logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

*घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था* मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है। *घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था* मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है।

1 hr ago
user_रामदत्त दाहिया
रामदत्त दाहिया
Firefighter रामपुर बघेलन, सतना, मध्य प्रदेश•
1 hr ago

*घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था* मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है। *घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था* मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • *घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था* मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है। *घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था* मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है।
    1
    *घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था*
मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है।
*घोड़े को नहीं मिल रही घास , गधे खा रहे च्यवनप्राश, अमरपाटन सिविल अस्पताल की दुर्दशा की बदहाल व्यवस्था*
मैहर जिले की सिविल अस्पताल अमरपाटन इन दिन लगातार सवालों के घेरे में रहता है, अस्पताल में कई कमरे ऐसे हैं जहां मरीजों के लिए पंखा नहीं है मरीज गर्मी में लेटने को मजबूर है वही मवेशी चार चार पंखे की हवा लेते नजर आ रहे हैं, स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के चलते अस्पताल बदहाली से जूझ रहा है परिजनों के हंगामा के वक्त प्रशासन हर दम जांच और लगातार निरीक्षण का आश्वासन तो देता है पर मामला शांत होने के बाद वादा फिर ठंडे बस्ते में समा जाता है बहरहाल वायरल वीडियो ने एक बार फिर जिम्मेदार तंत्र पर सवाल खड़े कर दिया है।
    user_रामदत्त दाहिया
    रामदत्त दाहिया
    Firefighter रामपुर बघेलन, सतना, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • इंदौर में प्रधान आरक्षक के 15 ठिकानों पर लोकायुक्त का छापा, 6.26 करोड़ की अकूत संपत्ति का खुलासा,, इंदौर में पदस्थ प्रधान आरक्षक चालक फिरोज खान के खिलाफ लोकायुक्त ने बड़ी कार्रवाई की है। बुधवार सुबह 6 बजे से इंदौर-देवास समेत 15 ठिकानों पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। जांच में करीब 6.26 करोड़ रुपये की अनुपातहीन संपत्ति मिलने का दावा किया गया है। यह संपत्ति उसकी ज्ञात आय से 223 प्रतिशत अधिक बताई जा रही है। लोकायुक्त टीम दस्तावेजों की जांच में जुटी है।
    1
    इंदौर में प्रधान आरक्षक के 15 ठिकानों पर लोकायुक्त का छापा, 6.26 करोड़ की अकूत संपत्ति का खुलासा,,
इंदौर में पदस्थ प्रधान आरक्षक चालक फिरोज खान के खिलाफ लोकायुक्त ने बड़ी कार्रवाई की है। बुधवार सुबह 6 बजे से इंदौर-देवास समेत 15 ठिकानों पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। जांच में करीब 6.26 करोड़ रुपये की अनुपातहीन संपत्ति मिलने का दावा किया गया है। यह संपत्ति उसकी ज्ञात आय से 223 प्रतिशत अधिक बताई जा रही है। लोकायुक्त टीम दस्तावेजों की जांच में जुटी है।
    user_पत्रकार सुधाकर त्रिपाठी सतना
    पत्रकार सुधाकर त्रिपाठी सतना
    रामपुर बघेलन, सतना, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • यात्रियों की जान से खिलवाड़! रीवा-सतना रूट पर बेलगाम बस संचालन कब रुकेगा? 🔴 यात्रियों की जान से खिलवाड़! रीवा-सतना रूट पर बेलगाम बस संचालन कब रुकेगा? बेला में चलती बस से उतरते समय 28 वर्षीय ओमप्रकाश साहू गंभीर रूप से घायल, जबलपुर में जिंदगी और मौत के बीच जंग चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 पर गंभीर सवाल, परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस की जवाबदेही तय करने की मांग दैनिक तत्काल संदेश | विशेष रिपोर्ट रीवा। क्या यात्रियों की सुरक्षा से बढ़कर निजी बस संचालकों की मनमानी हो गई है? क्या प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा है? रीवा-सतना-मैहर मार्ग पर निजी बसों के संचालन को लेकर उठ रहे सवालों के बीच 12 अक्टूबर 2026 की शाम बेला स्कूल के पास हुई दुर्घटना ने एक बार फिर यात्री सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 से उतरते समय 28 वर्षीय ओमप्रकाश साहू गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजनों के अनुसार, उन्हें सिर और सीने में गंभीर चोटें आई हैं। घटना के बाद उन्हें रीवा के संजय गांधी स्मृति चिकित्सालय (SGMH) ले जाया गया, जहां से बेहतर उपचार के लिए जबलपुर रेफर किया गया। फिलहाल उनके जबलपुर के अस्पताल में उपचाराधीन होने की जानकारी सामने आई है। बस से उतर भी नहीं पाए थे ओमप्रकाश, चालक लापरवाही पूर्वक से बढ़ा दी रफ्तार! प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना 12 अक्टूबर की शाम करीब सात बजे बेला स्कूल के पास हुई। बताया