संतकबीरनगर पुलिस ने जीएसटी के माध्यम से बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी करने वाले दो इनामिया आरोपियों को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। एसपी संदीप कुमार मीना के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई में मेंहदावल एसओ राकेश कुमार सिंह और प्रभारी निरीक्षक जयप्रकाश दूबे के नेतृत्व में गठित टीम ने सौरभ अग्रवाल उर्फ सन्नी और अजीत कुमार को दिल्ली के हरिनगर क्लॉक टावर क्षेत्र से दो मोबाइल के साथ पकड़ा। ये दोनों आरोपी खलीलाबाद थाने में दर्ज एक मुकदमे में वांछित थे, जिसमें धोखाधड़ी, जालसाजी और आईटी एक्ट सहित जीएसटी एक्ट की विभिन्न धाराएं शामिल हैं। घटना का संक्षिप्त विवरण यह है कि दिनांक 03.07.2025 को राज्य कर खंड-1 संतकबीरनगर के सहायक आयुक्त अरविंद कुमार ने खलीलाबाद थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, सर्व श्री यादव इंटरप्राइजेज नामक फर्म ने बिना किसी वास्तविक खरीद के फर्जी चालानों के माध्यम से बिक्री घोषित की और मई 2025 के जीएसटी रिटर्न में ₹18,96,53,679 और ₹18,96,80,190 का बोगस इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) क्लेम किया। इसके अतिरिक्त, अभियुक्तों ने गुरुग्राम की श्री अल्फा इंटरप्राइजेज और दिल्ली की सर्व श्री राधे इंटरप्राइजेज सहित कुल दो फर्मों के माध्यम से भी धोखाधड़ी और जालसाजी कर सरकार को भारी राजस्व का नुकसान पहुंचाया। इसी मामले में, पहले दिनांक 13.02.2026 को संदीप कुमार और अमन उपाध्याय नामक दो अन्य आरोपियों को भी खलीलाबाद पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर न्यायालय भेजा गया था। उनकी गिरफ्तारी और बरामदगी के आधार पर अभियोग में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 340(2), 61(2), सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66सी/66डी और जीएसटी एक्ट की धारा 132 बढ़ाई गई थी। पुलिस के अनुसार, इन अभियुक्तों का अपराध करने का तरीका यह था कि वे अपने सहयोगियों के साथ मिलकर जाली और कूटरचित (फर्जी) दस्तावेजों का इस्तेमाल कर सरकारी पोर्टल पर 'सर्व श्री यादव इंटरप्राइजेज' जैसी अस्तित्वहीन बोगस फर्में पंजीकृत कराते थे। संदीप ने सौरभ अग्रवाल के साथ सांठगांठ कर अपनी विभिन्न क्लाइंट फर्मों के लिए फर्जी बिल बनवाए। ये लोग व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए डेटा साझा करते थे। अमन लैपटॉप पर 'बीजी सॉफ्टवेयर' का उपयोग कर फर्जी प्रपत्रों के आधार पर फर्जी फर्मों का रजिस्ट्रेशन कराकर फर्जी इनवॉइस और ई-वे बिल तैयार करता था, जबकि संदीप इन बोगस फर्मों के जीएसटी रिटर्न (GSTR-1) दाखिल करता था। इस कागजी खेल को वास्तविक दिखाने के लिए, माल खरीदने वाली असली फर्म बोगस फर्म के बैंक खाते में पैसे भेजती थी, जिसे 'सर्कुलर ट्रेडिंग' (पैसों को कई खातों में घुमाकर) या नकद निकासी के माध्यम से वापस ले लिया जाता था। इस फर्जी खरीद को दिखाकर वास्तविक फर्में भारी-भरकम आईटीसी क्लेम कर अपनी टैक्स चोरी करती थीं। गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ में बताया कि वे अपने साथी संदीप के साथ मिलकर जाली प्रपत्रों के आधार पर बोगस/फर्जी फर्में रजिस्टर कराते थे और इन फर्जी फर्मों से फर्जी/जाली इनवाइस/ई-वे बिल तैयार कर दूसरों की वास्तविक फर्मों/कंपनियों को बेचकर जीएसटी की चोरी करते थे। इस गिरफ्तारी में मेंहदावल एसओ राकेश कुमार सिंह, कांस्टेबल धीरेंद्र प्रताप सिंह, कांस्टेबल अनिकेश यादव सहित लखनऊ एसटीएफ के निरीक्षक शैलेंद्र कुमार, हेड कांस्टेबल बीर प्रताप, हेड कांस्टेबल अजीत कुमार सिंह, हेड कांस्टेबल सुरेश सिंह और हेड कांस्टेबल मुनेंद्र सिंह आदि पुलिस टीम शामिल रही।
