logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

राजस्थान में अपनी ही सरकार के एक भाजपा विधायक को अपने ही कार्यकर्ताओं के विरोध का सामना करना पड़ रहा है, जिससे 'माननीय' भी अपनों के हमलों से सहमे हुए हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जब भाजपा के कार्यकर्ता ही अपनी ही सरकार के विधायक के दुश्मन बन जाते हैं, तो प्रशासन की मौजूदगी में भी लोग कानून को कुछ नहीं समझते, जिससे कानून-व्यवस्था बनाए रखने वाले प्रशासन की भी नींद उड़ जाती है।

20 hrs ago
user_Bhajan lal sharma
Bhajan lal sharma
Farmer चूरू, चूरू, राजस्थान•
20 hrs ago

राजस्थान में अपनी ही सरकार के एक भाजपा विधायक को अपने ही कार्यकर्ताओं के विरोध का सामना करना पड़ रहा है, जिससे 'माननीय' भी अपनों के हमलों से सहमे हुए हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जब भाजपा के कार्यकर्ता ही अपनी ही सरकार के विधायक के दुश्मन बन जाते हैं, तो प्रशासन की मौजूदगी में भी लोग कानून को कुछ नहीं समझते, जिससे कानून-व्यवस्था बनाए रखने वाले प्रशासन की भी नींद उड़ जाती है।

More news from राजस्थान and nearby areas
  • कलिकाल में इस समय 'माधो' की अत्यधिक आवश्यकता महसूस की जा रही है, क्योंकि 'जनता-जनार्दन' उन्हें पुकार रही है। स्थिति यह है कि चारों ओर 'अधर्म' अपनी चरम सीमा पर पहुँच गया है और लोग सत्ता में बैठे 'कुर्सी वालों' से अत्यंत परेशान हैं।
    1
    कलिकाल में इस समय 'माधो' की अत्यधिक आवश्यकता महसूस की जा रही है, क्योंकि 'जनता-जनार्दन' उन्हें पुकार रही है। स्थिति यह है कि चारों ओर 'अधर्म' अपनी चरम सीमा पर पहुँच गया है और लोग सत्ता में बैठे 'कुर्सी वालों' से अत्यंत परेशान हैं।
    user_Bhajan lal sharma
    Bhajan lal sharma
    Farmer चूरू, चूरू, राजस्थान•
    1 hr ago
  • राजगढ़ (चूरू) शहर में व्याप्त अव्यवस्थाओं और प्रशासन की निरंतर अनदेखी से आक्रोशित स्थानीय नागरिकों ने अब मोर्चा खोल दिया है। मूलभूत सुविधाओं के अभाव, बदहाल सफाई व्यवस्था और जलभराव जैसी गंभीर समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर आगामी 1 जून को राजगढ़ नगरपालिका कार्यालय का घेराव कर एक विशाल विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इस प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य प्रशासन की कुंभकर्णी नींद को तोड़ना और शहर के विकास कार्यों को गति प्रदान करना है। आंदोलनकारियों की प्रमुख मांगों में शहर की चरमराई सफाई व्यवस्था में तत्काल सुधार, मुख्य मार्गों और कॉलोनियों में स्ट्रीट लाइट की उचित व्यवस्था, तथा पूरे शहर में बरसाती पानी की सुचारू निकासी सुनिश्चित करना शामिल है। विशेष रूप से, बहल रोड पर एकत्रित पानी की समस्या का स्थायी समाधान और बहल ग्राउंड में जमा हो रहे गंदे पानी की तुरंत निकासी की मांग की गई है। इसके अतिरिक्त, मोहल्ला नरड़ियान स्थित कब्रिस्तान अंडरब्रिज के रुके हुए निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूरा करवाने, गुलपुरा मोड़ वाली डिग्गी की सफाई, और सुरक्षा की दृष्टि से शहर में बंद पड़े CCTV कैमरों को तुरंत दुरुस्त करवाने की भी मांग की जा रही है। नागरिकों ने शहर में फैली अन्य सभी प्रशासनिक और ढांचागत अव्यवस्थाओं का त्वरित समाधान करने पर भी जोर दिया है।
    1
    राजगढ़ (चूरू) शहर में व्याप्त अव्यवस्थाओं और प्रशासन की निरंतर अनदेखी से आक्रोशित स्थानीय नागरिकों ने अब मोर्चा खोल दिया है। मूलभूत सुविधाओं के अभाव, बदहाल सफाई व्यवस्था और जलभराव जैसी गंभीर समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर आगामी 1 जून को राजगढ़ नगरपालिका कार्यालय का घेराव कर एक विशाल विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इस प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य प्रशासन की कुंभकर्णी नींद को तोड़ना और शहर के विकास कार्यों को गति प्रदान करना है।

