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एक संदेश में, सभी प्रकार के ड्राइवरों और ऑपरेटरों से महासंघ के साथ जुड़कर रहने का आग्रह किया गया है। इस अपील के माध्यम से संबंधित सभी व्यक्तियों को महासंघ के साथ अपनी एकजुटता बनाए रखने के लिए कहा गया है।
ऑपरेटर महासंघ ऑल इंडिया अध्यक्ष मध्य प्रदेश सीधी जिला प्रजापति
एक संदेश में, सभी प्रकार के ड्राइवरों और ऑपरेटरों से महासंघ के साथ जुड़कर रहने का आग्रह किया गया है। इस अपील के माध्यम से संबंधित सभी व्यक्तियों को महासंघ के साथ अपनी एकजुटता बनाए रखने के लिए कहा गया है।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- सिंगरौली जिले की चितरंगी तहसील के करथुआ पोस्ट में स्थित हिग्राम खमरिया कला के बैरिहवा टोला में एक हैंडपंप पिछले दो साल से बंद पड़ा है।1
- प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में विस्तार के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। इस पहल के अंतर्गत, कुल 315 हाई स्कूलों और 214 हायर सेकेंडरी विद्यालयों को उन्नत किया जाएगा।1
- जोधपुर पंचायत में कई शिकायतें मिलने के बावजूद भी भ्रष्टाचार पर कोई रोक नहीं लग पा रही है, जिससे यह समस्या लगातार बनी हुई है।1
- जनपद प्रयागराज के घूरपुर थाना क्षेत्र स्थित गौहनिया चौकी के सामने की स्थिति दिनोंदिन खराब होती जा रही है। यहां से दिन-रात गुजर रहे ओवरलोड डंपरों, चौराहे पर संचालित अवैध टेंपो स्टैंड और सड़क पर उड़ती धूल ने स्थानीय लोगों का जीवन दूभर कर दिया है। बाजार क्षेत्र में लगातार जाम, प्रदूषण और दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभागों और पुलिस प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई दिखाई नहीं दे रही है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, गौहनिया चौकी के ठीक सामने से बड़ी संख्या में ओवरलोड डंपर बेखौफ होकर गुजरते हैं। इन भारी वाहनों की आवाजाही से सड़क पर लगातार धूल का गुबार उड़ता रहता है, जिससे दुकानदारों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस धूल के कारण लोगों को सांस संबंधी बीमारियां होने लगी हैं, वहीं सड़क पर कम दृश्यता होने से दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ गई है। समस्या यहीं खत्म नहीं होती, क्योंकि गौहनिया चौराहे पर सड़क किनारे चल रहा अवैध टेंपो स्टैंड यातायात व्यवस्था को पूरी तरह से बाधित कर रहा है। टेंपो चालकों द्वारा मनमाने तरीके से वाहन खड़े किए जाने के कारण अक्सर जाम लगा रहता है, जिससे बाजार आने वाले ग्राहकों और आम राहगीरों को रोज़ाना घंटों तक परेशानी झेलनी पड़ती है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि चौकी के ठीक सामने यह सब होते हुए भी आखिर कार्रवाई क्यों नहीं हो रही है? स्थानीय नागरिकों का सीधा आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी के बावजूद ओवरलोड वाहनों और अवैध टेंपो स्टैंड के खिलाफ कोई प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं, जिससे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। क्षेत्रवासियों ने अब जिला प्रशासन, परिवहन विभाग और पुलिस अधिकारियों से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उनकी प्रमुख मांगों में ओवरलोड डंपरों पर सख्त कार्रवाई, अवैध टेंपो स्टैंड को हटाना और सड़क पर नियमित रूप से पानी का छिड़काव कर धूल की समस्या से राहत दिलाना शामिल है। लोगों का स्पष्ट कहना है कि सुरक्षित, स्वच्छ और सुगम आवागमन उनका मौलिक अधिकार है, जिसे सुनिश्चित करना प्रशासन की सीधी जिम्मेदारी है।4
- स्कूल शिक्षा विभाग ने आगामी तीन वर्षों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए एक व्यापक मैपिंग और सर्वेक्षण किया है, जिसका मुख्य उद्देश्य 100 प्रतिशत छात्र नामांकन की स्थिति में प्रदेश में विद्यालयों की ज़रूरतों का आकलन करना था। इस आकलन के आधार पर, विभाग ने 315 विद्यालयों को हाई स्कूल में उन्नत करने और 214 नए हायर सेकेंडरी विद्यालय उन्नत करने की स्वीकृति प्रदान की है। कैबिनेट मंत्री श्री चैतन्य काश्यप के अनुसार, इस पूरे कार्य पर कुल ₹635 करोड़ की राशि व्यय की जाएगी, और इस लक्ष्य को आगामी तीन वर्षों में प्राप्त करने का लक्ष्य रखा गया है।1
- प्रयागराज के जसरा में गडरा से रेरा गांव को जोड़ने वाली मुख्य सड़क पर बबूल और जंगली झाड़ियों का फैलाव इतना बढ़ गया है कि राहगीरों का आवागमन मुश्किल हो गया है। लगभग 3 किलोमीटर लंबे इस रास्ते पर झाड़ियों ने सड़क के आधे से ज्यादा हिस्से को घेर लिया है, जिससे आए दिन हादसों का खतरा बना रहता है। सड़क सिकुड़ने के कारण आमने-सामने से आ रहे वाहनों को निकलने में परेशानी होती है, वहीं बाइक सवार अक्सर झाड़ियों में उलझकर गिर जाते हैं; पिछले महीने ही तीन लोग घायल हुए हैं। घनी झाड़ियों में सांप, सियार और आवारा पशु छिपे रहते हैं, जिससे शाम होते ही बच्चों और महिलाओं का निकलना मुश्किल हो जाता है। स्ट्रीट लाइट न होने और झाड़ियों के कारण रात में रास्ता बिल्कुल दिखाई नहीं देता, जिससे साइकिल और ठेला चलाने वाले भी गिरकर चोटिल हो रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि मनरेगा से कई बार सफाई की मांग की गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई, जिससे स्कूली बच्चे और खेत जाने वाली महिलाएं रोज परेशानी झेल रही हैं और डर महसूस करती हैं। इस गंभीर समस्या को लेकर समाजसेवी वंशराज सिंह, देवेंद्र, दिनेश तिवारी, सुनील यादव बीबीसी और मनीष मालवीय सहित दर्जनों ग्रामीणों ने सोमवार को खंड विकास अधिकारी और सहायक विकास अधिकारी पंचायत, जसरा को ज्ञापन सौंपा। बीडीओ जसरा ने इसी हफ्ते सफाई कार्य शुरू करवाने का आश्वासन दिया था, किंतु ग्रामीणों का कहना है कि एक हफ्ते से अधिक समय बीत जाने के बाद भी केवल टालमटोल किया जा रहा है। आक्रोशित ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सड़क की सफाई नहीं की गई, तो वे ब्लॉक मुख्यालय का घेराव करने के लिए मजबूर होंगे।1
- लखनऊ में एक कोचिंग सेंटर में हुए अग्निकांड की ब्रेकिंग न्यूज़ सामने आई है। इस दुखद घटना के कारण हुई क्षति पर गहरा दुख व्यक्त किया गया है, और प्रभावित हुई आत्माओं की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की जा रही है।1