प्रयागराज की हंडिया विधानसभा से समाजवादी पार्टी के विधायक हाकिम लाल बिंद पर हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यह पूरा प्रकरण 22 दिनों के भीतर दो सगे भाइयों की रहस्यमय मौत से जुड़ा है, जिसमें परिवार वालों ने सीधे तौर पर विधायक और उनके सहयोगियों पर आरोप लगाए हैं। परिवार के मुताबिक, पहले भाई का शव पिछले महीने उसकी शादी के महज तीन दिन बाद ही घर के पास एक पेड़ से फंदे से लटका मिला था। इसके ठीक 22 दिन बाद, बीते शुक्रवार को दूसरे भाई का शव भी घर के पास टिन शेड से लटका हुआ पाया गया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि सपा विधायक ने उनकी चार बीघा आठ बिस्वा पुश्तैनी जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया है, जिसकी मौजूदा कीमत लगभग दो करोड़ रुपये है। इस जमीन को लेकर जिला अदालत में मुकदमा चल रहा है, और परिवार का दावा है कि पैरवी करने पर विधायक व उनके साथी पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी देते थे। पुलिस ने हंडिया विधायक हाकिम लाल बिंद के साथ सुमित्रा नंदनी (जो एक बिरहा गायिका हैं), अमित गौतम (नंदनी के भाई), गौरी (पुत्री ननकू गौतम), और संजय गौतम (गौरी के जीजा) के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, इस मामले में हंडिया विधायक हाकिम लाल बिंद ने अपने बचाव में एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने दर्ज एफआईआर को पूरी तरह फर्जी बताते हुए इसे राजनीतिक साजिश करार दिया है। विधायक का कहना है कि यदि उनका कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) निकाला जाए, तो सच्चाई खुद-ब-खुद सामने आ जाएगी।
प्रयागराज की हंडिया विधानसभा से समाजवादी पार्टी के विधायक हाकिम लाल बिंद पर हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यह पूरा प्रकरण 22 दिनों के भीतर दो सगे भाइयों की रहस्यमय मौत से जुड़ा है, जिसमें परिवार वालों ने सीधे तौर पर विधायक और उनके सहयोगियों पर आरोप लगाए हैं। परिवार के मुताबिक, पहले भाई का शव पिछले महीने उसकी शादी के महज तीन
दिन बाद ही घर के पास एक पेड़ से फंदे से लटका मिला था। इसके ठीक 22 दिन बाद, बीते शुक्रवार को दूसरे भाई का शव भी घर के पास टिन शेड से लटका हुआ पाया गया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि सपा विधायक ने उनकी चार बीघा आठ बिस्वा पुश्तैनी जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया है, जिसकी मौजूदा कीमत लगभग दो
करोड़ रुपये है। इस जमीन को लेकर जिला अदालत में मुकदमा चल रहा है, और परिवार का दावा है कि पैरवी करने पर विधायक व उनके साथी पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी देते थे। पुलिस ने हंडिया विधायक हाकिम लाल बिंद के साथ सुमित्रा नंदनी (जो एक बिरहा गायिका हैं), अमित गौतम (नंदनी के भाई), गौरी (पुत्री ननकू गौतम), और संजय गौतम (गौरी
के जीजा) के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, इस मामले में हंडिया विधायक हाकिम लाल बिंद ने अपने बचाव में एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने दर्ज एफआईआर को पूरी तरह फर्जी बताते हुए इसे राजनीतिक साजिश करार दिया है। विधायक का कहना है कि यदि उनका कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) निकाला जाए, तो सच्चाई खुद-ब-खुद सामने आ जाएगी।