संतकबीरनगर पुलिस ने जीएसटी के माध्यम से बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी करने वाले दो इनामिया आरोपियों को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। एसपी संदीप कुमार मीना के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई में मेंहदावल एसओ राकेश कुमार सिंह और प्रभारी निरीक्षक जयप्रकाश दूबे के नेतृत्व में गठित टीम ने सौरभ अग्रवाल उर्फ सन्नी और अजीत कुमार को दिल्ली के हरिनगर क्लॉक टावर क्षेत्र से दो मोबाइल के साथ पकड़ा। ये दोनों आरोपी खलीलाबाद थाने में दर्ज एक मुकदमे में वांछित थे, जिसमें धोखाधड़ी, जालसाजी और आईटी एक्ट सहित जीएसटी एक्ट की विभिन्न धाराएं शामिल हैं। घटना का संक्षिप्त विवरण यह है कि दिनांक 03.07.2025 को राज्य कर खंड-1 संतकबीरनगर के सहायक आयुक्त अरविंद कुमार ने खलीलाबाद थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, सर्व श्री यादव इंटरप्राइजेज नामक फर्म ने बिना किसी वास्तविक खरीद के फर्जी चालानों के माध्यम से बिक्री घोषित की और मई 2025 के जीएसटी रिटर्न में ₹18,96,53,679 और ₹18,96,80,190 का बोगस इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) क्लेम किया। इसके अतिरिक्त, अभियुक्तों ने गुरुग्राम की श्री
अल्फा इंटरप्राइजेज और दिल्ली की सर्व श्री राधे इंटरप्राइजेज सहित कुल दो फर्मों के माध्यम से भी धोखाधड़ी और जालसाजी कर सरकार को भारी राजस्व का नुकसान पहुंचाया। इसी मामले में, पहले दिनांक 13.02.2026 को संदीप कुमार और अमन उपाध्याय नामक दो अन्य आरोपियों को भी खलीलाबाद पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर न्यायालय भेजा गया था। उनकी गिरफ्तारी और बरामदगी के आधार पर अभियोग में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 340(2), 61(2), सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66सी/66डी और जीएसटी एक्ट की धारा 132 बढ़ाई गई थी। पुलिस के अनुसार, इन अभियुक्तों का अपराध करने का तरीका यह था कि वे अपने सहयोगियों के साथ मिलकर जाली और कूटरचित (फर्जी) दस्तावेजों का इस्तेमाल कर सरकारी पोर्टल पर 'सर्व श्री यादव इंटरप्राइजेज' जैसी अस्तित्वहीन बोगस फर्में पंजीकृत कराते थे। संदीप ने सौरभ अग्रवाल के साथ सांठगांठ कर अपनी विभिन्न क्लाइंट फर्मों के लिए फर्जी बिल बनवाए। ये लोग व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए डेटा साझा करते थे। अमन लैपटॉप पर 'बीजी सॉफ्टवेयर' का उपयोग कर फर्जी प्रपत्रों के आधार पर फर्जी फर्मों का रजिस्ट्रेशन
कराकर फर्जी इनवॉइस और ई-वे बिल तैयार करता था, जबकि संदीप इन बोगस फर्मों के जीएसटी रिटर्न (GSTR-1) दाखिल करता था। इस कागजी खेल को वास्तविक दिखाने के लिए, माल खरीदने वाली असली फर्म बोगस फर्म के बैंक खाते में पैसे भेजती थी, जिसे 'सर्कुलर ट्रेडिंग' (पैसों को कई खातों में घुमाकर) या नकद निकासी के माध्यम से वापस ले लिया जाता था। इस फर्जी खरीद को दिखाकर वास्तविक फर्में भारी-भरकम आईटीसी क्लेम कर अपनी टैक्स चोरी करती थीं। गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ में बताया कि वे अपने साथी संदीप के साथ मिलकर जाली प्रपत्रों के आधार पर बोगस/फर्जी फर्में रजिस्टर कराते थे और इन फर्जी फर्मों से फर्जी/जाली इनवाइस/ई-वे बिल तैयार कर दूसरों की वास्तविक फर्मों/कंपनियों को बेचकर जीएसटी की चोरी करते थे। इस गिरफ्तारी में मेंहदावल एसओ राकेश कुमार सिंह, कांस्टेबल धीरेंद्र प्रताप सिंह, कांस्टेबल अनिकेश यादव सहित लखनऊ एसटीएफ के निरीक्षक शैलेंद्र कुमार, हेड कांस्टेबल बीर प्रताप, हेड कांस्टेबल अजीत कुमार सिंह, हेड कांस्टेबल सुरेश सिंह और हेड कांस्टेबल मुनेंद्र सिंह आदि पुलिस टीम शामिल रही।