गया है कि ओमप्रकाश साहू चंदेल बस से उतर रहे थे, तभी बस आगे बढ़ गई और वह दुर्घटना का शिकार हो गए। हादसे में उनके सिर और सीने में गंभीर चोटें आईं। परिजनों के मुताबिक, उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है और सिर में गंभीर चोट के कारण चिकित्सकों की निगरानी में उपचार जारी है। परिजनों की पीड़ा का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि परिवार का एक सदस्य अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहा है, जबकि परिवार के लोग उसके स्वस्थ होने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। हालांकि, दुर्घटना के सटीक कारणों, चालक की भूमिका और बस की गति की पुष्टि पुलिस एवं परिवहन विभाग की जांच के बाद ही हो सकेगी। सवाल सिर्फ एक बस का नहीं, पूरे सिस्टम की जवाबदेही का है! रीवा, सतना और मैहर मार्ग पर बसों के संचालन को लेकर यात्रियों की सुरक्षा का मुद्दा लंबे समय से महत्वपूर्ण बना हुआ है। बस स्टॉप पर वाहन पूरी तरह रोके बिना यात्रियों को उतारने-चढ़ाने, तेज गति से वाहन चलाने और यातायात नियमों की अनदेखी जैसी शिकायतों की निष्पक्ष जांच जरूरी है। यदि इन शिकायतों में सच्चाई है, तो यह केवल यातायात नियमों का उल्लंघन नहीं, बल्कि यात्रियों की जिंदगी को खतरे में डालने वाला गंभीर मामला है। सार्वजनिक परिवहन का उद्देश्य लोगों को सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाना है, न कि उन्हें जोखिम में डालना। अब सवाल यह है कि जिम्मेदार विभाग इन शिकायतों को कितनी गंभीरता से लेते हैं और सड़क पर उतरकर वास्तविक स्थिति की जांच कब करते हैं। प्रशासन से सीधे सवाल, जवाब जरूरी! 1. बस की जांच कब होगी? दुर्घटना में शामिल चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 की फिटनेस, परमिट, बीमा और अन्य वैधानिक दस्तावेजों की जांच कब की जाएगी? 2. चालक की जिम्मेदारी कौन तय करेगा? क्या पुलिस दुर्घटना की निष्पक्ष जांच कर चालक की भूमिका, वाहन की गति और घटना की परिस्थितियों का पता लगाएगी? 3. बस स्टॉप पर सुरक्षा के नियम लागू क्यों नहीं होते? बेला, मनगवां, अमरपाटन और मैहर जैसे मार्गों पर यात्रियों को सुरक्षित उतारने-चढ़ाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे? 4. क्या पूरे मार्ग की बसों की जांच होगी? क्या परिवहन विभाग और यातायात पुलिस संयुक्त अभियान चलाकर निजी बसों की फिटनेस, परमिट, चालक के लाइसेंस और सुरक्षा नियमों के पालन की जांच करेंगे? 5. घायल युवक को न्याय और परिवार को सहायता कब मिलेगी? क्या प्रशासन पीड़ित परिवार की स्थिति का संज्ञान लेकर नियमानुसार उपलब्ध सहायता सुनिश्चित करेगा? हमारी मांग: जांच हो, जवाबदेही तय हो और दोषियों पर कार्रवाई हो दैनिक तत्काल संदेश के माध्यम से रीवा, सतना और मैहर के जिला प्रशासन, क्षेत्रीय परिवहन अधिकारियों तथा यातायात पुलिस से मांग की जाती है कि— - दुर्घटना की निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराई जाए। - चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 के परमिट, फिटनेस और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की जांच की जाए। - जांच में चालक की लापरवाही प्रमाणित होने पर लागू कानून के तहत उचित कार्रवाई की जाए। - रीवा-सतना-मैहर मार्ग पर चलने वाली निजी बसों की सुरक्षा व्यवस्था और यातायात नियमों के पालन की विशेष जांच कराई जाए। - सभी प्रमुख बस स्टॉप पर यात्रियों को सुरक्षित उतारने-चढ़ाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। - घायल ओमप्रकाश साहू के उपचार और परिवार की सहायता के लिए नियमानुसार आवश्यक कदम उठाए जाएं। बस का परमिट निरस्त करने जैसी कठोर कार्रवाई भी जांच में सामने आए तथ्यों और लागू नियमों के आधार पर की जानी चाहिए। आज ओमप्रकाश अस्पताल में हैं, कल किसी और परिवार पर टूट सकता है दुखों का पहाड़! यह मामला केवल एक युवक के घायल होने तक सीमित नहीं रहना चाहिए। यदि जांच में लापरवाही सामने आती है, तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस व्यवस्था बनाई जानी चाहिए। किसी भी परिवार के लिए अपने बेटे, भाई या पति को गंभीर हालत में अस्पताल में देखना असहनीय पीड़ा है। सार्वजनिक परिवहन में सफर करने वाले प्रत्येक यात्री को सुरक्षित यात्रा का अधिकार है। इस अधिकार की रक्षा करना प्रशासन और परिवहन व्यवस्था की जिम्मेदारी है। अब जरूरत केवल आश्वासन की नहीं, ठोस कार्रवाई की है। प्रशासन जांच करे, जिम्मेदारी तय करे और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करे। आखिर आम आदमी की जान की कीमत कब समझी जाएगी? पीड़ित युवक: ओमप्रकाश साहू, उम्र 28 वर्ष घटना: 12 अक्टूबर 2026, शाम करीब 7 बजे स्थान: बेला स्कूल के पास, रीवा क्षेत्र संबंधित बस: चंदेल बस, क्रमांक MP19 Z09545 उपचार: SGMH रीवा से रेफर; जबलपुर के आदित्य अस्पताल में उपचार की जानकारी
    2
    यात्रियों की जान से खिलवाड़! रीवा-सतना रूट पर बेलगाम बस संचालन कब रुकेगा?
