logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

तालाबंदी की शौकीन प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने बिलासपुर को एक और अनचाहा तोहफा दिया, विधायक त्रिलोक जंबाल सदर विधायक त्रिलोक जंबाल ने कहा है कि तालाबंदी की शौकीन प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने बिलासपुर को एक और अनचाहा तोहफा दिया है। जनहित में खोले गए कई संस्थानों को बंद करने की कड़ी में बिलासपुर गर्ल्स आईटीआई के बाद अब पिछले करीब 75 वर्षों से जिला मुख्यालय में चल रहे सीनियर सेकेंडरी गर्ल्स स्कूल को बंद करने का फरमान जारी कर दिया गया है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कुछ नया देने के बजाए आए दिन कुछ न कुछ बंद करना इस जनविरोधी सरकार की आदत बन गई है। यदि यह तुगलकी फैसला रद नहीं किया गया तो भाजपा कड़ा रुख अपनाने पर मजबूर होगी।

2 hrs ago
user_Anil kumar
Anil kumar
बिलासपुर सदर, बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश•
2 hrs ago

तालाबंदी की शौकीन प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने बिलासपुर को एक और अनचाहा तोहफा दिया, विधायक त्रिलोक जंबाल सदर विधायक त्रिलोक जंबाल ने कहा है कि तालाबंदी की शौकीन प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने बिलासपुर को एक और अनचाहा तोहफा दिया है। जनहित में खोले गए कई संस्थानों को बंद करने की कड़ी में बिलासपुर गर्ल्स आईटीआई के बाद अब पिछले करीब 75 वर्षों से जिला मुख्यालय में चल रहे सीनियर सेकेंडरी गर्ल्स स्कूल को बंद करने का फरमान जारी कर दिया गया है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कुछ नया देने के बजाए आए दिन कुछ न कुछ बंद करना इस जनविरोधी सरकार की आदत बन गई है। यदि यह तुगलकी फैसला रद नहीं किया गया तो भाजपा कड़ा रुख अपनाने पर मजबूर होगी।

More news from हिमाचल प्रदेश and nearby areas
  • सदर विधायक त्रिलोक जंबाल ने कहा है कि तालाबंदी की शौकीन प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने बिलासपुर को एक और अनचाहा तोहफा दिया है। जनहित में खोले गए कई संस्थानों को बंद करने की कड़ी में बिलासपुर गर्ल्स आईटीआई के बाद अब पिछले करीब 75 वर्षों से जिला मुख्यालय में चल रहे सीनियर सेकेंडरी गर्ल्स स्कूल को बंद करने का फरमान जारी कर दिया गया है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कुछ नया देने के बजाए आए दिन कुछ न कुछ बंद करना इस जनविरोधी सरकार की आदत बन गई है। यदि यह तुगलकी फैसला रद नहीं किया गया तो भाजपा कड़ा रुख अपनाने पर मजबूर होगी।
    1
    सदर विधायक त्रिलोक जंबाल ने कहा है कि तालाबंदी की शौकीन प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने बिलासपुर को एक और अनचाहा तोहफा दिया है। जनहित में खोले गए कई संस्थानों को बंद करने की कड़ी में बिलासपुर गर्ल्स आईटीआई के बाद अब पिछले करीब 75 वर्षों से जिला मुख्यालय में चल रहे सीनियर सेकेंडरी गर्ल्स स्कूल को बंद करने का फरमान जारी कर दिया गया है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कुछ नया देने के बजाए आए दिन कुछ न कुछ बंद करना इस जनविरोधी सरकार की आदत बन गई है। यदि यह तुगलकी फैसला रद नहीं किया गया तो भाजपा कड़ा रुख अपनाने पर मजबूर होगी।
    user_Anil kumar
    Anil kumar
    बिलासपुर सदर, बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश•
    2 hrs ago
  • Har har Mahadev
    1
    Har har Mahadev
    user_Dinesh Kumar
    Dinesh Kumar
    Farmer भोटा, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    19 hrs ago
