यमुनानगर की जगाधरी जिला जेल में विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में जेल के अधिकारियों, कर्मचारियों और समाजसेवियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए रक्तदान किया और लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक होने का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस मौके पर जिला जेल के डिप्टी विवेक सांगवान ने रक्तदान को एक महादान बताया, जो किसी भी जरूरतमंद व्यक्ति को नया जीवन प्रदान करने की क्षमता रखता है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि जेल प्रशासन समाज में सकारात्मक संदेश पहुंचाने के उद्देश्य से समय-समय पर सामाजिक सरोकारों से जुड़े ऐसे कार्यक्रम आयोजित करता रहता है। सांगवान ने इस बात पर जोर दिया कि रक्त की आवश्यकता कभी भी किसी को भी पड़ सकती है, इसलिए प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए। शिविर में मौजूद डॉ. शुभम ने रक्तदान को एक पूरी तरह से सुरक्षित प्रक्रिया बताते हुए स्पष्ट किया कि इसका स्वास्थ्य पर कोई भी प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता। उन्होंने आगे बताया कि रक्तदान के बाद शरीर में नए रक्त बनने की प्रक्रिया सक्रिय हो जाती है, जिससे व्यक्ति स्वस्थ महसूस करता है। डॉ. शुभम ने लोगों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की भ्रांति में न पड़ें और अधिक से अधिक संख्या में रक्तदान कर मानवता की सेवा में अपना योगदान दें। उन्होंने यह भी बताया कि दुर्घटनाओं, ऑपरेशन, प्रसव और गंभीर बीमारियों जैसी स्थितियों में रक्त की आवश्यकता होती है, और ऐसे समय में रक्तदाता ही किसी की जिंदगी बचाने का माध्यम बनते हैं। विश्व रक्तदाता दिवस पर आयोजित इस शिविर का मुख्य उद्देश्य लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक करना था। इसके साथ ही यह संदेश भी दिया गया कि आपका एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद व्यक्ति की पूरी जिंदगी बचा सकता है।
यमुनानगर की जगाधरी जिला जेल में विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में जेल के अधिकारियों, कर्मचारियों और समाजसेवियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए रक्तदान किया और लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक होने का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस मौके पर जिला जेल के डिप्टी विवेक सांगवान ने रक्तदान को एक महादान बताया, जो किसी भी जरूरतमंद व्यक्ति को नया जीवन प्रदान करने की क्षमता रखता है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि जेल प्रशासन समाज में सकारात्मक संदेश पहुंचाने के उद्देश्य से समय-समय पर सामाजिक सरोकारों से जुड़े ऐसे कार्यक्रम आयोजित करता रहता है। सांगवान ने इस बात पर जोर दिया कि रक्त की आवश्यकता कभी भी किसी को भी पड़ सकती है, इसलिए प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए। शिविर में मौजूद डॉ. शुभम ने रक्तदान को एक पूरी तरह से
सुरक्षित प्रक्रिया बताते हुए स्पष्ट किया कि इसका स्वास्थ्य पर कोई भी प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता। उन्होंने आगे बताया कि रक्तदान के बाद शरीर में नए रक्त बनने की प्रक्रिया सक्रिय हो जाती है, जिससे व्यक्ति स्वस्थ महसूस करता है। डॉ. शुभम ने लोगों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की भ्रांति में न पड़ें और अधिक से अधिक संख्या में रक्तदान कर मानवता की सेवा में अपना योगदान दें। उन्होंने यह भी बताया कि दुर्घटनाओं, ऑपरेशन, प्रसव और गंभीर बीमारियों जैसी स्थितियों में रक्त की आवश्यकता होती है, और ऐसे समय में रक्तदाता ही किसी की जिंदगी बचाने का माध्यम बनते हैं। विश्व रक्तदाता दिवस पर आयोजित इस शिविर का मुख्य उद्देश्य लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक करना था। इसके साथ ही यह संदेश भी दिया गया कि आपका एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद व्यक्ति की पूरी जिंदगी बचा सकता है।
