मध्य भारत न्यूज़: चित्रकूट फायरिंग मामले में बड़ी सफलता, 102 दिनों से फरार 3 इनामी आरोपी गिरफ्तार सतना/चित्रकूट: चित्रकूट नगर में करीब साढ़े तीन महीने पहले हवाई फायरिंग कर दहशत फैलाने वाले तीन मुख्य आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इन आरोपियों की तलाश पिछले 102 दिनों से जारी थी। पुलिस ने इन्हें उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों से घेराबंदी कर पकड़ा है। क्या है पूरा मामला? बता दें कि लगभग साढ़े तीन माह पूर्व चित्रकूट के आवासीय क्षेत्र में अंधाधुंध हवाई फायरिंग की गई थी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी। इस घटना के बाद आरोपी फरार हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक हंसराज सिंह ने फरार आरोपियों पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस की कार्रवाई और बरामदगी मुखबिर की सूचना और तकनीकी सर्विलांस के आधार पर पुलिस ने उत्तर प्रदेश में दबिश दी और तीनों इनामी बदमाशों को धर दबोचा। पुलिस ने इनके पास से: अवैध कट्टा (देशी तमंचा) जिंदा कारतूस (राउंड्स) भी बरामद किए हैं। कुल 5 आरोपी थे शामिल पुलिस जांच के अनुसार, फायरिंग की इस घटना में कुल 5 आरोपी शामिल थे। तीन की गिरफ्तारी के साथ ही इस केस के सभी अपराधी अब सलाखों के पीछे हैं। अन्य दो आरोपी पहले से ही रायपुर और फतेहपुर की जेलों में बंद हैं। "अपराधियों के खिलाफ ज़ीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। किसी भी हालत में क्षेत्र की शांति भंग करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।" > — पुलिस प्रशासन, सतना रिपोर्ट: ब्यूरो चीफ, मध्य भारत न्यूज़
मध्य भारत न्यूज़: चित्रकूट फायरिंग मामले में बड़ी सफलता, 102 दिनों से फरार 3 इनामी आरोपी गिरफ्तार सतना/चित्रकूट: चित्रकूट नगर में करीब साढ़े तीन महीने पहले हवाई फायरिंग कर दहशत फैलाने वाले तीन मुख्य आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इन आरोपियों की तलाश पिछले 102 दिनों से जारी थी। पुलिस ने इन्हें उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों से घेराबंदी कर पकड़ा है। क्या है पूरा मामला? बता दें कि लगभग साढ़े तीन माह पूर्व चित्रकूट के आवासीय क्षेत्र में अंधाधुंध हवाई फायरिंग की गई थी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी। इस घटना के बाद आरोपी फरार हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक हंसराज सिंह ने फरार आरोपियों पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस की कार्रवाई और बरामदगी मुखबिर की सूचना और तकनीकी सर्विलांस के आधार पर पुलिस ने उत्तर प्रदेश में दबिश दी और तीनों इनामी बदमाशों को धर दबोचा। पुलिस ने इनके पास से: अवैध कट्टा (देशी तमंचा) जिंदा कारतूस (राउंड्स) भी बरामद किए हैं। कुल 5 आरोपी थे शामिल पुलिस जांच के अनुसार, फायरिंग की इस घटना में कुल 5 आरोपी शामिल थे। तीन की गिरफ्तारी के साथ ही इस केस के सभी अपराधी अब सलाखों के पीछे हैं। अन्य दो आरोपी पहले से ही रायपुर और फतेहपुर की जेलों में बंद हैं। "अपराधियों के खिलाफ ज़ीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। किसी भी हालत में क्षेत्र की शांति भंग करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।" > — पुलिस प्रशासन, सतना रिपोर्ट: ब्यूरो चीफ, मध्य भारत न्यूज़
- *इस तरह दलबल के साथ प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ की कार्रवाई,आन द स्पॉट फैसला अतिक्रमणकारियों की दुकानें ट्रैक्टरों में लाद ले गया प्रशासन।*1
