उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में वर्ष 1985 में जन्मीं अनामिका ने रुड़की की मदरहुड यूनिवर्सिटी से वनस्पति विज्ञान (Botany) में पी.एच.डी. की उपाधि हासिल की है। साहित्य की दुनिया में कदम रखने से पहले उन्हें तीन बार सरकारी नौकरी के अवसर प्राप्त हुए थे, लेकिन कविता के प्रति अपने अटूट समर्पण के कारण उन्होंने उन सभी अवसरों को छोड़ दिया। साहित्यिक संदर्भों में 'अनामिका' नाम से सूर्यकांत त्रिपाठी 'निराला' और एक समकालीन कवयित्री दोनों के कविता संग्रह मौजूद हैं। कवि 'निराला' के 'अनामिका' संग्रह में 9 कविताएँ संकलित थीं, जिनमें 'जुही की कली' सबसे प्रमुख है। वहीं, समकालीन कवयित्री अनामिका के संकलन 'अनामिका: 75 कविताएँ' (संपादक - रेखा सेठी) में कुल 75 कविताएँ शामिल हैं। इसके अलावा, उनके चर्चित साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता संग्रह 'टोकरी में दिगंत' में लंबी कविताएँ और कई छोटे प्रसंग शामिल हैं। इसी बीच, अनामिका जैन अंबर भगवान श्री राम जी का गुणगान करने के कारण खूब सुर्खियों में बनी हुई हैं।
उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में वर्ष 1985 में जन्मीं अनामिका ने रुड़की की मदरहुड यूनिवर्सिटी से वनस्पति विज्ञान (Botany) में पी.एच.डी. की उपाधि हासिल की है। साहित्य की दुनिया में कदम रखने से पहले उन्हें तीन बार सरकारी नौकरी के अवसर प्राप्त हुए थे, लेकिन कविता के प्रति अपने अटूट समर्पण के कारण उन्होंने उन सभी अवसरों को छोड़ दिया। साहित्यिक संदर्भों में 'अनामिका' नाम से सूर्यकांत त्रिपाठी 'निराला' और एक समकालीन कवयित्री दोनों के कविता संग्रह मौजूद हैं। कवि 'निराला' के 'अनामिका' संग्रह में 9 कविताएँ संकलित थीं, जिनमें 'जुही की कली' सबसे प्रमुख है। वहीं, समकालीन कवयित्री अनामिका के संकलन 'अनामिका: 75 कविताएँ' (संपादक - रेखा सेठी) में कुल 75 कविताएँ शामिल हैं। इसके अलावा, उनके चर्चित साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता संग्रह 'टोकरी में दिगंत' में लंबी कविताएँ और कई छोटे प्रसंग शामिल हैं। इसी बीच, अनामिका जैन अंबर भगवान श्री राम जी का गुणगान करने के कारण खूब सुर्खियों में बनी हुई हैं।
- उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में वर्ष 1985 में जन्मीं अनामिका ने रुड़की की मदरहुड यूनिवर्सिटी से वनस्पति विज्ञान (Botany) में पी.एच.डी. की उपाधि हासिल की है। साहित्य की दुनिया में कदम रखने से पहले उन्हें तीन बार सरकारी नौकरी के अवसर प्राप्त हुए थे, लेकिन कविता के प्रति अपने अटूट समर्पण के कारण उन्होंने उन सभी अवसरों को छोड़ दिया। साहित्यिक संदर्भों में 'अनामिका' नाम से सूर्यकांत त्रिपाठी 'निराला' और एक समकालीन कवयित्री दोनों के कविता संग्रह मौजूद हैं। कवि 'निराला' के 'अनामिका' संग्रह में 9 कविताएँ संकलित थीं, जिनमें 'जुही की कली' सबसे प्रमुख है। वहीं, समकालीन कवयित्री अनामिका के संकलन 'अनामिका: 75 कविताएँ' (संपादक - रेखा सेठी) में कुल 75 कविताएँ शामिल हैं। इसके अलावा, उनके चर्चित साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता संग्रह 'टोकरी में दिगंत' में लंबी कविताएँ और कई छोटे प्रसंग शामिल हैं। इसी बीच, अनामिका जैन अंबर भगवान श्री राम जी का गुणगान करने के कारण खूब सुर्खियों में बनी हुई हैं।1
- गढ़वा जिले के नावदा पोस्ट के अंतर्गत आने वाले चिरौंजीया गांव से स्वच्छ भारत अभियान का संदर्भ सामने आया है।1
- पलामू पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार विश्रामपुर में पुलिस ने कार्रवाई की है। यहाँ अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी चिरंजीव मंडल के नेतृत्व में गठित टीम ने छेड़छाड़ और पॉक्सो एक्ट के एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।1
