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नई ग्राम पंचायत जगलावदा में रामगढ़ गांव के लालिंग/ भीम जी के खेत का नुकसान की रिपोर्ट

23 hrs ago
user_MANOHAR LAL MEENA
MANOHAR LAL MEENA
धरियावद, प्रतापगढ़, राजस्थान•
23 hrs ago

नई ग्राम पंचायत जगलावदा में रामगढ़ गांव के लालिंग/ भीम जी के खेत का नुकसान की रिपोर्ट

More news from राजस्थान and nearby areas
  • सुगम यातायात के लिए इंदौर यातायात पुलिस का सघन अभियान, नो पार्किंग व रॉंग साइड पर सख्त कार्रवाई इंदौर। शहर में यातायात व्यवस्था को अधिक सुचारू, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से इंदौर यातायात पुलिस द्वारा चारों जोनों में विशेष पेट्रोलिंग अभियान चलाया गया। पुलिस आयुक्त नगरीय इंदौर संतोष कुमार सिंह के दिशा-निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस आयुक्त आर.के. सिंह एवं पुलिस उपायुक्त यातायात राजेश कुमार त्रिपाठी के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई। यातायात पुलिस की विशेष टीमों ने शहर के व्यस्ततम मार्गों, प्रमुख बाजारों एवं अधिक यातायात दबाव वाले क्षेत्रों में भ्रमण कर अव्यवस्थित एवं अवैध पार्किंग पर नियंत्रण की कार्रवाई की। 22 फरवरी को सभी पेट्रोलिंग टीमों ने अपने-अपने निर्धारित क्षेत्रों में निरीक्षण कर नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध प्रभावी चालानी कार्रवाई की। इन क्षेत्रों में हुई विशेष कार्रवाई यातायात जोन-1: मरीमाता से बड़ा गणपति, कालानी नगर से एयरपोर्ट रोड तक। यातायात जोन-2: बंगाली चौराहा से छोटा राजवाड़ा, कनाडिया रोड, विजयनगर से बापट तक दोनों ओर। यातायात जोन-3: रीगल से हुकुमचंद घंटाघर, 56 दुकान, पलासिया, आरएनटी मार्ग। यातायात जोन-4: भवरकुआ से टॉवर चौराहा, राजवाड़ा क्षेत्र, जवाहरमार्ग, खजूरी बाजार, सराफा क्षेत्र। पेट्रोलिंग टीमों ने पीए सिस्टम, बॉडी वॉर्न कैमरा, क्रेन एवं सपोर्ट वाहन, व्हील लॉक और पीओएस मशीन की सहायता से कार्रवाई की। मुख्य मार्गों और बाजार क्षेत्रों में सड़क या फुटपाथ पर वाहन खड़े कर यातायात बाधित करने वालों पर सख्ती बरती गई। प्रारंभ में वाहन चालकों को समझाइश दी गई, परंतु नियमों की अवहेलना जारी रखने पर व्हील लॉक एवं क्रेन के माध्यम से चालान किया गया। साथ ही पीए सिस्टम से नागरिकों से निर्धारित पार्किंग स्थलों का उपयोग करने और यातायात नियमों का पालन करने की अपील की गई। निरंतर कार्रवाई के परिणामस्वरूप कई क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था अधिक सुगम हुई है, जिससे आम नागरिकों ने राहत महसूस की और जिम्मेदार नागरिकों ने यातायात पुलिस की पहल की सराहना की। इंदौर यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शहर में सुगम और सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
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    सुगम यातायात के लिए इंदौर यातायात पुलिस का सघन अभियान, नो पार्किंग व रॉंग साइड पर सख्त कार्रवाई
इंदौर। शहर में यातायात व्यवस्था को अधिक सुचारू, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से इंदौर यातायात पुलिस द्वारा चारों जोनों में विशेष पेट्रोलिंग अभियान चलाया गया। पुलिस आयुक्त नगरीय इंदौर संतोष कुमार सिंह के दिशा-निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस आयुक्त आर.के. सिंह एवं पुलिस उपायुक्त यातायात राजेश कुमार त्रिपाठी के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई।
यातायात पुलिस की विशेष टीमों ने शहर के व्यस्ततम मार्गों, प्रमुख बाजारों एवं अधिक यातायात दबाव वाले क्षेत्रों में भ्रमण कर अव्यवस्थित एवं अवैध पार्किंग पर नियंत्रण की कार्रवाई की। 22 फरवरी को सभी पेट्रोलिंग टीमों ने अपने-अपने निर्धारित क्षेत्रों में निरीक्षण कर नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध प्रभावी चालानी कार्रवाई की।
