वज्रपात से दो भैंस की हुई मौत पशुपालक के परिवार में मचा कोहराम एक दुखद घटना निकलकर सामने आ रही है सौर बाजार थाना क्षेत्र के कांप पुर्वी पंचायत अंतर्गत वार्ड नंबर तीन ठेंगहा गांव से जहां से रविवार को हुई बज्रपात में दो भैंस की मौत हो गई जिससे पशुपालक में कोहराम मच गया है। घटना को लेकर पशुपालक ने बताया की रविवार को हुई बारिश के दौरान बज्रपात से एक जगह बंधी दो भैंस की मौत हो गई जिसका कीमत लाखों रुपए होगा। इसको लेकर स्थानीय लोगों ने बताया की पशुपालक बिल्कुल निर्धन और निसहाय है जिसका भरण पोषण भैंस से ही चलता था ऐसे में इस प्रकार की हुई घटना से पशुपालक बिल्कुल टूट चुका है। अगर पशुपालक को किसी प्रकार का सरकारी सहायता राशि नहीं मिलती है तो भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे। घटना को लेकर बताया जा रहा है की सौर बाजार अंचलाधिकारी और सौर बाजार थाना को सूचित कर दिया गया है। अब देखना है की स्थानीय प्रशासन द्वारा जांच कर किस प्रकार की पहल की जाती है जिससे पशुपालक को हुई क्षति की भरपाई की जा सके। पशुपालक का नाम सोफिंदर यादव और रोबिंद यादव बताया जा रहा है जिसका उचित देखभाल जवाहर यादव कर रहे थे।
वज्रपात से दो भैंस की हुई मौत पशुपालक के परिवार में मचा कोहराम एक दुखद घटना निकलकर सामने आ रही है सौर बाजार थाना क्षेत्र के कांप पुर्वी पंचायत अंतर्गत वार्ड नंबर तीन ठेंगहा गांव से जहां से रविवार को हुई बज्रपात में दो भैंस की मौत हो गई जिससे पशुपालक में कोहराम मच गया है। घटना को लेकर पशुपालक ने बताया की रविवार को हुई बारिश के दौरान बज्रपात से एक जगह बंधी दो भैंस की मौत हो गई जिसका कीमत लाखों रुपए होगा। इसको लेकर स्थानीय लोगों ने बताया की पशुपालक बिल्कुल निर्धन और निसहाय है जिसका भरण पोषण भैंस से ही चलता था ऐसे में इस प्रकार की हुई घटना से पशुपालक बिल्कुल टूट चुका है। अगर पशुपालक को किसी प्रकार का सरकारी सहायता राशि नहीं मिलती है तो भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे। घटना को लेकर बताया जा रहा है की सौर बाजार अंचलाधिकारी और सौर बाजार थाना को सूचित कर दिया गया है। अब देखना है की स्थानीय प्रशासन द्वारा जांच कर किस प्रकार की पहल की जाती है जिससे पशुपालक को हुई क्षति की भरपाई की जा सके। पशुपालक का नाम सोफिंदर यादव और रोबिंद यादव बताया जा रहा है जिसका उचित देखभाल जवाहर यादव कर रहे थे।
- आजादी से अब तक गाँव में नहीं बनी सड़कें लोगों में आक्रोश की कब बनेगी सड़क मार्ग सौर बाजार प्रखंड क्षेत्र का एक ऐसा पंचायत जहां के वार्ड वासियों को आजादी से अब तक सड़क मार्ग सुविधा उपलब्ध नहीं हो पाया है ऐसे में कई बड़ी समस्या उत्पन्न हो रही है। बात है सौर बाजार प्रखंड क्षेत्र के सुहथ पंचायत अंतर्गत वार्ड नंबर 6 की जहां हजारों की आबादी में रह रहे महादलित परिवार कई समस्याओं से ग्रस्त है। इसको लेकर वार्ड वासियों ने बताया की एक किलोमीटर दूर तक मुख्य सड़क मार्ग नहीं रहने के कारण बीमारी से ग्रस्त मरीज ने दम तोड़ चुका है इतना ही नहीं महादलित टोले में स्थित प्राथमिक विद्यालय तक सड़क मार्ग नहीं रहने के कारण कोई भी योग्य शिक्षक ज्यादा दिन तक नहीं रह पाते हैं वे अपना बदली करवाकर दूसरे गांव के विद्यालय में चले जाते हैं क्योंकि उसे एक किलोमीटर तक खेत में बने मेड़ के सहारे पैदल चलकर विद्यालय तक पहुंचना पड़ता है। इसके अलावा विद्यालय परिसर में अर्धनिर्मित भवन भी अब जर्जर हो चुका है जिससे कभी भी बड़ी हादसा हो सकती है। साथ ही वार्ड में पीने के शुद्ध पानी का कोई व्यवस्था नहीं है क्योंकि हर घर नल योजना के तहत जो पानी टंकी लगाया गया है उससे पानी भी नहीं निकलता है। सबसे बड़ी समस्या तो ये है की हजारों की आबादी में रहने वाले एक भी महादलित परिवार को आज तक जमीन का पर्चा नहीं मिला है। इन सारी समस्या को लेकर जिला के वरीय पदाधिकारी को कई बार आवेदन भी दिया गया है मगर किसी प्रकार का पहल नहीं किया गया है जो घोर चिन्ता का विषय है।पंचायत के जन प्रतिनिधि द्वारा भी किसी प्रकार का ध्यान नहीं दिया जा रहा है। अब अगर हम लोगों के समस्या पर अविलंब ध्यान नहीं दिया गया तो हम लोग धरना प्रदर्शन करने पर मजबूर हो जाएंगे।1
