आजमगढ़ के मेंहनाजपुर थाना क्षेत्र में एक शादी समारोह के दौरान भोजन को लेकर हुए विवाद में एक युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने 24 घंटे के भीतर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के दौरान हुई मुठभेड़ में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा, कारतूस और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 7 जुलाई की रात ग्राम डण्डवल में एक शादी समारोह में हुई थी। भोजन करने को लेकर प्रितोष राजभर और ओटू राजभर का कुछ लोगों से विवाद हो गया था, जो बढ़कर मारपीट में बदल गया। आरोप है कि आरोपियों ने लाठी-डंडों से हमला किया, जिससे प्रितोष राजभर के सिर में गंभीर चोट आई। इलाज के लिए ले जाते समय उसकी मौत हो गई। इस मामले में मेंहनाजपुर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज कर मुख्य आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा की तलाश की जा रही थी। पुलिस के मुताबिक, गुरुवार तड़के करीब 1:40 बजे करसड़ा नहर पुलिया के पास एक संदिग्ध बाइक सवार को रोकने का प्रयास किया गया। खुद को घिरा देख आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर जिला अस्पताल भेजा गया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने अपने भाई और अन्य साथियों के साथ मिलकर प्रितोष राजभर और ओटू राजभर पर हमला किया था, जिससे प्रितोष की मौत हुई। उसने पुलिस से बचने के लिए मुठभेड़ में फायरिंग करने की बात भी कबूली। गिरफ्तार आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा (29) ग्राम डण्डवल का निवासी है और उसके खिलाफ हत्या, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस एक्ट, मारपीट और बलवा सहित कुल सात मुकदमे दर्ज हैं। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
आजमगढ़ के मेंहनाजपुर थाना क्षेत्र में एक शादी समारोह के दौरान भोजन को लेकर हुए विवाद में एक युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने 24 घंटे के भीतर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के दौरान हुई मुठभेड़ में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा, कारतूस और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 7 जुलाई की रात ग्राम डण्डवल में एक शादी समारोह में हुई थी। भोजन करने को लेकर प्रितोष राजभर और ओटू राजभर का कुछ लोगों से विवाद हो गया था, जो बढ़कर मारपीट में बदल गया। आरोप है कि आरोपियों ने लाठी-डंडों से हमला किया, जिससे प्रितोष राजभर के सिर में गंभीर चोट आई। इलाज के लिए ले जाते समय उसकी मौत हो गई। इस मामले में मेंहनाजपुर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज कर मुख्य आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा की तलाश की जा रही थी। पुलिस के मुताबिक, गुरुवार तड़के करीब 1:40 बजे करसड़ा नहर पुलिया के पास एक संदिग्ध बाइक सवार को रोकने का प्रयास किया गया। खुद को घिरा देख आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर जिला अस्पताल भेजा गया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने अपने भाई और अन्य साथियों के साथ मिलकर प्रितोष राजभर और ओटू राजभर पर हमला किया था, जिससे प्रितोष की मौत हुई। उसने पुलिस से बचने के लिए मुठभेड़ में फायरिंग करने की बात भी कबूली। गिरफ्तार आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा (29) ग्राम डण्डवल का निवासी है और उसके खिलाफ हत्या, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस एक्ट, मारपीट और बलवा सहित कुल सात मुकदमे दर्ज हैं। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
- आजमगढ़ में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान एक दरोगा को अपने मोबाइल फोन पर मूवी देखते हुए पाया गया। आजमगढ़ ब्यूरो रिपोर्ट के मुताबिक, यह घटना जिले में चल रहे इस कार्यक्रम के अवसर पर सामने आई है।1
- आजमगढ़ के मेंहनाजपुर थाना क्षेत्र में एक शादी समारोह के दौरान भोजन को लेकर हुए विवाद में एक युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने 24 घंटे के भीतर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के दौरान हुई मुठभेड़ में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा, कारतूस और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 7 जुलाई की रात ग्राम डण्डवल में एक शादी समारोह में हुई थी। भोजन करने को लेकर प्रितोष राजभर और ओटू राजभर का कुछ लोगों से विवाद हो गया था, जो बढ़कर मारपीट में बदल गया। आरोप है कि आरोपियों ने लाठी-डंडों से हमला किया, जिससे प्रितोष राजभर के सिर में गंभीर चोट आई। इलाज के लिए ले जाते समय उसकी मौत हो गई। इस मामले में मेंहनाजपुर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज कर मुख्य आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा की तलाश की जा रही थी। पुलिस के मुताबिक, गुरुवार तड़के करीब 1:40 बजे करसड़ा नहर पुलिया के पास एक संदिग्ध बाइक सवार को रोकने का प्रयास किया गया। खुद को घिरा देख आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर जिला अस्पताल भेजा गया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने अपने भाई और अन्य साथियों के साथ मिलकर प्रितोष राजभर और ओटू राजभर पर हमला किया था, जिससे प्रितोष की मौत हुई। उसने पुलिस से बचने के लिए मुठभेड़ में फायरिंग करने की बात भी कबूली। गिरफ्तार आरोपी अजीत यादव उर्फ भन्टा (29) ग्राम डण्डवल का निवासी है और उसके खिलाफ हत्या, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस एक्ट, मारपीट और बलवा सहित कुल सात मुकदमे दर्ज हैं। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।1
- उत्तर प्रदेश के अतरौलिया में खेलते समय सर्पदंश से एक ढाई वर्षीय मासूम बच्चे की दुखद मौत हो गई है। इस हृदय विदारक घटना के बाद से पूरे परिवार में गहरा कोहराम और मातम पसरा हुआ है।1
- Post by SONI DEVI1
- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने आजमगढ़ जिले में सामने आए एक बड़े घोटाले से संबंधित मामले में मदरसा प्रबंधक द्वारा दायर याचिका को खारिज कर दिया है। यह पूरा मामला फर्जी और अस्तित्वहीन मदरसे से जुड़े एक बड़े घोटाले से संबंधित है, जिसमें कोर्ट ने प्रबंधक की याचिका स्वीकार नहीं की।1
- शहर के नरौली स्थित 'ग्रिल टू चिल' रेस्टोरेंट में गुरुवार सुबह भीषण आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग इतनी विकराल थी कि इससे उठता धुएं का गुबार दूर तक दिखाई दे रहा था। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की चार गाड़ियां और पुलिस मौके पर पहुंचीं, जिन्होंने कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग रेस्टोरेंट की पहली मंजिल पर लगी और उसकी लपटें व गर्मी दूसरी मंजिल तक पहुंच गईं। स्थानीय लोगों ने शुरुआती तौर पर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग तेजी से फैलती गई, जिसके बाद तत्काल दमकल विभाग को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की चार गाड़ियों ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। वहीं, सिधारी थाना पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था संभालते हुए आसपास के क्षेत्र को खाली कराया, यातायात को डायवर्ट किया और दमकल कर्मियों को आग बुझाने में सहयोग दिया, जिससे पूरे इलाके में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि प्रथम दृष्टया आग लगने का कारण इलेक्ट्रिक शॉर्ट सर्किट प्रतीत हो रहा है। उन्होंने पुष्टि की कि आग पहली मंजिल पर लगी थी, जिसकी आंच दूसरी मंजिल तक पहुंच गई थी, लेकिन दमकल विभाग ने समय रहते आग पर पूरी तरह काबू पा लिया, जिससे किसी प्रकार की जनहानि टल गई। फिलहाल, आग से हुए आर्थिक नुकसान का आकलन किया जा रहा है और घटना की जांच जारी है, जिसके तहत आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विभागीय स्तर पर पड़ताल की जा रही है।1