  • हमीरपुर हिमाचल प्रदेश की बदहाल वित्तीय स्थिति को लेकर प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता और सुजानपुर से पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने मुख्यमंत्री सुक्खू पर जोरदार निशाना साधा है। राजेंद्र राणा ने कहा कि प्रदेश की वर्तमान सरकार आर्थिक कुप्रबंधन की वजह से लगातार आम जनता पर टैक्स का बोझ डालकर उनकी जेबें ढीली करने का काम कर रही है, जबकि सरकार की अपनी वित्तीय सेहत दिन-प्रतिदिन कमजोर होती जा रही है। राजेंद्र राणा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में लगभग 25,000 मेगावाट जलविद्युत क्षमता होने के बावजूद सरकार केवल करीब 11,000 मेगावाट परियोजनाओं को ही शुरू कर पाई है और पिछले तीन वर्षों में निवेशकों ने नई पावर परियोजनाओं में कोई रुचि नहीं दिखाई। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की बदली हुई नीतियों और भारी टैक्स व्यवस्था के कारण निवेशक हिमाचल से दूरी बना रहे हैं, जिससे प्रदेश को भारी राजस्व नुकसान उठाना पड़ रहा है। राजेंद्र राणा ने कहा कि एक समय पर्यटन के क्षेत्र में अग्रणी रहे हिमाचल प्रदेश में आज निवेशकों के लिए माहौल खराब हो चुका है। हिमाचल पर्यटन निगम के लाभ में चल रहे होटलों को निजी हाथों में देने की तैयारी और होमस्टे रजिस्ट्रेशन फीस बढ़ाने जैसे फैसलों ने स्थानीय लोगों और पर्यटन कारोबार को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि पर्यटन क्षेत्र में भी अनावश्यक पाबंदियों, एजेंट सिस्टम और कथित भ्रष्टाचार के कारण निवेशक दूसरे राज्यों का रुख कर रहे हैं। राजेंद्र राणा ने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र में भी सरकार की नीतियां विफल साबित हुई हैं। बल्क ड्रग पार्क जैसे महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट में भी सरकार की भूमिका संदिग्ध रही है और उद्योग लगाने के लिए अनुमति प्रक्रिया में कथित दलाली और दबाव की शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि यही कारण है कि उद्योगपति हिमाचल के बजाय अन्य राज्यों में निवेश करना ज्यादा सुरक्षित समझ रहे हैं। राजेंद्र राणा ने कहा कि प्रदेश की वित्तीय स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि हिमाचल पर लगभग 40,000 करोड़ रुपये का कर्ज हो चुका है और करीब 10,000 करोड़ रुपये ठेकेदारों की देनदारियां लंबित हैं। उन्होंने कांगड़ा कोऑपरेटिव बैंक और बघाट बैंक के मामलों का हवाला देते हुए सरकार पर पक्षपात और वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाए। राणा ने कहा कि प्रदेश की सत्ता ऐसे व्यक्ति के हाथों में चली गई है, जिसका शासन जिद्दी और विफल प्रशासन के रूप में इतिहास में दर्ज होगा और जनता भविष्य में ऐसी सरकार से मुक्ति की कामना कर रही है।
    1
    हमीरपुर
हिमाचल प्रदेश की बदहाल वित्तीय स्थिति को लेकर प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता और सुजानपुर से पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने मुख्यमंत्री सुक्खू पर जोरदार निशाना साधा है।
राजेंद्र राणा ने कहा कि प्रदेश की वर्तमान सरकार आर्थिक कुप्रबंधन की वजह से लगातार आम जनता पर टैक्स का बोझ डालकर उनकी जेबें ढीली करने का काम कर रही है, जबकि सरकार की अपनी वित्तीय सेहत दिन-प्रतिदिन कमजोर होती जा रही है।
राजेंद्र राणा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में लगभग 25,000 मेगावाट जलविद्युत क्षमता होने के बावजूद सरकार केवल करीब 11,000 मेगावाट परियोजनाओं को ही शुरू कर पाई है और पिछले तीन वर्षों में निवेशकों ने नई पावर परियोजनाओं में कोई रुचि नहीं दिखाई। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की बदली हुई नीतियों और भारी टैक्स व्यवस्था के कारण निवेशक हिमाचल से दूरी बना रहे हैं, जिससे प्रदेश को भारी राजस्व नुकसान उठाना पड़ रहा है।
