गिरिडीह जिले के तिसरी प्रखंड अंतर्गत खरखरी पंचायत के ऐतिहासिक जमामो धाम में शनिवार को वार्षिक आषाढ़ी पूजा के अवसर पर लोकआस्था का महासंगम देखने को मिला। तीन तरफ से ऊंची हरी-भरी पहाड़ियों और एक तरफ बहती नदी के बीच स्थित इस अलौकिक दरबार में बिहार और झारखंड समेत कई राज्यों के हजारों श्रद्धालुओं ने हाजिरी लगाई। जमामो, घनगरिकुरा, शातिदिह, कुंदर, पपीलो, पुरनाडीह, भंडारी, गादी, दोम्हण, पहाड़पुर और बरवाडीह समेत दर्जनों गांवों के करीब दो हजार ग्रामीण पारंपरिक गाजे-बाजे के साथ माता के दरबार पहुंचे और विशेष पूजा-अर्चना की। इस विशेष अवसर पर भक्तों ने माता भगवती की पवित्र पिंडी पर अपनी मन्नत और सामर्थ्य के अनुसार सवा किलो से लेकर सवा क्विंटल तक दूध अर्पित कर भारी दुग्धाभिषेक किया। दूर-दराज से आए श्रद्धालु बर्तनों में भरकर भारी मात्रा में दूध लाए और माता के चरणों में चढ़ाया। इसके साथ ही माता रानी को ताजे फल, मिश्री, नारियल और बताशे का पारंपरिक सात्विक भोग लगाया गया, जिसे बाद में भक्तों के बीच प्रसाद स्वरूप वितरित किया गया। मंडप के भगतिया प्रकाश राय ने धार्मिक परंपराओं की जानकारी देते हुए बताया कि जमामो धाम में सालों भर माता रानी की विधिवत पूजा-अर्चना होती है। आषाढ़ी पूजा का यहां विशेष महत्व है, लेकिन इसके बाद आने वाले भादो महीने में यहां भक्तों का सबसे बड़ा सैलाब उमड़ता है। उस दौरान भारत के कोने-कोने से श्रद्धालु अपनी मन्नतें लेकर माता भगवती के दरबार में शीश नवाने पहुंचते हैं। मानसून की दस्तक के साथ आषाढ़ के इस सुहावने मौसम में प्रकृति की गोद में बसा यह पवित्र स्थल पूरी तरह माता के जयकारों और भक्तिमय माहौल से सराबोर नजर आया।
गिरिडीह जिले के तिसरी प्रखंड अंतर्गत खरखरी पंचायत के ऐतिहासिक जमामो धाम में शनिवार को वार्षिक आषाढ़ी पूजा के अवसर पर लोकआस्था का महासंगम देखने को मिला। तीन तरफ से ऊंची हरी-भरी पहाड़ियों और एक तरफ बहती नदी के बीच स्थित इस अलौकिक दरबार में बिहार और झारखंड समेत कई राज्यों के हजारों श्रद्धालुओं ने हाजिरी लगाई। जमामो, घनगरिकुरा, शातिदिह, कुंदर, पपीलो, पुरनाडीह, भंडारी, गादी, दोम्हण,
पहाड़पुर और बरवाडीह समेत दर्जनों गांवों के करीब दो हजार ग्रामीण पारंपरिक गाजे-बाजे के साथ माता के दरबार पहुंचे और विशेष पूजा-अर्चना की। इस विशेष अवसर पर भक्तों ने माता भगवती की पवित्र पिंडी पर अपनी मन्नत और सामर्थ्य के अनुसार सवा किलो से लेकर सवा क्विंटल तक दूध अर्पित कर भारी दुग्धाभिषेक किया। दूर-दराज से आए श्रद्धालु बर्तनों में भरकर भारी मात्रा में दूध लाए और
माता के चरणों में चढ़ाया। इसके साथ ही माता रानी को ताजे फल, मिश्री, नारियल और बताशे का पारंपरिक सात्विक भोग लगाया गया, जिसे बाद में भक्तों के बीच प्रसाद स्वरूप वितरित किया गया। मंडप के भगतिया प्रकाश राय ने धार्मिक परंपराओं की जानकारी देते हुए बताया कि जमामो धाम में सालों भर माता रानी की विधिवत पूजा-अर्चना होती है। आषाढ़ी पूजा का यहां विशेष महत्व है,
लेकिन इसके बाद आने वाले भादो महीने में यहां भक्तों का सबसे बड़ा सैलाब उमड़ता है। उस दौरान भारत के कोने-कोने से श्रद्धालु अपनी मन्नतें लेकर माता भगवती के दरबार में शीश नवाने पहुंचते हैं। मानसून की दस्तक के साथ आषाढ़ के इस सुहावने मौसम में प्रकृति की गोद में बसा यह पवित्र स्थल पूरी तरह माता के जयकारों और भक्तिमय माहौल से सराबोर नजर आया।
- गिरिडीह जिले के तिसरी प्रखंड अंतर्गत खरखरी पंचायत के ऐतिहासिक जमामो धाम में शनिवार को वार्षिक आषाढ़ी पूजा के अवसर पर लोकआस्था का महासंगम देखने को मिला। तीन तरफ से ऊंची हरी-भरी पहाड़ियों और एक तरफ बहती नदी के बीच स्थित इस अलौकिक दरबार में बिहार और झारखंड समेत कई राज्यों के हजारों श्रद्धालुओं ने हाजिरी लगाई। जमामो, घनगरिकुरा, शातिदिह, कुंदर, पपीलो, पुरनाडीह, भंडारी, गादी, दोम्हण, पहाड़पुर और बरवाडीह समेत दर्जनों गांवों के करीब दो हजार ग्रामीण पारंपरिक गाजे-बाजे के साथ माता के दरबार पहुंचे और विशेष पूजा-अर्चना की। इस विशेष अवसर पर भक्तों ने माता भगवती की पवित्र पिंडी पर अपनी मन्नत और सामर्थ्य के अनुसार सवा किलो से लेकर सवा क्विंटल तक दूध अर्पित कर भारी दुग्धाभिषेक किया। दूर-दराज से आए श्रद्धालु बर्तनों में भरकर भारी मात्रा