इन क्षेत्रों में हुई विशेष कार्रवाई
यातायात जोन-1: मरीमाता से बड़ा गणपति, कालानी नगर से एयरपोर्ट रोड तक।
यातायात जोन-2: बंगाली चौराहा से छोटा राजवाड़ा, कनाडिया रोड, विजयनगर से बापट तक दोनों ओर।
यातायात जोन-3: रीगल से हुकुमचंद घंटाघर, 56 दुकान, पलासिया, आरएनटी मार्ग।
यातायात जोन-4: भवरकुआ से टॉवर चौराहा, राजवाड़ा क्षेत्र, जवाहरमार्ग, खजूरी बाजार, सराफा क्षेत्र।
पेट्रोलिंग टीमों ने पीए सिस्टम, बॉडी वॉर्न कैमरा, क्रेन एवं सपोर्ट वाहन, व्हील लॉक और पीओएस मशीन की सहायता से कार्रवाई की। मुख्य मार्गों और बाजार क्षेत्रों में सड़क या फुटपाथ पर वाहन खड़े कर यातायात बाधित करने वालों पर सख्ती बरती गई।
प्रारंभ में वाहन चालकों को समझाइश दी गई, परंतु नियमों की अवहेलना जारी रखने पर व्हील लॉक एवं क्रेन के माध्यम से चालान किया गया। साथ ही पीए सिस्टम से नागरिकों से निर्धारित पार्किंग स्थलों का उपयोग करने और यातायात नियमों का पालन करने की अपील की गई।
निरंतर कार्रवाई के परिणामस्वरूप कई क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था अधिक सुगम हुई है, जिससे आम नागरिकों ने राहत महसूस की और जिम्मेदार नागरिकों ने यातायात पुलिस की पहल की सराहना की।
इंदौर यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शहर में सुगम और सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
    user_Padmavat Media
    Padmavat Media
    Newspaper publisher सलूंबर, उदयपुर, राजस्थान•
    12 hrs ago
  • छोटी सादड़ी चारभुजा नाथ की जय हो स्थानीय बड़े मंदिर में लगभग 11:00 बजे यहां आरती का कार्यक्रम होता है
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    छोटी सादड़ी चारभुजा नाथ की जय हो स्थानीय बड़े मंदिर में लगभग 11:00 बजे यहां आरती का कार्यक्रम होता है
    user_Reporter ambalal suthar
    Reporter ambalal suthar
    Video Creator छोटी सादड़ी, प्रतापगढ़, राजस्थान•
    17 hrs ago
  • मंदसौर के गांधी चौराहे पर उस समय सियासी माहौल गरमा गया जब भारतीय जनता युवा मोर्चा ने कांग्रेस कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। नई दिल्ली में आयोजित AI Impact Summit कार्यक्रम में कथित हंगामे के विरोध में युवा मोर्चा कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे और कांग्रेस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यालय पर लगे नेताओं के पोस्टरों पर कालिख पोते जाने की घटना भी सामने आई। इसी बीच कांग्रेस और भाजपा कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए। एक दृश्य में कांग्रेस नेत्री चप्पल उठाकर विरोध जताती नजर आईं, जिससे माहौल और तनावपूर्ण हो गया। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों को अलग किया और मामला शांत कराया। ऐसी ही निष्पक्ष और ताज़ा खबरों के लिए चैनल को सब्सक्राइब करें। नवराज्य टाइम्स – सच की आवाज
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    मंदसौर के गांधी चौराहे पर उस समय सियासी माहौल गरमा गया जब भारतीय जनता युवा मोर्चा ने कांग्रेस कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया।
नई दिल्ली में आयोजित AI Impact Summit कार्यक्रम में कथित हंगामे के विरोध में युवा मोर्चा कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे और कांग्रेस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यालय पर लगे नेताओं के पोस्टरों पर कालिख पोते जाने की घटना भी सामने आई। इसी बीच कांग्रेस और भाजपा कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए।