- गढ़वा जिले के चिनिया मुख्यालय निवासी और झारखंड मुक्ति मोर्चा के समर्पित कार्यकर्ता राजेंद्र प्रसाद शाह (55 वर्ष) का शुक्रवार सुबह अचानक हृदय गति रुक जाने से निधन हो गया। यह हादसा उस समय हुआ जब वह सुबह शौच से वापस आ रहे थे। उनके निधन की खबर फैलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई और उनके आवास पर परिजनों, शुभचिंतकों तथा स्थानीय लोगों का तांता लग गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, राजेंद्र प्रसाद शाह बेहद मिलनसार, सरल और हंसमुख स्वभाव के थे, जो हमेशा सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे और जरूरतमंदों की मदद करते थे। उनके इस असामयिक निधन को क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय क्षति बताया जा रहा है, जिससे पूरे समाज और झामुमो कार्यकर्ताओं में गहरा शोक व्याप्त है। स्वर्गीय राजेंद्र प्रसाद शाह अपने पीछे पत्नी, तीन पुत्र और एक पुत्री सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके निधन पर स्थानीय जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, राजनीतिक नेताओं और ग्रामीणों ने गहरी संवेदना व्यक्त की है और शोक संतप्त परिवार को इस दुख की घड़ी में संबल प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की है।1
- सोनभद्र के दुद्धी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मझौली में गोपी मोड़ के पास बकरियों को घर के अंदर कर रहे एक अधेड़ को विषैले कोबरा सांप ने काट लिया। मझौली निवासी 55 वर्षीय रामटहल, जो कि शीतू के पुत्र हैं, देर शाम चर रही बकरियों को घर की तरफ ला रहे थे। इसी दौरान रास्ते में घास में छिपे कोबरा सांप ने उन्हें डस लिया। घटना की जानकारी मिलने पर परिजनों ने तुरंत 108 एम्बुलेंस को फोन किया, लेकिन वहां से एम्बुलेंस आने में आधे घंटे का विलंब होने की बात कही गई। इसके बाद गांव के वार्ड 10 के सभासद रामकुअर ने सेवा भाव दिखाते हुए रामटहल को अपनी निजी बाइक से तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) दुद्धी पहुंचाया। सीएचसी में चिकित्सक डॉ. वरुणा निधि की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है। चिकित्सक के अनुसार, रामटहल को एंटीवेनम और अन्य जरूरी दवाइयां दी जा रही हैं और उनकी हालत फिलहाल स्थिर बनी हुई है।2
- सोनभद्र के दुद्धी थाना पुलिस ने सरकारी अस्पताल से मोबाइल फोन और लैपटॉप चोरी की घटना का महज 24 घंटे के भीतर सफल खुलासा करते हुए एक शातिर चोर को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी के 09 एंड्रॉयड मोबाइल फोन तथा 02 लैपटॉप बरामद किए हैं। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की पूरे क्षेत्र में सराहना की जा रही है। सरकारी अस्पताल में हुई चोरी की घटना के बाद सक्रिय हुई पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज का गहन विश्लेषण किया और आधुनिक तकनीक के तहत Yaksh ऐप की मदद से संदिग्ध की पहचान सुनिश्चित की। इसके बाद, जांच के दौरान मिले महत्वपूर्ण सुरागों और मुखबिर की सटीक सूचना के आधार पर पुलिस ने रजखड़ तिराहे के पास घेराबंदी कर आरोपी को दबोच लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सुन्द्रेश कुमार उर्फ जादूगर उर्फ बमबम, निवासी बीडर, के रूप में हुई है, जिसकी निशानदेही पर चोरी किया गया सारा सामान बरामद किया गया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास है और उसके विरुद्ध पहले से ही चोरी, धोखाधड़ी, एनडीपीएस एक्ट तथा गैंगस्टर एक्ट सहित कई गंभीर आपराधिक मामले विभिन्न थानों में दर्ज हैं। पुलिस आरोपी से उसके किसी संगठित गिरोह से जुड़े होने की संभावना को लेकर पूछताछ कर रही है। दुद्धी पुलिस ने मामले में अन्य संबंधित धाराएं बढ़ाते हुए आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।2
- पलामू जिले के नौगढा ओपी क्षेत्र के नौडीहा गांव की रहने वाली 20 वर्षीय पुष्पा कुमारी पिछले तीन दिनों से लापता है। अपनी बेटी के गायब होने से परिजन उसकी खोज-बीन को लेकर काफी परेशान हैं। इस संबंध में लापता युवती के पिता अनुज सिंह ने नौगढा ओपी में गुमशुदगी का मामला भी दर्ज कराया है।1
- चाचा और भतीजी के प्यार का एक वीडियो सोशल मीडिया पर बड़ी खबर बनकर वायरल हो रहा है। इस वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर काफी चर्चा है, लेकिन यह वायरल वीडियो असल में किस जगह का है, इस बात की पुष्टि नहीं की गई है। इस वीडियो को साझा करते हुए इसके साथ किशनगंज और बिहार जैसे संदर्भों का इस्तेमाल किया गया है, फिर भी इसके वास्तविक स्थान को लेकर स्थिति पूरी तरह से अस्पष्ट है।1