उमरिया उमरिया के सब्जी मंडी स्थित कोलकाता बाजार में देर रात में आग लगने से हड़कंप बताया जा रहा है कि आज लगभग रात के 2:00 बजे लगी है देखते ही देखते एक दर्जन दुकानों को अपनी लपेट में ले लिया है और इससे एक दर्ज दुकान का सामान जलकर नष्ट होचुका है 1 मुकेश कुमार के संवाददाता की खास रिपोर्ट 1 उमरिया मध्य प्रदेश उमरिया आग की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। समय रहते आग बुझा लिए जाने से 100 से अधिक अन्य दुकानों को आग की चपेट में आने से बचा लिया गया। फिलहाल आग से लाखों रुपये के नुकसान की आशंका जताई जा रही है। हालांकि आग किन परिस्थितियों में लगी, यह हादसा था या किसी ने आग लगाई—इन तमाम सवालों का जवाब पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
उमरिया उमरिया के सब्जी मंडी स्थित कोलकाता बाजार में देर रात में आग लगने से हड़कंप बताया जा रहा है कि आज लगभग रात के 2:00 बजे लगी है देखते ही देखते एक दर्जन दुकानों को अपनी लपेट में ले लिया है और इससे एक दर्ज दुकान का सामान जलकर नष्ट होचुका है 1 मुकेश कुमार के संवाददाता की खास रिपोर्ट 1 उमरिया मध्य प्रदेश उमरिया आग की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। समय रहते आग बुझा लिए जाने से 100 से अधिक अन्य दुकानों को आग की चपेट में आने से बचा लिया गया। फिलहाल आग से लाखों रुपये के नुकसान की आशंका जताई जा रही है। हालांकि आग किन परिस्थितियों में लगी, यह हादसा था या किसी ने आग लगाई—इन तमाम सवालों का जवाब पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
- गणेश उत्सव के दौरान घर-घर मिट्टी से भगवान गणेश की प्रतिमा बनाकर स्थापित करें- कलेक्टर1
- कलेक्टर ने ब्लैक सुगंधित चावल उत्पादक किसान से किया संवाद ... शहडोल 11 सितंबर 2026: विधायक श्री जयसिंह मरावी एवं कलेक्टर श्री पार्थ जायसवाल ने जनपद पंचायत बुढार के ग्राम बहगढ़ निवासी किसान श्री सुनील मिश्रा से ब्लैक सुगंधित चावल के उत्पादन के संबंध में जानकारी ली। कलेक्टर श्री जायसवाल ने किसान से चावल के उत्पादन के साथ-साथ मिलिंग एवं पैकिंग की प्रक्रिया की भी जानकारी प्राप्त की। किसान श्री सुनील मिश्रा ने बताया कि वे दो से तीन एकड़ भूमि में जैविक खाद का प्रयोग कर ब्लैक सुगंधित चावल का उत्पादन कर रहे हैं। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री संजय अग्रवाल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री शिवम प्रजापति, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व श्री दीपक मांडवी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।1
- चित्तर।के।पाश। बाशा किसानों का सूचित किया जाता है कि खेती बारे में पैसा खूब लगा है यदि फसल में रोग लग गया लग गया है तो उसकी दवाई के छिड़काव किया जा सके ताकि धान का फसल बच सके ग्राम पंचायत बांस2
