दतिया जिले के ग्राम दुरसड़ा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य सेवाओं को नई मजबूती मिली है। कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने नव निर्मित प्रसव केंद्र और पीएनसी (पोस्ट नेटल केयर) यूनिट का फीता काटकर औपचारिक शुभारंभ किया। इस दौरान, कलेक्टर ने स्वास्थ्य केंद्र का गहन निरीक्षण किया और वहां उपलब्ध सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं। निरीक्षण के क्रम में, कलेक्टर ने स्वयं अपना ब्लड शुगर टेस्ट भी करवाकर स्वास्थ्य जांच व्यवस्थाओं का जायजा लिया। नव स्थापित प्रसव केंद्र और पीएनसी यूनिट के शुरू होने से अब क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं, प्रसूताओं और नवजात शिशुओं को अधिक बेहतर एवं सुविधाजनक स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी। इस पहल को ग्रामीण क्षेत्र में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
दतिया जिले के ग्राम दुरसड़ा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य सेवाओं को नई मजबूती मिली है। कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने नव निर्मित प्रसव केंद्र और पीएनसी (पोस्ट नेटल केयर) यूनिट का फीता काटकर औपचारिक शुभारंभ किया। इस दौरान, कलेक्टर ने स्वास्थ्य केंद्र का गहन निरीक्षण किया और वहां उपलब्ध सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं। निरीक्षण के क्रम में, कलेक्टर ने स्वयं अपना ब्लड शुगर टेस्ट भी करवाकर स्वास्थ्य जांच व्यवस्थाओं का जायजा लिया। नव स्थापित प्रसव केंद्र और पीएनसी यूनिट के शुरू होने से अब क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं, प्रसूताओं और नवजात शिशुओं को अधिक बेहतर एवं सुविधाजनक स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी। इस पहल को ग्रामीण क्षेत्र में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
- दतिया के जिला अस्पताल परिसर में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर 'मोदी पार्क' का शुभारंभ किया गया। प्रदेश के पूर्व गृहमंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने पौधारोपण कर कार्यक्रम की शुरुआत की और पर्यावरण संरक्षण का महत्वपूर्ण संदेश दिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ. मिश्रा ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने 12 वर्ष पूरे कर लिए हैं और इस दौरान पर्यावरण संरक्षण सहित कई जनकल्याणकारी योजनाएं चलाई गई हैं। उन्होंने वृक्षारोपण को प्रकृति के संरक्षण का सबसे प्रभावी माध्यम बताया और प्रत्येक नागरिक से कम से कम एक पौधा लगाने का आग्रह किया। वृक्षारोपण अभियान के प्रभारी प्रवीण पाठक ने इस बात पर ज़ोर दिया कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण भी उतना ही आवश्यक है। उन्होंने आश्वासन दिया कि लगाए गए पौधों की सुरक्षा और देखरेख की जिम्मेदारी समाज और भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता मिलकर निभाएंगे। इस कार्यक्रम में भाजपा कार्यकर्ता, चिकित्सक, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने पर्यावरण संरक्षण और हरियाली बढ़ाने का संकल्प लिया और अधिक से अधिक वृक्ष लगाने का संदेश दिया। विश्व पर्यावरण दिवस पर शुरू किए गए इस 'मोदी पार्क' के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने की यह पहल महत्वपूर्ण है, और अब यह देखना होगा कि पौधारोपण के साथ-साथ इनके संरक्षण का संकल्प कितना प्रभावी साबित होता है।1
- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिले में पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास का संदेश देते हुए पुलिस परिसर में एक वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान 2.0 के तहत संपन्न हुआ, जिसमें कलेक्टर श्री स्वप्निल वानखड़े, पुलिस अधीक्षक श्री मयूर खंडेलवाल और वन मंडलाधिकारी (डीएफओ) श्री मोहम्मद माज ने पौधारोपण किया। इस दौरान अधिकारियों ने विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए और उनके संरक्षण तथा नियमित देखभाल का संकल्प भी लिया। पुलिस विभाग, वन विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों-कर्मचारियों ने भी इस कार्यक्रम में सक्रिय रूप से भाग लेते हुए