डबरा संचालित है अवैध हॉस्पिटल , मरीज से ली जाती है मोटी रकम और किया जाता है जान से खिलवाड़ डबरा (ग्वालियर)मध्य प्रदेश डबरा में अवैध रूप से चल रहे हैं निजी हॉस्पिटल डबरा में अवैध रूप से निजी अस्पताल संचालित है लेकिन सबसे बड़ी बात यह है कि कहीं ना कहीं यह स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आती है जहां ऐसा स्टॉफ मरीज का इलाज करता है जिनके पास किसी भी प्रकार का अनुभव और ना ही डिग्री होती है , यू कहां जाए की नाम किसी और का लेकिन काम और कोई करता है , जहां मरीज को इलाज के नाम पर लूटा जाता है और मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ किया जाता है , यहां तक की कमीशन खोरी के चलते ऐसी पैथोलॉजी लबों पर भेजा जाता है जिन पर हॉस्पिटलों का कमीशन रहता है। ऐसा ही मामला गीता टॉकीज पर स्थित अरविंदो हॉस्पिटल का है जहां पीड़ित प्रमोद शर्मा अपनी पत्नी संगीता शर्मा को लेकर अरविंदो हॉस्पिटल पहुंचे जहां उसे 20 दिन से अधिक रखा और मोटी रकम वसूली गई । पीड़ित प्रमोद शर्मा का कहना है कि मेरी पत्नी की तबीयत बिगड़ जाने के कारण मैं डबरा के अरविंदो हॉस्पिटल लेकर पहुंचा तो मुझे भरोसे में डालकर कहा कि लगभग 15 दिन इलाज चलेगा यह पूर्णत स्वस्थ हो जाएगी और इलाज के नाम पर लगभग 20 दिन मुझसे जांच और इलाज के नाम पर मोटी रकम वसूलते रहे , जब मेरी पत्नी की तबीयत और बिगड़ने लगी तो मैं ग्वालियर ले गया , क्या मालूम चला कि जांच है पूरी तरह से फर्जी है ।
डबरा संचालित है अवैध हॉस्पिटल , मरीज से ली जाती है मोटी रकम और किया जाता है जान से खिलवाड़ डबरा (ग्वालियर)मध्य प्रदेश डबरा में अवैध रूप से चल रहे हैं निजी हॉस्पिटल डबरा में अवैध रूप से निजी अस्पताल संचालित है लेकिन सबसे बड़ी बात यह है कि कहीं ना कहीं यह स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आती है जहां ऐसा स्टॉफ मरीज का इलाज करता है जिनके पास किसी भी प्रकार का अनुभव और ना ही डिग्री होती है , यू कहां जाए की नाम किसी और का लेकिन काम और कोई करता है , जहां मरीज को इलाज के नाम पर लूटा जाता है और मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ किया जाता है , यहां तक की कमीशन खोरी के चलते ऐसी पैथोलॉजी लबों पर भेजा जाता है
जिन पर हॉस्पिटलों का कमीशन रहता है। ऐसा ही मामला गीता टॉकीज पर स्थित अरविंदो हॉस्पिटल का है जहां पीड़ित प्रमोद शर्मा अपनी पत्नी संगीता शर्मा को लेकर अरविंदो हॉस्पिटल पहुंचे जहां उसे 20 दिन से अधिक रखा और मोटी रकम वसूली गई । पीड़ित प्रमोद शर्मा का कहना है कि मेरी पत्नी की तबीयत बिगड़ जाने के कारण मैं डबरा के अरविंदो हॉस्पिटल लेकर पहुंचा तो मुझे भरोसे में डालकर कहा कि लगभग 15 दिन इलाज चलेगा यह पूर्णत स्वस्थ हो जाएगी और इलाज के नाम पर लगभग 20 दिन मुझसे जांच और इलाज के नाम पर मोटी रकम वसूलते रहे , जब मेरी पत्नी की तबीयत और बिगड़ने लगी तो मैं ग्वालियर ले गया , क्या मालूम चला कि जांच है पूरी तरह से फर्जी है ।