- कलेक्टर ने ब्लैक सुगंधित चावल उत्पादक किसान से किया संवाद ... शहडोल 11 सितंबर 2026: विधायक श्री जयसिंह मरावी एवं कलेक्टर श्री पार्थ जायसवाल ने जनपद पंचायत बुढार के ग्राम बहगढ़ निवासी किसान श्री सुनील मिश्रा से ब्लैक सुगंधित चावल के उत्पादन के संबंध में जानकारी ली। कलेक्टर श्री जायसवाल ने किसान से चावल के उत्पादन के साथ-साथ मिलिंग एवं पैकिंग की प्रक्रिया की भी जानकारी प्राप्त की। किसान श्री सुनील मिश्रा ने बताया कि वे दो से तीन एकड़ भूमि में जैविक खाद का प्रयोग कर ब्लैक सुगंधित चावल का उत्पादन कर रहे हैं। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री संजय अग्रवाल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री शिवम प्रजापति, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व श्री दीपक मांडवी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर ने ब्लैक सुगंधित चावल उत्पादक किसान से किया संवाद ... शहडोल 11 सितंबर 2026: विधायक श्री जयसिंह मरावी एवं कलेक्टर श्री पार्थ जायसवाल ने जनपद पंचायत बुढार के ग्राम बहगढ़ निवासी किसान श्री सुनील मिश्रा से ब्लैक सुगंधित चावल के उत्पादन के संबंध में जानकारी ली। कलेक्टर श्री जायसवाल ने किसान से चावल के उत्पादन के साथ-साथ मिलिंग एवं पैकिंग की प्रक्रिया की भी जानकारी प्राप्त की। किसान श्री सुनील मिश्रा ने बताया कि वे दो से तीन एकड़ भूमि में जैविक खाद का प्रयोग कर ब्लैक सुगंधित चावल का उत्पादन कर रहे हैं। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री संजय अग्रवाल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री शिवम प्रजापति, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व श्री दीपक मांडवी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।1
- सरपंचों के अधिकारों की बुलंद आवाज बनेगा 30 सितंबर का भोपाल आंदोलन -राष्ट्रीय सरपंच संघ मध्यप्रदेश का प्रदेशव्यापी अभियान तेज 11 सितंबर से आंदोलन की तैयारियों का आगाज, 15-16 सितंबर को शहडोल में महत्वपूर्ण बैठक शहडोल-दतिया । ग्राम पंचायतों को लोकतंत्र की सबसे मजबूत और पहली कड़ी माना जाता है। गांव के विकास, जनसमस्याओं के समाधान और शासन की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में सरपंचों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। इसके बावजूद पंचायत प्रतिनिधियों को अपने अधिकारों, पर्याप्त वित्तीय अधिकारों, विकास कार्यों में स्वतंत्रता और अन्य समस्याओं को लेकर लगातार संघर्ष करना पड़ रहा है। इन्हीं मुद्दों को लेकर राष्ट्रीय सरपंच संघ मध्यप्रदेश द्वारा आगामी 30 सितंबर को भोपाल में विशाल आंदोलन आयोजित किया जा रहा है। आंदोलन को प्रदेशव्यापी स्वरूप देने के लिए सरपंच संघ ने व्यापक जनसंपर्क एवं बैठक अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। प्रदेश अध्यक्ष शिवेंद्र सिंह ने प्रदेश के सभी जिलों के जिला एवं ब्लॉक अध्यक्षों तथा सरपंच साथियों से आंदोलन की सफलता के लिए सक्रिय भागीदारी की अपील की है। दतिया से होगा प्रदेशव्यापी अभियान का आगाज सरपंच संघ का आंदोलनात्मक अभियान 11 सितंबर को दतिया स्थित मां पीतांबरा पीठ के दर्शन के साथ प्रारंभ होगा। इसके बाद संगठन का काफिला प्रदेश के विभिन्न जिलों में पहुंचकर सरपंचों के साथ बैठक करेगा और आगामी भोपाल आंदोलन की रणनीति, मुद्दों तथा तैयारियों पर चर्चा करेगा। इसी क्रम में 15 सितंबर को अभियान शहडोल जिले में प्रवेश करेगा। शहडोल में रात्रि भोजन एवं विश्राम के बाद 16 सितंबर को सुबह 11 बजे सोहागपुर जनपद सभागार में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक के बाद काफिला उमरिया जिले के लिए रवाना होगा। ब्लॉक स्तर तक पहुंचेगी आंदोलन की आवाज प्रदेश अध्यक्ष शिवेंद्र सिंह ने सभी ब्लॉक