में दूध लाए और माता के चरणों में चढ़ाया। इसके साथ ही माता रानी को ताजे फल, मिश्री, नारियल और बताशे का पारंपरिक सात्विक भोग लगाया गया, जिसे बाद में भक्तों के बीच प्रसाद स्वरूप वितरित किया गया। मंडप के भगतिया प्रकाश राय ने धार्मिक परंपराओं की जानकारी देते हुए बताया कि जमामो धाम में सालों भर माता रानी की विधिवत पूजा-अर्चना होती है। आषाढ़ी पूजा का यहां विशेष महत्व है, लेकिन इसके बाद आने वाले भादो महीने में यहां भक्तों का सबसे बड़ा सैलाब उमड़ता है। उस दौरान भारत के कोने-कोने से श्रद्धालु अपनी मन्नतें लेकर माता भगवती के दरबार में शीश नवाने पहुंचते हैं। मानसून की दस्तक के साथ आषाढ़ के इस सुहावने मौसम में प्रकृति की गोद में बसा यह पवित्र स्थल पूरी तरह माता के जयकारों और भक्तिमय माहौल से सराबोर नजर आया।4
- कोडरमा के जीवन ज्योति अस्पताल मामले में एक नया मोड़ सामने आया है। अस्पताल से जुड़ी घटना को लेकर महिला के पति ने अपना आधिकारिक बयान जारी किया है। पति ने स्पष्ट किया है कि उन्हें थाना में आवेदन देने के लिए बहकाया गया था। उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि पूरे गांव की ओर से और उनकी स्वयं की ओर से भी अस्पताल या डॉक्टर के खिलाफ कोई शिकायत नहीं है।1
- जमुई जिले के चकाई मुख्य चौक पर लंबे समय से बनी जलजमाव की गंभीर समस्या के स्थायी समाधान के लिए प्रशासन ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। इसी कड़ी में शनिवार को एनएच डिवीजन लखीसराय–मुंगेर की एक उच्चस्तरीय टीम ने चकाई मुख्य चौक का स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों की इस टीम ने मौके पर जाकर नाले की गहराई, जल निकासी व्यवस्था और पूरे ड्रेनेज सिस्टम का बारीकी से जायजा लिया। इस निरीक्षण दल में कार्यपालक अभियंता रंजीत कुमार, सहायक अभियंता रामप्रवेश चौधरी और कनीय अभियंता सीता कुमारी शामिल थे। इन अधिकारियों ने मौके पर मौजूद स्थानीय दुकानदारों और आम लोगों से भी सीधा संवाद किया और इस जलजमाव के कारण उन्हें होने वाली विभिन्न समस्याओं को सुना। एनएच विभाग के अधिकारियों ने स्थानीय जनता और दुकानदारों को भरोसा दिलाया है कि आगामी श्रावणी मेला शुरू होने से पहले ही इस जलजमाव की समस्या का स्थायी समाधान ढूंढने का हरसंभव प्रयास किया जाएगा। विभाग का मुख्य उद्देश्य है कि देवघर जाने वाले कांवरियों और यहां के स्थानीय नागरिकों को आने वाले समय में किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।1
- जनता दल (यूनाइटेड) के प्रदेश उपाध्यक्ष बनने के बाद पूर्व मंत्री एवं पूर्व विधायक सुमित कुमार सिंह पहली बार जमुई जिले के सोनो पहुंचे। इस अवसर पर सोनो चौक स्थित दुर्गा मंदिर के समीप जदयू कार्यकर्ताओं ने फूल-मालाओं से उनका भव्य स्वागत किया और उन्हें इस नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं। अपने संबोधन में सुमित कुमार सिंह ने पार्टी नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त करते हुए पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ अपने दायित्व को निभाने का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करना, कार्यकर्ताओं का सम्मान सुनिश्चित करना और जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। इस कार्यक्रम में जदयू सोनो प्रखंड अध्यक्ष प्रकाश मंडल, संतोष कुमार दास, चंद्रशेखर सिंह, प्रभु राम, मनोहर विश्वकर्मा, संतोष भगत, राजेंद्र दास, बैजन्ती देवी सहित बड़ी संख्या में पार्टी के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- जमुई में खेल एवं उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह ने एक बड़ा संदेश दिया है। उन्होंने कहा है कि बड़े लक्ष्य को हासिल करने के लिए त्याग, अनुशासन और मेहनत बेहद जरूरी है।1
- बिहार के सिमुलतला आवासीय विद्यालय में बड़े बदलाव की तैयारी की जा रही है। इस संबंध में डीएम की बैठक में विद्यालय की शिक्षा, सुरक्षा और छात्र हित को ध्यान में रखते हुए कई अहम फैसले लिए गए हैं।2
- जमुई में गाय चराने गई एक 40 वर्षीय महिला से दुष्कर्म का आरोप लगा है। वारदात के दौरान विरोध करने पर पीड़ित महिला घायल हो गई। इस मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है और आरोपी की तलाश जारी है।1