आंदोलनकारियों की प्रमुख मांगों में शहर की चरमराई सफाई व्यवस्था में तत्काल सुधार, मुख्य मार्गों और कॉलोनियों में स्ट्रीट लाइट की उचित व्यवस्था, तथा पूरे शहर में बरसाती पानी की सुचारू निकासी सुनिश्चित करना शामिल है। विशेष रूप से, बहल रोड पर एकत्रित पानी की समस्या का स्थायी समाधान और बहल ग्राउंड में जमा हो रहे गंदे पानी की तुरंत निकासी की मांग की गई है। इसके अतिरिक्त, मोहल्ला नरड़ियान स्थित कब्रिस्तान अंडरब्रिज के रुके हुए निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूरा करवाने, गुलपुरा मोड़ वाली डिग्गी की सफाई, और सुरक्षा की दृष्टि से शहर में बंद पड़े CCTV कैमरों को तुरंत दुरुस्त करवाने की भी मांग की जा रही है। नागरिकों ने शहर में फैली अन्य सभी प्रशासनिक और ढांचागत अव्यवस्थाओं का त्वरित समाधान करने पर भी जोर दिया है।
    user_कुमार राजेश चौधरी
    कुमार राजेश चौधरी
    Voice of people चूरू, चूरू, राजस्थान•
    20 hrs ago
  • मंडावा में भाजपा ओबीसी मोर्चा प्रदेश कार्यकारिणी में महेन्द्र चंदवा को प्रदेश मंत्री बनाए जाने पर एक स्वागत समारोह आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम फतेहपुर बाईपास स्थित कुमावत ऑटो पार्ट्स शोरूम पर हुआ, जहाँ महेन्द्र चंदवा का अभिनंदन किया गया। रविकांत कुमावत के नेतृत्व में आयोजित इस समारोह में महेन्द्र चंदवा को साफा, दुपट्टा, गुलदस्ता भेंट कर और मिठाई खिलाकर बधाई एवं शुभकामनाएँ दी गईं। इस अवसर पर विक्की कुमावत, भाजपा के पूर्व जिला मंत्री संदीप शर्मा, पूर्व पार्षद संदीप परिहार, राजेंद्र ठेकेदार, गोपी कुमावत, रामावतार चेजारा, हरिराम तुनवाल, दीपचंद ढाका, पूर्व पालिका उपाध्यक्ष छोटे लाल सैनी, पूर्व सरपंच कमलेश कुमावत, पूर्व पार्षद हरिराम चेजारा, रामेश्वर चेजारा सहित समाज के कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
    1
    मंडावा में भाजपा ओबीसी मोर्चा प्रदेश कार्यकारिणी में महेन्द्र चंदवा को प्रदेश मंत्री बनाए जाने पर एक स्वागत समारोह आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम फतेहपुर बाईपास स्थित कुमावत ऑटो पार्ट्स शोरूम पर हुआ, जहाँ महेन्द्र चंदवा का अभिनंदन किया गया।