- प्रयागराज की हंडिया विधानसभा से समाजवादी पार्टी के विधायक हाकिम लाल बिंद पर हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यह पूरा प्रकरण 22 दिनों के भीतर दो सगे भाइयों की रहस्यमय मौत से जुड़ा है, जिसमें परिवार वालों ने सीधे तौर पर विधायक और उनके सहयोगियों पर आरोप लगाए हैं। परिवार के मुताबिक, पहले भाई का शव पिछले महीने उसकी शादी के महज तीन दिन बाद ही घर के पास एक पेड़ से फंदे से लटका मिला था। इसके ठीक 22 दिन बाद, बीते शुक्रवार को दूसरे भाई का शव भी घर के पास टिन शेड से लटका हुआ पाया गया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि सपा विधायक ने उनकी चार बीघा आठ बिस्वा पुश्तैनी जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया है, जिसकी मौजूदा कीमत लगभग दो करोड़ रुपये है। इस जमीन को लेकर जिला अदालत में मुकदमा चल रहा है, और परिवार का दावा है कि पैरवी करने पर विधायक व उनके साथी पूरे परिवार को खत्म करने की धमकी देते थे। पुलिस ने हंडिया विधायक हाकिम लाल बिंद के साथ सुमित्रा नंदनी (जो एक बिरहा गायिका हैं), अमित गौतम (नंदनी के भाई), गौरी (पुत्री ननकू गौतम), और संजय गौतम (गौरी के जीजा) के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, इस मामले में हंडिया विधायक हाकिम लाल बिंद ने अपने बचाव में एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने दर्ज एफआईआर को पूरी तरह फर्जी बताते हुए इसे राजनीतिक साजिश करार दिया है। विधायक का कहना है कि यदि उनका कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) निकाला जाए, तो सच्चाई खुद-ब-खुद सामने आ जाएगी।4
- भारतीय एकता एवं एकात्मकता के प्रतीक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी की जयंती के अवसर पर, उत्तर प्रदेश के यशस्वी माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी 6 जुलाई 2026 को प्रयागराज में एक महत्वपूर्ण प्रतिमा का अनावरण करेंगे। यह प्रतिमा यमुना बैंक रोड स्थित कालीघाट, बोट क्लब पर नगर निगम प्रयागराज द्वारा तीन महान विभूतियों की प्रेरणा स्थल के रूप में स्थापित की गई है। इसी महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक आयोजन को गरिमामय एवं सुव्यवस्थित रूप से संपन्न कराने के लिए, जिलाधिकारी प्रयागराज श्री मनीष वर्मा जी, नगर आयुक्त श्री सीलम साईं तेजा जी, आईपीएस अधिकारी श्री अजय पाल शर्मा जी, पी.डी.ए. वी.सी., प्रयागराज सी. डी.ओ. और अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने हाल ही में स्थल का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।1
- कौशाम्बी में साइबर पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए यूपीआई ठगी के शिकार हुए अमित कुमार को राहत प्रदान की है। पुलिस की त्वरित कार्रवाई और तकनीकी जांच के परिणामस्वरूप पीड़ित के ₹1.41 लाख वापस रिकवर कर लिए गए हैं। इस संदर्भ में, पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि किसी भी साइबर धोखाधड़ी की शिकायत 1930 पर दर्ज कराएं और साइबर अपराधियों से हमेशा सतर्क रहें।1
- कौशाम्बी में साइबर पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है, जहाँ उन्होंने यूपीआई ठगी के शिकार हुए अमित कुमार को राहत पहुँचाई है। साइबर टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तकनीकी जाँच के माध्यम से धोखाधड़ी की गई ₹1.41 लाख की रकम को वापस रिकवर करवाया है। इस सफलता के बाद पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि किसी भी साइबर ठगी की शिकायत 1930 पर दर्ज कराएँ और साथ ही साइबर अपराधियों से सतर्क रहने की भी सलाह दी है।1
- मशहूर पटकथा लेखक और गीतकार मनोज तापड़िया गुरुवार को प्रयागराज पहुँचे। नाजरेथ अस्पताल के निदेशक फादर विपिन के निमंत्रण पर, उन्होंने अपनी पहली निर्देशित फिल्म 'भारत भाग्य विधाता' अस्पताल की नर्सिंग छात्राओं के साथ देखी। तापड़िया ने बताया कि यह फिल्म 26/11 मुंबई हमले के दौरान कामा अस्पताल की नर्सों के असाधारण साहस पर आधारित है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि फिल्म की कहानी एक अस्पताल और नर्स के जीवन पर केंद्रित है, जिसमें पूरी फिल्म में अस्पताल के दृश्य दिखाए गए हैं। फिल्म देखते हुए उन्हें ऐसा लगा जैसे यह अपना ही कोई अस्पताल हो, जहाँ नर्सों की सेवा और समर्पण को पूरे देश में दर्शाया गया है। इस अवसर पर, कई नर्सिंग छात्राओं ने फिल्म से जुड़े अपने अनुभवों को साझा किया।1