🔴 यात्रियों की जान से खिलवाड़! रीवा-सतना रूट पर बेलगाम बस संचालन कब रुकेगा?
बेला में चलती बस से उतरते समय 28 वर्षीय ओमप्रकाश साहू गंभीर रूप से घायल, जबलपुर में जिंदगी और मौत के बीच जंग
चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 पर गंभीर सवाल, परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस की जवाबदेही तय करने की मांग
दैनिक तत्काल संदेश | विशेष रिपोर्ट
रीवा।
क्या यात्रियों की सुरक्षा से बढ़कर निजी बस संचालकों की मनमानी हो गई है? क्या प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा है? रीवा-सतना-मैहर मार्ग पर निजी बसों के संचालन को लेकर उठ रहे सवालों के बीच 12 अक्टूबर 2026 की शाम बेला स्कूल के पास हुई दुर्घटना ने एक बार फिर यात्री सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 से उतरते समय 28 वर्षीय ओमप्रकाश साहू गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजनों के अनुसार, उन्हें सिर और सीने में गंभीर चोटें आई हैं। घटना के बाद उन्हें रीवा के संजय गांधी स्मृति चिकित्सालय (SGMH) ले जाया गया, जहां से बेहतर उपचार के लिए जबलपुर रेफर किया गया। फिलहाल उनके जबलपुर के  अस्पताल में उपचाराधीन होने की जानकारी सामने आई है।
बस से उतर भी नहीं पाए थे ओमप्रकाश, चालक लापरवाही पूर्वक से बढ़ा दी रफ्तार!
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना 12 अक्टूबर की शाम करीब सात बजे बेला स्कूल के पास हुई। बताया गया है कि ओमप्रकाश साहू चंदेल बस से उतर रहे थे, तभी बस आगे बढ़ गई और वह दुर्घटना का शिकार हो गए। हादसे में उनके सिर और सीने में गंभीर चोटें आईं। परिजनों के मुताबिक, उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है और सिर में गंभीर चोट के कारण चिकित्सकों की निगरानी में उपचार जारी है।
परिजनों की पीड़ा का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि परिवार का एक सदस्य अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहा है, जबकि परिवार के लोग उसके स्वस्थ होने की उम्मीद लगाए बैठे हैं।
हालांकि, दुर्घटना के सटीक कारणों, चालक की भूमिका और बस की गति की पुष्टि पुलिस एवं परिवहन विभाग की जांच के बाद ही हो सकेगी।
सवाल सिर्फ एक बस का नहीं, पूरे सिस्टम की जवाबदेही का है!
रीवा, सतना और मैहर मार्ग पर बसों के संचालन को लेकर यात्रियों की सुरक्षा का मुद्दा लंबे समय से महत्वपूर्ण बना हुआ है। बस स्टॉप पर वाहन पूरी तरह रोके बिना यात्रियों को उतारने-चढ़ाने, तेज गति से वाहन चलाने और यातायात नियमों की अनदेखी जैसी शिकायतों की निष्पक्ष जांच जरूरी है।
यदि इन शिकायतों में सच्चाई है, तो यह केवल यातायात नियमों का उल्लंघन नहीं, बल्कि यात्रियों की जिंदगी को खतरे में डालने वाला गंभीर मामला है। सार्वजनिक परिवहन का उद्देश्य लोगों को सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाना है, न कि उन्हें जोखिम में डालना।
अब सवाल यह है कि जिम्मेदार विभाग इन शिकायतों को कितनी गंभीरता से लेते हैं और सड़क पर उतरकर वास्तविक स्थिति की जांच कब करते हैं।
प्रशासन से सीधे सवाल, जवाब जरूरी!
