बिहार के पीपराकोठी स्थित महात्मा गांधी समेकित कृषि अनुसंधान संस्थान में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) का 98वां स्थापना दिवस मनाया गया। इस अवसर पर संस्थान परिसर में पौधारोपण, स्वच्छता अभियान और किसान प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम के दौरान परिसर में पपीता, आम, अमरूद और केले सहित कुल 262 फलदार पौधे लगाए गए। इसके बाद वैज्ञानिकों, कर्मचारियों और किसानों ने मिलकर परिसर से गाजर घास (पार्थेनियम) हटाकर स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। संस्थान के निदेशक डॉ. राघवेन्द्र सिंह ने भारतीय कृषि के विकास में आईसीएआर के पिछले 98 वर्षों के महत्वपूर्ण योगदान को रेखांकित किया और किसानों से आधुनिक व वैज्ञानिक कृषि तकनीकों को अपनाने का आग्रह किया। कार्यक्रम में डॉ. एस. के. पुर्बे, डॉ. एस. के. सिंह और डॉ. वी. एस. मीणा ने किसानों को एकीकृत कृषि प्रणाली, संतुलित उर्वरक उपयोग, मृदा स्वास्थ्य और जलवायु के अनुकूल खेती के बारे में विस्तार से जानकारी दी। अनुसूचित जाति उपयोजना के तहत डॉ. अमोल के. जाधव के नेतृत्व में उच्च तकनीक सब्जी बीज उत्पादन पर विशेष प्रशिक्षण दिया गया, जिसके बाद अनुसूचित जाति वर्ग के किसानों को सब्जी बीज किट वितरित की गईं। इस पूरे कार्यक्रम में कुल 70 लोगों ने भाग लिया, जिनमें 40 महिलाएं और 30 पुरुष शामिल थे। इसमें अनुसूचित जाति वर्ग के 40 किसान प्रशिक्षण और बीज किट वितरण से लाभान्वित हुए। कार्यक्रम का संचालन डॉ. लैमेला ओझा और डॉ. शुभम मुखर्जी ने किया और अंत में सभी प्रतिभागियों ने स्वच्छ, हरित और वैज्ञानिक कृषि को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।
बिहार के पीपराकोठी स्थित महात्मा गांधी समेकित कृषि अनुसंधान संस्थान में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) का 98वां स्थापना दिवस मनाया गया। इस अवसर पर संस्थान परिसर में पौधारोपण, स्वच्छता अभियान और किसान प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम के दौरान परिसर में पपीता, आम, अमरूद और केले सहित कुल 262 फलदार पौधे लगाए गए। इसके बाद वैज्ञानिकों, कर्मचारियों और किसानों ने
मिलकर परिसर से गाजर घास (पार्थेनियम) हटाकर स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। संस्थान के निदेशक डॉ. राघवेन्द्र सिंह ने भारतीय कृषि के विकास में आईसीएआर के पिछले 98 वर्षों के महत्वपूर्ण योगदान को रेखांकित किया और किसानों से आधुनिक व वैज्ञानिक कृषि तकनीकों को अपनाने का आग्रह किया। कार्यक्रम में डॉ. एस. के. पुर्बे, डॉ. एस. के. सिंह और डॉ. वी.
एस. मीणा ने किसानों को एकीकृत कृषि प्रणाली, संतुलित उर्वरक उपयोग, मृदा स्वास्थ्य और जलवायु के अनुकूल खेती के बारे में विस्तार से जानकारी दी। अनुसूचित जाति उपयोजना के तहत डॉ. अमोल के. जाधव के नेतृत्व में उच्च तकनीक सब्जी बीज उत्पादन पर विशेष प्रशिक्षण दिया गया, जिसके बाद अनुसूचित जाति वर्ग के किसानों को सब्जी बीज किट वितरित की गईं। इस पूरे
कार्यक्रम में कुल 70 लोगों ने भाग लिया, जिनमें 40 महिलाएं और 30 पुरुष शामिल थे। इसमें अनुसूचित जाति वर्ग के 40 किसान प्रशिक्षण और बीज किट वितरण से लाभान्वित हुए। कार्यक्रम का संचालन डॉ. लैमेला ओझा और डॉ. शुभम मुखर्जी ने किया और अंत में सभी प्रतिभागियों ने स्वच्छ, हरित और वैज्ञानिक कृषि को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।
- बिहार सरकार के विकास के दावों पर तीखा तंज कसते हुए कहा गया है कि यहाँ बारिश को कोई सिविक सेंस ही नहीं है। मोतिहारी और पूरे बिहार के संदर्भ में व्यक्त किए गए इस व्यंग्य में कहा गया है कि राज्य सरकार जब भी विकास करने चलती है, बारिश हमेशा उसके बीच में आ जाती है। इस कटाक्ष के जरिए बिहार में सरकारी विकास के दावों और जमीनी हकीकत पर सीधा निशाना साधा गया है।1
- पूर्वी चंपारण के सुगौली में पुलिस ने विशेष छापेमारी के दौरान शराब कांड के फरार वांछित को गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई को सुगौली पुलिस द्वारा अंजाम दिया गया, जिसमें विशेष छापेमारी अभियान चलाकर आरोपी को पकड़ा गया।1
- शिवहर जिले के डुमरी कटसरी अंतर्गत श्यामपुर गांव के वार्ड नंबर 8 में लक्ष्मी नारायण मंदिर के पीछे बारिश के कारण भारी जलजमाव हो गया है। इस जलभराव की वजह से वहां से गुजरने वाले और आने-जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। श्यामपुर गांव में बारिश के बाद बने जलजमाव के इन हालातों ने राहगीरों के आवागमन को बेहद मुश्किल बना दिया है।1