अध्यक्षों से कहा है कि वे अपने-अपने ब्लॉक में बैठक आयोजित कर प्रत्येक ग्राम पंचायत के सरपंच तक आंदोलन के उद्देश्य और मांगों की जानकारी पहुंचाएं। उन्होंने सरपंच साथियों से अपील की है कि 16 सितंबर को सोहागपुर जनपद सभागार में समय पर पहुंचकर बैठक में शामिल हों, ताकि आंदोलन की रणनीति को समझने के साथ अपनी स्थानीय समस्याओं और सुझावों को भी संगठन के सामने रखा जा सके। सरपंचों के हित और अधिकार आंदोलन के केंद्र में सरपंच संघ का कहना है कि ग्राम पंचायतों को केवल जिम्मेदारियां देने के बजाय उन्हें पर्याप्त अधिकार, संसाधन और वित्तीय स्वायत्तता भी उपलब्ध कराई जानी चाहिए। गांव के विकास की जिम्मेदारी सीधे पंचायत प्रतिनिधियों पर होती है, लेकिन कई बार आवश्यक संसाधनों और निर्णय लेने की स्वतंत्रता के अभाव में सरपंचों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। सरपंचों के प्रमुख हितों में पंचायतों को समय पर पर्याप्त राशि उपलब्ध कराना, विकास कार्यों में अनावश्यक बाधाओं को दूर करना, सरपंचों को उनके अधिकारों के अनुरूप प्रशासनिक एवं वित्तीय अधिकार देना, पंचायत प्रतिनिधियों के सम्मान एवं सुरक्षा को सुनिश्चित करना तथा ग्राम पंचायतों को मजबूत एवं आत्मनिर्भर बनाना जैसे विषय महत्वपूर्ण हैं। सरपंच संघ का मानना है कि जब तक गांव की सरकार को मजबूत नहीं किया जाएगा, तब तक ग्रामीण विकास को अपेक्षित गति नहीं मिल सकती। इसलिए पंचायत प्रतिनिधियों की समस्याओं का समाधान केवल सरपंचों का मुद्दा नहीं, बल्कि गांव के विकास और स्थानीय लोकतंत्र को मजबूत करने का विषय है। 29 सितंबर को भोपाल कूच, 30 को होगा विशाल आंदोलन राष्ट्रीय सरपंच संघ मध्यप्रदेश ने प्रदेश के सभी सरपंच भाइयों से आह्वान किया है कि वे 29 सितंबर को भोपाल के लिए कूच करें और 30 सितंबर को आयोजित विशाल आंदोलन में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें। संगठन का उद्देश्य आंदोलन के माध्यम से प्रदेश के हजारों पंचायत प्रतिनिधियों की आवाज को शासन-प्रशासन तक मजबूती से पहुंचाना है। संघ ने स्पष्ट किया है कि आंदोलन की सफलता प्रदेश के प्रत्येक जिले, ब्लॉक और ग्राम पंचायत से मिलने वाले सहयोग पर निर्भर करेगी। शहडोल में 16 सितंबर की बैठक को इसी प्रदेशव्यापी आंदोलन की तैयारियों की महत्वपूर्ण कड़ी माना जा रहा है। संगठन ने सभी ब्लॉक अध्यक्षों और सरपंच साथियों से एकजुट होकर अभियान को सफल बनाने की अपील की है। “गांव की सरकार को अधिकार और सम्मान मिले, पंचायतें मजबूत हों और सरपंचों की आवाज शासन तक पहुंचे”—इसी उद्देश्य के साथ अब सरपंच संघ भोपाल में अपनी ताकत का प्रदर्शन करने की तैयारी में है।1
- उमरिया जिला उमरिया मध्य प्रदेश- मुख्यमंत्री जन अभियान के तहत कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय सीईओ जिला पंचायत अभय सिंह ने ग्राम पंचायत महरौई में गौशाला एवं निर्माण अधीन पार्क का किया निरीक्षण 1 उमरिया से मुकेश कुमार दुबे संवाददाता की खास रिपोर्ट 1 मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत कलेक्टर श्रीमती राखी सहाय , सी ई ओ जिला पंचायत अभय सिंह ने ग्राम पंचायत महरोई में गौशाला एवं निर्माणधीन पार्क का किया निरीक्षण 11