एक दृश्य में कांग्रेस नेत्री चप्पल उठाकर विरोध जताती नजर आईं, जिससे माहौल और तनावपूर्ण हो गया।
स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों को अलग किया और मामला शांत कराया।
ऐसी ही निष्पक्ष और ताज़ा खबरों के लिए चैनल को सब्सक्राइब करें।
नवराज्य टाइम्स – सच की आवाज
    user_NAVRAJYA TIME'S
    NAVRAJYA TIME'S
    Local News Reporter मल्हारगढ़, मंदसौर, मध्य प्रदेश•
    14 hrs ago
  • हमारे गांव करणपुरिया में सड़क रिपेयरिंग का काम चल रहा है पर उसमें भी घोटाला हो रहा आधा खड़ा ऐसे छोड़ दे रहे खाली नाम का रिपेयरिंग का काम चल रहा गांव करणपुरिया तह-सेमारी डिस्क-सलूंबर राजस्थान क्या यही काम है रोड रिपेयरिंग का
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    हमारे गांव करणपुरिया में सड़क रिपेयरिंग का काम चल रहा है पर उसमें भी घोटाला हो रहा आधा खड़ा ऐसे छोड़ दे रहे खाली नाम का रिपेयरिंग का काम चल रहा गांव करणपुरिया तह-सेमारी डिस्क-सलूंबर राजस्थान क्या यही काम है रोड रिपेयरिंग का
    user_Pankaj Kumar Meena
    Pankaj Kumar Meena
    Voice of people सेमारी, उदयपुर, राजस्थान•
    23 hrs ago
  • लघु उद्योग भारती इकाई कुशलगढ़ की महत्वपूर्ण बैठक राव सा होटल में पवन जैन की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में लघु उद्योग भारती के उद्देश्य, विस्तार एवं स्थानीय उद्यमियों की समस्याओं पर चर्चा की गई। पवन जैन ने संगठन की स्थापना (17 अप्रैल 1994) की जानकारी देते हुए स्वदेशी, आत्मनिर्भरता और स्थानीय उत्पादन को बढ़ावा देने का आह्वान किया। इकाई अध्यक्ष राहुल भटेवरा ने संगठन की कार्यप्रणाली और स्थानीय प्रयासों पर प्रकाश डाला। इकाई सचिव कुलदीप लोद्वावरा ने बताया कि उद्योग मंत्री का प्रस्तावित प्रवास कुशलगढ़ एवं बांसवाड़ा में रहेगा, जो उद्यमियों के लिए समस्याएँ सीधे सरकार तक रखने का अवसर होगा। सलाहकार एवं चार्टर्ड अकाउंटेंट कोटूल पडियार ने कर एवं वित्तीय प्रबंधन पर मार्गदर्शन दिया। बैठक में ललित गोलेछा, राजकुमार प्रजापत, जिनेंद्र सेठिया, गोविंद दातला, अजय राठौर, हार्दिक सोलंकी एवं अभिषेक जैन ने भी विचार रखे। समापन आत्मनिर्भर भारत के संकल्प के साथ हुआ।
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    लघु उद्योग भारती इकाई कुशलगढ़ की महत्वपूर्ण बैठक राव सा होटल में पवन जैन की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में लघु उद्योग भारती के उद्देश्य, विस्तार एवं स्थानीय उद्यमियों की समस्याओं पर चर्चा की गई।
पवन जैन ने संगठन की स्थापना (17 अप्रैल 1994) की जानकारी देते हुए स्वदेशी, आत्मनिर्भरता और स्थानीय उत्पादन को बढ़ावा देने का आह्वान किया। इकाई अध्यक्ष राहुल भटेवरा ने संगठन की कार्यप्रणाली और स्थानीय प्रयासों पर प्रकाश डाला।
इकाई सचिव कुलदीप लोद्वावरा ने बताया कि उद्योग मंत्री का प्रस्तावित प्रवास कुशलगढ़ एवं बांसवाड़ा में रहेगा, जो उद्यमियों के लिए समस्याएँ सीधे सरकार तक रखने का अवसर होगा। सलाहकार एवं चार्टर्ड अकाउंटेंट कोटूल पडियार ने कर एवं वित्तीय प्रबंधन पर मार्गदर्शन दिया।
बैठक में ललित गोलेछा, राजकुमार प्रजापत, जिनेंद्र सेठिया, गोविंद दातला, अजय राठौर, हार्दिक सोलंकी एवं अभिषेक जैन ने भी विचार रखे। समापन आत्मनिर्भर भारत के संकल्प के साथ हुआ।
    user_धर्मेंद्र उपाध्याय
    धर्मेंद्र उपाध्याय
    पत्रकार बांसवाड़ा, बांसवाड़ा, राजस्थान•
    4 hrs ago
  • पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव। बाहुबली कॉलोनी बांसवाड़ा राजस्थान में
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    पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव।        बाहुबली कॉलोनी बांसवाड़ा राजस्थान में
