अमेठी के जिला कृषि अधिकारी देवेन्द्र सिंह निरंजन ने जनपद के किसानों से खरीफ फसलों की बुवाई से पहले बीज और भूमि शोधन करने की अपील की है। उन्होंने जोर दिया कि स्वस्थ बीज ही अधिक उत्पादन और कम लागत पर अधिक लाभ देने वाली स्वस्थ फसल का आधार होते हैं। अधिकारी ने बताया कि रबी फसलों की कटाई के बाद गर्मी की जुताई अवश्य करनी चाहिए, जिससे मिट्टी में मौजूद कीटों के अंडे, लार्वा, प्यूपा, तथा विभिन्न फफूंद, विषाणु एवं जीवाणु सतह पर आकर तेज गर्मी से नष्ट हो जाते हैं। इससे कीट व रोगों का प्रकोप कम होता है और भूमि की जल धारण क्षमता भी बढ़ती है। जिला कृषि अधिकारी ने धान, मक्का, बाजरा, ज्वार, दलहन और तिलहन फसलों को झुलसा, कंडुआ, रॉट, सड़न और पत्ती धब्बा जैसे बीज जनित रोगों से बचाने के लिए बुवाई से पहले बीज शोधन को आवश्यक बताया। इसके लिए थीरम 75% डब्ल्यूएस 2.5 ग्राम, अथवा कार्बेन्डाजिम 50% डब्ल्यूपी 2 ग्राम, तथा मेटालैक्सिल 35% डब्ल्यूएस 6 ग्राम प्रति किलोग्राम बीज की दर से प्रयोग करने की सलाह दी गई है। धान की फसल में जीवाणु झुलसा एवं जीवाणुधारी रोगों की रोकथाम के लिए स्ट्रेप्टोमाइसिन सल्फेट 90% और टेट्रासाइक्लीन हाइड्रोक्लोराइड 10% के 4 ग्राम मिश्रण को 25 किलोग्राम बीज के लिए 100 लीटर पानी में मिलाकर रातभर भिगोने की विधि बताई गई। इसके बाद बीज को छाया में सुखाकर थीरम या कार्बेन्डाजिम से बीज शोधन करके ही बुवाई करनी चाहिए। दलहनी फसलों के लिए ट्राइकोडर्मा का 5 ग्राम प्रति किलोग्राम बीज की दर से बीज शोधन करने की सलाह दी गई है, जिससे उखटा, जड़ गलन और तना गलन जैसी बीमारियों से फसल को बचाया जा सके। ट्राइकोडर्मा और ब्यूवेरिया बेसियाना का उपयोग भूमि शोधन के लिए भी किया जा सकता है। इसके तहत 2.5 से 3 किलोग्राम जैविक उत्पाद को 50 से 60 किलोग्राम सड़ी हुई गोबर की खाद में मिलाकर एक सप्ताह तक छाया में रखने के बाद जुताई के समय खेत में प्रयोग करने से भूमि जनित रोगों पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है। जिला कृषि अधिकारी ने यह भी जानकारी दी कि बीज और भूमि शोधन के लिए आवश्यक रसायन और जैविक उत्पाद जनपद के सभी विकास खंडों की कृषि रक्षा इकाइयों पर 50 से 75 प्रतिशत अनुदान पर उपलब्ध हैं। उन्होंने किसानों से इन सुविधाओं का लाभ उठाकर वैज्ञानिक विधि से खेती करने का आह्वान किया।
अमेठी के जिला कृषि अधिकारी देवेन्द्र सिंह निरंजन ने जनपद के किसानों से खरीफ फसलों की बुवाई से पहले बीज और भूमि शोधन करने की अपील की है। उन्होंने जोर दिया कि स्वस्थ बीज ही अधिक उत्पादन और कम लागत पर अधिक लाभ देने वाली स्वस्थ फसल का आधार होते हैं। अधिकारी ने बताया कि रबी फसलों की कटाई के बाद गर्मी की जुताई अवश्य करनी चाहिए, जिससे मिट्टी में मौजूद कीटों के अंडे, लार्वा, प्यूपा, तथा विभिन्न फफूंद, विषाणु एवं जीवाणु सतह पर आकर तेज गर्मी से नष्ट हो जाते हैं। इससे कीट व रोगों का प्रकोप कम होता है और भूमि की जल धारण क्षमता भी बढ़ती है। जिला कृषि अधिकारी ने धान, मक्का, बाजरा, ज्वार, दलहन और तिलहन फसलों को झुलसा, कंडुआ, रॉट, सड़न और पत्ती धब्बा जैसे बीज जनित रोगों से बचाने के लिए बुवाई से पहले बीज शोधन को आवश्यक बताया। इसके लिए थीरम 75% डब्ल्यूएस 2.5 ग्राम, अथवा कार्बेन्डाजिम 50% डब्ल्यूपी 2 ग्राम, तथा मेटालैक्सिल 35% डब्ल्यूएस 6 ग्राम प्रति किलोग्राम बीज की दर से प्रयोग करने की सलाह दी गई है। धान की फसल में जीवाणु झुलसा एवं जीवाणुधारी रोगों की रोकथाम के लिए स्ट्रेप्टोमाइसिन सल्फेट 90% और टेट्रासाइक्लीन हाइड्रोक्लोराइड 10% के 4 ग्राम मिश्रण को 25 किलोग्राम बीज के लिए 100 लीटर पानी में मिलाकर रातभर भिगोने की विधि बताई गई। इसके बाद बीज को छाया में सुखाकर थीरम या कार्बेन्डाजिम से बीज शोधन करके ही बुवाई करनी चाहिए। दलहनी फसलों के लिए ट्राइकोडर्मा का 5 ग्राम प्रति किलोग्राम बीज की