प्रयागराज में भगवान विष्णु के प्राचीन मंदिर की उपेक्षा, श्रद्धालुओं को नहीं मिल रहीं बुनियादी सुविधाएं यमुनापार,प्रयागराज, – प्रयागराज के मेजा तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत पौशिया दुबेपुर में स्थित भगवान विष्णु का एक प्राचीन मंदिर वर्षों से श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है, लेकिन यहां बुनियादी सुविधाओं का अभाव गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रत्येक गुरुवार को मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन-पूजन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन मंदिर परिसर में न तो पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था है और न ही पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध है। साथ ही, सोलर ऊर्जा जैसी आधुनिक व्यवस्था का भी पूर्णतः अभाव है, जिससे श्रद्धालुओं को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। क्षेत्रीय श्रद्धालुओं का कहना है कि यह मंदिर कई वर्षों पुराना है और इसकी धार्मिक महत्ता भी काफी अधिक है, लेकिन इसके बावजूद न तो स्थानीय जनप्रतिनिधियों और न ही समाजसेवियों द्वारा इस ओर ध्यान दिया जा रहा है। एक श्रद्धालु ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, “हम यहां भगवान विष्णु की पूजा करने आते हैं, लेकिन यहां पानी और लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हैं। सोलर पैनल की व्यवस्था बेहद जरूरी है।” मंदिर की वर्तमान स्थिति को देखते हुए यह सवाल उठ रहा है कि आखिर इतने महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल के विकास के लिए अब तक कोई ठोस पहल क्यों नहीं की गई। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन बाद में इन समस्याओं की अनदेखी कर दी जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शासन-प्रशासन इस मंदिर के विकास की दिशा में आवश्यक कदम उठाए, तो इससे न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि क्षेत्र की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूती मिलेगी। स्थानीय लोगों ने जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से मांग की है कि मंदिर में जल्द से जल्द बिजली, पानी और सोलर ऊर्जा जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। प्रयागराज में भगवान विष्णु के प्राचीन मंदिर की उपेक्षा, श्रद्धालुओं को नहीं मिल रहीं बुनियादी सुविधाएं यमुनापार,प्रयागराज, – प्रयागराज के मेजा तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत पौशिया दुबेपुर में स्थित भगवान विष्णु का एक प्राचीन मंदिर वर्षों से श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है, लेकिन यहां बुनियादी सुविधाओं का अभाव गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रत्येक गुरुवार को मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन-पूजन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन मंदिर परिसर में न तो पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था है और न ही पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध है। साथ ही, सोलर ऊर्जा जैसी आधुनिक व्यवस्था का भी पूर्णतः अभाव है, जिससे श्रद्धालुओं को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। क्षेत्रीय श्रद्धालुओं का कहना है कि यह मंदिर कई वर्षों पुराना है और इसकी धार्मिक महत्ता भी काफी अधिक है, लेकिन इसके बावजूद न तो स्थानीय जनप्रतिनिधियों और न ही समाजसेवियों द्वारा इस ओर ध्यान दिया जा रहा है। एक श्रद्धालु ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, “हम यहां भगवान विष्णु की पूजा करने आते हैं, लेकिन यहां पानी और लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हैं। सोलर पैनल की व्यवस्था बेहद जरूरी है।” मंदिर की वर्तमान स्थिति को देखते हुए यह सवाल उठ रहा है कि आखिर इतने महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल के विकास के लिए अब तक कोई ठोस पहल क्यों नहीं की गई। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन बाद में इन समस्याओं की अनदेखी कर दी जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शासन-प्रशासन इस मंदिर के विकास की दिशा में आवश्यक कदम उठाए, तो इससे न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि क्षेत्र की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूती मिलेगी। स्थानीय लोगों ने जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से मांग की है कि मंदिर में जल्द से जल्द बिजली, पानी और सोलर ऊर्जा जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