- कौशाम्बी जिले के मंझनपुर थाना क्षेत्र में हुई लूट की घटना से संबंधित एक और व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। इस गिरफ्तारी के साथ ही मामले में कुछ बरामदगी भी हुई है। इस पूरी जानकारी को क्षेत्राधिकारी मंझनपुर श्री शिवांक सिंह ने अपनी एक वीडियो बाइट के माध्यम से साझा किया है।1
- कौशांबी जिले के संदीपनघाट थाना क्षेत्र स्थित सैंता घाट को अवैध खनन का केंद्र बना दिया गया है। साहू ढाबे के पीछे सैंता घाट पर जेसीबी मशीनों के माध्यम से दिन-रात मिट्टी का अवैध खनन धड़ल्ले से जारी है, जिसके चलते पूरी जमीन खोदी जा रही है। ग्रामीणों का गंभीर आरोप है कि मूरतगंज पुलिस चौकी के एक खास सिपाही की मिलीभगत से यह अवैध कारोबार चल रहा है और इसी कारण पुलिस इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। ग्रामीणों ने इस संबंध में सवाल उठाए हैं कि क्या 7 फीट से अधिक गहरा खनन करने की अनुमति है, और क्या पूरे सैंता घाट से दिन-रात खनन की इजाजत दी गई है। उनका कहना है कि खनन की अनुमति की आड़ में तय सीमा से कई गुना अधिक मिट्टी निकाली जा रही है, जिससे सरकारी राजस्व को लाखों रुपये का नुकसान हो रहा है। अवैध खनन से परेशान ग्रामीणों ने जिलाधिकारी (DM) और खनन अधिकारी से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने मौके पर छापा मारकर सभी जेसीबी मशीनें जब्त करने और अवैध खनन में शामिल माफिया तथा संबंधित पुलिसकर्मी के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने की मांग की है।1
- प्रयागराज के झूसी क्षेत्र में जोनल अधिकारी प्रवीण कुमार यादव के नेतृत्व में अवैध प्लाटिंग के विरुद्ध बड़े पैमाने पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई है। जोन 5/उपजोन 5ए, 5बी व 5सी के अंतर्गत हुए इस अभियान में नगर निगम का बुल्डोजर चलाकर कई बीघा अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया गया। इस कार्रवाई में, मौजा बेरूई, परगना झूसी, तहसील फूलपुर, प्रयागराज में अनिल सिंह, दिलीप सिंह, सौरभ सिंह, अरविन्द कुमार, राजू यादव व अन्य द्वारा की गई 10 बीघा अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त किया गया। इसी मौजा बेरूई में, हाइवे के दक्षिण, परगना झूसी, तहसील फूलपुर, प्रयागराज में राघवेन्द्र सिंह, धर्मेन्द्र कुमार व अन्य की 05 बीघा अवैध प्लाटिंग पर भी कार्रवाई की गई। इसके अतिरिक्त, मौजा चन्दरपुर, बसमहुआ, झूसी प्रयागराज में सत्यम सिंह (निवासी थानापुर), राजकुमार (निवासी रहिमापुर), इरफान, कादी सिंह व अन्य द्वारा की गई 03 बीघा अवैध प्लाटिंग को भी ध्वस्त कर दिया गया।2
- जनपद कौशांबी के चरवा थाना क्षेत्र के सैय्यद सरावां स्थित जीटी रोड किनारे लकड़ी माफियाओं ने स्थानीय चौकी प्रभारी और वन विभाग के फॉरेस्ट गार्ड की कथित मिलीभगत से नीम के आठ हरे पेड़ों को रातों-रात काट दिया। इन कटे हुए पेड़ों की लकड़ी को आरा मशीन पर ले जाया गया है, और आरोप है कि यह घटना स्थानीय अधिकारियों की सांठगांठ से हुई है। रिपोर्ट के अनुसार, सैय्यद सरावां में हरियाली को लगातार सफाचट किया जा रहा है, और यह सब तब हो रहा है जब एक तरफ योगी सरकार वृक्षारोपण के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है। वहीं, दूसरी ओर वन विभाग के फॉरेस्ट गार्ड और स्थानीय पुलिस चौकी इंचार्ज की मिलीभगत से लकड़ी माफिया हरियाली को नष्ट करने में लगे हैं। उच्च अधिकारियों को इन घटनाओं की कानों-कान खबर नहीं लगती, और जब मामला मीडिया में आता है, तो वे अपनी अनभिज्ञता व्यक्त करते हैं। यह सवाल उठाया गया है कि क्या जिले के आलाधिकारी इस मामले का संज्ञान लेकर इन कथित भ्रष्ट कर्मचारियों और चौकी प्रभारी पर कार्रवाई करेंगे, या क्षेत्र की हरियाली इसी तरह नष्ट होती रहेगी और वातावरण का संतुलन बिगड़ता रहेगा।1