राजेंद्र राणा ने कहा कि एक समय पर्यटन के क्षेत्र में अग्रणी रहे हिमाचल प्रदेश में आज निवेशकों के लिए माहौल खराब हो चुका है। हिमाचल पर्यटन निगम के लाभ में चल रहे होटलों को निजी हाथों में देने की तैयारी और होमस्टे रजिस्ट्रेशन फीस बढ़ाने जैसे फैसलों ने स्थानीय लोगों और पर्यटन कारोबार को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि पर्यटन क्षेत्र में भी अनावश्यक पाबंदियों, एजेंट सिस्टम और कथित भ्रष्टाचार के कारण निवेशक दूसरे राज्यों का रुख कर रहे हैं।
राजेंद्र राणा ने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र में भी सरकार की नीतियां विफल साबित हुई हैं। बल्क ड्रग पार्क जैसे महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट में भी सरकार की भूमिका संदिग्ध रही है और उद्योग लगाने के लिए अनुमति प्रक्रिया में कथित दलाली और दबाव की शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि यही कारण है कि उद्योगपति हिमाचल के बजाय अन्य राज्यों में निवेश करना ज्यादा सुरक्षित समझ रहे हैं।
राजेंद्र राणा ने कहा कि प्रदेश की वित्तीय स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि हिमाचल पर लगभग 40,000 करोड़ रुपये का कर्ज हो चुका है और करीब 10,000 करोड़ रुपये ठेकेदारों की देनदारियां लंबित हैं। उन्होंने कांगड़ा कोऑपरेटिव बैंक और बघाट बैंक के मामलों का हवाला देते हुए सरकार पर पक्षपात और वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाए। राणा ने कहा कि प्रदेश की सत्ता ऐसे व्यक्ति के हाथों में चली गई है, जिसका शासन जिद्दी और विफल प्रशासन के रूप में इतिहास में दर्ज होगा और जनता भविष्य में ऐसी सरकार से मुक्ति की कामना कर रही है।
    user_खबरी लाल
    खबरी लाल
    रिपोर्टर हमीरपुर, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    43 min ago
  • बंगाणा, बन बिहारी नन्द ब्रह्मचारी राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सलोह के रोड सेफ्टी क्लब द्वारा जागरूकता रैली निकाली गई तथा लोगों से यातायात नियमों का पालन करने का आह्वान किया गया इस अवसर पर प्रधानाचार्य विक्रम बहादुर सुरेश कुमार कोलिया सराय रीता शर्मा रीना धीमान बलजिंदर सिंह रेनू बाला प्रीति गढ़वाल सहित विद्यालय के अध्यापक और बच्चे उपस्थित रहे
    1
    बंगाणा, बन बिहारी नन्द ब्रह्मचारी राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सलोह के रोड सेफ्टी क्लब द्वारा जागरूकता रैली निकाली गई तथा लोगों से यातायात नियमों का पालन करने का आह्वान किया गया इस अवसर पर प्रधानाचार्य विक्रम बहादुर सुरेश कुमार कोलिया सराय रीता शर्मा रीना धीमान बलजिंदर सिंह रेनू बाला प्रीति गढ़वाल सहित विद्यालय के अध्यापक और बच्चे उपस्थित रहे
    user_Abhishek Kumar Bhatia
    Abhishek Kumar Bhatia
    Local News Reporter बंगाना, ऊना, हिमाचल प्रदेश•
    4 hrs ago
