दतिया कोतवाली पुलिस ने विशाल कुशवाहा हत्याकांड के तीन आरोपियों को घटना के महज 6 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई के दौरान, गिरफ्तार आरोपियों में से एक के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई 315 बोर की एक राइफल और दो जीवित कारतूस भी जब्त किए गए हैं। यह घटना 17 जून 2026 की रात लगभग 8:00 बजे सिद्धार्थ कॉलोनी, दतिया में हुई थी, जहां गोली चलने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और एक गंभीर रूप से घायल युवक को पाया। घायल को तत्काल जिला अस्पताल दतिया भेजा गया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। चश्मदीद गवाह रोहित यादव की रिपोर्ट पर, थाना कोतवाली में आरोपी अमित तिवारी, बंटी तिवारी, गोलू तिवारी, दिव्यांग पाठक, राहुल बुंदेला और विकास शर्मा के खिलाफ अपराध क्रमांक 357/2026, धारा 103(1), 190, 191(2), 191(3) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस अधीक्षक दतिया श्री मयूर खण्डेलवाल के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री सुनील शिवहरे एवं एसडीओपी दतिया श्रीमती आकांक्षा जैन के मार्गदर्शन में, घटनास्थल को सुरक्षित कर फॉरेंसिक टीम से वैज्ञानिक परीक्षण कराया गया। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित की गईं और मुखबिर तंत्र सक्रिय किया गया। लगातार दबिशों और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दिव्यांग उर्फ दिव्यांक पुत्र मनोज पाठक (निवासी पीताम्बरा पीठ के पास, दतिया), राहुल बुंदेला पुत्र बुद्ध सिंह बुंदेला (निवासी बायपास फिल्टर के पास, दतिया) और विकास शर्मा पुत्र रामेश्वर शर्मा (निवासी ग्राम सहगोरा, हाल शीतल नगर कॉलोनी, दतिया) को गिरफ्तार किया। पूछताछ में तीनों ने पुरानी रंजिश के चलते विशाल कुशवाहा की गोली मारकर हत्या करना कबूल किया। आरोपी दिव्यांग पाठक के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त राइफल और कारतूस विधिवत जब्त किए गए हैं। गिरफ्तार तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस बाकी फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और उनकी भी जल्द गिरफ्तारी की बात कही गई है। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक धीरेन्द्र मिश्रा, उपनिरीक्षक अंशुल अरोरा, उपनिरीक्षक विवेक राय, सहायक उपनिरीक्षक हाकिम सिंह, सहायक उपनिरीक्षक सुरेश चंद्र मौर्य, प्रधान आरक्षक शिव गोविंद, राजीव वर्मा, रामसेवक, आरक्षक हेमंत प्रजापति, रविंद्र यादव, आनंद तोमर, गोविंद भदौरिया, अरविंद रावत, दीपक शुक्ला, देवेश शर्मा, मुनेश बधेल, भरत रावत, राम मिलन, धर्मेंद्र यादव, श्रीकृष्ण तिवारी, अजय सिरोही, आरक्षक अनिल बाजपेयी तथा प्रधान आरक्षक चालक फिरोज खान की विशेष एवं सराहनीय भूमिका रही।
दतिया कोतवाली पुलिस ने विशाल कुशवाहा हत्याकांड के तीन आरोपियों को घटना के महज 6 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई के दौरान, गिरफ्तार आरोपियों में से एक के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई 315 बोर की एक राइफल और दो जीवित कारतूस भी जब्त किए गए हैं। यह घटना 17 जून 2026 की रात लगभग 8:00 बजे सिद्धार्थ कॉलोनी, दतिया में हुई थी, जहां गोली चलने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और एक गंभीर रूप से घायल युवक को पाया। घायल को तत्काल जिला अस्पताल दतिया भेजा गया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। चश्मदीद गवाह रोहित यादव की रिपोर्ट पर, थाना कोतवाली में आरोपी अमित तिवारी, बंटी तिवारी, गोलू तिवारी, दिव्यांग पाठक, राहुल बुंदेला और विकास शर्मा के खिलाफ अपराध क्रमांक 357/2026, धारा 103(1), 190, 191(2), 191(3) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस अधीक्षक दतिया श्री मयूर खण्डेलवाल के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री सुनील शिवहरे एवं एसडीओपी दतिया श्रीमती आकांक्षा जैन के मार्गदर्शन में, घटनास्थल को सुरक्षित कर फॉरेंसिक टीम से वैज्ञानिक परीक्षण कराया गया। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित की गईं और मुखबिर तंत्र सक्रिय किया गया। लगातार दबिशों और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दिव्यांग उर्फ दिव्यांक पुत्र मनोज पाठक (निवासी पीताम्बरा पीठ के पास, दतिया), राहुल बुंदेला पुत्र बुद्ध सिंह बुंदेला (निवासी बायपास फिल्टर के पास, दतिया) और विकास शर्मा पुत्र रामेश्वर शर्मा (निवासी ग्राम सहगोरा, हाल शीतल नगर कॉलोनी, दतिया) को गिरफ्तार किया। पूछताछ में तीनों ने पुरानी रंजिश के चलते विशाल कुशवाहा की गोली मारकर हत्या करना कबूल किया। आरोपी दिव्यांग पाठक के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त राइफल और कारतूस विधिवत जब्त किए गए हैं। गिरफ्तार तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस बाकी फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और उनकी भी जल्द गिरफ्तारी की बात कही गई है। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक धीरेन्द्र मिश्रा, उपनिरीक्षक अंशुल अरोरा, उपनिरीक्षक विवेक राय, सहायक उपनिरीक्षक हाकिम सिंह, सहायक उपनिरीक्षक सुरेश चंद्र मौर्य, प्रधान आरक्षक शिव गोविंद, राजीव वर्मा, रामसेवक, आरक्षक हेमंत प्रजापति, रविंद्र यादव, आनंद तोमर, गोविंद भदौरिया, अरविंद रावत, दीपक शुक्ला, देवेश शर्मा, मुनेश बधेल, भरत रावत, राम मिलन, धर्मेंद्र यादव, श्रीकृष्ण तिवारी, अजय सिरोही, आरक्षक अनिल बाजपेयी तथा प्रधान आरक्षक चालक फिरोज खान की विशेष एवं सराहनीय भूमिका रही।
- दतिया जिले के लांच क्षेत्र में बुधवार को प्रशासन ने अवैध रेत खनन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए सिंध नदी के लांच घाट पर रेत माफियाओं द्वारा भारी वाहनों की आवाजाही के लिए बनाए गए एक अस्थायी पुल को ध्वस्त कर दिया। प्रशासन का कहना है कि इस पुल का उपयोग लंबे समय से अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के लिए किया जा रहा था, जिससे राजस्व की हानि के साथ-साथ पर्यावरण को भी नुकसान पहुँच रहा था। यह कार्रवाई कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े और पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल के निर्देशों पर सेवढ़ा एसडीएम अशोक अवस्थी और एसडीओपी अजय चानना के मार्गदर्शन में राजस्व, पुलिस और खनिज विभाग की संयुक्त टीम द्वारा जेसीबी मशीन की मदद से की गई। इस अभियान के दौरान कार्यपालिक मजिस्ट्रेट आनंद भदौरिया, थाना प्रभारी शत्रुघ्न मिश्रा, खनिज अधिकारी संजय धाकड़ सहित कई अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा। उल्लेखनीय है कि लांच सिंध नदी पर रेत माफिया द्वारा बनाए गए ऐसे अवैध पुल को एक महीने के भीतर यह तीसरी बार ध्वस्त किया गया है, जिससे रेत माफियाओं में हड़कंप मच गया है।1
- दतिया में आयोजित जनसंवाद कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक (एसपी) मयूर खंडेलवाल ने नागरिकों की समस्याओं को सुना। यह जानकारी दतिया से जिला ब्यूरो चीफ संजीव रिछारिया की रिपोर्ट में दी गई है।1
- छरेंटा गांव में खदानों में होने बाले ब्लास्ट से कई मकानों में आई दरारों को लेकर ग्रामीणों ने सौंपा एसडीएम को ज्ञापन गोहद विधानसभा के छरेंटा गांव में संचालित काली गिट्टी की खदानों में होने बाले ब्लास्ट से कई मकानों में बड़ी-बड़ी दरारें आ गई है तथा लोग दहसत में रहने को मजबूर हैं ग्रामीणों ने समस्या को लेकर विधायक केशव देशाई के नेतृत्व में गुरुवार को कलेक्टर के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपा जिसकी जानकारी कांग्रेस नेता सुरेन्द्र शर्मा ने गुरुवार को लगभग 5 बजे दी।1
- जालौन के कोंच नगर में गुरुवार शाम 7 बजे अखिल भारत हिन्दू महासभा ने वीरांगना महारानी लक्ष्मीबाई के बलिदान दिवस पर एक श्रद्धांजलि सभा और विचार गोष्ठी का आयोजन किया। कार्यक्रम की शुरुआत चंदकुआ स्थित महारानी लक्ष्मीबाई की प्रतिमा पर माल्यार्पण और मोमबत्तियां जलाकर हुई, जहाँ उपस्थित लोगों ने उनके अदम्य साहस, वीरता और राष्ट्रभक्ति को नमन करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। विचार गोष्ठी के दौरान महारानी लक्ष्मीबाई के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर दीप प्रज्ज्वलन भी किया गया। गोष्ठी में वक्ताओं ने महारानी लक्ष्मीबाई के जीवन और बलिदान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उन्होंने अपने अद्वितीय शौर्य और पराक्रम से इतिहास में अमिट स्थान बनाया है। वक्ताओं ने जोर दिया कि झांसी की रानी ने अंग्रेजी शासन के विरुद्ध संघर्ष करते हुए अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान दिया, जो आज भी देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्हें केवल एक वीर योद्धा ही नहीं, बल्कि महिला शक्ति, आत्मसम्मान और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक बताया गया, जिनका जीवन युवाओं और महिलाओं के लिए प्रेरणादायी है क्योंकि उन्होंने विपरीत परिस्थितियों में भी साहस नहीं खोया और देश की स्वतंत्रता के लिए अंतिम सांस तक संघर्ष करती रहीं। इस अवसर पर, अखिल भारत