प्रयागराज में भगवान विष्णु के प्राचीन मंदिर की उपेक्षा, श्रद्धालुओं को नहीं मिल रहीं बुनियादी सुविधाएं यमुनापार,प्रयागराज, – प्रयागराज के मेजा तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत पौशिया दुबेपुर में स्थित भगवान विष्णु का एक प्राचीन मंदिर वर्षों से श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है, लेकिन यहां बुनियादी सुविधाओं का अभाव गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रत्येक गुरुवार को मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन-पूजन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन मंदिर परिसर में न तो पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था है और न ही पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध है। साथ ही, सोलर ऊर्जा जैसी आधुनिक व्यवस्था का भी पूर्णतः अभाव है, जिससे श्रद्धालुओं को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। क्षेत्रीय श्रद्धालुओं का कहना है कि यह मंदिर कई वर्षों पुराना है और इसकी धार्मिक महत्ता भी काफी अधिक है, लेकिन इसके बावजूद न तो स्थानीय जनप्रतिनिधियों और न ही समाजसेवियों द्वारा इस ओर ध्यान दिया जा रहा है। एक श्रद्धालु ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, “हम यहां भगवान विष्णु की पूजा करने आते हैं, लेकिन यहां पानी और लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हैं। सोलर पैनल की व्यवस्था बेहद जरूरी है।” मंदिर की वर्तमान स्थिति को देखते हुए यह सवाल उठ रहा है कि आखिर इतने महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल के विकास के लिए अब तक कोई ठोस पहल क्यों नहीं की गई। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन बाद में इन समस्याओं की अनदेखी कर दी जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शासन-प्रशासन इस मंदिर के विकास की दिशा में आवश्यक कदम उठाए, तो इससे न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि क्षेत्र की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूती मिलेगी। स्थानीय लोगों ने जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से मांग की है कि मंदिर में जल्द से जल्द बिजली, पानी और सोलर ऊर्जा जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। प्रयागराज में भगवान विष्णु के प्राचीन मंदिर की उपेक्षा, श्रद्धालुओं को नहीं मिल रहीं बुनियादी सुविधाएं यमुनापार,प्रयागराज, – प्रयागराज के मेजा तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत पौशिया दुबेपुर में स्थित भगवान विष्णु का एक प्राचीन मंदिर वर्षों से श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है, लेकिन यहां बुनियादी सुविधाओं का अभाव गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रत्येक गुरुवार को मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन-पूजन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन मंदिर परिसर में न तो पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था है और न ही पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध है। साथ ही, सोलर ऊर्जा जैसी आधुनिक व्यवस्था का भी पूर्णतः अभाव है, जिससे श्रद्धालुओं को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। क्षेत्रीय श्रद्धालुओं का कहना है कि यह मंदिर कई वर्षों पुराना है और इसकी धार्मिक महत्ता भी काफी अधिक है, लेकिन इसके बावजूद न तो स्थानीय जनप्रतिनिधियों और न ही समाजसेवियों द्वारा इस ओर ध्यान दिया जा रहा है। एक श्रद्धालु ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, “हम यहां भगवान विष्णु की पूजा करने आते हैं, लेकिन यहां पानी और लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हैं। सोलर पैनल की व्यवस्था बेहद जरूरी है।” मंदिर की वर्तमान स्थिति को देखते हुए यह सवाल उठ रहा है कि आखिर इतने महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल के विकास के लिए अब तक कोई ठोस पहल क्यों नहीं की गई। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन बाद में इन समस्याओं की अनदेखी कर दी जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शासन-प्रशासन इस मंदिर के विकास की दिशा में आवश्यक कदम उठाए, तो इससे न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी, बल्कि क्षेत्र की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूती मिलेगी। स्थानीय लोगों ने जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से मांग की है कि मंदिर में जल्द से जल्द बिजली, पानी और सोलर ऊर्जा जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
- थाना फूलपुर क्षेत्रान्तर्गत ग्राम संदलपुर मलेथुआ में एक युवती का शव मिलने पर पुलिस द्वारा कृत कार्यवाही के सम्बंध में पुलिस उपायुक्त गंगानगर द्वारा आज दिनांक-23.04.2026 को दी गयी बाइट।1
- Post by Sona Rohit1
- दबंगों ने ट्रैक्टर से जोत दी खड़ी फसल, पीड़ित ने लगाई न्याय की गुहार कौशाम्बी जनपद के अमिरसा गांव में दबंगई का मामला सामने आया है, जहां आरोप है कि गांव के ही आकाश पांडेय और उनकी मां ने मिलकर राजेश पांडेय की खड़ी चरी (हरी चारा) की फसल पर ट्रैक्टर चलवाकर उसे नष्ट कर दिया। पीड़ित राजेश पांडेय के अनुसार, उनकी फसल पूरी तरह तैयार थी, तभी आरोपियों ने बाहर से ट्रैक्टर बुलवाकर खेत को जबरन जोतवा दिया, जिससे पूरी फसल बर्बाद हो गई। घटना के दौरान ग्रामीणों ने विरोध किया, लेकिन आरोपियों ने किसी की नहीं सुनी। बताया जा रहा है कि पूरी घटना पास में लगे एक घर के सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जो अब अहम साक्ष्य के रूप में सामने आई है। पीड़ित ने स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज कराते हुए न्याय की मांग की है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। उधर, घटना के बाद गांव में आक्रोश और तनाव का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लग सके।4
- Post by Raju Yadav1
- Post by रंजना हडिया प्रयागराज मोबाइल नंबर,84169043591
- हंडिया। फूलपुर थाना क्षेत्र के संडलपुर गांव स्थित बाबा अली शाह के बंद पड़े मजार में जमकर तोड़फोड़, तांडव और चोरी की घटना सामने आई है। गुरुवार को मजार पर पहुंचे लोगों और जायरीनों से अराजक तत्वों ने मारपीट किया। जायरीनों को गाली और जान मारने की धमकी दी गई। शिकायत पर यूपी 112 और फूलपुर पुलिस पहुंचकर घटना की जांच पड़ताल की। बताते चले कि संडलपुर गांव में स्थित बाबा का मजार कई माह से बंद पड़ा था। उसके बावजूद आस्था से जुड़े लोगों का आना जाना लगा रहता है। बताते चलें कि गुरुवार को मजार के बाबा सहीद की घर की महिलाएं मजार पर पहुंची और देखा तो मस्जिद और मजार के ताले टूटे थे। दीवारों पर गलत स्लोगन लिखा गया था। मजार की दान पेटी बाहर लगी दान पेटी को अराजकतत्वों ने तोड़ दिया था। शौचालय के दरवाजे,ताले तोड़ दिए गए थे। यहा तक की तालाब की मछलियों को निकाल कर बेच दिया गया। मजार पर फूल बेचने आए एक माली को अराजक तत्वों ने रोक कर जहां पीट दिया वहीं मजार पर आने वाले जायरीनों के साथ बदसलूकी की गई। मजार पर पहुंची शहीद बाबा की बेटियों ने आरोप लगाया कि मारूफ, नईम, कुर्बान, इश्तियाक, फारूक आदि लोग मजार पर तांडव, तोड़फोड़ और चोरी किया है। जायरीनों के साथ तांडव करने के साथ घर पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया गया है। मामले में यूपी 112 पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची यूपी 112 पुलिस ने फूलपुर पुलिस को अवगत कराया। फूलपुर पुलिस भी मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल किया।2
- Post by दैनिक राष्ट्रीय जगत न्यूज संपा1
- कौंधियारा क्षेत्र के गौरा गांव में लाखों रुपये की लागत से बना अमृत सरोवर बदहाली का शिकार हो गया है। आज गुरुवार सुबह जब ग्राउंड रिपोर्ट की गई तो देखा गया कि जल संरक्षण के उद्देश्य से तैयार किया गया यह सरोवर अब पूरी तरह सूख चुका है और इसके चारों ओर झाड़-झंखाड़ उग आए हैं, जिससे यह तालाब किसी जंगल जैसा नजर आने लगा है।1
- Post by Raju Yadav1