    user_Ajay kumar Pandit
    Ajay kumar Pandit
    Photographer Banswara, Rajasthan•
    5 hrs ago
  • डीएनपी क्षेत्र में रह रहें लोगों की पीड़ा को लेकर सदन में बोले शिव विधायक रविन्द्र सिंह भाटी। कहा — अगस्त 1980 को एक अधिसूचना के माध्यम से पश्चिमी राजस्थान के एक बड़े भूभाग को डीएनपी के रूप में आरक्षित घोषित कर दिया गया। इसका उद्देश्य मरुस्थलीय पारिस्थितिकी तंत्र, वन्यजीवों और विशेष रूप से दुर्लभ प्रजातियों का संरक्षण था। लेकिन इस निर्णय के बाद वहां निवास करने वाले स्थानीय लोगों की स्थिति “विकास के दायरे से बाहर” हो गई। एक तरफ सरकार लाखों बीघा जमीन कंपनियों को अलॉट कर रही हैं, दूसरी तरफ 45 सालों से वहां के लोग मूलभूत सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं। डीएनपी क्षेत्र में रहने वाले परिवार आज भी समस्याओं से जूझ रहे हैं। डीएनपी क्षेत्र में सड़क निर्माण पर प्रतिबंध है, बिजली और पानी जैसी मूलभूत सेवाओं का अभाव है, प्रधानमंत्री आवास योजना जैसी योजनाओं का क्रियान्वयन वहाँ नहीं हो पा रहा है, वहाँ के किसानों को कृषि ऋण (KCC) लेने में कठिनाई का सामना करना पड़ता है, साथ ही स्कूल, अस्पताल और मोबाइल इंटरनेट जैसी सुविधाओं का अभाव उस क्षेत्र के लोगों के जीवन को नर्क बनाए हुए है। 45 वर्षों में डीएनपी क्षेत्र की आबादी का विस्तार “1% भी नहीं” हो पाया है, क्योंकि निर्माण और भूमि उपयोग से जुड़े प्रतिबंधों ने सामान्य जीवन को असंभव बना दिया है। जब एक ओर उद्योगों और मल्टीनेशनल कंपनियों को बड़े पैमाने पर भूमि आवंटित की जा रही है, तो दूसरी ओर दशकों से बसे परिवारों को घर बनाने या बुनियादी ढांचा खड़ा करने की अनुमति तक क्यों नहीं मिलती? जो लोग 45 सालों से सरकार की तरफ उम्मीद के साथ देख रहे हैं, उनकी चिंता कौन करेगा? उनका परिवार बढ़ रहा है, लेकिन भविष्य सिकुड़ रहा है। डीएनपी का बड़ा हिस्सा अंतरराष्ट्रीय सीमा के निकट स्थित है। यदि इन क्षेत्रों से लगातार पलायन होता रहा, तो यह केवल सामाजिक या आर्थिक मुद्दा नहीं रहेगा, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा का प्रश्न बन जाएगा। सीमांत गांवों का खाली होना “सीमा की मजबूती को कमजोर” करेगा, क्योंकि यही स्थानीय लोग दशकों से सीमा के प्राकृतिक प्रहरी रहे हैं। संरक्षण आवश्यक है, लेकिन “संवेदनशीलता के बिना संरक्षण, नागरिकों के लिए दंड जैसा बन जाता है।” सरकार जल्द से जल्द संज्ञान ले कर डीएनपी क्षेत्र के उन लोगों को राहत देने का काम करें और उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाये ताकि वह भी प्रदेश और देश के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ सके और सम्मानपूर्वक जीवन व्यतीत कर सकें।
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    डीएनपी क्षेत्र में रह रहें लोगों की पीड़ा को लेकर सदन में बोले शिव विधायक रविन्द्र सिंह भाटी। कहा — अगस्त 1980 को एक अधिसूचना के माध्यम से पश्चिमी राजस्थान के एक बड़े भूभाग को डीएनपी के रूप में आरक्षित घोषित कर दिया गया। इसका उद्देश्य मरुस्थलीय पारिस्थितिकी तंत्र, वन्यजीवों और विशेष रूप से दुर्लभ प्रजातियों का संरक्षण था।
लेकिन इस निर्णय के बाद वहां निवास करने वाले स्थानीय लोगों की स्थिति “विकास के दायरे से बाहर” हो गई।
एक तरफ सरकार लाखों बीघा जमीन कंपनियों को अलॉट कर रही हैं, दूसरी तरफ 45 सालों से वहां के लोग मूलभूत सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं।