- संतकबीरनगर जिले के महुली थाना क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ पीड़िता सरिता गौड़ ने जिलाधिकारी से न्याय की गुहार लगाई है। सरिता गौड़ ने आरोप लगाया है कि 27 मई 2026 को कुछ लोगों ने उन्हें कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर पिलाया, जिससे वे बेहोश हो गईं। इसी दौरान, इन लोगों ने कथित तौर पर उनकी करोड़ों रुपये की कीमती जमीन का बैनामा अपने नाम करा लिया। पीड़िता के अनुसार, उनकी लगभग 21 बिस्वा जमीन, जिसकी बाजार कीमत करीब 2 करोड़ 70 लाख रुपये बताई जा रही है, उसकी रजिस्ट्री मात्र 3 लाख 93 हजार रुपये में कर ली गई। इतना ही नहीं, सरिता गौड़ ने यह भी आरोप लगाया है कि आरोपियों ने उनके बैंक खाते से यूपीआई के माध्यम से शेष रकम भी निकाल ली है। इस गंभीर धोखाधड़ी को लेकर पीड़िता ने जिलाधिकारी से प्रार्थना पत्र देकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। यह पूरा प्रकरण अब क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाओं का विषय बन गया है, और स्थानीय लोग प्रशासन द्वारा इस मामले में की जाने वाली कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।1
- संतकबीर नगर जिले के दुधारा थाना क्षेत्र के सिंगरामा दीगर राजापुर चौराहा स्थित दलित मोहल्ले में अभी तक कोई भी विकास कार्य नहीं हुआ है। मोहल्ले के निवासियों ने शिकायत की है कि सारा काम जस का तस पड़ा है और दिखाने पर पता चलता है कि बहुत कुछ बाकी है। उनकी यह भी शिकायत है कि यहाँ के प्रधान ने अपने गांव और अपने टोले में तो सभी काम पूरे करवा दिए हैं, लेकिन दलित मोहल्ले में कुछ भी नहीं किया गया है।2
- महाराजगंज में एक व्यक्ति ने हमले का आरोप लगाया है।1
- संतकबीरनगर पुलिस ने एक झपटमारी के मामले में कन्हैया नामक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद प्रियम राजशेखर पाण्डेय के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक जय प्रकाश दुबे के नेतृत्व वाली टीम द्वारा की गई। अभियुक्त को औद्योगिक क्षेत्र शमशान घाट के पास से एक पीली धातु की चेन के साथ पकड़ा गया है। मामला 30 मई, 2026 का है, जब वादी विष्णु सिंह ने शिकायत दर्ज कराई थी कि मेंहदावल बायपास पर लगभग 11 बजे दिन में छोला भटूरा खाते समय एक अज्ञात व्यक्ति ने उनसे हाथापाई करते हुए उनके गले से सोने की चेन झपट ली और फरार हो गया। विष्णु सिंह द्वारा दी गई शिकायत के अनुसार, छीनी गई चेन की कीमत लगभग 2 लाख रुपये से अधिक बताई गई थी। इसी शिकायत के आधार पर कोतवाली खलीलाबाद थाने में मु0अ0सं0 451/2026 के तहत धारा 304(2) बीएनएस में मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसमें साक्ष्य संकलन के आधार पर बाद में धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी भी की गई। गिरफ्तार अभियुक्त कन्हैया पुत्र राम अधारे ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उसने ही 30 मई, 2026 को मेंहदावल बायपास पर एक व्यक्ति से छोला भटूरा खाते समय चेन झपटी थी। कन्हैया मोती नगर एनडी पांडे गली, थाना कोतवाली खलीलाबाद का स्थायी निवासी है और वर्तमान में अग्रवाल नेत्रालय के पीछे छोटी सरौली, थाना कोतवाली खलीलाबाद में रहता है। पुलिस ने उसके पास से वही पीली धातु की चेन बरामद की है। इस गिरफ्तारी अभियान में उपनिरीक्षक धर्मेन्द्र कुमार मिश्रा, कांस्टेबल भानू प्रताप सिंह, कांस्टेबल मनीष यादव और कांस्टेबल राजन यादव शामिल थे। अभियुक्त कन्हैया का एक आपराधिक इतिहास भी है, जिसमें 2018 में आबकारी अधिनियम के तहत दर्ज मु0अ0सं0 1103/2018 शामिल है।3