- डबरा (ग्वालियर) मध्य प्रदेश नवग्रह मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा का भव्य आयोजन 10 से 20 फरवरी तक आयोजित , पंडित प्रदीप मिश्रा ,पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री, कुमार विश्वास सुनाएंगे कथाएं डबरा में विश्व का पहला नवग्रह शक्तिपीठ मंदिर तैयार हो गया है। जिसकी प्राण प्रतिष्ठा की तैयारी लगभग पूर्ण कर ली गई हैं , प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव 10 फरवरी से 20 फरवरी तक आयोजित महोत्सव में देश-विदेश के संत-महंत शामिल होंगे। जिसके लिए एक विशाल पंडाल बनाया गया है । जिसे लेकर जिले के पुलिस प्रशासन और नगरीय प्रशासन अलर्ट है । *निकलेगी भव्य कलश यात्रा* डबरा में एक भव्य कलश यात्रा निकाली जाएगी जिसमें सबसे आगे दो हाथी रहेंगे जिन पर साधु संत विराजमान होंगे , वहीं इसके बाद तीन ऊंट जिन पर स्थानीय संत, दो घोड़े जिन पर ध्वजा लिए समिति के दो कार्यकर्ता रहेंगे , इसके बाद रथ रहेंगे जिन पर हमारे अतिथि के रूप में साधु संत मौजूद रहेंगे जगह-जगह भाव स्वागत किया जाएगा जिसमें लगभग 20 हजार महिलाएं शामिल होने की संभावना है । *नवग्रह शक्तिपीठ की बनावट* नवग्रह शक्तिपीठ के मुख्य द्वार पर पूर्व गृहमंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा के माता-पिता की अष्टधातु की प्रतिमाएं बनी हुई है वही पूरा मंदिर गोल आकृति में है जो 108 पिलरों पर बना हुआ है सबसे खास बात यह है कि जिसमें सभी नौ ग्रह अपनी पत्नियों के साथ विराजमान है यह एशिया का पहला मंदिर है सबसे बड़ी बात यह है कि सभी प्रतिमाएं अष्टधातु की बनी हुई है जोकि प्रत्येक प्रतिमा का वजन लगभग 1 क्विंटल से अधिक वजन की है और सभी मंदिर सात घोड़े के रथ की आकृति पर बने हुए हैं । यह मंदिर लगभग 50 बीघा में बना हुआ है । जहां एक सरोवर भी है जिसका दृश्य बहुत ही मनमोहक है। मंदिर परिसर में 150 कमरे बनाए गए हैं जो बाहर से आने वाले साधु संतों के लिए हैं। *10 फरवरी से 20 फरवरी तक चलेगा प्राण प्रतिष्ठा का महोत्सव* इस भव्य आयोजन का शुभारंभ 10 फरवरी को कलश यात्रा से प्रारंभ होगा जिसमें लगभग 20 हजार महिलाएं शामिल होने की संभावना है *कौन-कौन से संत सुनाएंगे कथा* 1_ पंडित प्रदीप मिश्रा 11, 12, 13 फरवरी को कथा सुनाएंगे 2. कवि कुमार विश्वास 14, 15 ,16 फरवरी को कथा सुनाएंगे 3. वही 17 18 19 20 को बागेश्वर धाम की पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री हनुमान कथा सुनाएंगे इनके अलावा देवकीनंदन ठाकुर , पंडोखर धाम से गुरुशरण महाराज , दूधखो से गणेशदास महाराज , धूमेश्वर धाम से अनिरुद्ध वन महाराज , रावतपुरा सरकार से रवि शंकर महाराज सहित और भी संत रहेंगे इस अवसर पर मौजूद। *ग्रह शांति के लिए बनेगा प्रमुख केंद्र* नवग्रह शक्तिपीठ में दर्शनीय मंदिर अलग है और ग्रह शांति के लिए अलग, आने वाले समय में डबरा में ग्रह शांति को लेकर यहां पर अनुष्ठान किए जाएंगे क्योंकि सभी ग्रह एक स्थान पर