  • वहीं, RDG पर जारी राजनीतिक टकराव के बीच नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा करने के बजाय RDG पर लाए गए संकल्प पर चर्चा कराई गई। सत्ता पक्ष की ओर से तथ्यों से परे राजनीतिक लहजे में बात रखी गई। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अपने जवाब में जो आंकड़े दिए, वे वित्त सचिव द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों से अलग थे। यह संकल्प केवल भाजपा तथा केंद्र सरकार को कोसने की मंशा से लाया गया। जयराम ठाकुर ने कहा कि RDG न मिलने के लिए राज्य सरकार अधिक जिम्मेदार है। 15वें और 16वें वित्त आयोग के सामने जो स्टैंड था, वह आज भी बरकरार है। उन्होंने दावा किया कि केंद्र सरकार प्रदेश की मदद कर रही है और सबसे अधिक RDG मोदी सरकार के कार्यकाल में मिली है। उन्होंने कहा कि भाजपा हमेशा हिमाचल के हित में खड़ी रही है और आगे भी खड़ी रहेगी, लेकिन कांग्रेस की राजनीतिक मंशा के लिए साथ नहीं हो सकती। नेता प्रतिपक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ने सदन में गलत आंकड़े रखे और विपक्ष को बोलने नहीं दिया गया। उनका कहना था कि विपक्ष ने संकल्प का विरोध नहीं किया, बल्कि बोलने का अवसर न मिलने पर सदन में विरोध दर्ज कराया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस द्वारा बनाए गए राजनीतिक माहौल में उसके साथ केंद्र जाना संभव नहीं है, हालांकि भाजपा हिमाचल के हित में अपनी बात रखने में सक्षम है और प्रदेश में पहले ऐसी स्थिति देखने को नहीं मिली। बाइट-- जयराम ठाकुर, नेता प्रतिपक्ष
    2
    वहीं, RDG पर जारी राजनीतिक टकराव के बीच नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा करने के बजाय RDG पर लाए गए संकल्प पर चर्चा कराई गई। सत्ता पक्ष की ओर से तथ्यों से परे राजनीतिक लहजे में बात रखी गई। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अपने जवाब में जो आंकड़े दिए, वे वित्त सचिव द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों से अलग थे। यह संकल्प केवल भाजपा तथा केंद्र सरकार को कोसने की मंशा से लाया गया। जयराम ठाकुर ने कहा कि RDG न मिलने के लिए राज्य सरकार अधिक जिम्मेदार है। 15वें और 16वें वित्त आयोग के सामने जो स्टैंड था, वह आज भी बरकरार है। उन्होंने दावा किया कि केंद्र सरकार प्रदेश की मदद कर रही है और सबसे अधिक RDG मोदी सरकार के कार्यकाल में मिली है। उन्होंने कहा कि भाजपा हमेशा हिमाचल के हित में खड़ी रही है और आगे भी खड़ी रहेगी, लेकिन कांग्रेस की राजनीतिक मंशा के लिए साथ नहीं हो सकती। नेता प्रतिपक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ने सदन में गलत आंकड़े रखे और विपक्ष को बोलने नहीं दिया गया। उनका कहना था कि विपक्ष ने संकल्प का विरोध नहीं किया, बल्कि बोलने का अवसर न मिलने पर सदन में विरोध दर्ज कराया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस द्वारा बनाए गए राजनीतिक माहौल में उसके साथ केंद्र जाना संभव नहीं है, हालांकि भाजपा हिमाचल के हित में अपनी बात रखने में सक्षम है और प्रदेश में पहले ऐसी स्थिति देखने को नहीं मिली।
बाइट-- जयराम ठाकुर, नेता प्रतिपक्ष
    user_Roshan Sharma
    Roshan Sharma
    Local News Reporter Shimla (Urban), Himachal Pradesh•
    11 hrs ago
  • जिला मुख्यालय ऊना स्थित इंदिरा मैदान में लगभग एक करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया जा रहा अत्याधुनिक जिम अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है। जिला प्रशासन द्वारा ‘सामर्थ्य योजना’ के तहत निर्मित इस जिम को मार्च माह के पहले सप्ताह में जनता को समर्पित किए जाने की उम्मीद है। जिम के शुरू होने से जिले के युवाओं और खिलाड़ियों को आधुनिक फिटनेस सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी। जिला प्रशासन का उद्देश्य युवाओं को नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रखकर उन्हें खेल और फिटनेस की ओर प्रेरित करना है। सीमावर्ती जिला होने के कारण ऊना में नशे की समस्या को लेकर समय-समय पर चिंता व्यक्त की जाती रही है। ऐसे में प्रशासन ने सकारात्मक