डीएनपी क्षेत्र में रहने वाले परिवार आज भी समस्याओं से जूझ रहे हैं। डीएनपी क्षेत्र में सड़क निर्माण पर प्रतिबंध है, बिजली और पानी जैसी मूलभूत सेवाओं का अभाव है, प्रधानमंत्री आवास योजना जैसी योजनाओं का क्रियान्वयन वहाँ नहीं हो पा रहा है, वहाँ के किसानों को कृषि ऋण (KCC) लेने में कठिनाई का सामना करना पड़ता है, साथ ही स्कूल, अस्पताल और मोबाइल इंटरनेट जैसी सुविधाओं का अभाव उस क्षेत्र के लोगों के जीवन को नर्क बनाए हुए है। 
45 वर्षों में डीएनपी क्षेत्र की आबादी का विस्तार “1% भी नहीं” हो पाया है, क्योंकि निर्माण और भूमि उपयोग से जुड़े प्रतिबंधों ने सामान्य जीवन को असंभव बना दिया है।
जब एक ओर उद्योगों और मल्टीनेशनल कंपनियों को बड़े पैमाने पर भूमि आवंटित की जा रही है, तो दूसरी ओर दशकों से बसे परिवारों को घर बनाने या बुनियादी ढांचा खड़ा करने की अनुमति तक क्यों नहीं मिलती?
जो लोग 45 सालों से सरकार की तरफ उम्मीद के साथ देख रहे हैं, उनकी चिंता कौन करेगा? उनका परिवार बढ़ रहा है, लेकिन भविष्य सिकुड़ रहा है।
डीएनपी का बड़ा हिस्सा अंतरराष्ट्रीय सीमा के निकट स्थित है। यदि इन क्षेत्रों से लगातार पलायन होता रहा, तो यह केवल सामाजिक या आर्थिक मुद्दा नहीं रहेगा, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा का प्रश्न बन जाएगा।
सीमांत गांवों का खाली होना “सीमा की मजबूती को कमजोर” करेगा, क्योंकि यही स्थानीय लोग दशकों से सीमा के प्राकृतिक प्रहरी रहे हैं।
संरक्षण आवश्यक है, लेकिन “संवेदनशीलता के बिना संरक्षण, नागरिकों के लिए दंड जैसा बन जाता है।”
सरकार जल्द से जल्द संज्ञान ले कर डीएनपी क्षेत्र के उन लोगों को राहत देने का काम करें और उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाये ताकि वह भी प्रदेश और देश के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ सके और सम्मानपूर्वक जीवन व्यतीत कर सकें।
    user_Padmavat Media
    Padmavat Media
    Newspaper publisher सलूंबर, उदयपुर, राजस्थान•
    21 hrs ago
  • मध्यप्रदेश के मंदसौर जिले के ग्राम सुरजनी में इनामी तस्कर वाहिद खान उर्फ भय्यू लाला की मौत ने नया मोड़ ले लिया है। शुरुआत में पुलिस द्वारा दम घुटने से मौत की बात कही गई थी, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि मौत गोली लगने से हुई। गोली कान के पीछे से लगी और आंख से बाहर निकली — इसकी पुष्टि एडिशनल एसपी ने की है। इधर मृतक के परिवार ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिवार का कहना है कि घटना की रात मारपीट की गई और 6 लाख रुपये लेने के बाद भी कार्रवाई की गई। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया है कि पुलिस घटनास्थल से CCTV DVR निकालकर ले गई और वीडियो बनाने वाले व्यक्ति का मोबाइल जब्त कर लिया। मामले में घर से पिस्टल और चाकू भी बरामद किए गए हैं। फॉरेंसिक जांच जारी है। आखिर गोली किसने चलाई? क्या यह आत्महत्या है या साजिश? पूरी रिपोर्ट देखें Navrajya Times पर।
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    मध्यप्रदेश के मंदसौर जिले के ग्राम सुरजनी में इनामी तस्कर वाहिद खान उर्फ भय्यू लाला की मौत ने नया मोड़ ले लिया है।
शुरुआत में पुलिस द्वारा दम घुटने से मौत की बात कही गई थी, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि मौत गोली लगने से हुई। गोली कान के पीछे से लगी और आंख से बाहर निकली — इसकी पुष्टि एडिशनल एसपी ने की है।
इधर मृतक के परिवार ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिवार का कहना है कि घटना की रात मारपीट की गई और 6 लाख रुपये लेने के बाद भी कार्रवाई की गई।
परिजनों ने यह भी आरोप लगाया है कि पुलिस घटनास्थल से CCTV DVR निकालकर ले गई और वीडियो बनाने वाले व्यक्ति का मोबाइल जब्त कर लिया।
मामले में घर से पिस्टल और चाकू भी बरामद किए गए हैं। फॉरेंसिक जांच जारी है।
आखिर गोली किसने चलाई?