- यमुनानगर की जगाधरी जिला जेल में विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में जेल के अधिकारियों, कर्मचारियों और समाजसेवियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए रक्तदान किया और लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक होने का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस मौके पर जिला जेल के डिप्टी विवेक सांगवान ने रक्तदान को एक महादान बताया, जो किसी भी जरूरतमंद व्यक्ति को नया जीवन प्रदान करने की क्षमता रखता है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि जेल प्रशासन समाज में सकारात्मक संदेश पहुंचाने के उद्देश्य से समय-समय पर सामाजिक सरोकारों से जुड़े ऐसे कार्यक्रम आयोजित करता रहता है। सांगवान ने इस बात पर जोर दिया कि रक्त की आवश्यकता कभी भी किसी को भी पड़ सकती है, इसलिए प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए। शिविर में मौजूद डॉ. शुभम ने रक्तदान को एक पूरी तरह से सुरक्षित प्रक्रिया बताते हुए स्पष्ट किया कि इसका स्वास्थ्य पर कोई भी प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता। उन्होंने आगे बताया कि रक्तदान के बाद शरीर में नए रक्त बनने की प्रक्रिया सक्रिय हो जाती है, जिससे व्यक्ति स्वस्थ महसूस करता है। डॉ. शुभम ने लोगों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की भ्रांति में न पड़ें और अधिक से अधिक संख्या में रक्तदान कर मानवता की सेवा में अपना योगदान दें। उन्होंने यह भी बताया कि दुर्घटनाओं, ऑपरेशन, प्रसव और गंभीर बीमारियों जैसी स्थितियों में रक्त की आवश्यकता होती है, और ऐसे समय में रक्तदाता ही किसी की जिंदगी बचाने का माध्यम बनते हैं। विश्व रक्तदाता दिवस पर आयोजित इस शिविर का मुख्य उद्देश्य लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक करना था। इसके साथ ही यह संदेश भी दिया गया कि आपका एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद व्यक्ति की पूरी जिंदगी बचा सकता है।2
- एक सोशल मीडिया पोस्ट में महंगाई और 'अंधभक्तों' को लेकर तीखी टिप्पणी की गई है। पोस्ट के अनुसार, जहाँ एक ओर सभी चीजों के दाम काफी बढ़ गए हैं, वहीं दूसरी ओर 'अंधभक्तों' की कीमत आज भी एक कौड़ी के बराबर बनी हुई है।1
- सहारनपुर नगर निगम के वार्ड 60 में स्थित कलीसिया रोड पर गंभीर जलभराव की स्थिति बनी हुई है। चौंकाने वाली बात यह है कि यह जलभराव बिना बारिश के हो रहा है, जिससे स्थानीय निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस समस्या के लिए सीधे तौर पर नगर निगम और संबंधित पार्षद की घोर लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है, और लोग तत्काल इसके समाधान की मांग कर रहे हैं।1
- कैबिनेट मंत्री कृष्ण कुमार बेदी के जन्मदिन के अवसर पर महंत राजेंद्र पुरी महाराज ने पौधरोपण किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि नायब सैनी और कृष्ण बेदी की जोड़ी ने मिलकर हरियाणा की तस्वीर बदल दी है।1
