*गौ सेवक कल्लू महाराज ने बचाई तोता-मैना के बच्चों की जान, पेश की मानवता की मिसाल* दिनारा/जनकपुर। मानवता और जीव सेवा का एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है, जहां गौ सेवक कल्लू महाराज ने तोता-मैना के मासूम बच्चों की जान बचाकर एक सराहनीय कार्य किया। *जानकारी के अनुसार, कल्लू महाराज सुबह जनकपुर से दूध लेकर लौट रहे थे*। इसी दौरान रास्ते में शुभ यादव नामक बच्चों ने उन्हें सूचना दी कि झाड़ियों में तोता-मैना के छोटे-छोटे बच्चे पड़े हुए हैं। सूचना मिलते ही कल्लू महाराज तुरंत मौके पर पहुंचे और सावधानीपूर्वक उन बच्चों को झाड़ियों से निकालकर अपने घर ले आए। *उन्होंने बच्चों को सुरक्षित वातावरण में रखकर दूध पिलाया और उनकी देखभाल की*। करीब दो घंटे तक प्रयास करने के बाद आखिरकार तोता-मैना भी वहां पहुंच गई और अपने बच्चों को अपने साथ ले गई। इस तरह समय रहते की गई मदद से उन मासूम पक्षियों की जान बच सकी। कल्लू महाराज ने बताया कि वे हमेशा से ही गौ माता, पशु-पक्षियों और सभी जीव-जंतुओं की सेवा के लिए समर्पित रहे हैं। उन्होंने अपने जीवन में कई बार कुएं में गिरे मोर, नीलगाय, नालियों में फंसी गौ माता और घायल कुत्तों सहित अनेक बेजुबान प्राणियों की जान बचाई है। उन्होंने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी कोई पशु-पक्षी या जीव-जंतु संकट में दिखाई दे, तो तुरंत उन्हें सूचना दें, ताकि समय पर मदद पहुंचाई जा सके। उन्होंने अपना संपर्क नंबर 7389828433 भी साझा किया है। *कल्लू महाराज का कहना है कि “बेजुबान प्राणियों की सेवा करना ही सच्चा धर्म और मानवता है*। जीवन और मृत्यु ईश्वर के हाथ में है, हमारा कर्तव्य केवल सेवा करना है।” यह कार्य न केवल मानवता का संदेश देता है, बल्कि समाज को भी प्रेरित करता है कि हम सभी को जीव-जंतुओं के प्रति दया, करुणा और जिम्मेदारी का भाव रखना चाहिए। *गौ सेवक कल्लू महाराज ने बचाई तोता-मैना के बच्चों की जान, पेश की मानवता की मिसाल* दिनारा/जनकपुर। मानवता और जीव सेवा का एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है, जहां गौ सेवक कल्लू महाराज ने तोता-मैना के मासूम बच्चों की जान बचाकर एक सराहनीय कार्य किया। *जानकारी के अनुसार, कल्लू महाराज सुबह जनकपुर से दूध लेकर लौट रहे थे*। इसी दौरान रास्ते में शुभ यादव नामक बच्चों ने उन्हें सूचना दी कि झाड़ियों में तोता-मैना के छोटे-छोटे बच्चे पड़े हुए हैं। सूचना मिलते ही कल्लू महाराज तुरंत मौके पर पहुंचे और सावधानीपूर्वक उन बच्चों को झाड़ियों से निकालकर अपने घर ले आए। *उन्होंने बच्चों को सुरक्षित वातावरण में रखकर दूध पिलाया और उनकी देखभाल की*। करीब दो घंटे तक प्रयास करने के बाद आखिरकार तोता-मैना भी वहां पहुंच गई और अपने बच्चों को अपने साथ ले गई। इस तरह समय रहते की गई मदद से उन मासूम पक्षियों की जान बच सकी। कल्लू महाराज ने बताया कि वे हमेशा से ही गौ माता, पशु-पक्षियों और सभी जीव-जंतुओं की सेवा के लिए समर्पित रहे हैं। उन्होंने अपने जीवन में कई बार कुएं में गिरे मोर, नीलगाय, नालियों में फंसी गौ माता और घायल कुत्तों सहित अनेक बेजुबान प्राणियों की जान बचाई है। उन्होंने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी कोई पशु-पक्षी या जीव-जंतु संकट में दिखाई दे, तो तुरंत उन्हें सूचना दें, ताकि समय पर मदद पहुंचाई जा सके। उन्होंने अपना संपर्क नंबर 7389828433 भी साझा किया है। *कल्लू महाराज का कहना है कि “बेजुबान प्राणियों की सेवा करना ही सच्चा धर्म और मानवता है*। जीवन और मृत्यु ईश्वर के हाथ में है, हमारा कर्तव्य केवल सेवा करना है।” यह कार्य न केवल मानवता का संदेश देता है, बल्कि समाज को भी प्रेरित करता है कि हम सभी को जीव-जंतुओं के प्रति दया, करुणा और जिम्मेदारी का भाव रखना चाहिए।