रविकांत कुमावत के नेतृत्व में आयोजित इस समारोह में महेन्द्र चंदवा को साफा, दुपट्टा, गुलदस्ता भेंट कर और मिठाई खिलाकर बधाई एवं शुभकामनाएँ दी गईं। इस अवसर पर विक्की कुमावत, भाजपा के पूर्व जिला मंत्री संदीप शर्मा, पूर्व पार्षद संदीप परिहार, राजेंद्र ठेकेदार, गोपी कुमावत, रामावतार चेजारा, हरिराम तुनवाल, दीपचंद ढाका, पूर्व पालिका उपाध्यक्ष छोटे लाल सैनी, पूर्व सरपंच कमलेश कुमावत, पूर्व पार्षद हरिराम चेजारा, रामेश्वर चेजारा सहित समाज के कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
    user_Jitender singh
    Jitender singh
    Artist मंडावा, झुंझुनू, राजस्थान•
    23 hrs ago
  • भीषण गर्मी के बीच पेयजल संकट से जूझ रहे उदयपुरवाटी (झुंझुनूं) के कोट गांव के ग्रामीणों का मंगलवार को गुस्सा फूट पड़ा। पानी की मांग को लेकर इन ग्रामीणों ने जलदाय विभाग कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान कई ग्रामीण विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्यालय परिसर में ही जमीन पर लेट गए, जिससे आक्रोश और बढ़ गया। ग्रामीणों का आरोप है कि उनके गांव में लंबे समय से पेयजल संकट बना हुआ है, लेकिन जलदाय विभाग द्वारा इस समस्या का कोई ठोस समाधान नहीं किया जा रहा है। उन्होंने निशुल्क पानी के टैंकरों की व्यवस्था में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि कागजों में तो टैंकर चल रहे हैं, पर जरूरतमंद लोगों तक पर्याप्त पानी नहीं पहुंच रहा है। प्रदर्शनकारियों ने यह भी बताया कि भीषण गर्मी में पीने के पानी के लिए ग्रामीणों को दर-दर भटकना पड़ रहा है, और कई बार शिकायतें व मांग पत्र देने के बावजूद भी उनकी समस्या का कोई हल नहीं निकला। उनका कहना है कि इस प्रदर्शन के बाद भी गांव में पानी के टैंकर नहीं पहुंचे हैं, जिससे लोगों में भारी नाराजगी बनी हुई है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही पेयजल आपूर्ति सुचारू नहीं की गई और टैंकर व्यवस्था में पारदर्शिता नहीं लाई गई तो वे अपने आंदोलन को और भी तेज कर देंगे।
    1
    भीषण गर्मी के बीच पेयजल संकट से जूझ रहे उदयपुरवाटी (झुंझुनूं) के कोट गांव के ग्रामीणों का मंगलवार को गुस्सा फूट पड़ा। पानी की मांग को लेकर इन ग्रामीणों ने जलदाय विभाग कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान कई ग्रामीण विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्यालय परिसर में ही जमीन पर लेट गए, जिससे आक्रोश और बढ़ गया।

ग्रामीणों का आरोप है कि उनके गांव में लंबे समय से पेयजल संकट बना हुआ है, लेकिन जलदाय विभाग द्वारा इस समस्या का कोई ठोस समाधान नहीं किया जा रहा है। उन्होंने निशुल्क पानी के टैंकरों की व्यवस्था में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि कागजों में तो टैंकर चल रहे हैं, पर जरूरतमंद लोगों तक पर्याप्त पानी नहीं पहुंच रहा है। प्रदर्शनकारियों ने यह भी बताया कि भीषण गर्मी में पीने के पानी के लिए ग्रामीणों को दर-दर भटकना पड़ रहा है, और कई बार शिकायतें व मांग पत्र देने के बावजूद भी उनकी समस्या का कोई हल नहीं निकला। उनका कहना है कि इस प्रदर्शन के बाद भी गांव में पानी के टैंकर नहीं पहुंचे हैं, जिससे लोगों में भारी नाराजगी बनी हुई है।

ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही पेयजल आपूर्ति सुचारू नहीं की गई और टैंकर व्यवस्था में पारदर्शिता नहीं लाई गई तो वे अपने आंदोलन को और भी तेज कर देंगे।
    user_Amit Sharma
    Amit Sharma
    पत्रकार झुंझुनू, झुंझुनू, राजस्थान•
    53 min ago
  • झुंझुनू जिले के बगड़ स्थित वार्ड नंबर 15 में पिछले तीन दिनों से जारी बिजली संकट आखिरकार खत्म हो गया है, जिससे क्षेत्रवासियों ने राहत की साँस ली है। तेज आंधी के कारण बिजली आपूर्ति बाधित हो गई थी, जिसके चलते वार्डवासी भीषण गर्मी का सामना कर रहे थे। समाचार प्रकाशित होते ही विद्युत विभाग तुरंत हरकत में आया, मौके पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त तारों की मरम्मत की और बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। इस खबर का सीधा असर देखा गया, जिसके बाद जनता की आवाज बनकर सामने आई खबर ने विभाग को त्वरित कार्रवाई के लिए मजबूर किया और वार्ड 15 में रोशनी लौट आई।
    1
    झुंझुनू जिले के बगड़ स्थित वार्ड नंबर 15 में पिछले तीन दिनों से जारी बिजली संकट आखिरकार खत्म हो गया है, जिससे क्षेत्रवासियों ने राहत की साँस ली है। तेज आंधी के कारण बिजली आपूर्ति बाधित हो गई थी, जिसके चलते वार्डवासी भीषण गर्मी का सामना कर रहे थे। समाचार प्रकाशित होते ही विद्युत विभाग तुरंत हरकत में आया, मौके पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त तारों की मरम्मत की और बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। इस खबर का सीधा असर देखा गया, जिसके बाद जनता की आवाज बनकर सामने आई खबर ने विभाग को त्वरित कार्रवाई के लिए मजबूर किया और वार्ड 15 में रोशनी लौट आई।
    user_BAGAR NEWS RAJASTHAN
    BAGAR NEWS RAJASTHAN
    Media company झुंझुनू, झुंझुनू, राजस्थान•
    19 hrs ago
  • Post by Keshari chand
    1
    Post by Keshari chand
    user_Keshari chand
    Keshari chand
    सरदारशहर, चूरू, राजस्थान•
    1 day ago
  • राजस्थान में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि और कुछ क्षेत्रों में आपूर्ति बाधाओं का सीधा असर आमजन की जिंदगी, किसानों की लागत और व्यापारिक गतिविधियों पर दिखने लगा है। पिछले 10 दिनों के अंदर 15 मई, 19 मई, 23 मई और 25 मई को ईंधन के दाम चार बार बढ़ने से राज्य में महंगाई का दबाव और तेज हो गया है। परिवहन महंगा होने के कारण खाद्यान्न, सब्जियां, दूध, निर्माण सामग्री और रोजमर्रा की जरूरत की अन्य वस्तुएं महंगी हो गई हैं। यह बढ़ोतरी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच हुई है। परिवहन व्यवसाय से जुड़े लोगों का कहना है कि डीजल की कीमतों में वृद्धि से ट्रकों और मालवाहक वाहनों का संचालन महंगा हो गया है, जिसका सीधा असर बाजार तक पहुंच रहा है, खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति और अधिक चुनौतीपूर्ण हो गई है। किसानों को सिंचाई, ट्रैक्टर संचालन, फसल परिवहन और कृषि उपकरणों के खर्च में बढ़ोतरी का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी से थोक और खुदरा दोनों बाजार प्रभावित होते हैं, जिससे छोटे व्यवसायों की लागत बढ़ती है और उपभोक्ताओं को महंगे सामान खरीदने पड़ते हैं। परिवहन के साथ-साथ यात्री किराया भी बढ़ा है, जिससे घरेलू बजट पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है और रसोई व दैनिक खर्चे बढ़ गए हैं। इस बीच, पीएम नरेंद्र मोदी की अपील के बावजूद राजस्थान में गाइडलाइन पर निर्णय नहीं हो पाया है, जबकि कुछ अन्य राज्य इस संबंध में आगे निकल चुके हैं। जानकारों का यह भी कहना है कि पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ने पर राज्य सरकार का वैट संग्रह भी स्वतः बढ़ जाता है, क्योंकि वर्तमान में राजस्थान में पेट्रोल पर लगभग 29.04 प्रतिशत और डीजल पर करीब 17.30 प्रतिशत वैट लगाया जा रहा है। उदयपुर में एक वाहन में निर्धारित क्षमता से अधिक डीजल भरने के मामले के बाद, उदयपुर पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन ने आमजन के लिए जागरूकता संदेश जारी किया है। एसोसिएशन के सचिव राजराजेश्वर जैन ने बताया कि पेट्रोलियम पदार्थ तापमान के अनुसार फैलते और सिकुड़ते हैं, और सुरक्षा कारणों से किसी भी टैंक को उसकी कुल क्षमता से 10 से 15 प्रतिशत कम भरा जाना तकनीकी रूप से आवश्यक होता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वाहन कंपनियां सर्विस मैन्युअल में जो क्षमता लिखती हैं, वह केवल सलाह होती है, न कि टैंक की अंतिम भराव क्षमता। कई बार वाहन चालक टंकी फुल कराने के दौरान वाहन हिलाकर नली तक ईंधन भरवा लेते हैं, जिससे निर्धारित क्षमता से अधिक ईंधन भरा हुआ दिखाई देता है। विशेषज्ञों ने ओवरफिलिंग से बचने, गर्मी के मौसम में सावधानी बरतने, सुरक्षा कारणों से टैंक में खाली जगह रखने और पेट्रोल पंप कर्मचारियों पर अनावश्यक दबाव न बनाने की सलाह दी है। महंगाई और ईंधन संकट ने किसान, व्यापारी और आमजन सभी की चिंता बढ़ा दी है, जो अब राहत की उम्मीद में हैं।
    1
    राजस्थान में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि और कुछ क्षेत्रों में आपूर्ति बाधाओं का सीधा असर आमजन की जिंदगी, किसानों की लागत और व्यापारिक गतिविधियों पर दिखने लगा है। पिछले 10 दिनों के अंदर 15 मई, 19 मई, 23 मई और 25 मई को ईंधन के दाम चार बार बढ़ने से राज्य में महंगाई का दबाव और तेज हो गया है। परिवहन महंगा होने के कारण खाद्यान्न, सब्जियां, दूध, निर्माण सामग्री और रोजमर्रा की जरूरत की अन्य वस्तुएं महंगी हो गई हैं। यह बढ़ोतरी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच हुई है।

