Shuru
Apke Nagar Ki App…
हरदोई के सांडी क्षेत्र के ग्राम अन्ना, मजरा महितापुर की सड़क पूरी तरह से दलदल में तब्दील हो चुकी है, जिसके कारण स्थानीय ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को आने-जाने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क की इस खस्ताहाल स्थिति की वजह से बच्चों का स्कूल जाना भी बंद हो जाता है। गांव के हालात पर शासन-प्रशासन बिल्कुल खामोश बैठा है और ग्रामीणों का आरोप है कि अन्ना गांव में आज तक किसी ने भी कोई काम नहीं कराया है। इस समस्या को लेकर हरदोई के जिला अधिकारी (डीएम) से विनम्र निवेदन किया गया है कि वे अपने अनुसार गांव का सर्वे करवाएं और अन्ना गांव की सड़क व गली बनवाने की कृपा करें ताकि ग्रामीणों को इस समस्या से निजात मिल सके।
Praveen Rajpoot
हरदोई के सांडी क्षेत्र के ग्राम अन्ना, मजरा महितापुर की सड़क पूरी तरह से दलदल में तब्दील हो चुकी है, जिसके कारण स्थानीय ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को आने-जाने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क की इस खस्ताहाल स्थिति की वजह से बच्चों का स्कूल जाना भी बंद हो जाता है। गांव के हालात पर शासन-प्रशासन बिल्कुल खामोश बैठा है और ग्रामीणों का आरोप है कि अन्ना गांव में आज तक किसी ने भी कोई काम नहीं कराया है। इस समस्या को लेकर हरदोई के जिला अधिकारी (डीएम) से विनम्र निवेदन किया गया है कि वे अपने अनुसार गांव का सर्वे करवाएं और अन्ना गांव की सड़क व गली बनवाने की कृपा करें ताकि ग्रामीणों को इस समस्या से निजात मिल सके।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- हरदोई के सांडी क्षेत्र के ग्राम अन्ना, मजरा महितापुर की सड़क पूरी तरह से दलदल में तब्दील हो चुकी है, जिसके कारण स्थानीय ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को आने-जाने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क की इस खस्ताहाल स्थिति की वजह से बच्चों का स्कूल जाना भी बंद हो जाता है। गांव के हालात पर शासन-प्रशासन बिल्कुल खामोश बैठा है और ग्रामीणों का आरोप है कि अन्ना गांव में आज तक किसी ने भी कोई काम नहीं कराया है। इस समस्या को लेकर हरदोई के जिला अधिकारी (डीएम) से विनम्र निवेदन किया गया है कि वे अपने अनुसार गांव का सर्वे करवाएं और अन्ना गांव की सड़क व गली बनवाने की कृपा करें ताकि ग्रामीणों को इस समस्या से निजात मिल सके।2
- उत्तर प्रदेश में हरदोई जिले के सवायजपुर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले मलिक बिलहरी (मलिक बिलसरी) गाँव में सड़क पर लगातार पानी भरा रहता है। सड़क पर जलभराव होने की वजह से लोगों के पास यहाँ से बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं बचा है। गाँव में हालात इतने खराब हैं कि लोगों के लिए पैदल पैर रखने या निकलने की भी जगह नहीं बची है।1
- हरदोई के पाली और आसपास के क्षेत्रों में रुक-रुक कर हो रही टिप-टिप बारिश के कारण मौसम का मिजाज ऐसा बिगड़ा है कि वह सुधरने का नाम ही नहीं ले रहा है। इस बारिश से जहां लोगों को तपती गर्मी से भारी राहत मिली है, वहीं मौसम में इस कदर शीतलता आ गई है कि आम लोग अपने कमरों में लेटने या चादर ओढ़ने को मजबूर हो गए हैं। हालांकि, मौसम की इस 'बेवफाई' के चलते लोगों को राहत मिलने के साथ-साथ उनका सामान्य जनजीवन भी पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। तीन दिन बीत जाने के बाद भी मौसम साफ नहीं हो सका है, आसमान में घनघोर बादल छाए हुए हैं और धूप का नामोनिशान तक नहीं है।1
- समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को हिरासत में लिए जाने की खबर के बाद फर्रुखाबाद में सपा कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए उनकी तत्काल रिहाई की मांग की। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने सरकार पर लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाने और विपक्ष की आवाज को दबाने का आरोप लगाया। धरने में मौजूद पार्टी पदाधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में शांतिपूर्ण विरोध करना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है। प्रदर्शन के दौरान एक व्यक्ति ने जंतर-मंतर पर देखे घटनाक्रम की आपबीती सुनाई और वहां के आंखों देखे माहौल का ब्योरा साझा किया। बाद में अखिलेश यादव की रिहाई की सूचना मिलते ही कार्यकर्ताओं ने खुशी जताई और धरना समाप्त कर दिया। इस धरना-प्रदर्शन के दौरान जिला उपाध्यक्ष अजीत यादव, जिला महासचिव इलियास मंसूरी, जिला मीडिया प्रभारी व समाजवादी युवजन सभा के जिला उपाध्यक्ष नागेंद्र सिंह यादव समेत सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे। फिलहाल प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से खत्म हो चुका है और क्षेत्र में स्थिति पूरी तरह सामान्य है।1