*गौ सेवक कल्लू महाराज ने बचाई तोता-मैना के बच्चों की जान, पेश की मानवता की मिसाल* दिनारा/जनकपुर। मानवता और जीव सेवा का एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है, जहां गौ सेवक कल्लू महाराज ने तोता-मैना के मासूम बच्चों की जान बचाकर एक सराहनीय कार्य किया। *जानकारी के अनुसार, कल्लू महाराज सुबह जनकपुर से दूध लेकर लौट रहे थे*। इसी दौरान रास्ते में शुभ यादव नामक बच्चों ने उन्हें सूचना दी कि झाड़ियों में तोता-मैना के छोटे-छोटे बच्चे पड़े हुए हैं। सूचना मिलते ही कल्लू महाराज तुरंत मौके पर पहुंचे और सावधानीपूर्वक उन बच्चों को झाड़ियों से निकालकर अपने घर ले आए। *उन्होंने बच्चों को सुरक्षित वातावरण में रखकर दूध पिलाया और उनकी देखभाल की*। करीब दो घंटे तक प्रयास करने के बाद आखिरकार तोता-मैना भी वहां पहुंच गई और अपने बच्चों को अपने साथ ले गई। इस तरह समय रहते की गई मदद से उन मासूम पक्षियों की जान बच सकी। कल्लू महाराज ने बताया कि वे हमेशा से ही गौ माता, पशु-पक्षियों और सभी जीव-जंतुओं की सेवा के लिए समर्पित रहे हैं। उन्होंने अपने जीवन में कई बार कुएं में गिरे मोर, नीलगाय, नालियों में फंसी गौ माता और घायल कुत्तों सहित अनेक बेजुबान प्राणियों की जान बचाई है। उन्होंने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी कोई पशु-पक्षी या जीव-जंतु संकट में दिखाई दे, तो तुरंत उन्हें सूचना दें, ताकि समय पर मदद पहुंचाई जा सके। उन्होंने अपना संपर्क नंबर 7389828433 भी साझा किया है। *कल्लू महाराज का कहना है कि “बेजुबान प्राणियों की सेवा करना ही सच्चा धर्म और मानवता है*। जीवन और मृत्यु ईश्वर के हाथ में है, हमारा कर्तव्य केवल सेवा करना है।” यह कार्य न केवल मानवता का संदेश देता है, बल्कि समाज को भी प्रेरित करता है कि हम सभी को जीव-जंतुओं के प्रति दया, करुणा और जिम्मेदारी का भाव रखना चाहिए। *गौ सेवक कल्लू महाराज ने बचाई तोता-मैना के बच्चों की जान, पेश की मानवता की मिसाल* दिनारा/जनकपुर। मानवता और जीव सेवा का एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है, जहां गौ सेवक कल्लू महाराज ने तोता-मैना के मासूम बच्चों की जान बचाकर एक सराहनीय कार्य किया। *जानकारी के अनुसार, कल्लू महाराज सुबह जनकपुर से दूध लेकर लौट रहे थे*। इसी दौरान रास्ते में शुभ यादव नामक बच्चों ने उन्हें सूचना दी कि झाड़ियों में तोता-मैना के छोटे-छोटे बच्चे पड़े हुए हैं। सूचना मिलते ही कल्लू महाराज तुरंत मौके पर पहुंचे और सावधानीपूर्वक उन बच्चों को झाड़ियों से निकालकर अपने घर ले आए। *उन्होंने बच्चों को सुरक्षित वातावरण में रखकर दूध पिलाया और उनकी देखभाल की*। करीब दो घंटे तक प्रयास करने के बाद आखिरकार तोता-मैना भी वहां पहुंच गई और अपने बच्चों को अपने साथ ले गई। इस तरह समय रहते की गई मदद से उन मासूम पक्षियों की जान बच सकी। कल्लू महाराज ने बताया कि वे हमेशा से ही गौ माता, पशु-पक्षियों और सभी जीव-जंतुओं की सेवा के लिए समर्पित रहे हैं। उन्होंने अपने जीवन में कई बार कुएं में गिरे मोर, नीलगाय, नालियों में फंसी गौ माता और घायल कुत्तों सहित अनेक बेजुबान प्राणियों की जान बचाई है। उन्होंने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी कोई पशु-पक्षी या जीव-जंतु संकट में दिखाई दे, तो तुरंत उन्हें सूचना दें, ताकि समय पर मदद पहुंचाई जा सके। उन्होंने अपना संपर्क नंबर 7389828433 भी साझा किया है। *कल्लू महाराज का कहना है कि “बेजुबान प्राणियों की सेवा करना ही सच्चा धर्म और मानवता है*। जीवन और मृत्यु ईश्वर के हाथ में है, हमारा कर्तव्य केवल सेवा करना है।” यह कार्य न केवल मानवता का संदेश देता है, बल्कि समाज को भी प्रेरित करता है कि हम सभी को जीव-जंतुओं के प्रति दया, करुणा और जिम्मेदारी का भाव रखना चाहिए।
- थाना गोपालपुर पुलिस द्वारा अपराध क्रमांक 14/26 मे हत्या के आरोपी रमेश आदिवासी को पाडरखेडा रेल्वे स्टेशन प्रतिक्षालय के पास से गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय पेश किया।1