1. बस की जांच कब होगी?
दुर्घटना में शामिल चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 की फिटनेस, परमिट, बीमा और अन्य वैधानिक दस्तावेजों की जांच कब की जाएगी?
2. चालक की जिम्मेदारी कौन तय करेगा?
क्या पुलिस दुर्घटना की निष्पक्ष जांच कर चालक की भूमिका, वाहन की गति और घटना की परिस्थितियों का पता लगाएगी?
3. बस स्टॉप पर सुरक्षा के नियम लागू क्यों नहीं होते?
बेला, मनगवां, अमरपाटन और मैहर जैसे मार्गों पर यात्रियों को सुरक्षित उतारने-चढ़ाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे?
4. क्या पूरे मार्ग की बसों की जांच होगी?
क्या परिवहन विभाग और यातायात पुलिस संयुक्त अभियान चलाकर निजी बसों की फिटनेस, परमिट, चालक के लाइसेंस और सुरक्षा नियमों के पालन की जांच करेंगे?
5. घायल युवक को न्याय और परिवार को सहायता कब मिलेगी?
क्या प्रशासन पीड़ित परिवार की स्थिति का संज्ञान लेकर नियमानुसार उपलब्ध सहायता सुनिश्चित करेगा?
हमारी मांग: जांच हो, जवाबदेही तय हो और दोषियों पर कार्रवाई हो
दैनिक तत्काल संदेश के माध्यम से रीवा, सतना और मैहर के जिला प्रशासन, क्षेत्रीय परिवहन अधिकारियों तथा यातायात पुलिस से मांग की जाती है कि—
- दुर्घटना की निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराई जाए।
- चंदेल बस क्रमांक MP19 Z09545 के परमिट, फिटनेस और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की जांच की जाए।
- जांच में चालक की लापरवाही प्रमाणित होने पर लागू कानून के तहत उचित कार्रवाई की जाए।
- रीवा-सतना-मैहर मार्ग पर चलने वाली निजी बसों की सुरक्षा व्यवस्था और यातायात नियमों के पालन की विशेष जांच कराई जाए।
- सभी प्रमुख बस स्टॉप पर यात्रियों को सुरक्षित उतारने-चढ़ाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
- घायल ओमप्रकाश साहू के उपचार और परिवार की सहायता के लिए नियमानुसार आवश्यक कदम उठाए जाएं।
बस का परमिट निरस्त करने जैसी कठोर कार्रवाई भी जांच में सामने आए तथ्यों और लागू नियमों के आधार पर की जानी चाहिए।
आज ओमप्रकाश अस्पताल में हैं, कल किसी और परिवार पर टूट सकता है दुखों का पहाड़!
यह मामला केवल एक युवक के घायल होने तक सीमित नहीं रहना चाहिए। यदि जांच में लापरवाही सामने आती है, तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस व्यवस्था बनाई जानी चाहिए।
किसी भी परिवार के लिए अपने बेटे, भाई या पति को गंभीर हालत में अस्पताल में देखना असहनीय पीड़ा है। सार्वजनिक परिवहन में सफर करने वाले प्रत्येक यात्री को सुरक्षित यात्रा का अधिकार है। इस अधिकार की रक्षा करना प्रशासन और परिवहन व्यवस्था की जिम्मेदारी है।
अब जरूरत केवल आश्वासन की नहीं, ठोस कार्रवाई की है। प्रशासन जांच करे, जिम्मेदारी तय करे और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करे। आखिर आम आदमी की जान की कीमत कब समझी जाएगी?