- पछवादून की जनता भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रति अपना समर्थन बनाए हुए है, लेकिन उनकी अपेक्षा है कि क्षेत्र का नेतृत्व साफ़ छवि, जनसेवा, जवाबदेही और विकास को प्राथमिकता देने वाला हो। जनता ने यह इच्छा व्यक्त की है कि उनके जनप्रतिनिधि मुख्यमंत्री धामी की तरह उनकी समस्याओं को सुनने वाले और हर परिस्थिति में उनके साथ खड़े रहने वाले हों। यह स्पष्ट करता है कि भाजपा के साथ जनता का भरोसा कायम है, परंतु वे स्थानीय स्तर पर ऐसे नेतृत्व की तलाश में हैं जो जनसेवा के प्रति समर्पित हो।1
- एंटी करप्शन फाउंडेशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेंद्र अरोड़ा को 14 जून को करनाल में न्यायालय में पेश किया गया। यह कार्रवाई जनता द्वारा प्रशासन को दी गई एक शिकायत के आधार पर शुरू हुई कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई है। इस दौरान संबंधित प्रशासनिक अधिकारी और कानूनी प्रतिनिधि भी कोर्ट में उपस्थित रहे। प्रशासनिक अधिकारियों ने पुष्टि की है कि मामले की जांच और कानूनी प्रक्रिया नियमानुसार जारी है। न्यायालय में हुई कार्यवाही और मामले से संबंधित विस्तृत जानकारी आधिकारिक आदेश जारी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। मामले की सुनवाई के बाद न्यायालय आगामी कार्रवाई के संबंध में निर्णय लेगा, और इसमें अंतिम निर्णय न्यायालय द्वारा दिया जाना अभी शेष है। सभी पक्षों के प्रति निष्पक्षता बनाए रखने के लिए, केवल आधिकारिक तथ्यों के आधार पर ही जानकारी साझा करने पर जोर दिया गया है।1
- विश्व विख्यात आध्यात्मिक एवं सामाजिक संस्था मानव उत्थान सेवा समिति ने सद्गुरुदेव श्री सतपाल जी महाराज की प्रेरणा से हरियाणा के यमुनानगर जिले के जगाधरी स्थित श्री हंस ज्योति मंदिर परिसर में विशाल मैंगो शेक, शरबत और छोलों के प्रसाद का वितरण किया। यह वितरण जमींदार पेट्रोल पंप के पास, पंचायत भवन यमुनानगर में हुआ, जिसका शुभ आरंभ सद्गुरु देव श्री सतपाल जी महाराज की आत्म अनुभवी महात्मा सिंधु बाई जी, महात्मा मेघा बाई जी और महात्मा सपना बाई जी ने किया। इस अवसर पर, महात्मा सिंधु बाई जी ने कहा कि भूखे व्यक्ति को भोजन कराना अत्यंत पुण्य का कार्य है, जबकि प्रभु के नाम का सुमिरन महान कार्य है। उन्होंने अधीनता और नम्रता को महान आदर्श बताया, वहीं अभिमान को व्यक्ति का विनाशक बताया। महात्मा सिंधु बाई जी ने जीवन की मूलभूत आवश्यकताओं – रोटी, कपड़ा और मकान – पर जोर देते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपनी सामर्थ्य के अनुसार जरूरतमंदों की सहायता अवश्य करनी चाहिए, क्योंकि यह हमारा सामाजिक दायित्व है। उन्होंने यह भी बताया कि भगवान के सच्चे नाम को जानने और उसका भजन-सुमिरण करने से आवागमन का चक्र समाप्त होता है और चौरासी लाख योनियों से मुक्ति मिलती है। मानव उत्थान सेवा समिति के प्रेस सचिव पवन कुमार गोयल ने जानकारी दी कि समिति समय-समय पर जरूरतमंदों की सहायता करती रहती है, जिसमें राशन, वस्त्र और कंबल वितरण शामिल है। पर्यावरण संरक्षण के तहत वे वृक्षारोपण और सफाई अभियान चलाते हैं, जबकि 'मिशन एजुकेशन' के अंतर्गत बच्चों को पाठ्य सामग्री वितरित करते हैं, बाल सभाएं आयोजित करते हैं और आध्यात्मिक एवं सामाजिक शिक्षा के लिए बच्चों के शिविर लगाते हैं। इसके अतिरिक्त, समिति मेडिकल कैंप और रक्त दान कैंप भी आयोजित करती है। पवन कुमार गोयल ने बताया कि समिति हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी चार धाम यात्रियों के लिए कुल 10 करोड़ रुपये का निशुल्क दुर्घटना बीमा करवाया है, जिसमें प्रत्येक धाम के लिए ढाई-ढाई करोड़ रुपये का प्रावधान है। यदि किसी यात्री की यात्रा के दौरान दुर्घटना या प्राकृतिक आपदा में मृत्यु हो जाती है, तो बीमा कंपनी द्वारा 1 लाख रुपये की सहायता दी जाती है। इस बीमा के प्रीमियम की किस्त मानव उत्थान सेवा समिति के संस्थापक सद्गुरु देव श्री सतपाल जी महाराज ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी जी को चेक के रूप में भेंट की। आज के इस आयोजन में मानव उत्थान सेवा समिति के सदस्यों और अन्य व्यक्तियों ने तन-मन-धन से सहयोग किया और दूसरों को भी सेवा करने की प्रेरणा दी। समिति का मानना है कि मानव की सेवा ही भगवान की सेवा है।3
