NEET पेपर लीक मामले को लेकर देशभर में जारी विरोध-प्रदर्शन की गूंज बिहार के जमुई तक पहुंच गई है। शुक्रवार को छात्र संगठनों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जमुई के कचहरी चौक पर प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना है कि कचहरी चौक पर राष्ट्रगान गाने के साथ ही उनका प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त हो गया था। हालांकि, कचहरी चौक से महिसौड़ी चौक पहुंचते-पहुंचते यह प्रदर्शन अचानक उपद्रव में बदल गया। महिसौड़ी चौक पर पहुंचे कुछ लोगों ने जमकर हंगामा किया और पुलिस द्वारा लगाई गई बैरिकेडिंग को तोड़ दिया। मामला बिगड़ता देख जमुई पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उपद्रवियों को मौके से खदेड़ा और छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया। उपद्रव और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने में शामिल अन्य लोगों की पहचान के लिए जमुई पुलिस ने उनके फोटो भी जारी किए हैं। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अन्य असामाजिक तत्वों की पहचान की जा रही है और कानून हाथ में लेने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही जमुई पुलिस और जिला प्रशासन ने छात्रों तथा अभिभावकों से किसी भी बहकावे में न आने और अपनी मांगों को शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से रखने की अपील की है।
NEET पेपर लीक मामले को लेकर देशभर में जारी विरोध-प्रदर्शन की गूंज बिहार के जमुई तक पहुंच गई है। शुक्रवार को छात्र संगठनों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जमुई के कचहरी चौक पर प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना है कि कचहरी चौक पर राष्ट्रगान गाने के साथ ही उनका प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त हो गया था। हालांकि, कचहरी चौक से महिसौड़ी चौक पहुंचते-पहुंचते यह प्रदर्शन अचानक उपद्रव में बदल गया। महिसौड़ी चौक पर पहुंचे कुछ लोगों ने जमकर हंगामा किया और पुलिस द्वारा लगाई गई बैरिकेडिंग को तोड़ दिया। मामला बिगड़ता देख जमुई पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उपद्रवियों को मौके से खदेड़ा और छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया। उपद्रव और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने में शामिल अन्य लोगों की पहचान के लिए जमुई पुलिस ने उनके फोटो भी जारी किए हैं। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अन्य असामाजिक तत्वों की पहचान की जा रही है और कानून हाथ में लेने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही जमुई पुलिस और जिला प्रशासन ने छात्रों तथा अभिभावकों से किसी भी बहकावे में न आने और अपनी मांगों को शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से रखने की अपील की है।
- NEET पेपर लीक मामले को लेकर देशभर में जारी विरोध-प्रदर्शन की गूंज बिहार के जमुई तक पहुंच गई है। शुक्रवार को छात्र संगठनों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जमुई के कचहरी चौक पर प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना है कि कचहरी चौक पर राष्ट्रगान गाने के साथ ही उनका प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त हो गया था। हालांकि, कचहरी चौक से महिसौड़ी चौक पहुंचते-पहुंचते यह प्रदर्शन अचानक उपद्रव में बदल गया। महिसौड़ी चौक पर पहुंचे कुछ लोगों ने जमकर हंगामा किया और पुलिस द्वारा लगाई गई बैरिकेडिंग को तोड़ दिया। मामला बिगड़ता देख जमुई पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उपद्रवियों को मौके से खदेड़ा और छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया। उपद्रव और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने में शामिल अन्य लोगों की पहचान के लिए जमुई पुलिस ने उनके फोटो भी जारी किए हैं। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अन्य असामाजिक तत्वों की पहचान की जा रही है और कानून हाथ में लेने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही जमुई पुलिस और जिला प्रशासन ने छात्रों तथा अभिभावकों से किसी भी बहकावे में न आने और अपनी मांगों को शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से रखने की अपील की है।1