क्या यह आत्महत्या है या साजिश?
पूरी रिपोर्ट देखें Navrajya Times पर।
    user_NAVRAJYA TIME'S
    NAVRAJYA TIME'S
    Local News Reporter मल्हारगढ़, मंदसौर, मध्य प्रदेश•
    18 hrs ago
  • आज भारतीय जनता पार्टी मंडल गांगड़तलाई एवं सल्लोपाट के समस्त कार्यकर्ता—बूथ अध्यक्ष, मंडल पदाधिकारी, कार्यकारिणी सदस्य, जिला परिषद सदस्य, पंचायत समिति सदस्य, सरपंच, वार्ड पंच, पूर्व सरपंच, जिला पदाधिकारी, बीएलए-2, शक्तिकेंद्र संयोजक व प्रभारी सहित सक्रिय कार्यकर्ताओं की संयुक्त बैठक मंडोक महादेव मंदिर, झेरमोटी में आयोजित हुई। बैठक मुख्य अतिथि जिलाध्यक्ष पूंजीलाल गायरी के सान्निध्य में तथा दोनों मंडल अध्यक्षों की संयुक्त अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक को संबोधित करते हुए गायरी ने पंचायतीराज चुनाव में भाजपा को जिताने का आह्वान किया तथा कांग्रेस पर नरेगा बंद करने का झूठ फैलाने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने उनके भ्रष्टाचार की दुकान बंद की है। बैठक में कृष्णा कटारा, मंडल अध्यक्ष राजेंद्र सिंघाड़ा एडवोकेट, रूपलालजी, दलसिह कटारा, लक्ष्मणलाल गरासिया आदि ने भी विचार व्यक्त किए। संचालन पूर्व जिला महामंत्री मुकेश शर्मा ने किया, जबकि आभार सुरेश राठौड़ ने प्रकट किया।
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    आज भारतीय जनता पार्टी मंडल गांगड़तलाई एवं सल्लोपाट के समस्त कार्यकर्ता—बूथ अध्यक्ष, मंडल पदाधिकारी, कार्यकारिणी सदस्य, जिला परिषद सदस्य, पंचायत समिति सदस्य, सरपंच, वार्ड पंच, पूर्व सरपंच, जिला पदाधिकारी, बीएलए-2, शक्तिकेंद्र संयोजक व प्रभारी सहित सक्रिय कार्यकर्ताओं की संयुक्त बैठक मंडोक महादेव मंदिर, झेरमोटी में आयोजित हुई। बैठक मुख्य अतिथि जिलाध्यक्ष पूंजीलाल गायरी के सान्निध्य में तथा दोनों मंडल अध्यक्षों की संयुक्त अध्यक्षता में सम्पन्न हुई।
बैठक को संबोधित करते हुए गायरी ने पंचायतीराज चुनाव में भाजपा को जिताने का आह्वान किया तथा कांग्रेस पर नरेगा बंद करने का झूठ फैलाने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने उनके भ्रष्टाचार की दुकान बंद की है।
बैठक में कृष्णा कटारा, मंडल अध्यक्ष राजेंद्र सिंघाड़ा एडवोकेट, रूपलालजी, दलसिह कटारा, लक्ष्मणलाल गरासिया आदि ने भी विचार व्यक्त किए। संचालन पूर्व जिला महामंत्री मुकेश शर्मा ने किया, जबकि आभार सुरेश राठौड़ ने प्रकट किया।
    user_धर्मेंद्र उपाध्याय
    धर्मेंद्र उपाध्याय
    पत्रकार बांसवाड़ा, बांसवाड़ा, राजस्थान•
    17 hrs ago
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