पीड़ित युवक: ओमप्रकाश साहू, उम्र 28 वर्ष
घटना: 12 अक्टूबर 2026, शाम करीब 7 बजे
स्थान: बेला स्कूल के पास, रीवा क्षेत्र
संबंधित बस: चंदेल बस, क्रमांक MP19 Z09545
उपचार: SGMH रीवा से रेफर; जबलपुर के आदित्य अस्पताल में उपचार की जानकारी
    user_राम प्रसाद साहू
    राम प्रसाद साहू
    Photographer Amarpatan, Satna•
    43 min ago
  • *अमहिया पुलिस की ताबड़तोड़ कार्यवाही* *रीवा अमहिया पुलिस ने 24 घंटे के अंदर ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी को किया गिरफ्तार , सामान बरामद,* पुलिस अधीक्षक रीवा श्री डॉक्टर गुरकरन सिंह ,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रीवा श्रीमती भावना मरावी के निर्देशन में तथा नगर पुलिस अधीक्षक रीवा श्री आलोक वर्मा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी अमहिया निरीक्षक मनोज कुमार गौतम ने चोर को पकड़ने के लिए थाना स्टाफ के साथ मिलकर सिरमौर चौराहा स्थित ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी इरफान अंसारी पिता रफीक अंसारी उम्र 18 वर्ष निवासी तरहटी थाना सिटी कोतवाली रीवा को गिरफ्तार कर सामान बरामद किया। *जप्त मशरूका* १. ब्यूटी पार्लर का सामान कीमती:-150000/- २. ⁠ मोटर पम्प कीमती:- 5000/- रुपये *कुल कीमती :- 155000/- रुपये* *महत्वपूर्ण भूमिकाः*- *थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार गौतम,मप्रआर शबाना बेगम, प्रआर केमला प्रसाद, आर विकाश तिवारी,आर शंकरदत्त, आर अनुज सिंह, आर आकाश मिश्रा, योगेश सिंह* *अमहिया पुलिस की ताबड़तोड़ कार्यवाही* *रीवा अमहिया पुलिस ने 24 घंटे के अंदर ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी को किया गिरफ्तार , सामान बरामद,* पुलिस अधीक्षक रीवा श्री डॉक्टर गुरकरन सिंह ,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रीवा श्रीमती भावना मरावी के निर्देशन में तथा नगर पुलिस अधीक्षक रीवा श्री आलोक वर्मा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी अमहिया निरीक्षक मनोज कुमार गौतम ने चोर को पकड़ने के लिए थाना स्टाफ के साथ मिलकर सिरमौर चौराहा स्थित ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी इरफान अंसारी पिता रफीक अंसारी उम्र 18 वर्ष निवासी तरहटी थाना सिटी कोतवाली रीवा को गिरफ्तार कर सामान बरामद किया। *जप्त मशरूका* १. ब्यूटी पार्लर का सामान कीमती:-150000/- २. ⁠ मोटर पम्प कीमती:- 5000/- रुपये *कुल कीमती :- 155000/- रुपये* *महत्वपूर्ण भूमिकाः*- *थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार गौतम,मप्रआर शबाना बेगम, प्रआर केमला प्रसाद, आर विकाश तिवारी,आर शंकरदत्त, आर अनुज सिंह, आर आकाश मिश्रा, योगेश सिंह*
    1
    *अमहिया पुलिस की ताबड़तोड़ कार्यवाही*

*रीवा अमहिया पुलिस ने 24 घंटे के अंदर ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी को किया गिरफ्तार , सामान बरामद,*

पुलिस अधीक्षक रीवा श्री डॉक्टर गुरकरन सिंह ,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रीवा श्रीमती भावना मरावी के निर्देशन में तथा नगर पुलिस अधीक्षक रीवा श्री आलोक वर्मा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी अमहिया निरीक्षक मनोज कुमार गौतम ने चोर को पकड़ने के लिए थाना स्टाफ के साथ मिलकर सिरमौर चौराहा स्थित ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी इरफान अंसारी पिता रफीक अंसारी उम्र 18 वर्ष निवासी तरहटी थाना सिटी कोतवाली रीवा को गिरफ्तार कर सामान बरामद किया।

*जप्त मशरूका*
१. ब्यूटी पार्लर का सामान कीमती:-150000/-
२. ⁠ मोटर पम्प कीमती:- 5000/- रुपये 
*कुल कीमती :- 155000/- रुपये*

*महत्वपूर्ण भूमिकाः*-
*थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार गौतम,मप्रआर शबाना बेगम, प्रआर केमला प्रसाद, आर विकाश तिवारी,आर शंकरदत्त, आर अनुज सिंह, आर आकाश मिश्रा, योगेश सिंह*
*अमहिया पुलिस की ताबड़तोड़ कार्यवाही*
*रीवा अमहिया पुलिस ने 24 घंटे के अंदर ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी को किया गिरफ्तार , सामान बरामद,*