विकल्प उपलब्ध कराने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम उठाया है। जिम में आधुनिक मल्टी-स्टेशन मशीनें, कार्डियो इक्विपमेंट, ट्रेडमिल, क्रॉस ट्रेनर, साइक्लिंग मशीन, फ्री वेट्स और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग के उन्नत उपकरण लगाए गए हैं। जिम को इस प्रकार डिजाइन किया गया है कि शुरुआती स्तर के युवाओं से लेकर पेशेवर खिलाड़ियों तक सभी को यहां प्रशिक्षण मिल सके। सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा गया है और पर्याप्त वेंटिलेशन व लाइटिंग की व्यवस्था की गई है। अधिकारियों का मानना है कि जब युवाओं को बेहतर खेल और व्यायाम सुविधाएं मिलेंगी तो वे अपनी ऊर्जा को रचनात्मक गतिविधियों में लगाएंगे। जिला युवा सेवाएं एवं खेल अधिकारी प्रिंस पठानिया ने बताया कि इस जिम के निर्माण पर करीब एक करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं और इसका संचालन व्यवस्थित ढंग से किया जाएगा ताकि अधिक से अधिक युवाओं को लाभ मिल सके। भविष्य में प्रशिक्षित फिटनेस ट्रेनर उपलब्ध करवाने की योजना भी बनाई जा रही है, जिससे खिलाड़ियों को तकनीकी मार्गदर्शन मिल सके।
    2
    जिला मुख्यालय ऊना स्थित इंदिरा मैदान में लगभग एक करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया जा रहा अत्याधुनिक जिम अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है। जिला प्रशासन द्वारा ‘सामर्थ्य योजना’ के तहत निर्मित इस जिम को मार्च माह के पहले सप्ताह में जनता को समर्पित किए जाने की उम्मीद है। जिम के शुरू होने से जिले के युवाओं और खिलाड़ियों को आधुनिक फिटनेस सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी। जिला प्रशासन का उद्देश्य युवाओं को नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रखकर उन्हें खेल और फिटनेस की ओर प्रेरित करना है। सीमावर्ती जिला होने के कारण ऊना में नशे की समस्या को लेकर समय-समय पर चिंता व्यक्त की जाती रही है। ऐसे में प्रशासन ने सकारात्मक विकल्प उपलब्ध कराने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम उठाया है। जिम में आधुनिक मल्टी-स्टेशन मशीनें, कार्डियो इक्विपमेंट, ट्रेडमिल, क्रॉस ट्रेनर, साइक्लिंग मशीन, फ्री वेट्स और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग के उन्नत उपकरण लगाए गए हैं। जिम को इस प्रकार डिजाइन किया गया है कि शुरुआती स्तर के युवाओं से लेकर पेशेवर खिलाड़ियों तक सभी को यहां प्रशिक्षण मिल सके। सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा गया है और पर्याप्त वेंटिलेशन व लाइटिंग की व्यवस्था की गई है। अधिकारियों का मानना है कि जब युवाओं को बेहतर खेल और व्यायाम सुविधाएं मिलेंगी तो वे अपनी ऊर्जा को रचनात्मक गतिविधियों में लगाएंगे। जिला युवा सेवाएं एवं खेल अधिकारी प्रिंस पठानिया ने बताया कि इस जिम के निर्माण पर करीब एक करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं और इसका संचालन व्यवस्थित ढंग से किया जाएगा ताकि अधिक से अधिक युवाओं को लाभ मिल सके। भविष्य में प्रशिक्षित फिटनेस ट्रेनर उपलब्ध करवाने की योजना भी बनाई जा रही है, जिससे खिलाड़ियों को तकनीकी मार्गदर्शन मिल सके।
    user_ऊना की खबर
    ऊना की खबर
    Local News Reporter ऊना, ऊना, हिमाचल प्रदेश•
    7 hrs ago
