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विजय गोठवाल को स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन संघ राजस्थान का चेयरमैन नियुक्त। एडवोकेट विजय जी गोठवाल को स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन संघ राजस्थान का चेयरमैन नियुक्त किया: अभिजीत सिंह स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत सिंह ने राजस्थान का चेयरमैन एडवोकेट विजय जी गोठवाल को नियुक्त किया। स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत सिंह ने कहा कि एडवोकेट विजय गोठवाल विभिन्न सामाजिक संगठनों से जुड़कर अनेक सेवा कार्यों में अग्रणीय भूमिका निभाते रहे हैं जिससे प्रभावित होकर उन्हें स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राजस्थान राज्य का चेयरमैन नियुक्त किया गया है और आशा करते हैं कि राष्ट्रीय खेल कूद प्रतियोगिता का आयोजन जल्द ही आबूरोड में किया जाएगा ताकि युवा खिलाड़ियों को प्रोत्साहन मिल सके एवं राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा सके। अधिवक्ता विजय गोठवाल ने राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत सिंह सहित समस्त पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया और कहा कि राजस्थान में जल्द ही राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के आयोजन की रूप रेखा तैयार कर खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया जाएगा ताकि प्रदेश के युवा खिलाड़ियों को भी अवसर मिल सके। स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राजस्थान के सह सचिव भरत कोली व टिम ने राजस्थान के नवनियुक्त चेयरमैन एडवोकेट विजय गोठवाल का आबूरोड पहुंचकर फूल मालाओं से स्वागत व सम्मान किया व सभी पदाधिकारियों सहित खेल जगत से जुड़ी प्रतिभाओं ने फ़ोन पर बधाई व शुभकामनाएँ दी। रिपोर्टर - रितिक सरगरा, आबूरोड

22 hrs ago
user_Ritik Sargara
Ritik Sargara
पत्रकार Abu Road, Sirohi•
22 hrs ago
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विजय गोठवाल को स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन संघ राजस्थान का चेयरमैन नियुक्त। एडवोकेट विजय जी गोठवाल को स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन संघ राजस्थान का चेयरमैन नियुक्त किया: अभिजीत सिंह स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत सिंह ने राजस्थान का चेयरमैन एडवोकेट विजय जी गोठवाल को नियुक्त किया। स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत सिंह ने कहा कि एडवोकेट विजय गोठवाल विभिन्न सामाजिक संगठनों से जुड़कर अनेक सेवा कार्यों में अग्रणीय भूमिका निभाते रहे हैं जिससे प्रभावित होकर उन्हें स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राजस्थान राज्य का चेयरमैन नियुक्त किया गया है और आशा करते हैं कि राष्ट्रीय खेल कूद प्रतियोगिता का आयोजन जल्द ही आबूरोड में किया जाएगा ताकि युवा खिलाड़ियों को प्रोत्साहन मिल सके एवं राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा सके। अधिवक्ता विजय गोठवाल ने राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत सिंह सहित समस्त पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया और कहा कि राजस्थान में जल्द ही राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के आयोजन की रूप रेखा तैयार कर खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया जाएगा ताकि प्रदेश के युवा खिलाड़ियों को भी अवसर मिल सके। स्पोर्ट्स डेवलपमेंट एंड प्रमोशन फ़ेडरेशन ऑफ़ इंडिया के राजस्थान के सह सचिव भरत कोली व टिम ने राजस्थान के नवनियुक्त चेयरमैन एडवोकेट विजय गोठवाल का आबूरोड पहुंचकर फूल मालाओं से स्वागत व सम्मान किया व सभी पदाधिकारियों सहित खेल जगत से जुड़ी प्रतिभाओं ने फ़ोन पर बधाई व शुभकामनाएँ दी। रिपोर्टर - रितिक सरगरा, आबूरोड

More news from राजस्थान and nearby areas