पुलिस अधीक्षक रीवा श्री डॉक्टर गुरकरन सिंह ,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रीवा श्रीमती भावना मरावी के निर्देशन में तथा नगर पुलिस अधीक्षक रीवा श्री आलोक वर्मा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी अमहिया निरीक्षक मनोज कुमार गौतम ने चोर को पकड़ने के लिए थाना स्टाफ के साथ मिलकर सिरमौर चौराहा स्थित ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी इरफान अंसारी पिता रफीक अंसारी उम्र 18 वर्ष निवासी तरहटी थाना सिटी कोतवाली रीवा को गिरफ्तार कर सामान बरामद किया।
*जप्त मशरूका*
१. ब्यूटी पार्लर का सामान कीमती:-150000/-
२. ⁠ मोटर पम्प कीमती:- 5000/- रुपये 
*कुल कीमती :- 155000/- रुपये*
*महत्वपूर्ण भूमिकाः*-
*थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार गौतम,मप्रआर शबाना बेगम, प्रआर केमला प्रसाद, आर विकाश तिवारी,आर शंकरदत्त, आर अनुज सिंह, आर आकाश मिश्रा, योगेश सिंह*
    user_सोशल मीडिया पंडित विकास पत्रका
    सोशल मीडिया पंडित विकास पत्रका
    हुजूर, रीवा, मध्य प्रदेश•
    4 hrs ago
  • अमहिया पुलिस की ताबड़तोड़ कार्यवाही रीवा अमहिया पुलिस ने 24 घंटे के अंदर ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी को किया गिरफ्तार , सामान बरामद, पुलिस अधीक्षक रीवा श्री डॉक्टर गुरकरन सिंह ,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रीवा श्रीमती भावना मरावी के निर्देशन में तथा नगर पुलिस अधीक्षक रीवा श्री आलोक वर्मा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी अमहिया निरीक्षक मनोज कुमार गौतम ने चोर को पकड़ने के लिए थाना स्टाफ के साथ मिलकर सिरमौर चौराहा स्थित ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी इरफान अंसारी पिता रफीक अंसारी उम्र 18 वर्ष निवासी तरहटी थाना सिटी कोतवाली रीवा को गिरफ्तार कर सामान बरामद किया। जप्त मशरूका १. ब्यूटी पार्लर का सामान कीमती:-150000/- २. ⁠ मोटर पम्प कीमती:- 5000/- रुपये *कुल कीमती :- 155000/- रुपये* महत्वपूर्ण भूमिकाः थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार गौतम,मप्रआर शबाना बेगम, प्रआर केमला प्रसाद, आर विकाश तिवारी,आर शंकरदत्त, आर अनुज सिंह, आर आकाश मिश्रा, योगेश सिंह ब्यूरो चीफ रीवा अभिषेक पांडे
    1
    अमहिया पुलिस की ताबड़तोड़ कार्यवाही

रीवा अमहिया पुलिस ने 24 घंटे के अंदर ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी को किया गिरफ्तार , सामान बरामद,

पुलिस अधीक्षक रीवा श्री डॉक्टर गुरकरन सिंह ,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रीवा श्रीमती भावना मरावी के निर्देशन में तथा नगर पुलिस अधीक्षक रीवा श्री आलोक वर्मा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी अमहिया निरीक्षक मनोज कुमार गौतम ने चोर को पकड़ने के लिए थाना स्टाफ के साथ मिलकर सिरमौर चौराहा स्थित ब्यूटी पार्लर से सामान चोरी करने वाले आरोपी इरफान अंसारी पिता रफीक अंसारी उम्र 18 वर्ष निवासी तरहटी थाना सिटी कोतवाली रीवा को गिरफ्तार कर सामान बरामद किया।

जप्त मशरूका
१. ब्यूटी पार्लर का सामान कीमती:-150000/-
२. ⁠ मोटर पम्प कीमती:- 5000/- रुपये 
*कुल कीमती :- 155000/- रुपये*

महत्वपूर्ण भूमिकाः
थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार गौतम,मप्रआर शबाना बेगम, प्रआर केमला प्रसाद, आर विकाश तिवारी,आर शंकरदत्त, आर अनुज सिंह, आर आकाश मिश्रा, योगेश सिंह
ब्यूरो चीफ रीवा 
अभिषेक पांडे
    user_Abhishek Pandey
    Abhishek Pandey
    Artist हुजूर नगर, रीवा, मध्य प्रदेश•
    4 hrs ago
  • *अमरपाटन सिविल अस्पताल में स्वच्छता व्यवस्था ध्वस्त, चारों ओर फैली गंदगी से मरीज परेशान* *दूसरी हेडलाइन - सिविल अस्पताल बना बदहाली का शिकार, गंदगी के ढेर में इलाज कराने को मजबूर मरीज *अमरपाटन सिविल अस्पताल में स्वच्छता व्यवस्था ध्वस्त, चारों ओर फैली गंदगी से मरीज परेशान* *दूसरी हेडलाइन - सिविल अस्पताल बना बदहाली का शिकार, गंदगी के ढेर में इलाज कराने को मजबूर मरीज* *अमरपाटन।