- रसोइयों द्वारा पांच सूत्रीय मांगों को लेकर जिला कलेक्टर के नाम सौंपा ज्ञापन रसोईयों द्वारा पांच सूत्रीय मांगो को लेकर जिला कलेक्टर के नाम सौंपा ज्ञापन मध्य प्रदेश उमरिया 1. यह कि वर्ष 2024 से 2026 तक जून माह के 15 दिवसों के कार्य का मेहताना पूरा दिया जाये जैसे शिक्षकों को पूरा दिया जाता है। 2. एक शाला एवं एक परिसर रसाईयों के साथ भेदभाव जो हो रहा है वह बंद किया जाये जैसे 25 बच्चों में 2 टीचर एवं 2 रसाई भी होना अनिवार्य है। 3. मध्यान्ह भोजन सांझा चूल्हा की राशि हर महीनें दिया जाये । 4. छात्र संख्या 100 प्रतिशत लागू की जाये। जो कि विगत दिनों से कहा जाता है कि 80 प्रतिशत दिया जा रहा है किन्तु 60 प्रतिशत ही मिल रहा है। 5. रसोईया का हर माह पेंमेंट दिया जाये और जो सांझा चूल्हा में 500/- दिया जा रहा है तो सभी समान रसोईयों की पेमेंट दिया जाये।1
- विधायक श्री जयसिंह मरावी एवं कलेक्टर श्री पार्थ जायसवाल ने जनपद पंचायत बुढार के ग्राम बहगढ़ में मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत आयोजित शिविर में लोगों की समस्याओ और शिकायते सुनी एवं निराकरण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। #शहडोल1
- नदी किनारे दफन मिला लापता युवक का शव, हत्या के आरोप से मचा हड़कंप उमरिया। जिले में एक लापता युवक का शव नदी किनारे जमीन में दफन मिलने के बाद सनसनी फैल गई। कोतवाली थाना क्षेत्र के मगरघरा गांव से 5 सितंबर से लापता 30 वर्षीय गो चरण सिंह का शव 9 सितंबर को संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुआ। शव जमीन के अंदर दफन था। परिजनों ने युवक की हत्या कर शव को छिपाने के लिए दफन किए जाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, गो चरण सिंह के लापता होने के बाद से परिजन लगातार उसकी तलाश कर रहे थे। गांव और आसपास के इलाकों में खोजबीन के बावजूद युवक का कोई पता नहीं चल सका था। इसी बीच नदी किनारे से गुजर रहे एक चरवाहे को एक स्थान से तेज दुर्गंध महसूस हुई। संदेह होने पर चरवाहे ने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और संदिग्ध स्थान की जांच शुरू की। दुर्गंध वाले स्थान पर जमीन की खुदाई कराई गई तो अंदर से एक युवक का शव बरामद हुआ। शव की पहचान लापता गो चरण सिंह के रूप में होने के बाद पुलिस ने परिजनों को इसकी सूचना दी। शव जमीन में दफन मिलने की खबर फैलते ही क्षेत्र में लोगों की भीड़ जुट गई और मामले को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर युवक की मौत कैसे हुई और उसका शव नदी किनारे जमीन में किसने दफन किया। युवक पांच सितंबर से लापता था और चार दिन बाद उसका शव इस तरह बरामद होना मामले को और संदिग्ध बना रहा है। परिजनों ने आशंका जताई है कि युवक की हत्या करने के बाद शव को सुनसान स्थान पर ले जाकर दफन किया गया। हालांकि, पुलिस की ओर से अभी हत्या की पुष्टि नहीं की गई है। पुलिस का कहना है कि मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस आसपास के इलाके में पूछताछ कर रही है और युवक के लापता होने से लेकर शव बरामद होने तक की परिस्थितियों को खंगाल रही है। फिलहाल पुलिस हत्या, हादसा और अन्य संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच आगे बढ़ा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि युवक की मौत किन परिस्थितियों में हुई और शव को नदी किनारे जमीन में किसने दफन किया। मामले ने इलाके में कई सवाल खड़े कर दिए हैं।3