उमरिया जिले के इंदवार थाना एवं बांधवगढ़ टाईगर रिजर्व के पनपथा बफर अंतर्गत,ग्राम-कुदरी निवासी रज्जू कोल की मौत टाइगर के हमले से हो गई,इस दौरान पूरे क्षेत्र शोक का माहौल हो गया, घटना की सूचना मिलते ही इंदवार थाने की पुलिस टीम एवं टाईगर रिजर्व क्षेत्र के संबंधित अधिकारियों सहित ग्रामीण जन घटना स्थल पर मौजूद रहे। वहीँ-इस पूरे मामले में जनप्रतिनिधियों ने बताया कि,मृतक रज्जू कोल के परिजनों के प्रति हम सभी लोग गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं, महुआ संग्रहण के लिए जंगली क्षेत्र में गये हुये किसान के साथ यह दुःखद घटना घटित हुई हैं,एक बार फिर वन क्षेत्र से लगे गांवों में रहने वाले आदिवासी एवं ग्रामीण परिवारों की सुरक्षा को लेकर गंभीर प्रश्न उठ रहे हैं,वनांचल क्षेत्रों में निवासरत आदिवासी समुदायों की आजीविका लंबे समय से जंगल एवं लघु वनोपज पर आधारित रही है एवं उनके जीवनयापन का महत्वपूर्ण साधन हैं। ऐसे में वन परिक्षेत्र उनके जीविका का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं,क्षेत्र में लगातार मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाएं सामने आती रही हैं जंगली जानवरों के हमलों में भी कई लोगों की जान जाने से नागरिकों में भय और असुरक्षा का वातावरण उत्पन्न है,ऐसी घटनाओं से केवल एक व्यक्ति की जान नहीं जाती, बल्कि कई परिवारों का भविष्य भी गहरे संकट में पड़ जाता है। जिन परिवारों के कमाऊ सदस्य असमय इस तरह की घटनाओं में अपनी जान गंवा देते हैं, उनके बच्चों के सामने शिक्षा, पालन-पोषण और सुरक्षित भविष्य का गंभीर प्रश्न खड़ा हो जाता है,वन प्रबंधन और स्थानीय समुदायों के बीच विश्वास, संवाद और संवेदनशील समन्वय को मजबूत किया जाये,जहाँ-मृतक के परिवार को आर्थिक सहायता और नियमानुसार मुआवजा उपलब्ध कराया जाये,मृतक परिवार के एक पात्र सदस्य को नियमानुसार रोजगार, स्वरोजगार सहायता एवं अन्य आजीविका समर्थन उपलब्ध कराने की संभावनाओं पर विचार किया जाए,मृतक के बच्चों की शिक्षा एवं परिवार के पुनर्वास हेतु विशेष सहायता सुनिश्चित की जाए टाईगर रिजर्व के संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा निगरानी, गश्त करते हुऐ, सूचना तंत्र को और अधिक प्रभावी बनाया जाये,इस घटना के पूर्व में अन्य कारणों से कई बाघों की मौतें हुई है, बांधवगढ़ टाईगर रिजर्व अंतर्गत आये दिन घटनाएं हो रहीं हैं।
उमरिया जिले के इंदवार थाना एवं बांधवगढ़ टाईगर रिजर्व के पनपथा बफर अंतर्गत,ग्राम-कुदरी निवासी रज्जू कोल की मौत टाइगर के हमले से हो गई,इस दौरान पूरे क्षेत्र शोक का माहौल हो गया, घटना की सूचना मिलते ही इंदवार थाने की पुलिस टीम एवं टाईगर रिजर्व क्षेत्र के संबंधित अधिकारियों सहित ग्रामीण जन घटना स्थल पर मौजूद रहे। वहीँ-इस पूरे मामले में जनप्रतिनिधियों ने बताया कि,मृतक रज्जू कोल के परिजनों के प्रति हम सभी लोग गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं, महुआ संग्रहण के लिए जंगली क्षेत्र में गये हुये किसान के साथ यह दुःखद घटना घटित हुई हैं,एक बार फिर वन क्षेत्र से लगे गांवों में रहने वाले आदिवासी एवं ग्रामीण परिवारों की सुरक्षा को लेकर गंभीर प्रश्न उठ रहे हैं,वनांचल क्षेत्रों में निवासरत आदिवासी समुदायों की आजीविका लंबे समय से जंगल एवं लघु वनोपज पर आधारित रही है एवं उनके जीवनयापन का महत्वपूर्ण साधन हैं। ऐसे में वन परिक्षेत्र उनके जीविका का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं,क्षेत्र में लगातार मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाएं सामने आती रही हैं जंगली जानवरों के