- बिहार के जमुई स्थित पुलिस लाइन मलयपुर में सीआरपीएफ 215 बटालियन परिसर में भगवान श्री जगन्नाथ जी की नौ दिवसीय मौसी घर प्रवास के बाद मंदिर वापसी के अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन, महाआरती और भव्य भंडारे का आयोजन किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भगवान श्री जगन्नाथ, भगवान बलभद्र और माता सुभद्रा की विधि-विधान से पूजा की गई, जिससे पूरा परिसर भक्तिमय माहौल में डूबा रहा और श्रद्धालुओं ने सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की। इस कार्यक्रम में सीआरपीएफ 215 बटालियन के कमांडेंट विनोद कुमार मोहरिल, द्वितीय कमांड अधिकारी, उप कमांडेंट, अन्य अधिकारी, जवान तथा उनके परिवार के सदस्य बड़ी संख्या में शामिल हुए। पूजा के बाद भजन-कीर्तन, महाआरती, प्रसाद वितरण और सामूहिक भंडारे का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कमांडेंट ने भगवान जगन्नाथ की यात्रा को एकता, सेवा और समर्पण का प्रतीक बताते हुए जवानों को राष्ट्र सेवा के प्रति निष्ठा और ईमानदारी से कर्तव्य निभाने का संदेश दिया।1
- बिहार के जमुई में छात्रों ने एक बड़ा आक्रोश मार्च निकाला। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।1
- बिहार के जमुई में एक निजी हॉल में भाकपा माले के जमुई जोन की दो दिवसीय बैठक संपन्न हुई। जिला सचिव शंभू शरण सिंह की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में जमुई, मुंगेर, लखीसराय और शेखपुरा के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। बैठक के दौरान पूर्व जोन प्रभारी आर.एन. ठाकुर, पूर्व राज्य सचिव नंद किशोर प्रसाद और हाल की घटनाओं में दिवंगत हुए साथियों को श्रद्धांजलि दी गई। इसके साथ ही दिल्ली और पटना में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए इसे लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला बताया गया। बैठक को संबोधित करते हुए केंद्रीय कमेटी सदस्य सरोज चौबे ने छात्रों, किसानों और मजदूरों के मुद्दों को लेकर केंद्र और राज्य सरकारों की तीखी आलोचना की। वहीं राज्य कमेटी सदस्य बाबू साहब सिंह ने श्रम कानूनों के विरोध में 9 अगस्त को सभी जिला मुख्यालयों पर रैली आयोजित करने की घोषणा की। संगठन की ओर से 24 जुलाई को चकाई अंचल कार्यालय पर धरना और 28 जुलाई को चारू मजूमदार शहादत दिवस पर सम्मेलन आयोजित करने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा, बैठक में खेत एवं ग्रामीण मजदूर सभा के लिए 40 हजार तथा किसान महासभा के लिए 10 हजार नए सदस्य बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया।1
- बिहार विधानसभा में स्थगन प्रस्ताव के माध्यम से अपनी बात रखे जाने के दौरान सहरसा विधायक आई. पी. गुप्ता के साथ सदन में कथित रूप से अभद्र व्यवहार, गाली-गलौज एवं मारपीट किए जाने की घटना सामने आई है।1
- पटना में जमीन कब्जाने और जान से मारने की धमकी मिलने के मामले में एक महिला सिपाही ने एसपी से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता ने अपनी जमीन पर अवैध कब्जे और खुद को जान से मारने की धमकी दिए जाने का आरोप लगाते हुए उच्च पुलिस अधिकारी से मामले में न्याय दिलाने की मांग की है।1
- NEET आंदोलन के बीच एक छात्र का वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में छात्र पुलिस प्रशासन पर तंज कसते हुए सीधा कहता दिख रहा है—“पानी और आंसू गैस की भी व्यवस्था नहीं की!”1
- जमुई में NEET विरोध प्रदर्शन के बाद उपद्रव होने का मामला सामने आया है। इस घटना के सामने आने के बाद आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है।1