- Post by Ranu rajput पत्रकार1
- Post by Kamlesh tiwari पत्रकार करेरा1
- Post by Hemant Kumar Gupta1
- झांसी के लक्ष्मी गेट के बाहर स्थित काली जी के मंदिर पर सनातन संस्कृतिक संघ द्वारा भव्य धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस दौरान मंदिर परिसर में भजन-कीर्तन एवं विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, जिसमें कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से माहौल को भक्तिमय बना दिया। कार्यक्रम के उपरांत श्रद्धालुओं के लिए विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। इस अवसर पर सनातन सांस्कृतिक संघ की अध्यक्षा हरिप्रिया भार्गव ने बताया कि ऐसे कार्यक्रम समाज में धार्मिक भावना और एकता को मजबूत करने का कार्य करते हैं। पूरे आयोजन के दौरान सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं का भी विशेष ध्यान रखा गया1
- #डॉBRअंबेडकरजी_कीबड़ीभूलPart2 ♦️ क्या गौतम बुद्ध को नहीं था मालूम कि मरने के बाद जीव का कहाँ होता है ठिकाना? जानने के लिए अवश्य देखिए डॉ. भीमराव अंबेडकर जी की बड़ी भूल | भाग - 2 Factful Debates यूट्यूब चैनल पर Factful Debates YouTube1
- 💥*बड़ी खबर*💥 *सीएम हिमंत बिस्वा सरमा को फ्लाइंग किस के साथ मिली सरप्राइज किस* असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा को लखीमपुर जिले के बिहपुरिया में एक चुनावी कार्यक्रम के दौरान महिला द्वारा किस किए जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मुख्यमंत्री जब जनसंपर्क अभियान के दौरान समर्थकों के बीच पहुंचे, तो वहां मौजूद महिलाओं में भारी उत्साह देखा गया। इस दौरान एक महिला समर्थक ने उत्साह में आकर मुख्यमंत्री को गले लगाया और उनके गाल पर किस (चुंबन) कर दिया। वीडियो में मुख्यमंत्री को बड़ी संख्या में महिला समर्थकों से घिरा हुआ देखा जा सकता है, जो उनसे हाथ मिलाने और गले मिलने के लिए उत्सुक थीं।1
- *गौ सेवक कल्लू महाराज ने बचाई तोता-मैना के बच्चों की जान, पेश की मानवता की मिसाल* दिनारा/जनकपुर। मानवता और जीव सेवा का एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है, जहां गौ सेवक कल्लू महाराज ने तोता-मैना के मासूम बच्चों की जान बचाकर एक सराहनीय कार्य किया। *जानकारी के अनुसार, कल्लू महाराज सुबह जनकपुर से दूध लेकर लौट रहे थे*। इसी दौरान रास्ते में शुभ यादव नामक बच्चों ने उन्हें सूचना दी कि झाड़ियों में तोता-मैना के छोटे-छोटे बच्चे पड़े हुए हैं। सूचना मिलते ही कल्लू महाराज तुरंत मौके पर पहुंचे और सावधानीपूर्वक उन बच्चों को झाड़ियों से निकालकर अपने घर ले आए। *उन्होंने बच्चों को सुरक्षित वातावरण में रखकर दूध पिलाया और उनकी देखभाल की*। करीब दो घंटे तक प्रयास करने के बाद आखिरकार तोता-मैना भी वहां पहुंच गई और अपने बच्चों को अपने साथ ले गई। इस तरह समय रहते की गई मदद से उन मासूम पक्षियों की जान बच सकी। कल्लू महाराज ने बताया कि वे हमेशा से ही गौ माता, पशु-पक्षियों और सभी जीव-जंतुओं की सेवा के लिए समर्पित रहे हैं। उन्होंने अपने जीवन में कई बार कुएं में गिरे मोर, नीलगाय, नालियों में फंसी गौ माता और घायल कुत्तों सहित अनेक बेजुबान प्राणियों की जान बचाई है। उन्होंने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी कोई पशु-पक्षी या जीव-जंतु संकट में दिखाई दे, तो तुरंत उन्हें सूचना दें, ताकि समय पर मदद पहुंचाई जा सके। उन्होंने अपना संपर्क नंबर 7389828433 भी साझा किया है। *कल्लू महाराज का कहना है कि “बेजुबान प्राणियों की सेवा करना ही सच्चा धर्म और मानवता है*। जीवन और मृत्यु ईश्वर के हाथ में है, हमारा कर्तव्य केवल सेवा करना है।” यह कार्य न केवल मानवता का संदेश देता है, बल्कि समाज को भी प्रेरित करता है कि हम सभी को जीव-जंतुओं के प्रति दया, करुणा और जिम्मेदारी का भाव रखना चाहिए।1