लखीमपुर खीरी जिले के पढ़ुआ थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां खरवहिया नंबर दो और प्रमोधापुर गांव के संपर्क मार्ग पर नीचे झूल रही हाई टेंशन बिजली लाइन की चपेट में आने से एक डीसीएम चालक की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना से पूरे इलाके में शोक और आक्रोश फैल गया है, वहीं परिजन गहरे सदमे में हैं। जानकारी के अनुसार, ऊंच गांव निवासी मेंड़ाई उर्फ वारिस (लगभग 40 वर्ष) अपनी डीसीएम (संख्या UP 83 AT 8507) से सुबह करीब 9:15 बजे प्रमोधापुर क्षेत्र में खेतों से केले लादने जा रहे थे। इसी दौरान खरवहिया नंबर दो और प्रमोधापुर के बीच सड़क पर काफी नीचे झूल रही हाई टेंशन लाइन उनके वाहन से टकरा गई, जिससे करंट लगने से चालक वारिस की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही थाना पढ़ुआ प्रभारी मोहित पुंडीर अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने परिजनों की मौजूदगी में शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि बिजली विभाग को लंबे समय से इस हाई टेंशन लाइन के नीचे होने की जानकारी दी जा रही थी, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया गया। ग्रामीणों ने इस दुखद घटना को पूरी तरह से विभागीय लापरवाही का परिणाम बताया। मृतक वारिस अपने पीछे एक भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं, जिसमें उनकी पत्नी, 18 वर्षीय पुत्र नियाज़ अहमद और दो पुत्रियां— 23 वर्षीय सना (विवाहित) और 14 वर्षीय सबा शामिल हैं। हादसे के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष जांच कराने, जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई करने और पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है।
लखीमपुर खीरी जिले के पढ़ुआ थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां खरवहिया नंबर दो और प्रमोधापुर गांव के संपर्क मार्ग पर नीचे झूल रही हाई टेंशन बिजली लाइन की चपेट में आने से एक डीसीएम चालक की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना से पूरे इलाके में शोक और आक्रोश फैल गया है, वहीं परिजन गहरे सदमे में हैं। जानकारी के अनुसार, ऊंच गांव निवासी मेंड़ाई उर्फ वारिस (लगभग 40 वर्ष) अपनी डीसीएम (संख्या UP 83 AT 8507) से सुबह करीब 9:15 बजे प्रमोधापुर क्षेत्र में खेतों से केले लादने जा रहे थे। इसी दौरान खरवहिया नंबर दो और प्रमोधापुर के बीच सड़क पर काफी नीचे झूल रही हाई टेंशन लाइन उनके वाहन से टकरा गई, जिससे करंट लगने से चालक वारिस की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही थाना पढ़ुआ प्रभारी मोहित पुंडीर अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने परिजनों की मौजूदगी में शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि बिजली विभाग को लंबे समय से इस हाई टेंशन लाइन के नीचे होने की जानकारी दी जा रही थी, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया गया। ग्रामीणों ने इस दुखद घटना को पूरी तरह से विभागीय लापरवाही का परिणाम बताया। मृतक वारिस अपने पीछे एक भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं, जिसमें उनकी पत्नी, 18 वर्षीय पुत्र नियाज़ अहमद और दो पुत्रियां— 23 वर्षीय सना (विवाहित) और 14 वर्षीय सबा शामिल हैं। हादसे के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष जांच कराने, जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई करने और पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है।
- पलिया नगर के बाईपास रोड पर लोक निर्माण विभाग द्वारा कराए जा रहे इंटरलॉकिंग निर्माण कार्य में गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। स्थानीय निवासियों और दुकानदारों का कहना है कि निर्माण में गुणवत्ता और निर्धारित मानकों की अनदेखी की जा रही है, जिससे भविष्य में दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। आरोप है कि ठेकेदार इंटरलॉकिंग बिछाने के बाद केवल एक तरफ मसाला लगा रहा है, जबकि सड़क की ओर वाली साइड को बिना मसाले के छोड़ दिया जा रहा है। इसके परिणामस्वरूप इंटरलॉकिंग और मुख्य सड़क के बीच एक नालीनुमा चौड़ी दरार बन रही है, जिसके बरसात में और चौड़ी होने और सड़क की मजबूती तथा राहगीरों की सुरक्षा को प्रभावित करने की आशंका है। नागरिकों ने यह भी शिकायत की है कि निर्माण कार्य में लेवलिंग का उचित ध्यान नहीं रखा गया है, जिसके कारण कई स्थानों पर इंटरलॉकिंग ऊंची-नीची दिखाई दे रही है। व्यापारियों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते निर्माण कार्य की गुणवत्ता में सुधार नहीं किया गया तो दुर्घटनाएं निश्चित रूप से होंगी। आसपास के दुकानदारों ने बताया कि उन्होंने निर्माण में खामियों के बारे में संबंधित कर्मचारियों को सूचित किया था, लेकिन अभी तक कोई सुधारात्मक कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे लोगों में रोष बढ़ता जा रहा है। पलिया विधायक रोमी साहनी ने इस इंटरलॉकिंग कार्य का भूमिपूजन किया था, और जनता का मानना है कि यह कार्य विधायक के अथक प्रयासों से शुरू हुआ है। ऐसे में ठेकेदार द्वारा बरती जा रही लापरवाही से विधायक की छवि धूमिल हो रही है। नगरवासियों ने पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों से इस निर्माण कार्य की तत्काल जांच कराने, मानकों के अनुरूप काम सुनिश्चित करने और अनियमितता बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। लोगों का स्पष्ट कहना है कि सरकारी धन से होने वाले विकास कार्यों में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए।4