दर से बीज शोधन करने की सलाह दी गई है, जिससे उखटा, जड़ गलन और तना गलन जैसी बीमारियों से फसल को बचाया जा सके। ट्राइकोडर्मा और ब्यूवेरिया बेसियाना का उपयोग भूमि शोधन के लिए भी किया जा सकता है। इसके तहत 2.5 से 3 किलोग्राम जैविक उत्पाद को 50 से 60 किलोग्राम सड़ी हुई गोबर की खाद में मिलाकर एक सप्ताह तक छाया में रखने के बाद जुताई के समय खेत में प्रयोग करने से भूमि जनित रोगों पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है। जिला कृषि अधिकारी ने यह भी जानकारी दी कि बीज और भूमि शोधन के लिए आवश्यक रसायन और जैविक उत्पाद जनपद के सभी विकास खंडों की कृषि रक्षा इकाइयों पर 50 से 75 प्रतिशत अनुदान पर उपलब्ध हैं। उन्होंने किसानों से इन सुविधाओं का लाभ उठाकर वैज्ञानिक विधि से खेती करने का आह्वान किया।
- सपा प्रमुख अखिलेश यादव के मुंबई पहुंचने पर उनके समर्थकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की एक झलक पाने के लिए समर्थक बेताब दिखे, जिसके चलते मुंबई में एक बड़ा जनसैलाब उमड़ आया और उनका जलवा देखने को मिला।1
- सुल्तानपुर के लम्भुआ कोतवाली क्षेत्र स्थित हरिहरपुर गांव में खलिहान पर अवैध कब्जे की शिकायत एक महिला को महंगी पड़ गई है। शिकायतकर्ता गुड़िया और उसके परिवार के सदस्यों पर विपक्षियों ने लाठी-डंडों से जमकर मारपीट की, जिसमें परिवार के तीन लोग घायल हो गए। इस मारपीट का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। गुड़िया ने थाने में तहरीर देकर बताया कि 12 जून को उन्होंने उपजिलाधिकारी को खलिहान पर हुए अवैध कब्जे को लेकर प्रार्थना पत्र दिया था। इसके बाद 18 जून को लम्भुआ कोतवाली में भी शिकायत दर्ज कराई गई। शिकायतकर्ता का आरोप है कि कोई कार्रवाई न होने पर उन्होंने 20 जून 2026 को आयोजित तहसील समाधान दिवस में भी अपनी शिकायत दोहराई थी, जहां उन्होंने परिवार पर किसी भी घटना की आशंका व्यक्त की थी। शिकायत के अनुसार, इसी दिन 20 जून की शाम करीब 7 बजे गांव के कई लोगों ने उनके घर पर हमला कर दिया। हमले में लाठी-डंडे और धारदार हथियारों का प्रयोग किया गया, जिसके परिणामस्वरूप तीन लोग घायल हो गए। घायलों को 112 पर सूचना देकर एंबुलेंस से लम्भुआ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। पीड़ित पक्ष ने पुलिस से हमलावरों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।1
- अमेठी जिले के मुसाफिरखाना तहसील सभागार में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 34 शिकायतें दर्ज की गईं। इन शिकायतों की सुनवाई उपजिलाधिकारी नितेश राज, तहसीलदार राहुल सिंह तथा क्षेत्राधिकारी अतुल सिंह की अध्यक्षता में की गई। इस दौरान तहसील क्षेत्र के सभी थाना प्रभारी, राजस्व निरीक्षक, चकबंदी विभाग के अधिकारी और अन्य संबंधित विभागों के कर्मचारी मौजूद रहे। प्राप्त शिकायतों में राजस्व विभाग की सर्वाधिक 14 शिकायतें शामिल थीं। इसके अतिरिक्त, पुलिस विभाग से संबंधित 8, विकास कार्यों से जुड़ी 3, और अन्य विभागों से संबंधित 9 शिकायतें दर्ज की गईं। तहसीलदार राहुल सिंह ने जानकारी दी कि कुल 34 शिकायतों में से तीन मामलों का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया। वहीं, तीन अन्य मामलों में संयुक्त राजस्व एवं पुलिस टीम को जांच के लिए तुरंत मौके पर भेजा गया है। शेष सभी प्रकरणों के निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों ने उपस्थित कर्मचारियों को भी शिकायतों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।1
- थाना कोतवाली नगर में फर्जी या कूटरचित प्रमाण पत्रों के आधार पर नियुक्ति प्राप्त करने के संबंध में एक अभियोग पंजीकृत किया गया था। इस प्रकरण की विवेचना क्राइम ब्रांच द्वारा की जा रही है, जिसके तहत नामित सभी आरोपी आरक्षियों को विभागीय कार्यवाही के बाद पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी श्री बृजनन्दन राय ने इस संबंध में जानकारी दी है।1