  • 🚩 धर्मपुर 2027 — जिम्मेदार बदलाव का संकल्प माँ भवानी की पावन धरती पर, माँ जालपा, बाबा कमलाहिया और दादा परशुराम की कृपा से, मैं, देवभूमि क्षत्रिय संगठन एवं सवर्ण मोर्चा, जिला मण्डी (हिमाचल प्रदेश) का उपाध्यक्ष, आज धर्मपुर की जनता के सामने भावनात्मक भाषण नहीं — बल्कि स्पष्ट नीति और जवाबदेही का संकल्प रखता हूँ। 🏥 स्वास्थ्य — व्यवस्था सुधार का एजेंडा सिविल अस्पताल धर्मपुर को मजबूत करना प्राथमिकता होगी: विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति 24×7 इमरजेंसी सेवा आवश्यक दवाइयों और जांच सुविधाओं की उपलब्धता पारदर्शी रोगी कल्याण समिति हम वादा नहीं करेंगे — समयबद्ध कार्ययोजना सार्वजनिक करेंगे। 🎓 युवा और रोजगार — ठोस नीति धर्मपुर का युवा अवसर चाहता है, भाषण नहीं। वार्षिक भर्ती कैलेंडर सार्वजनिक भर्ती प्रक्रिया में समयसीमा और पारदर्शिता करियर मार्गदर्शन केंद्र स्किल डेवलपमेंट को स्थानीय उद्योग से जोड़ना हमारा लक्ष्य — पलायन कम, स्थानीय अवसर अधिक। 🛣️ बुनियादी ढांचा — गुणवत्ता और निगरानी पंचायतवार सड़क सर्वे गुणवत्ता की स्वतंत्र निगरानी बरसात प्रभावित मार्गों का स्थायी समाधान टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता विकास दिखावा नहीं — टिकाऊ होना चाहिए। 🧑‍🌾 किसान और स्थानीय अर्थव्यवस्था स्थानीय खरीद व्यवस्था मजबूत भंडारण सुविधा समयबद्ध मुआवज़ा प्रणाली छोटे उद्योग और स्वरोज़गार को बढ़ावा ✊ जवाबदेही की राजनीति हम न तो व्यक्तिगत आरोप लगाएंगे न ही भावनात्मक उकसावे की राजनीति करेंगे। हम काम आधारित राजनीति करेंगे: वार्षिक सार्वजनिक रिपोर्ट कार्ड हर छह महीने जनसंवाद ऑनलाइन विकास जानकारी 🚩 क्यों तीसरा विकल्प? जब जनता को लगे कि दो विकल्प पर्याप्त परिणाम नहीं दे पा रहे — तब लोकतंत्र में तीसरा विकल्प स्वाभाविक है। राष्ट्रीय देवभूमि पार्टी को हम एक जिम्मेदार, नीति आधारित विकल्प के रूप में प्रस्तुत करते हैं — धर्मपुर के विकास, पारदर्शिता और सम्मान के लिए। अंतिम संदेश यह चुनाव टकराव का नहीं — विश्वास का है। यह चुनाव नारे का नहीं — नीति का है। वादे कम — काम ज़्यादा। स्थिर नेतृत्व — स्पष्ट जवाबदेही। जय माँ भवानी। जय माँ जालपा। जय बाबा कमलाहिया। जय दादा परशुराम।
    2
    🚩 धर्मपुर 2027 — जिम्मेदार बदलाव का संकल्प
माँ भवानी की पावन धरती पर,
माँ जालपा, बाबा कमलाहिया और दादा परशुराम की कृपा से,
मैं, देवभूमि क्षत्रिय संगठन एवं सवर्ण मोर्चा, जिला मण्डी (हिमाचल प्रदेश) का उपाध्यक्ष,
आज धर्मपुर की जनता के सामने भावनात्मक भाषण नहीं —
बल्कि स्पष्ट नीति और जवाबदेही का संकल्प रखता हूँ।
🏥 स्वास्थ्य — व्यवस्था सुधार का एजेंडा
सिविल अस्पताल धर्मपुर को मजबूत करना प्राथमिकता होगी:
विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति
24×7 इमरजेंसी सेवा
आवश्यक दवाइयों और जांच सुविधाओं की उपलब्धता
पारदर्शी रोगी कल्याण समिति
हम वादा नहीं करेंगे —
समयबद्ध कार्ययोजना सार्वजनिक करेंगे।
🎓 युवा और रोजगार — ठोस नीति
धर्मपुर का युवा अवसर चाहता है, भाषण नहीं।
वार्षिक भर्ती कैलेंडर सार्वजनिक
भर्ती प्रक्रिया में समयसीमा और पारदर्शिता
करियर मार्गदर्शन केंद्र
स्किल डेवलपमेंट को स्थानीय उद्योग से जोड़ना
हमारा लक्ष्य — पलायन कम, स्थानीय अवसर अधिक।
🛣️ बुनियादी ढांचा — गुणवत्ता और निगरानी
पंचायतवार सड़क सर्वे
गुणवत्ता की स्वतंत्र निगरानी
बरसात प्रभावित मार्गों का स्थायी समाधान
टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता
विकास दिखावा नहीं — टिकाऊ होना चाहिए।
🧑‍🌾 किसान और स्थानीय अर्थव्यवस्था
स्थानीय खरीद व्यवस्था मजबूत
भंडारण सुविधा
समयबद्ध मुआवज़ा प्रणाली
छोटे उद्योग और स्वरोज़गार को बढ़ावा
✊ जवाबदेही की राजनीति
हम न तो व्यक्तिगत आरोप लगाएंगे
न ही भावनात्मक उकसावे की राजनीति करेंगे।
हम काम आधारित राजनीति करेंगे:
वार्षिक सार्वजनिक रिपोर्ट कार्ड
हर छह महीने जनसंवाद
ऑनलाइन विकास जानकारी
🚩 क्यों तीसरा विकल्प?