  • रेवदर तहसील के निम्बोड़ा गांव में बंदरों के बढ़ते आतंक से ग्रामीण दहशत में हैं। पिछले करीब एक सप्ताह से गांव में एक बंदर के हमलावर होने के कारण हालात गंभीर बने हुए हैं। जानकारी के अनुसार अब तक दर्जनभर ग्रामीण इस बंदर के हमले का शिकार हो चुके हैं, जिनमें कई छोटे बच्चे भी शामिल हैं। हमलों में कई बच्चों को गंभीर चोटें आई हैं, जिससे गांव में भय और आक्रोश का माहौल बन गया है। ग्रामीणों का कहना है कि बंदर अचानक लोगों पर झपट्टा मारकर हमला कर रहा है। खासकर छोटे बच्चों को निशाना बनाने से परिवारों में दहशत फैल गई है। कई अभिभावक अब अपने बच्चों को घर के बाहर खेलने तक नहीं भेज रहे हैं। गांव में रोजमर्रा के कामकाज के दौरान भी लोगों को बंदर के हमले का डर सताने लगा है। समाजसेवी गणपत सिंह निम्बोड़ा ने इस पूरे मामले को लेकर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने बताया कि पिछले एक सप्ताह में करीब दर्जनभर लोग इस बंदर के हमले में घायल हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही है, लेकिन अब तक वन विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि मामले की सूचना कई बार वन विभाग को दी जा चुकी है, लेकिन अब तक बंदर को पकड़ने या नियंत्रित करने के लिए कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग की ओर से समय रहते कार्रवाई नहीं होने से लोगों की जान जोखिम में पड़ रही है। ग्रामीणों ने वन विभाग से मांग की है कि जल्द से जल्द टीम भेजकर हमलावर बंदर को पकड़ा जाए, ताकि गांव में फैले डर के माहौल को खत्म किया जा सके और मासूम बच्चों सहित ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित हो ।
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    रेवदर तहसील के निम्बोड़ा गांव में बंदरों के बढ़ते आतंक से ग्रामीण दहशत में हैं। पिछले करीब एक सप्ताह से गांव में एक बंदर के हमलावर होने के कारण हालात गंभीर बने हुए हैं।
जानकारी के अनुसार अब तक दर्जनभर ग्रामीण इस बंदर के हमले का शिकार हो चुके हैं, जिनमें कई छोटे बच्चे भी शामिल हैं। हमलों में कई बच्चों को गंभीर चोटें आई हैं, जिससे गांव में भय और आक्रोश का माहौल बन गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि बंदर अचानक लोगों पर झपट्टा मारकर हमला कर रहा है। खासकर छोटे बच्चों को निशाना बनाने से परिवारों में दहशत फैल गई है। कई अभिभावक अब अपने बच्चों को घर के बाहर खेलने तक नहीं भेज रहे हैं। गांव में रोजमर्रा के कामकाज के दौरान भी लोगों को बंदर के हमले का डर सताने लगा है।
समाजसेवी गणपत सिंह निम्बोड़ा ने इस पूरे मामले को लेकर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने बताया कि पिछले एक सप्ताह में करीब दर्जनभर लोग इस बंदर के हमले में घायल हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही है, लेकिन अब तक वन विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
उन्होंने बताया कि मामले की सूचना कई बार वन विभाग को दी जा चुकी है, लेकिन अब तक बंदर को पकड़ने या नियंत्रित करने के लिए कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग की ओर से समय रहते कार्रवाई नहीं होने से लोगों की जान जोखिम में पड़ रही है।
ग्रामीणों ने वन विभाग से मांग की है कि जल्द से जल्द टीम भेजकर हमलावर बंदर को पकड़ा जाए, ताकि गांव में फैले डर के माहौल को खत्म किया जा सके और मासूम बच्चों सहित ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित हो ।
    user_जितेन्द्र संत
    जितेन्द्र संत
    पत्रकार रेवदर, सिरोही, राजस्थान•
    18 hrs ago
  • सरूपगंज थाना क्षेत्र के मांडवाड़ा खालसा में बीती रात को अज्ञात चोरों ने बंद पड़े तीन घरों के ताले तोड़ दिए। अलमारी के ताले तोड़कर सारा सामान बिखेर दिया। चोर कुछ नकदी व सामान चुराकर फरार हो गए। ग्रामीणों ने बताया कि रात के समय पुलिस की गश्त नही होने से चोरी की वारदातें हो रही है। उन्होंने पुलिस गश्त बढाने की मांग की है।
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    सरूपगंज थाना क्षेत्र के मांडवाड़ा खालसा में बीती रात को अज्ञात चोरों ने बंद पड़े तीन घरों के ताले तोड़ दिए। अलमारी के ताले तोड़कर सारा सामान बिखेर दिया। चोर कुछ नकदी व सामान चुराकर फरार हो गए। ग्रामीणों ने बताया कि रात के समय पुलिस की गश्त नही होने से चोरी की वारदातें हो रही है। उन्होंने पुलिस गश्त बढाने की मांग की है।
    user_Jitendra Agarwal
    Jitendra Agarwal
    Local News Reporter पिंडवाड़ा, सिरोही, राजस्थान•
    3 hrs ago