- लखीमपुर खीरी जिले के पढ़ुआ थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां खरवहिया नंबर दो और प्रमोधापुर गांव के संपर्क मार्ग पर नीचे झूल रही हाई टेंशन बिजली लाइन की चपेट में आने से एक डीसीएम चालक की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना से पूरे इलाके में शोक और आक्रोश फैल गया है, वहीं परिजन गहरे सदमे में हैं। जानकारी के अनुसार, ऊंच गांव निवासी मेंड़ाई उर्फ वारिस (लगभग 40 वर्ष) अपनी डीसीएम (संख्या UP 83 AT 8507) से सुबह करीब 9:15 बजे प्रमोधापुर क्षेत्र में खेतों से केले लादने जा रहे थे। इसी दौरान खरवहिया नंबर दो और प्रमोधापुर के बीच सड़क पर काफी नीचे झूल रही हाई टेंशन लाइन उनके वाहन से टकरा गई, जिससे करंट लगने से चालक वारिस की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही थाना पढ़ुआ प्रभारी मोहित पुंडीर अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने परिजनों की मौजूदगी में शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि बिजली विभाग को लंबे समय से इस हाई टेंशन लाइन के नीचे होने की जानकारी दी जा रही थी, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया गया। ग्रामीणों ने इस दुखद घटना को पूरी तरह से विभागीय लापरवाही का परिणाम बताया। मृतक वारिस अपने पीछे एक भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं, जिसमें उनकी पत्नी, 18 वर्षीय पुत्र नियाज़ अहमद और दो पुत्रियां— 23 वर्षीय सना (विवाहित) और 14 वर्षीय सबा शामिल हैं। हादसे के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष जांच कराने, जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई करने और पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है।1
- उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के अग्गर बुजुर्ग में दो समुदायों के बीच ईटा-पत्थर चले। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया, जिसने स्थिति को नियंत्रित कर शांति व्यवस्था कायम की। पुलिस ने अपनी ओर से मुकदमा दर्ज करते हुए इस मामले में चार उपद्रवियों को गिरफ्तार भी कर लिया है।1
- लखीमपुर खीरी में एंटी करप्शन टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के प्रांतीय खंड-1 में तैनात वरिष्ठ लिपिक संजय कुमार को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि आरोपी कर्मचारी ने पेंशन संबंधी कार्य कराने के बदले यह रिश्वत मांगी थी। शिकायत मिलने के बाद एंटी करप्शन टीम ने एक जाल बिछाकर कार्रवाई की और संजय कुमार को रिश्वत की रकम लेते समय ही पकड़ लिया। गिरफ्तारी के तुरंत बाद उसे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई है। टीम ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई भी शुरू कर दी है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है, और मामले की जांच जारी है, जिसमें अन्य तथ्यों की भी पड़ताल की जा रही है।1
- लखीमपुर खीरी जिले के फरदाहन थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत अगर बुजुर्ग गांव में हिंदू धर्म की रीति-रिवाजों के अनुसार एक धार्मिक स्थान पर भंडारे का आयोजन चल रहा था। इसी दौरान कुछ अराजक तत्वों द्वारा उपद्रव किया गया, जिसके चलते दो पक्षों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। यह कहासुनी जल्द ही लड़ाई-झगड़े में बदल गई और दोनों ओर से ईंट-पत्थर चलने लगे, जिससे माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया और गांव के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया और तुरंत भारी पुलिस बल तथा प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए स्थिति को नियंत्रण में लिया और किसी अप्रिय घटना को टाल दिया। मारपीट की वजह से चोटिल हुए कुछ लोगों को बिना देरी किए नजदीकी अस्पताल और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। इलाके में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है और तनावपूर्ण स्थिति के बावजूद पुलिस की मुस्तैदी से इस मामले को सांप्रदायिक रूप लेने से रोक दिया गया। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि चंद मिनटों का गुस्सा और हुड़दंग आखिर समाज के सौहार्द को क्यों बिगाड़ देता है।1
- दुधवा नेशनल पार्क की दक्षिण सोनारीपुर रेंज में भीषण गर्मी के बीच स्वच्छंद विचरण के लिए छोड़े गए गैंडों को जल विहार करते हुए देखा गया। जंगल सफारी पर आए सैलानियों ने इस अद्भुत नजारे को अपने कैमरों में कैद किया। इसके बाद, इन तस्वीरों को सोशल मीडिया पर भी साझा किया गया।1
- लखीमपुर खीरी जिले में लखीमपुर-गोला मार्ग पर फरधान थाना क्षेत्र के लालपुर बैरियल चौराहे के पास शाम करीब पांच बजे एक तेज रफ्तार ट्रक ने दो मवेशियों को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद ट्रक हाईवे पर ही पलट गया, जिससे दोनों मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई। बताया गया कि ट्रक में किसी चीज की बोरियां भरी हुई थीं। इस हादसे के कारण मार्ग कई घंटों तक बाधित रहा, और यातायात को दोनों तरफ से एक ही लाइन से बड़ी मुश्किलों से पार कराया जा सका।1