* कहते हैं अस्पताल में सबसे ज्यादा साफ-सफाई की जरूरत होती है, लेकिन अमरपाटन के सिविल अस्पताल में ही स्वच्छता की धज्जियां उड़ रही हैं। अस्पताल परिसर में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं, जिससे मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल परिसर का जायजा लेने पर देखा गया कि वार्डों के बाहर, शौचालयों के आसपास और अस्पताल के पीछे कचरा बिखरा पड़ा है। नालियां चोक हैं और उनसे बदबू आ रही है। पीने के पानी के आसपास भी गंदगी फैली हुई है। वार्डों के अंदर भी स्थिति कुछ ठीक नहीं है। बेडशीट गंदी हैं और फर्श पर भी कचरा पड़ा हुआ है। मरीजों का कहना है कि गंदगी के कारण अस्पताल में संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। मरीज इलाज कराने आते हैं, लेकिन यहां की गंदगी देखकर और बीमार होने का डर सताने लगता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्पताल में सफाई कर्मचारियों की लापरवाही के कारण यह स्थिति बनी हुई है। नियमित साफ-सफाई नहीं होने से अस्पताल की हालत दिन-ब-दिन बिगड़ती जा रही है। इस संबंध में जब जिम्मेदारों से बात करने की कोशिश की गई तो कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। अब देखना होगा कि खबर प्रकाशन के बाद स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारी इस ओर ध्यान देते हैं या नहीं।
    2
    *अमरपाटन सिविल अस्पताल में स्वच्छता व्यवस्था ध्वस्त, चारों ओर फैली गंदगी से मरीज परेशान*
*दूसरी हेडलाइन - सिविल अस्पताल बना बदहाली का शिकार, गंदगी के ढेर में इलाज कराने को मजबूर मरीज
*अमरपाटन सिविल अस्पताल में स्वच्छता व्यवस्था ध्वस्त, चारों ओर फैली गंदगी से मरीज परेशान*
*दूसरी हेडलाइन - सिविल अस्पताल बना बदहाली का शिकार, गंदगी के ढेर में इलाज कराने को मजबूर मरीज*
*अमरपाटन।* कहते हैं अस्पताल में सबसे ज्यादा साफ-सफाई की जरूरत होती है, लेकिन अमरपाटन के सिविल अस्पताल में ही स्वच्छता की धज्जियां उड़ रही हैं। अस्पताल परिसर में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं, जिससे मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
अस्पताल परिसर का जायजा लेने पर देखा गया कि वार्डों के बाहर, शौचालयों के आसपास और अस्पताल के पीछे कचरा बिखरा पड़ा है। नालियां चोक हैं और उनसे बदबू आ रही है। पीने के पानी के आसपास भी गंदगी फैली हुई है।
वार्डों के अंदर भी स्थिति कुछ ठीक नहीं है। बेडशीट गंदी हैं और फर्श पर भी कचरा पड़ा हुआ है। मरीजों का कहना है कि गंदगी के कारण अस्पताल में संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। मरीज इलाज कराने आते हैं, लेकिन यहां की गंदगी देखकर और बीमार होने का डर सताने लगता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्पताल में सफाई कर्मचारियों की लापरवाही के कारण यह स्थिति बनी हुई है। नियमित साफ-सफाई नहीं होने से अस्पताल की हालत दिन-ब-दिन बिगड़ती जा रही है।
इस संबंध में जब जिम्मेदारों से बात करने की कोशिश की गई तो कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
अब देखना होगा कि खबर प्रकाशन के बाद स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारी इस ओर ध्यान देते हैं या नहीं।
    user_अनिल कुमार साहू
    अनिल कुमार साहू
    अमरपाटन, सतना, मध्य प्रदेश•
    5 hrs ago
  • लाड़ली बहना योजना से बहनों के जीवन में खुशियाँ आई हैं। शासन और प्रशासन में मातृशक्ति की महत्वपूर्ण भूमिका पर हमें गर्व है। लाड़ली बहना योजना से बहनों के जीवन में खुशियाँ आई हैं। शासन और प्रशासन में मातृशक्ति की महत्वपूर्ण भूमिका पर हमें गर्व है। कांग्रेस ने इस योजना का विरोध किया। उनके शासन में महिला एवं बाल विकास विभाग का बजट ₹350 करोड़ था, हमारी सरकार में ₹47 हज़ार करोड़ है। - मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जी
    1
    लाड़ली बहना योजना से बहनों के जीवन में खुशियाँ आई हैं। शासन और प्रशासन में मातृशक्ति की महत्वपूर्ण भूमिका पर हमें गर्व है।
लाड़ली बहना योजना से बहनों के जीवन में खुशियाँ आई हैं। शासन और प्रशासन में मातृशक्ति की महत्वपूर्ण भूमिका पर हमें गर्व है।
कांग्रेस ने इस योजना का विरोध किया। उनके शासन में महिला एवं बाल विकास विभाग का बजट ₹350 करोड़ था, हमारी सरकार में ₹47 हज़ार करोड़ है।
- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जी
    user_रामदत्त दाहिया
    रामदत्त दाहिया