  • *8 महीनों से भवन ध्वस्त, खुले में पढ़ने को मजबूर 250 विद्यार्थी* ग्राम पंचायत मादडा स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय मादडा की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। जर्जर अवस्था के कारण सरकार के आदेश पर विद्यालय भवन को 8 महीने पहले ध्वस्त कर दिया गया था, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ है। डोम या टेंट जैसी वैकल्पिक व्यवस्था भी नहीं की गई है, जिससे करीब 250 विद्यार्थी खुले में बैठकर पढ़ने को मजबूर हैं। यह विद्यालय कक्षा 12 तक संचालित है। स्टाफ की स्थिति भी कमजोर है—19 पद स्वीकृत होने के बावजूद केवल 7 शिक्षक कार्यरत हैं और सेकंड ग्रेड का एक भी शिक्षक उपलब्ध नहीं है। अभिभावकों ने शीघ्र भवन निर्माण और शिक्षकों की नियुक्ति की मांग की है।
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    *8 महीनों से भवन ध्वस्त, खुले में पढ़ने को मजबूर 250 विद्यार्थी*
ग्राम पंचायत मादडा स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय मादडा की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। जर्जर अवस्था के कारण सरकार के आदेश पर विद्यालय भवन को 8 महीने पहले ध्वस्त कर दिया गया था, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ है। डोम या टेंट जैसी वैकल्पिक व्यवस्था भी नहीं की गई है, जिससे करीब 250 विद्यार्थी खुले में बैठकर पढ़ने को मजबूर हैं। यह विद्यालय कक्षा 12 तक संचालित है। स्टाफ की स्थिति भी कमजोर है—19 पद स्वीकृत होने के बावजूद केवल 7 शिक्षक कार्यरत हैं और सेकंड ग्रेड का एक भी शिक्षक उपलब्ध नहीं है। अभिभावकों ने शीघ्र भवन निर्माण और शिक्षकों की नियुक्ति की मांग की है।
    user_Jk Joshi
    Jk Joshi
    कोटरा, उदयपुर, राजस्थान•
    7 hrs ago
  • Post by Reporter Rajesh pahadiya
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    Post by Reporter Rajesh pahadiya
    user_Reporter Rajesh pahadiya
    Reporter Rajesh pahadiya
    Local News Reporter रानीवाड़ा, जालोर, राजस्थान•
    22 hrs ago
  • Post by देवीलाल गरासिया
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    Post by देवीलाल गरासिया
    user_देवीलाल गरासिया
    देवीलाल गरासिया
    झाड़ोल, उदयपुर, राजस्थान•
    1 hr ago
  • राजनीति में शिक्षित युवाओं को मौका मिले, इसलिए जनप्रतिनिधियों के लिए शिक्षा जरूरी – रविन्द्र सिंह भाटी
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    राजनीति में शिक्षित युवाओं को मौका मिले, इसलिए जनप्रतिनिधियों के लिए शिक्षा जरूरी – रविन्द्र सिंह भाटी
    user_V Rathi
    V Rathi
    Insurance Agent भीनमाल, जालोर, राजस्थान•
    14 hrs ago
  • उदयपुर जिले के सायरा थाना पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर एक ब्लाइंड मर्डर का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामला थाना क्षेत्र के केला की सेरी निवासी सामताराम गमेती की हत्या से जुड़ा है, जिसका शव 6 मार्च को पालीदाणा के पास सड़क किनारे मिला था।
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    उदयपुर जिले के सायरा थाना पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर एक ब्लाइंड मर्डर का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामला थाना क्षेत्र के केला की सेरी निवासी सामताराम गमेती की हत्या से जुड़ा है, जिसका शव 6 मार्च को पालीदाणा के पास सड़क किनारे मिला था।
    user_Vishnu lohar
    Vishnu lohar
    Local News Reporter झाड़ोल, उदयपुर, राजस्थान•
    16 hrs ago