- बांकीपुर उपचुनाव में प्रशांत किशोर जीत के करीब ,जनसुराज कार्यकर्ता ने शुरू किया जश्न मनाना1
- महिषी प्रखंड अंतर्गत तेलवा पश्चिमी में जलई थाना से सामनी गांव जाने वाले रास्ते में एप्रोच नहीं होने के कारण बहुत परेशानी होता है1
- मोहनपुर पंचायत के वार्ड नंबर 10 में नरकीय स्थिति: जल जमाव से जूझ रहे ग्रामीण, जनप्रतिनिधियों की उदासीनता पर आक्रोश सहरसा नौहट्टा जिले के नौहट्टा प्रखंड अंतर्गत मोहनपुर पंचायत के वार्ड नंबर 10 में जल जमाव की समस्या विकराल रूप धारण कर चुकी है। हालात यह हैं कि मुख्य रास्ते पर महीनों से जल जमाव रहने के कारण तालाब जैसा नजारा देखने को मिल रहा है, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। कामेश्वर सिंह के घर से शमीम खान की दुकान तक मुख्य मार्ग जलमग्न स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, यह जल जमाव कामेश्वर सिंह के घर से लेकर शमीम खान की दुकान तक लगातार बना रहता है। स्थिति इतनी दयनीय है कि लोगों का इस रास्ते से पैदल गुजरना भी दूभर हो गया है। बच्चों को स्कूल आने-जाने और रोजमर्रा के कामकाज के लिए गंदे पानी के बीच से ही गुजरना पड़ रहा है। बीमारी फैलने की आशंका से सहमे ग्रामीण गंदे पानी के जमा होने और उससे उठने वाली बदबू के कारण इलाके में संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा मंडरा रहा है। इस गंभीर समस्या से परेशान ग्रामीण बदरुद्दीन खान, परमानंद सिंह, मकसूदन सिंह और सोहन नदाफ ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि यदि जल्द से जल्द इस जल जमाव की समस्या से निजात नहीं दिलाई गई, तो इलाके में कभी भी भयंकर बीमारी फैल सकती है। जनप्रतिनिधियों की उदासीनता पर फूटा गुस्सा ग्रामीणों ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि इस गंभीर समस्या की और किसी का ध्यान नहीं है और स्थानीय जनप्रतिनिधि आंखें मूंदकर सोए हुए हैं। जनता की समस्याओं से उन्हें कोई सरोकार नहीं है। ग्रामीणों ने प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से तत्काल इस मामले में हस्तक्षेप कर जल निकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की है, ताकि लोगों को इस नरकीय जीवन से मुक्ति मिल सके।1
- पटना बांकीपुर विधानसभा 30 सालों से जो पार्टी नहीं हारती आ रही थी और आज प्रशांत किशोर ने कर ली कब्जा पटना बांकीपुर 30 सालों से जो पार्टी नहीं हारती आ रही थी और आज प्रशांत किशोर ने कर ली कब्जा बीजेपी को हराकर प्रशांत किशोर ने1
- समस्तीपुर–सहरसा पैसेंजर ट्रेन के इंजन में लगी भीषण आग, सिमरी बख्तियारपुर स्टेशन पर मची अफरा-तफरी सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर रेलवे स्टेशन पर सोमवार की सुबह एक बड़ा हादसा टल गया। सुबह करीब 4 बजे प्लेटफॉर्म नंबर-2 पर खड़ी समस्तीपुर-सहरसा पैसेंजर ट्रेन के बीच वाले इंजन में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते इंजन से धुआं निकलने लगा और कुछ ही देर में आग की लपटें तेज हो गईं। आग लगते ही स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्लेटफॉर्म पर मौजूद यात्री और रेलवे कर्मचारी सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। घटना की सूचना तुरंत रेलवे अधिकारियों और अग्निशमन विभाग को दी गई। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। समय रहते आग बुझा दिए जाने से एक बड़ा हादसा टल गया। घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, हालांकि इंजन को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। घटना के बाद रेलवे प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। प्रारंभिक तौर पर तकनीकी खराबी या शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, लेकिन वास्तविक कारण जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा। इस घटना के बाद स्टेशन पर कुछ देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। रेलवे अधिकारी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और यह पता लगाने में जुटे हैं कि आखिर इंजन में आग कैसे लगी। समय रहते आग पर काबू पा लिए जाने से एक बड़ा रेल हादसा होने से टल गया।1