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केशोरायपाटन पुलिया पर बनने के बाद से आज तक रोड लाइटें नहीं जली हैं। अंधेरे के कारण अब तक कम से कम 15 बड़े हादसे हो चुके हैं। इस गंभीर लापरवाही को लेकर एक रिपोर्ट जल्द ही प्रकाशित की जाएगी।
Govind Singh
केशोरायपाटन पुलिया पर बनने के बाद से आज तक रोड लाइटें नहीं जली हैं। अंधेरे के कारण अब तक कम से कम 15 बड़े हादसे हो चुके हैं। इस गंभीर लापरवाही को लेकर एक रिपोर्ट जल्द ही प्रकाशित की जाएगी।
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- केशोरायपाटन पुलिया पर बनने के बाद से आज तक रोड लाइटें नहीं जली हैं। अंधेरे के कारण अब तक कम से कम 15 बड़े हादसे हो चुके हैं। इस गंभीर लापरवाही को लेकर एक रिपोर्ट जल्द ही प्रकाशित की जाएगी।1
- महादेव इंटरप्राइजेज ने केशोरायपाटन के एक ग्राहक को उनकी नई G-Lite इलेक्ट्रिक स्कूटर की डिलीवरी दी। इस नई सवारी के साथ ग्राहक ने एक और नई शुरुआत की खुशी मनाई।1
- कोटा के बोरखेड़ा इलाके में रिटायर प्रिंसिपल रामेश्वर रावत का शव नाले में मिला, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। वे दोस्तों को रिटायरमेंट पार्टी देकर घर लौट रहे थे, तभी यह दुखद घटना घटी। पुलिस इस मामले को हत्या या दुर्घटना मानकर सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।3
- देश के सबसे बड़े एजुकेशन हब कोटा में नीट पेपर लीक मामले को लेकर NSUI कार्यकर्ताओं और छात्रों ने भैंस के आगे बीन बजाकर अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने सरकार की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री के तुरंत इस्तीफे और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। छात्रों ने चेतावनी दी है कि मांगें पूरी न होने पर 24 मई को कोटा में बड़ा मशाल जुलूस निकाला जाएगा।1
- कोटा के एक 850 साल पुराने शिव मंदिर से जुड़ी कहानी लोगों को हैरान कर देती है। यहां मान्यता है कि चंबल नदी का पानी घी में बदल जाता है, जिसे लेकर दूर-दूर से लोग मंदिर दर्शन करने आते हैं।1
- लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने गुरुवार को कोटा शहर का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने यातायात, सड़क और नागरिक सुविधाओं की समीक्षा कर अधिकारियों को तुरंत समाधान के निर्देश दिए। इसका उद्देश्य शहर में विकास कार्यों की गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करना है।1
- एक टिप्पणी में राजनेता राहुल गांधी के भाषणों की शैली पर सवाल उठाए गए हैं। आरोप है कि उनके बोलने के तरीके से राजनीतिक संवाद का स्तर पहले से कहीं अधिक गिरा है। यह मुद्दा देशव्यापी राजनीतिक बहसों में नया मोड़ ला सकता है।1
- कोटा के तलवण्डी सेक्टर-2 के निवासियों ने थाने में शिकायत की है कि बच्चों के लिए खेल का मैदान न होने से वे सड़कों पर खेलने को मजबूर हैं। इससे ट्रैफिक का खतरा बढ़ गया है और कुछ युवक बच्चों से गेंद भी छीन लेते हैं। निवासियों ने पुलिस से बच्चों के लिए सुरक्षित खेल का माहौल सुनिश्चित करने का आग्रह किया है।2