय संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है। थाना कोतवाली पुलिस, विशेष अपराध नियंत्रण टीम, चोरी अनावरण टीम और सर्विलांस सेल की संयुक्त कार्रवाई में छह आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इनके कब्जे से लगभग 20 लाख रुपये मूल्य की आठ चोरी की ई-रिक्शा, 36 बैटरियां और एक मास्टर-की बरामद की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में गठित इस संयुक्त टीम ने मंगलवार तड़के करीब एक बजे मोहटी घाट क्षेत्र से मो. मिजान, अखिलेश यादव उर्फ समीर यादव, विनोद जायसवाल, योगेश्वर जायसवाल, बृजेश कुमार गुप्ता और तबस्सुम को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, गिरोह की महिला सदस्य तबस्सुम शहर के विभिन्न इलाकों में बिना निगरानी खड़ी ई-रिक्शाओं की रेकी करती थी, जिसके बाद गिरोह के अन्य सदस्य मौका पाकर ई-रिक्शा चोरी कर लेते थे। चोरी के बाद वाहनों को सुनसान स्थान पर ले जाकर उनकी बैटरियां और अन्य कीमती सामान निकाल लिया जाता था, तथा बाद में ई-रिक्शा को कबाड़ या अन्य माध्यमों से बेच दिया जाता था। बिक्री से मिली रकम को सभी सदस्य आपस में बांट लेते थे। पूछताछ में आरोपितों ने थाना कोतवाली और सिधारी क्षेत्र में हुई कई ई-रिक्शा चोरी की घटनाओं में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। पुलिस ने यह भी बताया कि गिरफ्तार आरोपी अखिलेश यादव उर्फ समीर यादव के खिलाफ पहले से चोरी, शस्त्र अधिनियम और पॉक्सो समेत कई गंभीर मामलों में मुकदमे दर्ज हैं। इस उल्लेखनीय सफलता पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने क्षेत्राधिकारी नगर शुभम तोदी को प्रशस्ति-पत्र देने की घोषणा की है। साथ ही, थाना कोतवाली पुलिस, विशेष अपराध नियंत्रण टीम, चोरी अनावरण टीम और सर्विलांस सेल की संयुक्त टीम को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए 25 हजार रुपये का नगद पुरस्कार भी देने का ऐलान किया गया है।4