पौधे रोपित किए। इसी अवसर पर, अधिकारियों ने भीषण गर्मी के दौरान पक्षियों के संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने परिसर में रखे सकोरों में पक्षियों के लिए पानी और दाना भी डाला, और बताया कि गर्मी में जल स्रोतों के सूखने से पक्षियों को भोजन-पानी की समस्या होती है। उन्होंने जिलेवासियों से अपील की कि वे अपने घरों, कार्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर पक्षियों के लिए पानी और दाने की व्यवस्था कर जीव-जंतुओं के प्रति संवेदनशीलता दिखाएं और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखें। कलेक्टर श्री स्वप्निल वानखड़े ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी दायित्व नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और प्राकृतिक संसाधनों के दोहन को देखते हुए वृक्षारोपण को अत्यंत आवश्यक बताया, साथ ही इस बात पर जोर दिया कि सिर्फ पौधा लगाना ही नहीं, बल्कि उसका संरक्षण और संवर्धन भी उतना ही महत्वपूर्ण है। पुलिस अधीक्षक श्री मयूर खंडेलवाल ने कहा कि वृक्ष पृथ्वी के प्राकृतिक संतुलन को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और शुद्ध वायु, छाया तथा स्वच्छ वातावरण प्रदान करते हैं। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन बनाने के लिए प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी सुनिश्चित करने का आग्रह किया। वन मंडलाधिकारी श्री मोहम्मद माज ने "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान को प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता और मातृत्व के सम्मान का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह समाज में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ा रहा है। उन्होंने नागरिकों से पौधारोपण के साथ-साथ जल संरक्षण, पक्षी संरक्षण और जैव विविधता के संवर्धन में भी सक्रिय योगदान देने का आग्रह किया। सभी अधिकारियों ने मिलकर कहा कि स्वच्छ और स्वस्थ पर्यावरण ही भावी पीढ़ियों के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। उन्होंने नागरिकों से अपने स्तर पर पौधारोपण कर पर्यावरण को संरक्षित करने, लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने तथा गर्मी में पक्षियों के लिए पानी-दाने की व्यवस्था कर जीवों के प्रति संवेदनशीलता प्रदर्शित करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में उपस्थित सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेते हुए जिले को हरा-भरा बनाने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।1
- मध्य प्रदेश में सरकार की 67 हजार करोड़ रुपये की एक बड़ी परियोजना कथित तौर पर ठप हो गई है। इस गंभीर स्थिति के चलते लोगों के घरों तक पानी नहीं पहुँच पा रहा है, जिससे सार्वजनिक तौर पर रोष देखा जा रहा है। यह विफलता न केवल योजना के क्रियान्वयन में अक्षमता को दर्शाती है, बल्कि कथित भ्रष्टाचार की ओर भी इशारा करती है।1
- झांसी में मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) के पद पर डॉ. शिशिर पुरी ने कार्यभार ग्रहण कर लिया है। पदभार संभालते ही डॉ. पुरी ने अपनी प्राथमिकताओं को रेखांकित करते हुए स्पष्ट किया कि मातृ एवं बाल स्वास्थ्य उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।1
- झांसी के मोठ में प्रशासन ने गुरुवार रात बेतवा नदी के खिरिया घाट पर अवैध बालू खनन के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। इस छापेमारी के दौरान अवैध रूप से बालू खनन में प्रयुक्त आधा दर्जन से अधिक ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त की गईं। मोंठ के एसडीएम अवनीश तिवारी ने राजस्व और पुलिस टीम के साथ मिलकर इस कार्रवाई को अंजाम दिया। प्रशासन को बेतवा नदी के खिरिया घाट पर अवैध बालू खनन की सूचना मिली थी, जिसके बाद एसडीएम अवनीश तिवारी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुँचे। बताया गया कि अधिकारियों को नदी के भीतर लगभग दो किलोमीटर तक पानी और पत्थरों के बीच पैदल चलकर घटनास्थल तक पहुँचना पड़ा। प्रशासनिक टीम को आता देख खनन गतिविधियों में शामिल लोग अपनी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को छोड़कर मौके से फरार हो गए। खनन कारोबारियों ने