- बिहार के पूर्वी चंपारण के मोतिहारी में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए छतौनी थाना क्षेत्र में कुख्यात अपराधी नरेश पांडे के ठिकानों पर छापेमारी की है। इस पुलिस कार्रवाई के दौरान नरेश पांडे के सहयोगी उज्ज्वल कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि मुख्य आरोपी नरेश पांडे मौके से फरार होने में कामयाब रहा। पुलिस के अनुसार, इस छापेमारी के दौरान करीब 16 लाख रुपये नकद, नोट गिनने की मशीन, महत्वपूर्ण दस्तावेज, एक देशी कट्टा और 6 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। इस मामले में आगे की जांच जारी है और फरार आरोपी नरेश पांडे की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस द्वारा दी गई इस प्रारंभिक जानकारी के आधार पर मामले की जांच पूरी होने तक आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है।1
- बिहार के शिवहर जिले के पिपराही प्रखंड स्थित ऐतिहासिक बाबा भुवनेश्वर नाथ धाम, डूबा घाट पर करोड़ों रुपये की लागत से बन रहे मुक्तिधाम (श्मशान घाट) का पूर्वी हिस्सा बागमती नदी के कटाव की भेंट चढ़ गया है। बागमती नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण इस निर्माणाधीन मुक्तिधाम के पिलर नदी में समा गए। इस हादसे के बाद से ही निर्माण कार्य की गुणवत्ता, योजना और सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। यह डूबा घाट शिवहर शहर के साथ-साथ लक्ष्मीपुर, रसीदपुर, कमरौली, परसौनी बैज, हरिहरपुर और देकुली धाम सहित आसपास के कई गांवों के लोगों के अंतिम संस्कार का प्रमुख स्थल है। इस घटना से आक्रोशित स्थानीय लोग अब पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने और जल्द से जल्द कोई वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग कर रहे हैं।1
- बिहार के शिवहर में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में एक नई क्रांति की शुरुआत हुई है।1
- बिहार में बेतिया रेंज के डीआईजी (DIG) ने एक बड़ी कार्रवाई की है। अपहरण के एक मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में रामगढ़वा के तत्कालीन थानाध्यक्ष राजीव कुमार साह को निलंबित कर दिया गया है। इस मामले में थानाध्यक्ष को कर्तव्य के प्रति लापरवाही बरतना बेहद भारी पड़ा है, जिसके बाद डीआईजी द्वारा यह बड़ा एक्शन लिया गया है।1
- पश्चिम चंपारण के मझौलिया पंचायत में लंबे समय से गंभीर पेयजल संकट झेल रहे वार्ड संख्या 1 से 5 के हजारों ग्रामीणों के लिए राहत भरी खबर है। अगले दो माह के भीतर इन वार्डों के लोगों को चारमीनार (जलमीनार) से स्वच्छ व शुद्ध पेयजल मिलने लगेगा, जिसके लिए पंचायत स्तर पर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। मुखिया सत्य प्रकाश के अनुसार, पंचायत के कुल 14 वार्डों में से वार्ड 1 से 5 तक पानी की समस्या सबसे विकट है, विशेषकर रेलवे गुमटी के उत्तर दिशा में रहने वाले लोगों तक वर्तमान जलमीनार का पानी नहीं पहुंच पा रहा था। इस गंभीर समस्या के स्थायी समाधान के लिए पीएचईडी विभाग के कनीय अभियंता श्याम राय, वेंडर, मिस्त्री, मुखिया सत्य प्रकाश और वार्ड सदस्यों ने संयुक्त रूप से प्रभावित स्थल का निरीक्षण कर जलापूर्ति व्यवस्था का जायजा लिया। कनीय अभियंता श्याम राय ने बताया कि पंचायत के लगभग सभी वार्डों में पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है और नए बोरिंग की स्वीकृति के लिए विभाग को सूचना भेज दी गई है। उन्होंने दावा किया कि अगले दो महीने के भीतर नया बोरिंग कर नियमित जलापूर्ति शुरू कर दी जाएगी। मुखिया सत्य प्रकाश ने ग्रामीणों की इस समस्या के समाधान को अपनी पहली प्राथमिकता बताया और भरोसा दिलाया कि नई व्यवस्था लागू होते ही वर्षों पुराना पेयजल संकट समाप्त हो जाएगा। ग्रामीणों ने भी इस पहल का स्वागत करते हुए काम को जल्द पूरा करने की मांग की है। इस निरीक्षण के मौके पर उप मुखिया पार्वती देवी, इंदु देवी, धनंजय कुमार, भिखारी देवान, रंजीत पासवान, दीपू कुमार, सुमित कुमार, वजैर अहमद, अवधेश प्रसाद चौरसिया और कृष्णा महतो सहित अन्य वार्ड सदस्य उपस्थित थे।4
- बिहार के बेतिया में 16 जुलाई 2026 को भगवान श्री जगन्नाथ की रथयात्रा निकाली गई। यह रथयात्रा बेतिया के लाल बाजार से होकर गुजरी, जहां श्रद्धालु भक्तों ने जगह-जगह इसका स्वागत किया और पूजा-अर्चना की।1