- मानव उत्थान सेवा समिति के प्रेस सचिव पवन कुमार गोयल ने इस बात पर ज़ोर दिया कि भूखे व्यक्ति को भोजन कराना और ज़रूरतमंद की सहायता करना सबसे बड़ा पुण्य कार्य है। उन्होंने बताया कि रोटी, कपड़ा और मकान प्रत्येक व्यक्ति की मूलभूत आवश्यकताएँ हैं, और समाज के सक्षम लोगों को अपनी सामर्थ्य अनुसार ज़रूरतमंदों की सहायता अवश्य करनी चाहिए, क्योंकि यह हमारा सामाजिक और नैतिक दायित्व है। गोयल ने आगे कहा कि मानव जीवन का वास्तविक उद्देश्य परमात्मा के सच्चे नाम को जानकर उसका भजन-सुमिरन करना है, और महापुरुषों के अनुसार जिसने प्रभु नाम जान लिया, उसने समस्त वेदों का सार जान लिया। उनके मुताबिक, प्रभु भक्ति और सेवा के माध्यम से ही मनुष्य जन्म-मरण के चक्र से मुक्ति प्राप्त कर सकता है। समिति द्वारा किए जा रहे विभिन्न सामाजिक एवं जनकल्याणकारी कार्यों की जानकारी देते हुए पवन कुमार गोयल ने बताया कि मानव उत्थान सेवा समिति समय-समय पर ज़रूरतमंद परिवारों को राशन, वस्त्र एवं कंबल वितरित करती है। इसके साथ ही, पर्यावरण संरक्षण के लिए वृक्षारोपण अभियान, स्वच्छता अभियान तथा 'मिशन एजुकेशन' के अंतर्गत बच्चों को पाठ्य सामग्री वितरण, बाल सभाओं का आयोजन एवं आध्यात्मिक तथा सामाजिक शिक्षा के लिए विशेष शिविर लगाए जाते हैं। समिति नियमित रूप से मेडिकल कैंप एवं रक्तदान शिविर भी आयोजित करती है। एक महत्वपूर्ण पहल के तहत, समिति हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए ₹10 करोड़ का निःशुल्क दुर्घटना बीमा करवा रही है। इसमें चारों धामों के लिए ढाई-ढाई करोड़ रुपये की बीमा व्यवस्था की गई है। यात्रा के दौरान किसी दुर्घटना अथवा प्राकृतिक आपदा में मृत्यु होने की स्थिति में पीड़ित परिवार को ₹1 लाख की सहायता राशि प्रदान की जाती है। इस बीमा योजना के प्रीमियम की राशि मानव उत्थान सेवा समिति के संस्थापक एवं प्रेरणास्रोत सद्गुरु देव श्री सतपाल जी महाराज द्वारा उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को चेक भेंट कर जमा कराई गई। यमुनानगर में मानव उत्थान सेवा समिति द्वारा मैंगो शेक वितरण का एक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जहाँ ये घोषणाएँ की गईं। इस कार्यक्रम में समिति के अनेक सदस्यों एवं समाजसेवियों ने तन, मन और धन से सहयोग किया तथा उपस्थित लोगों को मानव सेवा के लिए प्रेरित किया। वक्ताओं ने कहा कि मानव सेवा ही सच्चे अर्थों में भगवान की सेवा है।2
- पुलिस ने एक ऐसी धातु की वस्तु के संबंध में चेतावनी जारी की है जो देखने में तो सामान्य पेन जैसी लगती है, लेकिन वास्तव में यह एक टैक्टिकल या सेल्फ-डिफेंस पेन अथवा नुकीला सुरक्षा उपकरण हो सकता है। इस वीडियो संदेश का मुख्य उद्देश्य लोगों को ऐसी वस्तु को साधारण पेन न समझने की सलाह देना है, क्योंकि इसका उपयोग आत्मरक्षा के साथ-साथ किसी को चोट पहुँचाने के लिए भी किया जा सकता है। यह वस्तु सामान्य पेन के आकार की दिखती है, किंतु धातु से बनी होने के कारण काफी मजबूत होती है और इसके नुकीले हिस्से से गंभीर चोट लगने की संभावना है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे अनजान वस्तुओं को बिना जांचे-परखे हाथ में न लें और अपनी सुरक्षा व सतर्कता बनाए रखें।1