बदायूं से समाजवादी पार्टी के सांसद आदित्य यादव ने अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी और ट्रस्ट से जुड़े मामलों को लेकर केंद्र और राज्य सरकारों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राम मंदिर से जुड़े हर व्यक्ति की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जो भी इसमें दोषी पाया जाए, उसे कड़ी सजा दी जानी चाहिए। सांसद यादव ने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा गठित एसआईटी केवल औपचारिकता निभा रही है। उनके मुताबिक, जांच के नाम पर समय सिर्फ इसलिए दिया जा रहा है ताकि इस प्रकरण में शामिल बड़े लोगों को बचाया जा सके। उन्होंने इस बात पर सवाल उठाया कि जब सरकार द्वारा बनाई गई एसआईटी उन्हीं लोगों को रिपोर्ट सौंप रही है जो स्वयं ट्रस्ट से संबंधित हैं, तो ऐसे में निष्पक्ष जांच की उम्मीद कैसे की जा सकती है? आदित्य यादव ने यह भी कहा कि चंपत राय का इस्तीफा देना कोई सजा नहीं है। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो। उनका दावा है कि इस पूरे मामले में अभी तक कई अहम नाम सामने नहीं आए हैं, जिसके लिए प्रकरण की गहराई से जांच बेहद ज़रूरी है। उन्होंने आगे कहा कि भगवान श्रीराम सब जानते हैं, और इसी वजह से वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में जनता ने भाजपा को जवाब दिया। सांसद यादव ने चंदे की कथित चोरी की पूरी वसूली करने और जमीन घोटालों में शामिल लोगों से भी वसूली किए जाने की मांग की। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि जनता की आस्था से जुड़े इस संवेदनशील मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाना चाहिए, और जांच पूरी तरह से पारदर्शी व निष्पक्ष होनी चाहिए।
बदायूं से समाजवादी पार्टी के सांसद आदित्य यादव ने अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी और ट्रस्ट से जुड़े मामलों को लेकर केंद्र और राज्य सरकारों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राम मंदिर से जुड़े हर व्यक्ति की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जो भी इसमें दोषी पाया जाए, उसे कड़ी सजा दी जानी चाहिए। सांसद यादव ने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा गठित एसआईटी केवल औपचारिकता निभा रही है। उनके मुताबिक, जांच के नाम पर समय सिर्फ इसलिए दिया जा रहा है ताकि इस प्रकरण में शामिल
बड़े लोगों को बचाया जा सके। उन्होंने इस बात पर सवाल उठाया कि जब सरकार द्वारा बनाई गई एसआईटी उन्हीं लोगों को रिपोर्ट सौंप रही है जो स्वयं ट्रस्ट से संबंधित हैं, तो ऐसे में निष्पक्ष जांच की उम्मीद कैसे की जा सकती है? आदित्य यादव ने यह भी कहा कि चंपत राय का इस्तीफा देना कोई सजा नहीं है। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो। उनका दावा है कि इस पूरे मामले में अभी तक कई अहम नाम सामने नहीं आए
हैं, जिसके लिए प्रकरण की गहराई से जांच बेहद ज़रूरी है। उन्होंने आगे कहा कि भगवान श्रीराम सब जानते हैं, और इसी वजह से वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में जनता ने भाजपा को जवाब दिया। सांसद यादव ने चंदे की कथित चोरी की पूरी वसूली करने और जमीन घोटालों में शामिल लोगों से भी वसूली किए जाने की मांग की। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि जनता की आस्था से जुड़े इस संवेदनशील मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाना चाहिए, और जांच पूरी तरह से पारदर्शी व निष्पक्ष होनी चाहिए।
- आदित्य प्रकाश त्रिपाठीDhampur, Bijnorनिष्पक्ष जांच हो रहीं है तुम्हारी सरकार नहीं है4 hrs ago
- उत्तर प्रदेश में ट्रैफिक पुलिस के भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया गया है, जिसे एक शिकायतकर्ता ने 'खुली पोल' बताया है। शिकायतकर्ता ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी से विशेष विनती और प्रार्थना की है कि ऐसे भ्रष्टाचार को जड़ से उखाड़ फेंका जाए। इस अपील में आरोप लगाया गया है कि ट्रैफिक पुलिस ने 'भोजपुरी के नाम से देश में बवाल मचा रखा है', और इस तरह के कृत्यों को 'सख्त मानवी अपराध' माना गया है। मुख्यमंत्री से यह भी आग्रह किया गया है कि भ्रष्टाचार को समाप्त कर आने वाले समाज को एक नई ऊर्जा दिलाई जाए।1
- अयोध्या में राम मंदिर दान चोरी से संबंधित मामले में सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश जारी किया गया है।1
- बदायूं के इस्लामनगर कस्बे के मोहल्ला मछली बाजार में मछली खरीदने आए एक ग्राहक की बाइक में टक्कर लगने के बाद दो पक्षों में जमकर बवाल और पथराव हुआ। इस झड़प में दोनों तरफ से लोगों ने अपनी छतों से ईंट-पत्थर फेंके, जिससे कई लोग घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया, जिसके बाद स्थिति को नियंत्रित किया जा सका। घटनास्थल पर भारी मात्रा में पुलिस बल तैनात किया गया है और पुलिस ने अपने वाहनों से सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया।4