- 181 हटाओ, नहीं तो गरीबी रेखा से नाम काट दूंगा” — अमदरा में सचिव बना ‘गरीबों का मालिक मैहर के अमदरा मे देख रहे हो विनोद…! जिनके कंधों पर गरीबों की मदद की जिम्मेदारी है, वही अब उनकी किस्मत का ठेकेदार बन बैठा है। अमदरा ग्राम में ग्राम सचिव की कथित दबंगई ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। पीडित का आरोप है कि सचिव खुलेआम 181 (सीएम हेल्पलाइन) की शिकायत हटवाने के लिए दबाव बना रहा है। और अगर कोई गरीब हिम्मत दिखा दे, तो उसे सीधी धमकी— “181 हटाओ… नहीं तो गरीबी रेखा से नाम काट दूंगा।” इतना ही नहीं, सचिव का घमंड यहीं नहीं रुका। उसने साफ शब्दों में कह दिया— “मैं जनता का नौकर नहीं, सरकार का नौकर हूं।” वाह रे सिस्टम…! जनता के टैक्स से तनख्वाह लेने वाला अधिकारी जनता को ही आंख दिखा रहा है। और ऊपर से दावा— “गरीबी रेखा में नाम हम जोड़ते हैं, हम ही काटते हैं।” यानी गरीबों का हक अब फाइलों में नहीं, बल्कि सचिव की जेब में कैद है! गांव में दहशत का माहौल है। लोग डर के साए में जी रहे हैं, क्योंकि उन्हें डर है कि कहीं उनकी आवाज उठाने की कीमत उनके हक छिनने से न चुकानी पड़े। अब सवाल सीधा है— क्या प्रशासन इस ‘छोटे साहब’ की बड़ी दबंगई पर लगाम लगाएगा? या फिर गांधी जी के तीन बंदरों की तरह सब कुछ देखते, सुनते और चुप बैठे रहेगा? इस तानाशाही से परेशान होकर कलेक्टर से तत्काल जांच कर सख्त कार्रवाई की मांग की है।1
- सतना: बेकाबू कार ने बाइक सवारों को रौंदा, CCTV में कैद हुई खौफनाक टक्कर सतना के बिड़ला रोड स्थित सिंधी कैंप मोड़ पर एक तेज रफ्तार अज्ञात कार ने बदखर निवासी रवि शुक्ला और उनके साथी को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण हादसे में दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। दुर्घटना की रोंगटे खड़े कर देने वाली तस्वीरें CCTV कैमरे में कैद हुई हैं।1
- सतना/चित्रकूट: चित्रकूट नगर में करीब साढ़े तीन महीने पहले हवाई फायरिंग कर दहशत फैलाने वाले तीन मुख्य आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इन आरोपियों की तलाश पिछले 102 दिनों से जारी थी। पुलिस ने इन्हें उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों से घेराबंदी कर पकड़ा है। क्या है पूरा मामला? बता दें कि लगभग साढ़े तीन माह पूर्व चित्रकूट के आवासीय क्षेत्र में अंधाधुंध हवाई फायरिंग की गई थी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी। इस घटना के बाद आरोपी फरार हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक हंसराज सिंह ने फरार आरोपियों पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस की कार्रवाई और बरामदगी मुखबिर की सूचना और तकनीकी सर्विलांस के आधार पर पुलिस ने उत्तर प्रदेश में दबिश दी और तीनों इनामी बदमाशों को धर दबोचा। पुलिस ने इनके पास से: अवैध कट्टा (देशी तमंचा) जिंदा कारतूस (राउंड्स) भी बरामद किए हैं। कुल 5 आरोपी थे शामिल पुलिस जांच के अनुसार, फायरिंग की इस घटना में कुल 5 आरोपी शामिल थे। तीन की गिरफ्तारी के साथ ही इस केस के सभी अपराधी अब सलाखों के पीछे हैं। अन्य दो आरोपी पहले से ही रायपुर और फतेहपुर की जेलों में बंद हैं। "अपराधियों के खिलाफ ज़ीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। किसी भी हालत में क्षेत्र की शांति भंग करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।" > — पुलिस प्रशासन, सतना रिपोर्ट: ब्यूरो चीफ, मध्य भारत न्यूज़1
- Post by Neeraj Ravi1