विराजमान है , पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने इस मंदिर को बनाने का श्रेय अपने बड़े भाई डॉ. श्रीमन नारायण मिश्रा को दिया उनकी प्रेरणा से यह मंदिर इतना भाव बन सका है महोत्सव की शुरुआत 10 फरवरी को स्टेडियम ग्राउंड से निकलने वाली विशाल कलश यात्रा के साथ होगी। इस यात्रा में लगभग 20 हजार महिलाओं के शामिल होने का अनुमान है, जो डबरा के मुख्य मार्गों से होते हुए शक्तिपीठ पहुंचेगी। डबरा का यह नवग्रह शक्तिपीठ न केवल आस्था का केंद्र बनेगा, बल्कि सनातन संस्कृति और ज्योतिष परंपरा को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिलाएगा। यहां पर ग्रह शांति के लिए अनुष्ठान भी किए जाएंगे जिससे लोगों के जीवन में सुख समृद्धि बनी रहे । महोत्सव के दौरान नौ मंजिला भव्य यज्ञशाला में विशेष आहुतियां दी जाएंगी। प्रत्येक ग्रह देवता के लिए एक-एक लाख आहुतियां समर्पित होंगी। संत बद्रीश महाराज अपने 70 उपासकों के साथ विधि-विधान संपन्न कराएंगे। दांती महाराज द्वारा पूरे 10 दिन विशेष अनुष्ठान किया जाएगा। जोकि तंत्र विद्या का रहेगा जिसमें कोई भी सदस्य मौजूद नहीं रहेगा केवल दांती महाराज द्वारा ही रात्रि में यह अनुष्ठान किया जाएगा ।2
- दतिया। तनख्वाह समय पर नहीं मिलती सफाई कर्मचारियों की हड़ताल ने थामे कचरा गाड़ियों के पहिए.....?1
- Post by Lakshya News tv1
- Post by Zassu1
- Post by ग्वालियर आज तक न्यूज4
- Post by Boss Banjara1
- भीतरवार विधानसभा के कछुआ बड़की सराय गांव में मंगलबार की की शुभ्र ओलो की द्वारा किया गया बारी नुकसान1
- डबरा (ग्वालियर)मध्य प्रदेश डबरा में अवैध रूप से चल रहे हैं निजी हॉस्पिटल डबरा में अवैध रूप से निजी अस्पताल संचालित है लेकिन सबसे बड़ी बात यह है कि कहीं ना कहीं यह स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आती है जहां ऐसा स्टॉफ मरीज का इलाज करता है जिनके पास किसी भी प्रकार का अनुभव और ना ही डिग्री होती है , यू कहां जाए की नाम किसी और का लेकिन काम और कोई करता है , जहां मरीज को इलाज के नाम पर लूटा जाता है और मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ किया जाता है , यहां तक की कमीशन खोरी के चलते ऐसी पैथोलॉजी लबों पर भेजा जाता है जिन पर हॉस्पिटलों का कमीशन रहता है। ऐसा ही मामला गीता टॉकीज पर स्थित अरविंदो हॉस्पिटल का है जहां पीड़ित प्रमोद शर्मा अपनी पत्नी संगीता शर्मा को लेकर अरविंदो हॉस्पिटल पहुंचे जहां उसे 20 दिन से अधिक रखा और मोटी रकम वसूली गई । पीड़ित प्रमोद शर्मा का कहना है कि मेरी पत्नी की तबीयत बिगड़ जाने के कारण मैं डबरा के अरविंदो हॉस्पिटल लेकर पहुंचा तो मुझे भरोसे में डालकर कहा कि लगभग 15 दिन इलाज चलेगा यह पूर्णत स्वस्थ हो जाएगी और इलाज के नाम पर लगभग 20 दिन मुझसे जांच और इलाज के नाम पर मोटी रकम वसूलते रहे , जब मेरी पत्नी की तबीयत और बिगड़ने लगी तो मैं ग्वालियर ले गया , क्या मालूम चला कि जांच है पूरी तरह से फर्जी है ।2