चकिया में वामपंथी दलों का प्रदर्शन, मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बर्खास्त करने की मांग चकिया में वामपंथी दलों का प्रदर्शन, मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बर्खास्त करने की मांग सीपीएम और सीपीआई कार्यकर्ताओं ने नगर में निकाला जुलूस, राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा चकिया, चंदौली। चकिया नगर पंचायत में सीपीएम, सीपीआई सहित वामपंथी दलों के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न मांगों को लेकर जुलूस निकाला। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को बर्खास्त करने और उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग को लेकर नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर के नाम पर मतदाताओं के नाम काटे जाने का आरोप लगाते हुए इसे रोकने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने “वोट चोर गद्दी छोड़”, “एसआईआर के नाम पर वोट काटना बंद करो” और “संविधान व लोकतंत्र की रक्षा करो” जैसे नारे लगाए। उनका कहना था कि मतदाता सूची से नाम हटाए जाने की प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए। प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन राष्ट्रपति को संबोधित करते हुए उपजिलाधिकारी चकिया को तहसील परिसर में सौंपा। ज्ञापन में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करने तथा मतदाता सूची से कथित तौर पर हटाए गए नामों को दर्ज किए जाने की मांग की गई। एसआईआर को लेकर उठाए सवाल वामपंथी दलों के नेताओं ने एसआईआर प्रक्रिया को लेकर आपत्तियां दर्ज कराईं। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि बड़ी संख्या में लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं और इस संबंध में उन्होंने 13 करोड़ नाम काटे जाने का आरोप लगाया। हालांकि, यह आंकड़ा प्रदर्शनकारियों द्वारा किया गया दावा है; निर्वाचन आयोग की आधिकारिक जानकारी में उत्तर प्रदेश की SIR प्रक्रिया के बाद अप्रैल 2026 में प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची में 13.39 करोड़ मतदाता शामिल होने की बात कही गई है। निर्वाचन आयोग के अनुसार SIR का उद्देश्य पात्र मतदाता को सूची से बाहर न रखना और अपात्र व्यक्ति को मतदाता सूची में शामिल होने से रोकना है। आयोग ने मतदाताओं को नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन के लिए निर्धारित प्रपत्रों के माध्यम से प्रक्रिया उपलब्ध होने की भी जानकारी दी है। आगे आंदोलन की चेतावनी प्रदर्शन में शामिल नेताओं ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर इंडिया गठबंधन के साथ मिलकर आगे भी आंदोलन किया जाएगा। कार्यक्रम में सीपीएम के शंभूनाथ सिंह, परमानंद मौर्य, लालचंद एडवोकेट, लालमणि विश्वकर्मा, राजेंद्र यादव, रामनिवास पांडेय, जयनाथ, चौथीराम, महानंद राजभर सहित अन्य नेता मौजूद रहे। वहीं सीपीआई की ओर से शिवमूरत राम, किस्मत यादव, बबलू राम सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। आयोजकों के अनुसार प्रदर्शन में सैकड़ों लोग शामिल हुए।
चकिया में वामपंथी दलों का प्रदर्शन, मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बर्खास्त करने की मांग चकिया में वामपंथी दलों का प्रदर्शन, मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बर्खास्त करने की मांग सीपीएम और सीपीआई कार्यकर्ताओं ने नगर में निकाला जुलूस, राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा चकिया, चंदौली। चकिया नगर पंचायत में सीपीएम, सीपीआई सहित वामपंथी दलों के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न मांगों को लेकर जुलूस निकाला। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को बर्खास्त करने और उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग को लेकर नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर के नाम पर मतदाताओं के नाम काटे जाने का आरोप लगाते हुए इसे रोकने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने “वोट चोर गद्दी छोड़”, “एसआईआर के नाम पर वोट काटना बंद करो” और “संविधान व लोकतंत्र की रक्षा करो” जैसे नारे लगाए। उनका कहना था कि मतदाता सूची से नाम हटाए जाने की प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए। प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन राष्ट्रपति को संबोधित करते हुए उपजिलाधिकारी चकिया को तहसील परिसर में सौंपा। ज्ञापन में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करने तथा मतदाता सूची से कथित तौर पर हटाए गए नामों को दर्ज किए जाने की मांग की गई। एसआईआर को लेकर उठाए सवाल वामपंथी दलों के नेताओं ने एसआईआर प्रक्रिया को लेकर आपत्तियां दर्ज कराईं। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि बड़ी संख्या में लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं और इस संबंध में उन्होंने 13 करोड़ नाम काटे जाने का आरोप लगाया। हालांकि, यह आंकड़ा प्रदर्शनकारियों द्वारा किया गया दावा है; निर्वाचन आयोग की आधिकारिक जानकारी में उत्तर प्रदेश की SIR प्रक्रिया के बाद अप्रैल 2026 में प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची में 13.39 करोड़ मतदाता शामिल होने की बात कही गई है। निर्वाचन आयोग के अनुसार SIR का उद्देश्य पात्र मतदाता को सूची से बाहर न रखना और अपात्र व्यक्ति को मतदाता सूची में शामिल होने से रोकना है। आयोग ने मतदाताओं को नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन के लिए निर्धारित प्रपत्रों के माध्यम से प्रक्रिया उपलब्ध होने की भी जानकारी दी है। आगे आंदोलन की चेतावनी प्रदर्शन में शामिल नेताओं ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर इंडिया गठबंधन के साथ मिलकर आगे भी आंदोलन किया जाएगा। कार्यक्रम में सीपीएम के शंभूनाथ सिंह, परमानंद मौर्य, लालचंद एडवोकेट, लालमणि विश्वकर्मा, राजेंद्र यादव, रामनिवास पांडेय, जयनाथ, चौथीराम, महानंद राजभर सहित अन्य नेता मौजूद रहे। वहीं सीपीआई की ओर से शिवमूरत राम, किस्मत यादव, बबलू राम सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। आयोजकों के अनुसार प्रदर्शन में सैकड़ों लोग शामिल हुए।
- चकिया में वामपंथी दलों का प्रदर्शन, मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बर्खास्त करने की मांग चकिया में वामपंथी दलों का प्रदर्शन, मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बर्खास्त करने की मांग सीपीएम और सीपीआई कार्यकर्ताओं ने नगर में निकाला जुलूस, राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा चकिया, चंदौली। चकिया नगर पंचायत में सीपीएम, सीपीआई सहित वामपंथी दलों के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न मांगों को लेकर जुलूस निकाला। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को बर्खास्त करने और उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग को लेकर नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर के नाम पर मतदाताओं के नाम काटे जाने का आरोप लगाते हुए इसे रोकने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने “वोट चोर गद्दी छोड़”, “एसआईआर के नाम पर वोट काटना बंद करो” और “संविधान व लोकतंत्र की रक्षा करो” जैसे नारे लगाए। उनका कहना था कि मतदाता सूची से नाम हटाए जाने की प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए। प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन राष्ट्रपति को संबोधित करते हुए उपजिलाधिकारी चकिया को तहसील परिसर में सौंपा। ज्ञापन में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करने तथा मतदाता सूची से कथित तौर पर हटाए गए नामों को दर्ज किए जाने की मांग की गई। एसआईआर को लेकर उठाए सवाल वामपंथी दलों के नेताओं ने एसआईआर प्रक्रिया को लेकर आपत्तियां दर्ज कराईं। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि बड़ी संख्या में लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं और इस संबंध में उन्होंने 13 करोड़ नाम काटे जाने का आरोप लगाया। हालांकि, यह आंकड़ा प्रदर्शनकारियों द्वारा किया गया दावा है; निर्वाचन आयोग की आधिकारिक जानकारी में उत्तर प्रदेश की SIR प्रक्रिया के बाद अप्रैल 2026 में प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची में 13.39 करोड़ मतदाता शामिल होने की बात कही गई है। निर्वाचन आयोग के अनुसार SIR का उद्देश्य पात्र मतदाता को सूची से बाहर न रखना और अपात्र व्यक्ति को