- *लोहिया जी के भतीजे सुदीप तपसी की ट्रस्ट के लोगो पुण्यतिथि मनाते हुए क़िया प्रसाद का वितरण।* डॉक्टर राममनोहर लोहिया जी के भतीजे सुदीप तपसी के द्वारा वर्षो तक लोहिया जी के संदेशों को जन जन तक पहुचाते हुए उंचेहरा नगर से जुड़ी उनकी यादों को वर्षो तक संजोने का नेक कार्य किया गया।साथ ही लोहिया वाहनी रथ तैयार कर डॉक्टर लोहिया वार्ड 1 से अकबरपुर तक जनजागरूकता रैली निकाल गाव गाव में लोहिया जी के संदेशों को पहुचाने का कार्य किया गया था।डाक्टर रामनोहर लोहिया ने अपने नाना के घर रह कर कक्षा 1 से 4 तक की तालीम हासिल की थी।जिस वजह से उनके भतीजे सुदीप तपसी ने डॉक्टर राममनोहर लोहिया चैरिटेबल ट्रस्ट का निर्माण कर वर्षो तक जन हित मे काम करते रहे।साथ ही उन्हों ने लोहिया जी के स्मारक के साथ लोहिया भवन बनवाने वास्ते जमीन डॉक्टर राममनोहर लोहिया चैटिटेबल ट्रस्ट के नाम दान की थी।लेकिन सुदीप तपसी अपना यह ख्वाब अधूरा छोड़ वह पैरोल वासी हो चुके है।लेकिन उनके सपनों को जन जन तक पहुचाने का काम आज भी डॉक्टर रामनोहर लोहिया चैरिटेबल ट्रस्ट के संरक्षक नवल किशोर अग्रवाल व ट्रस्ट की अध्यक्ष उनकी धर्म पत्नी शीलू तपसी अपने कमेटी के सदस्यों के साथ मिल कर निरंतर अब तक कर रही है।उसी क्रम में लोहिया ट्रस्ट के लोगो ने मनाई उनकी पुण्यतिथि साथ ही विधिविधान से पूजा अर्चना के साथ प्रसाद का वितरण किया गया। इस दौरान भारतीय किसान यनियन के जिला अध्यक्ष ठाकुर प्रसाद सिंह,उपाध्यक्ष के पी सिंह,मोहन सिंह चंदेल,मनोज वर्मा,के साथ ट्रस्ट के पदाधिकारी विशेष रूप जे रहे मौजूद।1
- मैहर जिले के कटनी रोड स्थित भारत पैट्रोलियम पेट्रोल पंप पर सीएनजी गैस की हो रही है कालाबाजारी प्रबंधक से पूछने पर बोल दिया जाता है कि ऑपरेटर नहीं है और फिर पीछे से सीएनजी का कालाबाजारी चालू हो जाती है पेट्रोलियम विभाग का ऐसा कौन सा नियम है कि ऑपरेटर 5:00 बजे दिन में ही सीएनजी पंप बंद करके चला जाए जिससे ग्राहक हो रहे हैं परेशान प्रशासन इस पेट्रोल पंप पर कोई कार्यवाही नहीं कर रहे हैं1
- मैहर: स्कूल संचालक अनिल तिवारी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, कमरे में मिला शव मच गई सनसनी: स्कूल पहुंचे बच्चों और शिक्षिका ने जब खटखटाया दरवाजा, अंदर से नहीं मिली कोई आहट मैहर। मैहर के पुरानी बस्ती, उत्तर दरवाजा (वार्ड क्रमांक 11) में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब क्षेत्र के 'सीमा शिशु विकास पूर्व माध्यमिक विद्यालय' के संचालक अनिल तिवारी (50 वर्ष) अपने कमरे में मृत पाए गए। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सुबह जब नहीं खुला दरवाजा प्राप्त जानकारी के अनुसार, अनिल तिवारी पिता पवन तिवारी, जो मूलतः हनुमना (रीवा) के निवासी थे, लंबे समय से मैहर में रहकर स्कूल का संचालन कर रहे थे। बुधवार सुबह जब रोज की तरह बच्चे और स्कूल की एक शिक्षिका विद्यालय पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि प्राचार्य का कमरा अंदर से बंद है। काफी देर तक दरवाजा खटखटाने और आवाज देने के बाद भी जब अंदर से कोई जवाब नहीं मिला, तो अनहोनी की आशंका गहरा गई। छत के रास्ते अंदर पहुंचे लोग मौके पर मौजूद लोगों और ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष रमेश प्रजापति ने तुरंत डायल 112 को सूचना दी। पुलिस के पहुंचने के बाद स्थानीय निवासियों की मदद ली गई। एक युवक बगल की छत के रास्ते खिड़की से कमरे के भीतर दाखिल हुआ, जहाँ अनिल तिवारी बेसुध अवस्था में पड़े मिले। इसके बाद अंदर से दरवाजा खोला गया। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने परीक्षण के उपरांत उन्हें मृत घोषित कर दिया। अकेले रहते थे प्राचार्य बताया गया है कि अनिल तिवारी घर में अकेले ही रहते थे और स्कूल की पूरी जिम्मेदारी संभालते थे। उनके परिजन शहर से बाहर रहते हैं, जिन्हें पुलिस द्वारा सूचना दे दी गई है। घटनास्थल की स्थिति को देखते हुए प्राथमिक अनुमान साइलेंट अटैक का लगाया जा रहा है, हालांकि पुलिस अन्य पहलुओं पर भी गौर कर रही है। थाना प्रभारी का वक्तव्य: > मैहर कोतवाली थाना प्रभारी अनिमेष द्विवेदी ने बताया कि, "शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। फिलहाल मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है।1