जब जनता को लगे कि दो विकल्प पर्याप्त परिणाम नहीं दे पा रहे —
तब लोकतंत्र में तीसरा विकल्प स्वाभाविक है।
राष्ट्रीय देवभूमि पार्टी को हम एक जिम्मेदार, नीति आधारित विकल्प के रूप में प्रस्तुत करते हैं —
धर्मपुर के विकास, पारदर्शिता और सम्मान के लिए।
अंतिम संदेश
यह चुनाव टकराव का नहीं —
विश्वास का है।
यह चुनाव नारे का नहीं —
नीति का है।
वादे कम — काम ज़्यादा।
स्थिर नेतृत्व — स्पष्ट जवाबदेही।
जय माँ भवानी।
जय माँ जालपा।
जय बाबा कमलाहिया।
जय दादा परशुराम।
    user_Rajput Bias Thakur
    Rajput Bias Thakur
    Local Politician धर्मपुर, मंडी, हिमाचल प्रदेश•
    12 hrs ago
  • प्रदेश में भाजपा और विपक्ष रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट के मुद्दे पर एक्सपोज़ हो चुका है, यह कहना है प्रदेश कांग्रेस के पूर्व मीडिया कॉर्डिनेटर संदीप सांख्यान का। उन्होंने कहा कि बीते कल जिस तरह से विधानसभा में रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट को लेकर (सरकारी संकल्प) प्रस्ताव पारित किया गया उसने विपक्ष का व्यवहार हिमाचल की जनता के प्रतिकूल था। संदीप सांख्यान ने कहा कि प्रदेश को मिलने वाली रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट का बंद किया जाना और प्रदेश में भाजपा और विपक्ष का उस ग्रांट को बंद किए जाने के पक्ष में खड़े होना साबित करता है प्रदेश भाजपा और विपक्ष को प्रदेश की जनता से कुछ लेना देना नहीं है, सिर्फ जनता को वोट लेने तक सीमित कर दो। संदीप सांख्यान ने कहा आज तक हिमाचल प्रदेश को अपना दूसरा घर बताने वाले प्रधानमंत्री ने अपने ही घर की ग्रांट बंद कर दी इससे बड़ी त्रासदी और क्या हो सकती है, उन्होंने कहा कि शर्मनाक तो यह हो गया कि प्रदेश भाजपा और विपक्ष इस ग्रांट को बंद करने का समर्थन करते हुए दिखाई दे रहे हैं, जिससे यह भी साबित होता है कि प्रदेश भाजपा और विपक्षी नेताओं को हिमाचल के लोगों के हित से ज्यादा अपने केंद्र में बैठे आकाओं को खुश करने में दिलचस्पी है। संदीप सांख्यान ने कहा कि रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट बंद होने पर भाजपा खुशी मना रही है जबकि यह हिमाचल प्रदेश की जनता के साथ सीधे तौर पर धोखा है और हिमाचल प्रदेश की जनता का हक मारा गया है तो इस बात पर भाजपा और विपक्षी नेताओं की भूमिका हिमाचल की जनता के सामने नग्न ही चुकी है। संदीप सांख्यान ने कहा कि प्रदेश विधानसभा में कांग्रेस के सत्ताधारी दल जो रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट को लेकर प्रस्ताव (सरकारी संकल्प) पारित किया है वह एक सराहनीय कार्य और प्रदेश की जनता और विकासात्मक योजनाओं को आगे बढाने के लिए प्रदेश की जनता के प्रति न्यायोचित कदम है। संदीप सांख्यान ने भाजपा नेताओं पर यह भी आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार की आत्मनिर्भर बनाने का संकल्प भाजपा और विपक्षी नेताओं को हजम नहीं हुआ तो ऐसे में प्रदेश का अधिकार और प्रदेश को मिलने वाली रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट ही बंद करवा दी, जिसके कारण प्रदेश को करीब 40 से 50 हज़ार करोड़ का नुकसान हुआ है और भाजपा बजाए इस ग्रांट को दिलाने में मदद करने की बजाए केंद्र सरकार की तारीफ कर रही है, जबकि यह सर्वविदित है इससे प्रदेश की जनता को अत्यधिक नुकसान हुआ है, ओर सच्चाई यह भी इस मसले पर भाजपा पूरी तरह एक्सपोज़ भी हुई है।