मतदाता सूची में शामिल होने से रोकना है। आयोग ने मतदाताओं को नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन के लिए निर्धारित प्रपत्रों के माध्यम से प्रक्रिया उपलब्ध होने की भी जानकारी दी है। आगे आंदोलन की चेतावनी प्रदर्शन में शामिल नेताओं ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर इंडिया गठबंधन के साथ मिलकर आगे भी आंदोलन किया जाएगा। कार्यक्रम में सीपीएम के शंभूनाथ सिंह, परमानंद मौर्य, लालचंद एडवोकेट, लालमणि विश्वकर्मा, राजेंद्र यादव, रामनिवास पांडेय, जयनाथ, चौथीराम, महानंद राजभर सहित अन्य नेता मौजूद रहे। वहीं सीपीआई की ओर से शिवमूरत राम, किस्मत यादव, बबलू राम सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। आयोजकों के अनुसार प्रदर्शन में सैकड़ों लोग शामिल हुए।1
- *जनपद चंदौली के चकिया में गांधी जयंती पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि* *चकिया, चंदौली।* राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर आज 2 अक्टूबर को चकिया गांधी पार्क तिराहे पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान विधायक कैलाश आचार्य एवं उपजिलाधिकारी ने महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा, स्वच्छता और सेवा के विचारों को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।1
- Ek sutta Do Chai Gyanu BABU by by by by #gyaneshkumar #eci1
- GRP DDU को मिली बड़ी सफलता.. सम्पूर्ण क्रांति से बरामद हुए 43 लाख नकदी... GRP DDU को मिली बड़ी सफलता.. सम्पूर्ण क्रांति से बरामद हुए 43 लाख नकदी...1
- चंदौली के गौसपुर गांव 2अक्टूबर को किसानों ने महात्मा गांधी व लाल बहादुर शास्त्री की जयंती धूमधाम से मनाई गई किसान नेता दीनानाथ श्रीवास्तव1
- 24 घंटे से लावारिस खड़ी थी यूपी नंबर की बाइक, पुलिस ने किया जब्त मोहनिया शहर:-स्थानीय थाना क्षेत्र के मामादेव गांव जाने वाले रास्ते पर करीब 24 घंटे से लावारिस हालत में खड़ी एक बाइक को पुलिस ने बरामद किया है.बताया जाता है कि रास्ते से गुजर रहे लोगों की नजर सड़क किनारे खड़ी यूपी नंबर की डिस्कवर बाइक पर पड़ी। बाइक काफी देर से उसी स्थान पर खड़ी थी और आसपास कोई व्यक्ति मौजूद नहीं था। स्थानीय लोगों के अनुसार, करीब 24 घंटे तक बाइक के लावारिस हालत में खड़े रहने के बाद इसकी सूचना पुलिस को दी गई.सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और बाइक को अपने कब्जे में लेकर थाने ले गई। पुलिस बाइक के नंबर के आधार पर उसके मालिक की पहचान करने के साथ ही यह पता लगाने में जुटी है कि बाइक वहां किस परिस्थिति में पहुंच. फोटो :-जब्त बाइक k1
- कलम के तेज धार से - अयोध्या धाम 150 साथियों संग रामलला के दर पर पहुंचे जन-जन के बाबा गोरखनाथ, कहा- वादा निभाना ही मेरी पहचान अयोध्या। राजनीति में वादा तो कई करते हैं, पर निभाते बाबा गोरखनाथ हैं। भाजपा के पूर्व विधायक और मिल्कीपुर के लोकप्रिय नेता बाबा गोरखनाथ आज अपने 150 समर्पित साथियों के साथ रामलला के दरबार में हाजिर हुए। गाजे-बाजे, जय श्रीराम के उद्घोष के साथ जब बाबा का काफिला राम मंदिर पहुंचा तो पूरा परिसर राममय हो गया। 35 दिन, 5 स्टेशन, एक सेनापति - बाबा ने बताया 2024 में 35 दिन तक चले आस्था ट्रेन महाअभियान में संगठन ने उन्हें 5 अलग-अलग स्टेशनों से हजारों श्रद्धालुओं को टेंट सिटी लाने-ले जाने की बड़ी जिम्मेदारी दी थी। उस कठिन घड़ी में यही 150 साथी दिन-रात कंधे से कंधा मिलाकर खड़े रहे। तभी वादा किया था एक दिन सब साथ चलेंगे, रामलला के दर्शन करेंगे। आज वो वादा पूरा हुआ। बाबा के बोल दिल से चुनाव पर पूछे सवाल पर बाबा ने अपनी ठेठ अंदाज में कहा "भगवान के दर्शन करे जाइत हन, लड़ैक तो मन हइये बाय, ओहे लड़ा जाय।" कार्यकर्ताओं के जोश पर कहा "जिसकी मस्ती जिंदा है, उसकी हस्ती जिंदा है" मेरे कार्यकर्ता मेरी ताकत हैं, मस्ती और सेवा दोनों जिंदा है। रामलला से बस यही मांगा जो प्यार जनता दे रही है, बना रहे। जनता निरोग रहे, खुशहाल रहे, आनंदमय जीवन जिए। संदेश साफ है - बाबा सत्ता के लिए नहीं, साथ निभाने के लिए राजनीति करते हैं। तभी तो 150 साथी आज भी एक आवाज पर साथ हैं।4
- ज्ञानु का नहीं तो नंदू का इस्तीफा हो सकता है BRO #gyaneshkumar #eci #dipke #awaazebharat1