- त्रिण्दडी देव सेवा आश्रम, बल्लिया में वर्षों से चल रहे लक्ष्मी नारायण महायज्ञ के अंतर्गत शनिवार को भगवान लक्ष्मी नारायण की प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव से पहले एक भव्य नगर भ्रमण शोभायात्रा निकाली गई। यह शोभायात्रा आश्रम से शुरू होकर कस्बे के प्रमुख मार्गों से गुजरी, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। आश्रम के संस्थापक वैकुंठ वासी स्वामी राजेन्द्राचार्य महाराज का यह वर्षों पुराना संकल्प था कि बल्लिया कस्बे में वैष्णव धर्म के प्रचार-प्रसार हेतु भगवान लक्ष्मी नारायण का भव्य मंदिर स्थापित किया जाए। श्रद्धालुओं के सहयोग और अथक प्रयासों से अब यह संकल्प साकार होने जा रहा है। यह पूरा कार्यक्रम आश्रम के उत्तराधिकारी जगद्गुरु स्वामी गोविंदाचार्य महाराज के सान्निध्य और तत्वावधान में आयोजित किया गया है। नगर भ्रमण के दौरान श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन और जयघोष करते हुए भगवान की शोभायात्रा में उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस महायज्ञ के यजमानों में प्रमोद पाठक, अवनीश शर्मा, अमित दीक्षित, रामपाल जायसवाल, रामनिवास वर्मा, कुलदीप गुप्ता और सुनील यादव शामिल हैं। यज्ञाचार्य के रूप में काशी से पधारे पंडित मधुरंजन तिवारी वैदिक मंत्रोच्चार के साथ सभी धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कराएंगे, उनके साथ अन्य विद्वान आचार्य भी उपस्थित हैं। कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए यज्ञ समिति के सभी सदस्य, आश्रम के सेवादार संजू शर्मा, राजाराम शर्मा, ठाकुर नत्थू सिंह, भूरे यादव, पं. सुदीप शर्मा सहित कई अन्य श्रद्धालु भी सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं। आश्रम के पुजारी दामोदर दास (दुर्गपाल) ने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर इस धार्मिक आयोजन में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें।4
- बदायूं जिले के इस्लामनगर थाना क्षेत्र से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहाँ मामूली कहासुनी ने बड़े बवाल का रूप ले लिया। जानकारी के अनुसार, दो पक्षों के बीच हुए छोटे से विवाद के बाद दोनों आमने-सामने आ गए और जमकर ईंट-पत्थर चलने लगे, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुँची और मोर्चा संभालते हुए स्थिति को नियंत्रण में किया। पुलिस ने दोनों पक्षों से कुल 9 लोगों को गिरफ्तार कर थाने भेज दिया है। इस पूरे मामले में पुलिस आगे की जाँच में जुट गई है।1
- बदायूं से समाजवादी पार्टी के सांसद आदित्य यादव ने अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी और ट्रस्ट से जुड़े मामलों को लेकर केंद्र और राज्य सरकारों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राम मंदिर से जुड़े हर व्यक्ति की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जो भी इसमें दोषी पाया जाए, उसे कड़ी सजा दी जानी चाहिए। सांसद यादव ने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा गठित एसआईटी केवल औपचारिकता निभा रही है। उनके मुताबिक, जांच के नाम पर समय सिर्फ इसलिए दिया जा रहा है ताकि इस प्रकरण में शामिल बड़े लोगों को बचाया जा सके। उन्होंने इस बात पर सवाल उठाया कि जब सरकार द्वारा बनाई गई एसआईटी उन्हीं लोगों को रिपोर्ट सौंप रही है जो स्वयं ट्रस्ट से संबंधित हैं, तो ऐसे में निष्पक्ष जांच की उम्मीद कैसे की जा सकती है? आदित्य यादव ने यह भी कहा कि चंपत राय का इस्तीफा देना कोई सजा नहीं है। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो। उनका दावा है कि इस पूरे मामले में अभी तक कई अहम नाम सामने नहीं आए हैं, जिसके लिए प्रकरण की गहराई से जांच बेहद ज़रूरी है। उन्होंने आगे कहा कि भगवान श्रीराम सब जानते हैं, और इसी वजह से वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में जनता ने भाजपा को जवाब दिया। सांसद यादव ने चंदे की कथित चोरी की पूरी वसूली करने और जमीन घोटालों में शामिल लोगों से भी वसूली किए जाने की मांग की। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि जनता की आस्था से जुड़े इस संवेदनशील मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाना चाहिए, और जांच पूरी तरह से पारदर्शी व निष्पक्ष होनी चाहिए।3
- जनपद बदायूं के इस्लामनगर थाना क्षेत्र में एक टेम्पो और बाइक की टक्कर के बाद दो पक्ष आमने-सामने आ गए। यह मामूली विवाद देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया, जिसमें दोनों ओर से जमकर पथराव हुआ और पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। इस पथराव में दोनों पक्षों के कई लोग घायल हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घायलों को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में भर्ती कराया गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात किया गया, जिसने हालात पर काबू पाते हुए 10 लोगों को हिरासत में लिया। पुलिस अब इस मामले की जांच कर रही है और दोषियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की तैयारी में जुटी है। फिलहाल, इस्लामनगर क्षेत्र में स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में बताई जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और शांति व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का पूरा सहयोग करें।1