    1
    प्रदेश में भाजपा और विपक्ष रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट के मुद्दे पर एक्सपोज़ हो चुका है, यह कहना है प्रदेश कांग्रेस के पूर्व मीडिया कॉर्डिनेटर संदीप सांख्यान का। उन्होंने कहा कि बीते कल जिस तरह से विधानसभा में रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट को लेकर (सरकारी संकल्प) प्रस्ताव पारित किया गया उसने विपक्ष का व्यवहार हिमाचल की जनता के प्रतिकूल था। संदीप सांख्यान ने कहा कि प्रदेश को मिलने वाली रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट का बंद किया जाना और प्रदेश में भाजपा और विपक्ष का उस ग्रांट को बंद किए जाने के पक्ष में खड़े होना साबित करता है प्रदेश भाजपा और विपक्ष को प्रदेश की जनता से कुछ लेना देना नहीं है, सिर्फ जनता को वोट लेने तक सीमित कर दो। संदीप सांख्यान ने कहा आज तक हिमाचल प्रदेश को अपना दूसरा घर बताने वाले प्रधानमंत्री ने अपने ही घर की ग्रांट बंद कर दी इससे बड़ी त्रासदी और क्या हो सकती है, उन्होंने कहा कि शर्मनाक तो यह हो गया कि प्रदेश भाजपा और विपक्ष इस ग्रांट को बंद करने का समर्थन करते हुए दिखाई दे रहे हैं, जिससे यह भी साबित होता है कि प्रदेश भाजपा और विपक्षी नेताओं को हिमाचल के लोगों के हित से ज्यादा अपने केंद्र में बैठे आकाओं को खुश करने में दिलचस्पी है। संदीप सांख्यान ने कहा कि रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट बंद होने पर भाजपा खुशी मना रही है जबकि यह हिमाचल प्रदेश की जनता के साथ सीधे तौर पर धोखा है और हिमाचल प्रदेश की जनता का हक मारा गया है तो इस बात पर भाजपा और विपक्षी नेताओं की भूमिका हिमाचल की जनता के सामने नग्न ही चुकी है। संदीप सांख्यान ने कहा कि प्रदेश विधानसभा में कांग्रेस के सत्ताधारी दल जो रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट को लेकर प्रस्ताव (सरकारी संकल्प) पारित किया है वह एक सराहनीय कार्य और प्रदेश की जनता और विकासात्मक योजनाओं को आगे बढाने के लिए प्रदेश की जनता के प्रति न्यायोचित कदम है। संदीप सांख्यान ने भाजपा नेताओं पर यह भी आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार की आत्मनिर्भर बनाने का  संकल्प भाजपा और विपक्षी नेताओं को हजम नहीं हुआ तो ऐसे में प्रदेश का अधिकार और प्रदेश को मिलने वाली रेवन्यू डेफिसिट ग्रांट ही बंद करवा दी, जिसके कारण प्रदेश को करीब 40 से 50 हज़ार करोड़ का नुकसान हुआ है और भाजपा बजाए इस ग्रांट को दिलाने में मदद करने की बजाए केंद्र सरकार की तारीफ कर रही है, जबकि यह सर्वविदित है इससे प्रदेश की जनता को अत्यधिक नुकसान हुआ है, ओर सच्चाई यह भी इस मसले पर भाजपा पूरी तरह एक्सपोज़ भी हुई है।
    user_Anil kumar
    Anil kumar
    बिलासपुर सदर, बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश•
    5 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.