- हरदोई जिले के शाहबाद रेलवे स्टेशन पर भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न प्रमुख एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन किया। किसान नेताओं ने बताया कि उन्होंने त्रिवेणी एक्सप्रेस, सियालदह-जम्मू तवी एक्सप्रेस और देहरादून-बनारस जनता एक्सप्रेस जैसी प्रमुख ट्रेनों के ठहराव के लिए स्टेशन अधीक्षक शुक्ला और उपजिलाधिकारी (एसडीएम) को ज्ञापन सौंपा है। धरने को संबोधित करते हुए किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते इन ट्रेनों का ठहराव सुनिश्चित नहीं किया जाता है, तो किसान यूनियन समय-समय पर इसी तरह शाहबाद स्टेशन पर धरना प्रदर्शन करती रहेगी। उन्होंने स्टेशन अधीक्षक शुक्ला से अनुरोध किया कि क्षेत्रवासियों की समस्या के समाधान के लिए इस मांग को मुरादाबाद मंडल कार्यालय, महाप्रबंधक कार्यालय दिल्ली और रेल मंत्रालय तक पहुँचाया जाए। साथ ही उन्होंने उच्च रेल अधिकारियों से वार्ता कराने की भी मांग की। धरना स्थल पर किसानों ने “किसान यूनियन जिंदाबाद”, “जय जवान-जय किसान” और “जब तक दुखी किसान रहेगा, धरती पर तूफान रहेगा” जैसे जोरदार नारे भी लगाए।2
- लखनऊ के हजरतगंज स्थित बटलर पैलेस रोड पर पति-पत्नी का हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। अपनी पत्नी को एक प्रशासनिक अधिकारी के साथ कार में देखकर पति भड़क गया। इसके बाद पति ने बीच सड़क पर अपनी बाइक लगाकर कार को रुकवा लिया और जमकर हंगामा किया।1
- हरदोई जिले के सांडी ब्लॉक के अंतर्गत आने वाले ग्राम अन्ना मजरा महितापुर में सड़क पूरी तरह से दलदल में तब्दील हो चुकी है, जिसके कारण ग्रामीणों का जीना दूभर हो गया है। आज तक इस गांव में किसी ने भी सड़क या विकास का कोई काम नहीं करवाया है। गांव की गलियां इस कदर खराब हो चुकी हैं कि वहां से पैदल निकलना भी पूरी तरह असंभव हो गया है। इस जलभराव और दलदल के कारण सबसे अधिक परेशानी स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है, जो गलियों में पानी भरे होने की वजह से स्कूल तक नहीं जा पा रहे हैं। इसके साथ ही आम ग्रामीणों को भी आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों द्वारा प्रशासनिक स्तर पर भी प्रयास किए जा चुके हैं। इस संबंध में अगस्त 2025 में सवायजपुर के एसडीएम (SDM) को सड़क की बदहाली के बारे में विज्ञापन सौंपा गया था, लेकिन प्रशासन की तरफ से इस पर कोई काम नहीं किया गया। इसके अतिरिक्त, सांडी के बीडीओ (BDO) को भी लिखित प्रारूप में इस समस्या के समाधान के लिए आवेदन दिया गया था, मगर इसके बावजूद धरातल पर अब तक कोई काम नहीं हुआ है। ग्रामीण लगातार गांव की सड़क बनवाने की मांग कर रहे हैं।2
- हरदोई के सांडी नगर पालिका के अंतर्गत स्थित पानी की टंकी पर पेयजल पाइपलाइन का लीकेज वाल्व ठीक करते समय एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। मरम्मत कार्य के दौरान अचानक पानी का तेज़ प्रेशर आ गया, जिसकी चपेट में वहां काम कर रहा ऑपरेटर आ गया। पानी के इस तेज़ दबाव के कारण ऑपरेटर का संतुलन बिगड़ गया, लेकिन भाग्यवश वह बाल-बाल बच गया और किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। जानकारी के अनुसार, नगर पालिका की पेयजल आपूर्ति पाइपलाइन के वाल्व में लीकेज की शिकायत मिलने के बाद मरम्मत का कार्य किया जा रहा था। इसी दौरान पाइपलाइन में अचानक तेज़ प्रेशर आ गया, जिससे ऑपरेटर उसकी चपेट में आ गया। मौके पर मौजूद अन्य कर्मचारियों ने तत्काल तत्परता दिखाते हुए स्थिति को संभाला और ऑपरेटर को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। घटना के बाद कुछ समय के लिए मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि यदि समय रहते स्थिति पर नियंत्रण नहीं पाया जाता, तो यह एक बेहद गंभीर हादसा साबित हो सकता था। इस घटना के बाद सांडी नगर पालिका की कार्यप्रणाली और सुरक्षा इंतज़ामों पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस प्रकार के संवेदनशील मरम्मत कार्यों के दौरान सभी सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन किया जाना चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। फिलहाल ऑपरेटर पूरी तरह सुरक्षित है और घटना के बाद लीकेज वाल्व की मरम्मत का कार्य पूरा कर लिया गया है।1