हमलों में भी कई लोगों की जान जाने से नागरिकों में भय और असुरक्षा का वातावरण उत्पन्न है,ऐसी घटनाओं से केवल एक व्यक्ति की जान नहीं जाती, बल्कि कई परिवारों का भविष्य भी गहरे संकट में पड़ जाता है। जिन परिवारों के कमाऊ सदस्य असमय इस तरह की घटनाओं में अपनी जान गंवा देते हैं, उनके बच्चों के सामने शिक्षा, पालन-पोषण और सुरक्षित भविष्य का गंभीर प्रश्न खड़ा हो जाता है,वन प्रबंधन और स्थानीय समुदायों के बीच विश्वास, संवाद और संवेदनशील समन्वय को मजबूत किया जाये,जहाँ-मृतक के परिवार को आर्थिक सहायता और नियमानुसार मुआवजा उपलब्ध कराया जाये,मृतक परिवार के एक पात्र सदस्य को नियमानुसार रोजगार, स्वरोजगार सहायता एवं अन्य आजीविका समर्थन उपलब्ध कराने की संभावनाओं पर विचार किया जाए,मृतक के बच्चों की शिक्षा एवं परिवार के पुनर्वास हेतु विशेष सहायता सुनिश्चित की जाए टाईगर रिजर्व के संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा निगरानी, गश्त करते हुऐ, सूचना तंत्र को और अधिक प्रभावी बनाया जाये,इस घटना के पूर्व में अन्य कारणों से कई बाघों की मौतें हुई है, बांधवगढ़ टाईगर रिजर्व अंतर्गत आये दिन घटनाएं हो रहीं हैं।
- Post by Bolti Divare1
- Post by Prime 24 News1
- Post by Deepesh Pandey Dist Chief Director ACFI Rewa1
- Village post bhitri me barish lag bhag 30 -50 minat tk pathar lagbhag 50-100 tk pra hai contact 92008810981
- Post by Abhishek Pandey1
- विंध्य में मौसम की मार: ओलावृष्टि से तबाही आम के फल टूटे, गाड़ियों के कांच फूटे, मवेशी हुए अचेत... रीवा के गुढ़, रायपुर कार्चुलियांन, सीधी के रामपुर क्षेत्र में जमकर हुई ओलावृष्टि... रीवा जिले के ग्रामीण अंचलों पर प्रकृति का जोरदार हुआ प्रहार कहीं ओलावृष्ट तो कहीं जोरदार बारिश जिसके चलते जनजीवन हुआ प्रभावित किसने की गेहूं की फसल बर्बादी की कगार पर तो वही छोटे किसान जो प्याज लगा कर रखे थे उन किसानों की तकदीर पर पत्थर पड़ गया मध्य प्रदेश राज्य शासन द्वारा प्रदेश के अन्य दाताओं के लिए गेहूं खरीदी केंद्र बनाया गया था जहां खरीदी केंद्र पर किसान अपने अनाज लेकर गए हुए थे खरीदी केंद्र में किसी तरह की सुरक्षा व्यवस्था न होने के कारण किसानों का रखा हुआ अनाज पूर्ण रूप से भीग जाने के कारण वह नष्ट हो गया है तो दूसरी ओर देखा जाए तो जिन किसानों के अनाज भी सहकारी समिति द्वारा खरीदी की गई है सुरक्षा की कोई व्यवस्था न होने के कारण जिले में हजारों कुंतल अनाज पानी गिरने के कारण नष्ट हो चुके हैं एक तरफ तो प्रकृति की मार किसानों के ऊपर चल रही है तो वहीं दूसरी ओर राज्य शासन की नियमों की अनदेखी करते हुए खरीदी केंद्र पर स्थापित कर्मचारियों द्वारा 50 किलो 100 ग्राम की जगह 50 किलो 400 ग्राम अनाज की खरीदारी कर रहे हैं यह सेंटर जिले के समस्त खरीदी केदो में मनमानी की जा रही है3
- सतना स्थित अभय एलपीजी प्लांट में माता शारदा की प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम अत्यंत दिव्यता और श्रद्धा के साथ संपन्न हुआ। इस पावन अवसर पर आयोजित भव्य 'काली नाच' और 'भगत' ने पूरे वातावरण को भक्तिमय कर दिया, जिससे इस आध्यात्मिक महोत्सव की शोभा और भी बढ़ गई। आयोजन की सफलता में गुलाब शुक्ला और उनकी पूरी टीम का विशेष योगदान रहा, जिनके अथक प्रयासों और सेवा भाव ने इस कार्यक्रम को यादगार बना दिया। माता के जयकारों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बनता था। माता शारदा का आशीर्वाद सदैव क्षेत्र पर बना रहे। जय माता शारदा! सतना से ऋषिकेश त्रिपाठी1
- Post by Deepesh Pandey Dist Chief Director ACFI Rewa1