- गोरखपुर के गोला तहसील क्षेत्र के बड़हलगंज स्थित खड़ेसरी में द्रौपदी एचपी गैस एजेंसी पर गैस कनेक्शन के केवाईसी (KYC) अपडेट के नाम पर अवैध रूप से पैसे लिए जाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। इस वायरल वीडियो में केवाईसी की प्रक्रिया पूरी करने वाले बाबू को ग्राहकों से 100 रुपये से लेकर 200 रुपये तक की रकम लेते हुए स्पष्ट रूप से देखा जा रहा है।1
- आईपीएल का खिताब अपने नाम करने के ठीक बाद, क्रिकेटर विराट कोहली अपनी पत्नी और बॉलीवुड अभिनेत्री अनुष्का शर्मा के साथ मंगलवार की सुबह मथुरा पहुँचे। स्टार कपल लाइमलाइट और चकाचौंध से दूर सीधे वृंदावन के केली कुंज स्थित प्रख्यात संत प्रेमानंद जी महाराज के आश्रम में दर्शन के लिए पहुँचा। यहाँ विराट और अनुष्का की महाराज श्री के प्रति गहरी श्रद्धा एक बार फिर देखने को मिली, खासकर आईपीएल फाइनल में गुजरात को हराकर लगातार दूसरी बार ट्रॉफी जीतने के बाद। आश्रम पहुँचने पर, दोनों ने किसी भी तरह के वीआईपी प्रोटोकॉल का पालन नहीं किया और बेहद सादगी के साथ अपनी गाड़ी में ही चप्पल-जूते उतारे, फिर नंगे पैर आश्रम परिसर में प्रवेश किया। मंगलवार सुबह करीब 7:00 बजे केली कुंज आश्रम के मुख्य द्वार पर पहुँचने पर, उन्होंने आश्रम के बाहर मीडिया और प्रशंसकों की भीड़ से बचने के लिए चेहरे पर मास्क लगा रखा था। गाड़ी से उतरने के बाद, वे बिल्कुल आम श्रद्धालुओं की तरह पैदल चलते हुए भक्ति भाव में लीन होकर महाराज जी की कुटिया की तरफ बढ़े। दोनों ने आश्रम के शांत और आध्यात्मिक वातावरण में लगभग 2 घंटे का समय गुजारा और सुबह तकरीबन 9:00 बजे बाहर आए।1
- सोमवार को महराजगंज में समाजवादी पार्टी (सपा) के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट परिसर स्थित जिलाधिकारी कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने महंगाई, बेरोजगारी और पेट्रोल-डीजल संकट सहित विभिन्न जनसमस्याओं को लेकर महामहिम राज्यपाल के नाम संबोधित एक 8 सूत्रीय ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। धरने को संबोधित करते हुए सपा नेताओं ने प्रदेश में डीजल, पेट्रोल और रसोई गैस की लगातार बढ़ती कीमतों पर गहरी चिंता जताई, जिससे आम जनता और किसानों पर आर्थिक बोझ बढ़ने का आरोप लगाया गया। उन्होंने कहा कि किसानों और उपभोक्ताओं को आवश्यकतानुसार डीजल-पेट्रोल उपलब्ध नहीं हो पा रहा है और उन्हें लंबी कतारों में घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। सपा नेताओं ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार पर हर मोर्चे पर विफल साबित होने का आरोप लगाते हुए कहा कि महंगाई, बेरोजगारी, अपराध और महिलाओं व छात्रों पर अत्याचार की घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है। इसके साथ ही किसानों की समस्याएं भी लगातार बढ़ रही हैं, जबकि बिचौलिए खुलेआम अधिक कीमतों पर डीजल, पेट्रोल और गैस बेच रहे हैं। वक्ताओं ने आरक्षण व्यवस्था के साथ छेड़छाड़ कर पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक वर्ग के लोगों को सरकारी नौकरियों से वंचित करने का भी आरोप लगाया। इन सभी समस्याओं के समाधान के लिए, सपा नेताओं ने वर्ष 2027 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनाना आवश्यक बताया। इस धरना-प्रदर्शन में जिलाध्यक्ष विद्यासागर यादव, जिला महासचिव शमसुद्दीन अली, सपा नेता अमित चौबे, सरजू यादव, कृष्णभान सिंह सैंथवार, समाजवादी युवजन सभा के राष्ट्रीय सचिव अमरजीत यादव, जिला उपाध्यक्ष अमरनाथ यादव उर्फ लाला यादव, प्रणय गौतम, निरमेश मंगल, पूर्व विधायक श्रीपति आजाद सहित बड़ी संख्या में समाजवादी पार्टी के अन्य नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- संतकबीरनगर जिले की खलीलाबाद नगर पालिका परिषद के वार्ड संख्या-2 पश्चिम बगहिया में जल निकासी की गंभीर समस्या को लेकर वार्ड प्रतिनिधि अमित कुमार ने जिलाधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा है। इस ज्ञापन के माध्यम से उन्होंने क्षेत्र में नई नालियों के निर्माण और क्षतिग्रस्त नालियों की मरम्मत कराने की मांग की है। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि क्षेत्र में नालियों की उचित व्यवस्था न होने के कारण बरसात के दिनों में गंभीर जलभराव की स्थिति बन जाती है। इस जलभराव के चलते लोगों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है, वहीं गंदे पानी के जमाव से संक्रामक बीमारियों का खतरा भी लगातार बढ़ता जा रहा है। वार्ड प्रतिनिधि ने बताया कि यह समस्या लंबे समय से चली आ रही है, और इसके समाधान से हजारों लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। अमित कुमार ने प्रशासन से अनुरोध किया है कि प्राथमिकता के आधार पर नई नालियों का निर्माण कराया जाए तथा जर्जर हो चुकी नालियों की मरम्मत करके जल निकासी की स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। क्षेत्रवासियों की निगाहें अब प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं और उन्हें पूरी उम्मीद है कि इस जनसमस्या का समाधान जल्द ही किया जाएगा।1
- संतकबीरनगर के पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देश पर थाना महुली पुलिस द्वारा क्षेत्र में अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण, कानून व्यवस्था बनाए रखने और आमजन में सुरक्षा की भावना मजबूत करने के उद्देश्य से एक व्यापक पैदल गश्त और वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। इस अभियान के तहत, थाना महुली पुलिस टीम ने कस्बा महुली और उसके आसपास के प्रमुख बाजारों, सार्वजनिक स्थलों, भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों, बैंक, एटीएम, प्रतिष्ठानों तथा संवेदनशील स्थानों पर पैदल गश्त करते हुए सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की सघन जांच की गई, साथ ही यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए वाहन चालकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। गश्त के दौरान पुलिस ने व्यापारियों, दुकानदारों और आम नागरिकों से संवाद स्थापित किया और उन्हें अपने प्रतिष्ठानों व घरों के आसपास सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए प्रेरित किया। पुलिस ने बताया कि सीसीटीवी कैमरे अपराध की रोकथाम और अपराधियों की पहचान में बेहद सहायक सिद्ध होते हैं, जिससे क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था और अधिक मजबूत होती है। इसके अतिरिक्त, नागरिकों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करते हुए अज्ञात लिंक, फोन कॉल, संदेश अथवा किसी भी लालचपूर्ण ऑनलाइन ऑफर के झांसे में न आने की सलाह दी गई। उन्हें अपने बैंक खाता, एटीएम कार्ड, ओटीपी, यूपीआई पिन और अन्य गोपनीय जानकारियां किसी के साथ साझा न करने के लिए भी आगाह किया गया। साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करने और राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने के संबंध में भी विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। थाना महुली पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि, व्यक्ति अथवा कानून व्यवस्था से संबंधित सूचना की तत्काल पुलिस को जानकारी दें। पुलिस का मानना है कि जनसहयोग और पुलिस की सतर्कता से ही अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकता है। थाना महुली पुलिस क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है और आमजन की सुरक्षा हेतु लगातार ऐसे जागरूकता और चेकिंग अभियान चलाती रहेगी, जिससे 'आपकी सुरक्षा, हमारी प्राथमिकता' के संकल्प को साकार किया जा सके।4