- रायबरेली के लालगंज कस्बे में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने ‘आजाद फन एंड फेयर’ प्रदर्शनी का भव्य और धार्मिक माहौल में शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रताप बहादुर सिंह “कोर्ट आलमपुर”, राष्ट्रीय मानवाधिकार फाउंडेशन जिला प्रभारी सौरभ त्रिवेदी और भैरव प्रसाद उर्फ बचोले ने भगवान गणेश की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर एवं दीप प्रज्ज्वलित कर प्रदर्शनी का विधिवत उद्घाटन किया। इस अवसर पर अतिथियों ने आयोजकों को सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन क्षेत्र के लोगों को मनोरंजन के साथ-साथ खरीदारी की बेहतर सुविधाएं भी उपलब्ध कराते हैं। प्रदर्शनी में दैनिक उपयोग की वस्तुओं, कपड़ों, खिलौनों, घरेलू सामान और विविध खान-पान की दुकानें लगाई गई हैं, जहाँ लोग किफायती दरों पर अपनी जरूरत का सामान खरीद सकते हैं। बच्चों के लिए आकर्षक झूले और मनोरंजन के अनेक साधन उपलब्ध हैं, जबकि बड़े-बुजुर्गों के लिए भी विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। रशियन जलपरी शो सहित विभिन्न रोमांचक झूले प्रदर्शनी के प्रमुख आकर्षण हैं। सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए पूरे परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और प्रशासनिक निगरानी की भी समुचित व्यवस्था की गई है। प्रदर्शनी के निदेशक समसूल, प्रदीप केसरवानी और गुरुजी के संयुक्त सहयोग से आयोजित इस मेले के आयोजकों ने क्षेत्रवासियों से परिवार सहित प्रदर्शनी में पहुंचकर खरीदारी, मनोरंजन और स्वादिष्ट व्यंजनों का आनंद लेने की अपील की है। उनका कहना है कि यह प्रदर्शनी हर आयु वर्ग के लोगों के लिए एक यादगार अनुभव साबित होगी।2
- उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर को समाजवादी पार्टी (सपा) प्रदेश मुख्यालय के पास एक होर्डिंग हमले का सामना करना पड़ा। यह पोस्टर सपा नेता मोहम्मद इखलाक द्वारा सपा कार्यालय के नजदीक लगवाया गया था। इस होर्डिंग के माध्यम से लगातार उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री ओम प्रकाश राजभर के बयानों पर पलटवार किया जा रहा है, जो उनके खिलाफ एक स्पष्ट और सार्वजनिक चुनौती है।1
- आज 20 जून 2026 को सुलतानपुर जिले के बल्दीराय थाना क्षेत्र में वल्लीपुर से पारा जाने वाले रास्ते पर एक भीषण सड़क हादसा हो गया। इस दुर्घटना में दो मोटरसाइकिलों, एक स्प्लेंडर और एक रॉयल इनफील्ड, की आपस में जोरदार टक्कर हो गई, जिसमें चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने 25 वर्षीय शैलेंद्र कनौजिया निवासी इस्माइलपुर और 20 वर्षीय मोहम्मद शमीम निवासी इब्राहिमपुर को मृत घोषित कर दिया। दुर्घटना में घायल हुए अन्य दो लोगों में इस्माइलपुर निवासी अरुण कुमार का इलाज सीएचसी बल्दीराय में चल रहा है, जबकि रॉयल इनफील्ड पर सवार इब्राहिमपुर निवासी 20 वर्षीय फैजान को इलाज के लिए लखनऊ रेफर किया गया है। घटना की सूचना संबंधित परिजनों को दे दी गई है। क्षेत्राधिकारी बल्दीराय, श्री आशुतोष कुमार के अनुसार, पुलिस ने पंचनामा की कार्रवाई पूरी कर शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और अग्रिम कानूनी कार्रवाई जारी है। मौके पर कानून व्यवस्था की स्थिति सामान्य बनी हुई है।1
- पंकज की माँ अपने बेटे की जान बचाने के लिए समाजसेवियों, जनप्रतिनिधियों और दानदाताओं से हाथ जोड़कर भावुक अपील कर रही हैं। उनका रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार का कहना है कि लोगों की छोटी सी मदद भी पंकज को नया जीवन दे सकती है। इस मुश्किल समय में, परिवार सभी से मानवता की ओर एक कदम बढ़ाने और एक गरीब बेटे की जिंदगी बचाने में सहयोग करने की गुहार लगा रहा है, क्योंकि उन्हें दुआ और सहयोग दोनों की अत्यंत आवश्यकता है।1