परिवहन व्यवसाय से जुड़े लोगों का कहना है कि डीजल की कीमतों में वृद्धि से ट्रकों और मालवाहक वाहनों का संचालन महंगा हो गया है, जिसका सीधा असर बाजार तक पहुंच रहा है, खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति और अधिक चुनौतीपूर्ण हो गई है। किसानों को सिंचाई, ट्रैक्टर संचालन, फसल परिवहन और कृषि उपकरणों के खर्च में बढ़ोतरी का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी से थोक और खुदरा दोनों बाजार प्रभावित होते हैं, जिससे छोटे व्यवसायों की लागत बढ़ती है और उपभोक्ताओं को महंगे सामान खरीदने पड़ते हैं। परिवहन के साथ-साथ यात्री किराया भी बढ़ा है, जिससे घरेलू बजट पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है और रसोई व दैनिक खर्चे बढ़ गए हैं। इस बीच, पीएम नरेंद्र मोदी की अपील के बावजूद राजस्थान में गाइडलाइन पर निर्णय नहीं हो पाया है, जबकि कुछ अन्य राज्य इस संबंध में आगे निकल चुके हैं। जानकारों का यह भी कहना है कि पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ने पर राज्य सरकार का वैट संग्रह भी स्वतः बढ़ जाता है, क्योंकि वर्तमान में राजस्थान में पेट्रोल पर लगभग 29.04 प्रतिशत और डीजल पर करीब 17.30 प्रतिशत वैट लगाया जा रहा है।

उदयपुर में एक वाहन में निर्धारित क्षमता से अधिक डीजल भरने के मामले के बाद, उदयपुर पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन ने आमजन के लिए जागरूकता संदेश जारी किया है। एसोसिएशन के सचिव राजराजेश्वर जैन ने बताया कि पेट्रोलियम पदार्थ तापमान के अनुसार फैलते और सिकुड़ते हैं, और सुरक्षा कारणों से किसी भी टैंक को उसकी कुल क्षमता से 10 से 15 प्रतिशत कम भरा जाना तकनीकी रूप से आवश्यक होता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वाहन कंपनियां सर्विस मैन्युअल में जो क्षमता लिखती हैं, वह केवल सलाह होती है, न कि टैंक की अंतिम भराव क्षमता। कई बार वाहन चालक टंकी फुल कराने के दौरान वाहन हिलाकर नली तक ईंधन भरवा लेते हैं, जिससे निर्धारित क्षमता से अधिक ईंधन भरा हुआ दिखाई देता है। विशेषज्ञों ने ओवरफिलिंग से बचने, गर्मी के मौसम में सावधानी बरतने, सुरक्षा कारणों से टैंक में खाली जगह रखने और पेट्रोल पंप कर्मचारियों पर अनावश्यक दबाव न बनाने की सलाह दी है।

महंगाई और ईंधन संकट ने किसान, व्यापारी और आमजन सभी की चिंता बढ़ा दी है, जो अब राहत की उम्मीद में हैं।
    user_Praveen Ji
    Praveen Ji
    Pharmacist Sikar Gramin, Rajasthan•
    2 hrs ago
  • यह पोस्ट 'आपणो राजस्थान' यानी अपने राजस्थान के एक गाँव की झलक प्रस्तुत करती है। इसमें 'पधारो मार देश' कहकर मेहमानों का आह्वान किया गया है, जिसके साथ 'लुण लुण करा मनवार' शब्दों से हार्दिक आवभगत और स्वागत का भाव व्यक्त किया गया है।
    1
    यह पोस्ट 'आपणो राजस्थान' यानी अपने राजस्थान के एक गाँव की झलक प्रस्तुत करती है। इसमें 'पधारो मार देश' कहकर मेहमानों का आह्वान किया गया है, जिसके साथ 'लुण लुण करा मनवार' शब्दों से हार्दिक आवभगत और स्वागत का भाव व्यक्त किया गया है।
    user_Bhajan lal sharma
    Bhajan lal sharma
    Farmer चूरू, चूरू, राजस्थान•
    3 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.