    Firefighter रामपुर बघेलन, सतना, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • मेरठ ‘नीला ड्रम कांड’: मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाए जाने का दावा, सौरभ की मां ने कहा—‘ऊपर वाले के घर देर है, अंधेर नहीं’ मेरठ। चर्चित ‘नीला ड्रम कांड’ को लेकर एक खबर सामने आई है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि अदालत ने मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाई है। फैसले के दौरान सौरभ की मां ने भावुक प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “अगर साथ नहीं रहना है तो अलग हो जाओ, लेकिन किसी की जान मत लो।” खबर के अनुसार, फैसले के बाद सौरभ के परिवार ने न्याय मिलने की उम्मीद जताई। वहीं, वकीलों द्वारा मिठाई बांटकर खुशी जाहिर किए जाने की बात भी कही जा रही है। सौरभ की मां का संदेश: रिश्तों में विवाद या मतभेद होने पर हिंसा का रास्ता अपनाने के बजाय अलग होने का फैसला लिया जा सकता है, लेकिन किसी की जान लेना किसी भी परिस्थिति में उचित नहीं है। शिव सिंह राजपूत दहिया | पत्रकार #Meerut #NeelaDrumCase #Muskan #Sahil #CrimeNews #Police मेरठ ‘नीला ड्रम कांड’: मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाए जाने का दावा, सौरभ की मां ने कहा—‘ऊपर वाले के घर देर है, अंधेर नहीं’ मेरठ। चर्चित ‘नीला ड्रम कांड’ को लेकर एक खबर सामने आई है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि अदालत ने मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाई है। फैसले के दौरान सौरभ की मां ने भावुक प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “अगर साथ नहीं रहना है तो अलग हो जाओ, लेकिन किसी की जान मत लो।” खबर के अनुसार, फैसले के बाद सौरभ के परिवार ने न्याय मिलने की उम्मीद जताई। वहीं, वकीलों द्वारा मिठाई बांटकर खुशी जाहिर किए जाने की बात भी कही जा रही है। सौरभ की मां का संदेश: रिश्तों में विवाद या मतभेद होने पर हिंसा का रास्ता अपनाने के बजाय अलग होने का फैसला लिया जा सकता है, लेकिन किसी की जान लेना किसी भी परिस्थिति में उचित नहीं है। शिव सिंह राजपूत दहिया | पत्रकार #Meerut #NeelaDrumCase #Muskan #Sahil #CrimeNews #Police
    1
    मेरठ ‘नीला ड्रम कांड’: मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाए जाने का दावा, सौरभ की मां ने कहा—‘ऊपर वाले के घर देर है, अंधेर नहीं’
मेरठ। चर्चित ‘नीला ड्रम कांड’ को लेकर एक खबर सामने आई है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि अदालत ने मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाई है। फैसले के दौरान सौरभ की मां ने भावुक प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “अगर साथ नहीं रहना है तो अलग हो जाओ, लेकिन किसी की जान मत लो।”
खबर के अनुसार, फैसले के बाद सौरभ के परिवार ने न्याय मिलने की उम्मीद जताई। वहीं, वकीलों द्वारा मिठाई बांटकर खुशी जाहिर किए जाने की बात भी कही जा रही है।
सौरभ की मां का संदेश: रिश्तों में विवाद या मतभेद होने पर हिंसा का रास्ता अपनाने के बजाय अलग होने का फैसला लिया जा सकता है, लेकिन किसी की जान लेना किसी भी परिस्थिति में उचित नहीं है।
शिव सिंह राजपूत दहिया | पत्रकार
#Meerut #NeelaDrumCase #Muskan #Sahil #CrimeNews #Police
मेरठ ‘नीला ड्रम कांड’: मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाए जाने का दावा, सौरभ की मां ने कहा—‘ऊपर वाले के घर देर है, अंधेर नहीं’
मेरठ। चर्चित ‘नीला ड्रम कांड’ को लेकर एक खबर सामने आई है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि अदालत ने मुस्कान और साहिल को सजा-ए-मौत सुनाई है। फैसले के दौरान सौरभ की मां ने भावुक प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “अगर साथ नहीं रहना है तो अलग हो जाओ, लेकिन किसी की जान मत लो।”
खबर के अनुसार, फैसले के बाद सौरभ के परिवार ने न्याय मिलने की उम्मीद जताई। वहीं, वकीलों द्वारा मिठाई बांटकर खुशी जाहिर किए जाने की बात भी कही जा रही है।
सौरभ की मां का संदेश: रिश्तों में विवाद या मतभेद होने पर हिंसा का रास्ता अपनाने के बजाय अलग होने का फैसला लिया जा सकता है, लेकिन किसी की जान लेना किसी भी परिस्थिति में उचित नहीं है।
शिव सिंह राजपूत दहिया | पत्रकार
#Meerut #NeelaDrumCase #Muskan #Sahil #CrimeNews #Police
    user_Shiv Singh rajput dahiya journ
    Shiv Singh rajput dahiya journ
    Court reporter Amarpatan, Satna•
    54 min ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.