  • मंडार पशु मेला तीसरे दिन भी चर्चाओं में - रेवदर के मंडार में आयोजित हो रहा जिला स्तरीय श्री लीलाधारी पशु मेला एक बार फिर चर्चाओं में आ गया है। संयुक्त निदेशक के एपीओ आदेश के बाद पशुपालन विभाग के कार्मिकों ने अनूठे तरीके से विरोध दर्ज कराना शुरू कर दिया है। सोमवार को मेले में ड्यूटी के दौरान कर्मचारी हाथों में काली पट्टी बांधकर अपना विरोध जताया और एपीओ आदेश को निरस्त करने की मांग की। दरअसल, मेले के उद्घाटन समारोह के दौरान पिंडवाड़ा-आबू विधायक समाराम गरासिया मंच पर स्वागत और प्रोटोकॉल को लेकर नाराज होकर कार्यक्रम बीच में ही छोड़कर रवाना हो गए थे। इस घटनाक्रम के अगले ही दिन पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ. अमित कुमार को एपीओ कर दिया गया, जिसके बाद विभागीय कार्मिकों में नाराजगी फैल गई। उप निदेशक डॉ. कामठे चांगदेव ने बताया कि ऐसा आरोप लगाया कि विधायक का मंच पर स्वागत नहीं किया गया, लेकिन मंच पर विधायक का पूरे तरीके से सम्मान किया गया था । उसके बावजूद उन्होंने आरोप लगाया, जिसके लिए मंच से माफी भी मांगी । उनको कहा भी कि पहली बार प्रोग्राम हुआ है हमें ऐसे आयोजन की ज्यादा जानकारी नहीं थी, उसके बावजूद भी संयुक्त निदेशक के साथ ऐसा हो रहा है तो यह गलत है । विभाग से मांग की गई है कि एपीओ का आदेश रद्द किया जाए । वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. हबीबभाई राजपुरा ने कहा कि मंडार क्षेत्र के लिए पहला अवसर था, सभी क्षेत्रवासी खुश थे । एक नया अवसर होने के बावजूद भी हमने हमारे प्रयासों में कोई कमी नहीं रखी, इसके बाद भी एक उम्दा और ऑनेस्ट अधिकारी को चालू मेले के अवसर पर एपीओ करने की दुर्घटना होती है तो नाराजगी के तौर पर काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन जता रहे हैं । मांग यही है कि ऐसा आदेश निरस्त हो जाना चाहिए । इंसान से भूल हो जाती है, लेकिन इतनी बड़ी कमी हमसे नहीं हुई थी, जिसका यह परिणाम मिला है । विधायक को बड़ा दिल रखकर इस गलती को क्षमा करना चाहिए और आदेश को निरस्त करवाना चाहिए । विभाग के कर्मचारियों ने कहा कि इस पूरे घटनाक्रम से जो परिस्थितियों पैदा हुई और जो इस तरीके का आदेश जारी हुआ है, इससे विभाग के सारे कार्मिक आघात से ग्रस्त हुए हैं, उनके उत्साह में भी कमी आई है ।
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    मंडार पशु मेला तीसरे दिन भी चर्चाओं में - 
रेवदर के मंडार में आयोजित हो रहा जिला स्तरीय श्री लीलाधारी पशु मेला एक बार फिर चर्चाओं में आ गया है। संयुक्त निदेशक के एपीओ आदेश के बाद पशुपालन विभाग के कार्मिकों ने अनूठे तरीके से विरोध दर्ज कराना शुरू कर दिया है। सोमवार को मेले में ड्यूटी के दौरान कर्मचारी हाथों में काली पट्टी बांधकर अपना विरोध जताया और एपीओ आदेश को निरस्त करने की मांग की।
दरअसल, मेले के उद्घाटन समारोह के दौरान पिंडवाड़ा-आबू विधायक समाराम गरासिया मंच पर स्वागत और प्रोटोकॉल को लेकर नाराज होकर कार्यक्रम बीच में ही छोड़कर रवाना हो गए थे। इस घटनाक्रम के अगले ही दिन पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ. अमित कुमार को एपीओ कर दिया गया, जिसके बाद विभागीय कार्मिकों में नाराजगी फैल गई।
उप निदेशक डॉ. कामठे चांगदेव ने बताया कि ऐसा आरोप लगाया कि विधायक का मंच पर स्वागत नहीं किया गया, लेकिन मंच पर विधायक का पूरे तरीके से सम्मान किया गया था । उसके बावजूद उन्होंने आरोप लगाया, जिसके लिए मंच से माफी भी मांगी । उनको कहा भी कि पहली बार प्रोग्राम हुआ है हमें ऐसे आयोजन की ज्यादा जानकारी नहीं थी, उसके बावजूद भी संयुक्त निदेशक के साथ ऐसा हो रहा है तो यह गलत है । विभाग से मांग की गई है कि एपीओ का आदेश रद्द किया जाए ।
वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. हबीबभाई राजपुरा ने कहा कि मंडार क्षेत्र के लिए पहला अवसर था, सभी क्षेत्रवासी खुश थे । एक नया अवसर होने के बावजूद भी हमने हमारे प्रयासों में कोई कमी नहीं रखी, इसके बाद भी एक उम्दा और ऑनेस्ट अधिकारी को चालू मेले के अवसर पर एपीओ करने की दुर्घटना होती है तो नाराजगी के तौर पर काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन जता रहे हैं । मांग यही है कि ऐसा आदेश निरस्त हो जाना चाहिए । इंसान से भूल हो जाती है, लेकिन इतनी बड़ी कमी हमसे नहीं हुई थी, जिसका यह परिणाम मिला है । विधायक को बड़ा दिल रखकर इस गलती को क्षमा करना चाहिए और आदेश को निरस्त करवाना चाहिए ।
विभाग के कर्मचारियों ने कहा कि इस पूरे घटनाक्रम से जो परिस्थितियों पैदा हुई और जो इस तरीके का आदेश जारी हुआ है, इससे विभाग के सारे कार्मिक आघात से ग्रस्त हुए हैं, उनके उत्साह में भी कमी आई है ।
    user_जितेन्द्र संत
    जितेन्द्र संत
    पत्रकार रेवदर, सिरोही, राजस्थान•
    18 hrs ago
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