रास्ते में ट्रॉलियां खड़ी करके मार्ग अवरुद्ध करने का प्रयास भी किया, लेकिन प्रशासनिक टीम ने इन बाधाओं को पार करते हुए अवैध खनन में प्रयुक्त सभी वाहनों को अपने कब्जे में ले लिया। एसडीएम अवनीश तिवारी ने इस कार्रवाई के संबंध में बताया कि अवैध खनन को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने पुष्टि की कि जब्त किए गए वाहनों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। साथ ही, उन्होंने यह भी कहा कि क्षेत्र में अवैध खनन पर लगातार कड़ी निगरानी रखी जा रही है और भविष्य में भी दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।4
- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति मोर्चा ने भांडेर विधानसभा क्षेत्र में जिला अध्यक्ष गोविंद भैया परिहार के नेतृत्व में एक व्यापक वृक्षारोपण एवं पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया। इस अभियान के तहत भांडेर मंडल, उन्नाव मंडल और सरस्वती शिशु मंदिर परिसर में अलग-अलग प्रजातियों के पौधे लगाए गए। यह वृक्षारोपण अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के "एक पेड़ मां के नाम" पहल के अंतर्गत संचालित किया गया, जिसके भांडेर विधानसभा प्रभारी गोविंद भैया परिहार रहे। इस कार्यक्रम में भाजपा जिला अध्यक्ष रघुवीर सिंह कुशवाह, मंडल अध्यक्ष दिनेश शर्मा, मंडल अध्यक्ष अरविंद दांगी, मंडल महामंत्री बेताब यादव के साथ-साथ सरस्वती शिशु मंदिर के प्राचार्य, आचार्य और दीदियां भी उपस्थित थीं। बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने भी अपनी भागीदारी सुनिश्चित की। इस अवसर पर, सभी उपस्थित लोगों ने पर्यावरण संरक्षण के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने वृक्षारोपण के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि यह पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण योगदान देता है।1
- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर दतिया पुलिस परिसर में पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए एक विशेष वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान 2.0 के तहत, कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े, पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल और वन मंडलाधिकारी मोहम्मद माज ने पौधारोपण कर जिलेवासियों को हरियाली बढ़ाने का संदेश दिया। इस कार्यक्रम में विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए और उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया गया, जिसमें प्रशासन, पुलिस और वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। इसी कड़ी में, अधिकारियों ने भीषण गर्मी को देखते हुए पक्षियों के संरक्षण का संदेश भी दिया। परिसर में रखे सकोरों में पक्षियों के लिए पानी और दाना डाला गया, साथ ही नागरिकों से भी अपने घरों व सार्वजनिक स्थानों पर पक्षियों के लिए पानी व भोजन की व्यवस्था करने की अपील की गई। कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने पर्यावरण संरक्षण को केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य बताया और लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल करने का आह्वान किया। पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल ने वृक्षों को प्राकृतिक संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण बताते हुए स्वच्छ वातावरण के लिए हर व्यक्ति की भागीदारी पर जोर दिया। वन मंडलाधिकारी मोहम्मद माज ने "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान को प्रकृति और मातृत्व के सम्मान का प्रतीक बताते हुए जल संरक्षण, पक्षी संरक्षण और जैव विविधता के संवर्धन में सक्रिय योगदान की अपील की। कार्यक्रम के अंत में, सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और दतिया जिले को हरा-भरा बनाने की अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।1
- दतिया में, विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर, कलेक्टर और एसपी ने पौधारोपण किया।1
- झांसी जनपद के मऊरानीपुर से एक घटना सामने आई है, जहाँ एक महिला ने अपने पति को किसी दूसरी महिला के साथ देख लिया। इस बात पर बीच सड़क पर ही दोनों पक्षों के बीच झड़प हो गई।1