बिहार, झंझारपुर में पूर्णतः शराब बंदी का असर यहां खुल्लम खुल्ला देखा जा सकता है। सुनिए शराबी भाई से। आपको बता दूं यह मामला झंझारपुर अनुमंडल अंतर्गत भैरव स्थान थाना क्षेत्र का मामला है कोठिया गांव के राम जानकी चौक का । क्या आप लोगों को लगता है बिहार में शराबबंदी पूर्णत लागू है क्या इसे पूर्ण लागू करना चाहिए और यूं ही नहीं इसे प्रशासनिक स्तर पर भी बंद करना चाहिए क्योंकि शराबियों के बारे में थाना में जब आप जानकारी देते हैं तो थाना भी उसको नजरअंदाज कर देता है कहता है वह पिए हुए है उसको क्या करेंगे कहां लेकर जाएंगे उनका जवाब यह है कि अस्पताल भी उसको नहीं रखना लेने से इनकार कर देते हैं तो इसका मतलब यह है कि जब आप थाना को फोन करेंगे तो थाना आपको हॉस्पिटल का नाम का कर अपना पल्ला झाड़ लेंगे हमने उनको बताया कि जब तक इसको होश नहीं आता है तब तक आप अपने कस्टडी में रखिए जब होश आ जाएगा तब उसको छोड़िए लेकिन फिर भी कोई सुनवाई नहीं हुई इस पर आपका क्या कहना है अपने जवाब कमेंट बॉक्स में दें।
बिहार, झंझारपुर में पूर्णतः शराब बंदी का असर यहां खुल्लम खुल्ला देखा जा सकता है। सुनिए शराबी भाई से। आपको बता दूं यह मामला झंझारपुर अनुमंडल अंतर्गत भैरव स्थान थाना क्षेत्र का मामला है कोठिया गांव के राम जानकी चौक का । क्या आप लोगों को लगता है बिहार में शराबबंदी पूर्णत लागू है क्या इसे पूर्ण लागू करना चाहिए और यूं ही नहीं इसे प्रशासनिक स्तर पर भी बंद करना चाहिए क्योंकि शराबियों के बारे में थाना में जब आप जानकारी देते हैं तो थाना भी उसको नजरअंदाज कर देता है कहता है वह पिए हुए है उसको क्या करेंगे कहां लेकर जाएंगे उनका जवाब यह है कि अस्पताल भी उसको नहीं रखना लेने से इनकार कर देते हैं तो इसका मतलब यह है कि जब आप थाना को फोन करेंगे तो थाना आपको हॉस्पिटल का नाम का कर अपना पल्ला झाड़ लेंगे हमने उनको बताया कि जब तक इसको होश नहीं आता है तब तक आप अपने कस्टडी में रखिए जब होश आ जाएगा तब उसको छोड़िए लेकिन फिर भी कोई सुनवाई नहीं हुई इस पर आपका क्या कहना है अपने जवाब कमेंट बॉक्स में दें।
- आपको बता दूं यह मामला झंझारपुर अनुमंडल अंतर्गत भैरव स्थान थाना क्षेत्र का मामला है कोठिया गांव के राम जानकी चौक का । क्या आप लोगों को लगता है बिहार में शराबबंदी पूर्णत लागू है क्या इसे पूर्ण लागू करना चाहिए और यूं ही नहीं इसे प्रशासनिक स्तर पर भी बंद करना चाहिए क्योंकि शराबियों के बारे में थाना में जब आप जानकारी देते हैं तो थाना भी उसको नजरअंदाज कर देता है कहता है वह पिए हुए है उसको क्या करेंगे कहां लेकर जाएंगे उनका जवाब यह है कि अस्पताल भी उसको नहीं रखना लेने से इनकार कर देते हैं तो इसका मतलब यह है कि जब आप थाना को फोन करेंगे तो थाना आपको हॉस्पिटल का नाम का कर अपना पल्ला झाड़ लेंगे हमने उनको बताया कि जब तक इसको होश नहीं आता है तब तक आप अपने कस्टडी में रखिए जब होश आ जाएगा तब उसको छोड़िए लेकिन फिर भी कोई सुनवाई नहीं हुई इस पर आपका क्या कहना है अपने जवाब कमेंट बॉक्स में दें।1
- mithila hatt1
- Brahman banney ka sabse aham Sanskar hota hai Janau dharan karna 🙏2
- अंतिम यात्रा में 16 एंबुलेंस, भाई ने पूरी की आखिरी इच्छा एक अंतिम इच्छा ऐसी भी. भाई ने की पूरी. एकसाथ बज उठे 16 एंबुलेंस के सायरन. अंतिम यात्रा में हुईं शामिल. #FinalJourney #LastWish #ViralVideo1
- आप सभी सादर आमंत्रित हैं।1
- अब आपको मधुबनी के मॉडल अस्पताल में मरीज का सही से इलाज एवं सुविधा दी जा रही है।1
- Post by LAXMI SAH RADHA KRISHNA JEWELLERS1
- मधुबनी जिले के भैरवस्थान थाना क्षेत्र के रैयाम गांव के चार आरोपियों पर झंझारपुर कोर्ट ने सख्त कार्रवाई करते हुए धारा 82 की उद्घोषणा जारी कर दी है। हत्या के प्रयास समेत कई गंभीर धाराओं में नामजद सभी आरोपी लंबे समय से फरार बताए जा रहे हैं।1