हिन्दू महासभा के पदाधिकारियों ने इस बात पर बल दिया कि ऐसे महान व्यक्तित्वों के बलिदान को याद करना और उनके आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना समाज की जिम्मेदारी है। कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को राष्ट्रहित, त्याग और कर्तव्य के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया। इस कार्यक्रम में अखिल भारत हिन्दू महासभा के अध्यक्ष रामभूषण उदैनिया, महामंडलेश्वर गोपालदास बंगरा, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष नीलेश दीक्षित, रामकुमार विरथरे, डॉ. वरुण पाठक (प्रदेश संगठन मंत्री), कार्यक्रम आयोजक आनंद पांचाल, लोकेंद्र याज्ञिक, अंजू शर्मा, विजय रावत, विवेक तिवारी, अखिलेश व्यास, डॉ. दिनेश उदैनिया, दिनेश सोनी, आकाश खरे सहित अनेक कार्यकर्ता एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन महारानी लक्ष्मीबाई के बताए आदर्शों पर चलने के संकल्प के साथ हुआ।1
- मध्य प्रदेश के भिंड जिले से सटे उत्तर प्रदेश के गोपालपुरा में स्थित पहुज नदी में नहाने गए एक दर्जन से अधिक युवकों में से तीन की डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। यह घटना उत्तर प्रदेश के माधौगढ़ कोतवाली क्षेत्र के गोपालपुरा में हुई। मृतक युवक मध्य प्रदेश के मिहोना थाना क्षेत्र के लिधोरा गांव और अतियनपुरा गांव के निवासी थे। ये सभी युवक लिधोरा गांव में एक शादी समारोह में शामिल होने के बाद अपने रिश्तेदारों और दोस्तों के साथ पहुज नदी में नहाने के लिए गए थे। तीनों युवकों के डूबने की सूचना मिलते ही उत्तर प्रदेश की माधौगढ़ थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुँची और गोताखोरों की मदद से तीनों शवों को नदी से बाहर निकाला गया।1
- दतिया पुलिस विभाग से एक अच्छी खबर सामने आई है, जहाँ पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल ने जिला पुलिस बल के 17 आरक्षकों को प्रधान आरक्षक के उच्च पद का कार्यवाहक प्रभार सौंपा है। इस अवसर पर पदोन्नत कर्मचारियों का सम्मान किया गया और उन्हें नई जिम्मेदारियों के साथ जनता की सेवा तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया। दतिया पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान, पुलिस अधीक्षक श्री मयूर खंडेलवाल ने व्यक्तिगत रूप से सभी 17 आरक्षकों की वर्दी पर प्रधान आरक्षक की रैंक लगाकर उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने इस मौके पर कहा कि पदोन्नति केवल सम्मान नहीं बल्कि जिम्मेदारियों में वृद्धि का प्रतीक है। एसपी ने सभी पदोन्नत कर्मचारियों से अपने कर्तव्यों का ईमानदारी, निष्ठा और समर्पण के साथ निर्वहन करने और आमजन की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का आह्वान किया। इस कार्यक्रम में रक्षित निरीक्षक सौरव तिवारी, यातायात प्रभारी निरीक्षक सपना शर्मा और शाखा प्रभारी सहित कई अन्य पुलिस अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे। सभी अधिकारियों ने पदोन्नत कर्मचारियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। दतिया पुलिस के 17 आरक्षकों को प्रधान आरक्षक का कार्यवाहक प्रभार मिलने से पुलिस बल में उत्साह का माहौल है, और उम्मीद है कि वे इन नई जिम्मेदारियों के साथ जनता की सेवा और कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।1
- दतिया जिले में 17 आरक्षकों को प्रधान आरक्षक का कार्यवाहक प्रभार सौंपा गया है। पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने इन आरक्षकों को नई रैंक प्रदान की। यह जानकारी दतिया से जिला ब्यूरो चीफ संजीव रिछारिया की रिपोर्ट में सामने आई है।1
- कोंच के गोरा करनपुर गांव में एक सड़क हादसा हो गया, जहां एक बाइक और चारपहिया वाहन के बीच भिड़ंत हुई। इस दुर्घटना में एक युवक की मौत हो गई और तीन अन्य लोग घायल हो गए।1
- मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा में डबरा-चीनोर रोड पर इटायल के पास एक भीषण सड़क हादसा हुआ है। इस घटना में, एक तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने बाइक पर सवार एक दंपति को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे पति-पत्नी दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। राहत की बात यह रही कि दंपति के साथ मौजूद उनका पांच माह का बच्चा सुरक्षित है। घायल अवस्था में दोनों को सिविल हॉस्पिटल डबरा लाया गया, जहां पत्नी की मौत हो गई। वहीं, पति की हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टरों ने उसे ग्वालियर रेफर कर दिया है।3