logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

आमदई माइंस के पास खड़े ट्रक में अचानक लगी भीषण आग, चालक और हेल्पर ने भागकर बचाई जान नारायणपुर जिले के छोटे डोंगर स्थित आमदई माइंस क्षेत्र में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब मुख्य सड़क पर खड़े एक ट्रक में अचानक भीषण आग लग गई। ट्रक के अंदर सो रहे चालक और हेल्पर गर्मी महसूस होने पर किसी तरह वाहन से बाहर निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रहे। हालांकि घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो गया। जानकारी के अनुसार, आमदई माइंस के समीप मुख्य सड़क पर एक ट्रक वाहन खड़ा हुआ था। उस दौरान वाहन चालक और हेल्पर ट्रक के अंदर सो रहे थे। बताया जा रहा है कि आग लगने से कुछ समय पहले ट्रक का हार्न लगातार और अचानक बजने लगा था। इसी दौरान अचानक ट्रक में भीषण आग भड़क उठी। आग से उत्पन्न तेज गर्मी और धुएं के कारण चालक एवं हेल्पर की नींद खुल गई। दोनों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल ट्रक से बाहर निकलकर भागते हुए अपनी जान बचाई। घटनास्थल के आसपास अन्य वाहन भी खड़े हुए थे। आग की तेज लपटें दूसरे वाहनों तक पहुंच सकती थीं, जिससे बड़ा हादसा होने की आशंका थी। लेकिन वहां मौजूद अन्य वाहन चालकों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए आग को फैलने से रोकने का प्रयास किया। बताया जा रहा है कि सड़क पर पानी का छिड़काव करने वाले वाहन से पानी लेकर आग बुझाने का प्रयास किया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो चुका था। गनीमत रही कि इस भीषण अग्निकांड में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। चालक और हेल्पर समय रहते ट्रक से बाहर निकल गए, वहीं अन्य वाहन चालकों की सतर्कता और सूझबूझ के कारण आग आसपास खड़े दूसरे वाहनों तक नहीं पहुंच सकी। हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाया जाना बाकी है।

1 hr ago
user_AKASH singh thakur
AKASH singh thakur
Narayanpur, Chhattisgarh•
1 hr ago

आमदई माइंस के पास खड़े ट्रक में अचानक लगी भीषण आग, चालक और हेल्पर ने भागकर बचाई जान नारायणपुर जिले के छोटे डोंगर स्थित आमदई माइंस क्षेत्र में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब मुख्य सड़क पर खड़े एक ट्रक में अचानक भीषण आग लग गई। ट्रक के अंदर सो रहे चालक और हेल्पर गर्मी महसूस होने पर किसी तरह वाहन से बाहर निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रहे। हालांकि घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो गया। जानकारी के अनुसार, आमदई माइंस के समीप मुख्य सड़क पर एक ट्रक वाहन खड़ा हुआ था। उस दौरान वाहन चालक और हेल्पर ट्रक के अंदर सो रहे थे। बताया जा रहा है कि आग लगने से कुछ समय पहले ट्रक का हार्न लगातार और अचानक बजने लगा था। इसी दौरान अचानक ट्रक में भीषण आग भड़क उठी। आग से उत्पन्न तेज गर्मी और धुएं के कारण चालक एवं हेल्पर की नींद खुल गई। दोनों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल ट्रक से बाहर निकलकर भागते हुए अपनी जान बचाई। घटनास्थल के आसपास अन्य वाहन भी खड़े हुए थे। आग की तेज लपटें दूसरे वाहनों तक पहुंच सकती थीं, जिससे बड़ा हादसा होने की आशंका थी। लेकिन वहां मौजूद अन्य वाहन चालकों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए आग को फैलने से रोकने का प्रयास किया। बताया जा रहा है कि सड़क पर पानी का छिड़काव करने वाले वाहन से पानी लेकर आग बुझाने का प्रयास किया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो चुका था। गनीमत रही कि इस भीषण अग्निकांड में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। चालक और हेल्पर समय रहते ट्रक से बाहर निकल गए, वहीं अन्य वाहन चालकों की सतर्कता और सूझबूझ के कारण आग आसपास खड़े दूसरे वाहनों तक नहीं पहुंच सकी। हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाया जाना बाकी है।

More news from Chhattisgarh and nearby areas
  • आमदई माइंस के पास खड़े ट्रक में अचानक लगी भीषण आग, चालक और हेल्पर ने भागकर बचाई जान नारायणपुर जिले के छोटे डोंगर स्थित आमदई माइंस क्षेत्र में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब मुख्य सड़क पर खड़े एक ट्रक में अचानक भीषण आग लग गई। ट्रक के अंदर सो रहे चालक और हेल्पर गर्मी महसूस होने पर किसी तरह वाहन से बाहर निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रहे। हालांकि घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो गया। जानकारी के अनुसार, आमदई माइंस के समीप मुख्य सड़क पर एक ट्रक वाहन खड़ा हुआ था। उस दौरान वाहन चालक और हेल्पर ट्रक के अंदर सो रहे थे। बताया जा रहा है कि आग लगने से कुछ समय पहले ट्रक का हार्न लगातार और अचानक बजने लगा था। इसी दौरान अचानक ट्रक में भीषण आग भड़क उठी। आग से उत्पन्न तेज गर्मी और धुएं के कारण चालक एवं हेल्पर की नींद खुल गई। दोनों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल ट्रक से बाहर निकलकर भागते हुए अपनी जान बचाई। घटनास्थल के आसपास अन्य वाहन भी खड़े हुए थे। आग की तेज लपटें दूसरे वाहनों तक पहुंच सकती थीं, जिससे बड़ा हादसा होने की आशंका थी। लेकिन वहां मौजूद अन्य वाहन चालकों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए आग को फैलने से रोकने का प्रयास किया। बताया जा रहा है कि सड़क पर पानी का छिड़काव करने वाले वाहन से पानी लेकर आग बुझाने का प्रयास किया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो चुका था। गनीमत रही कि इस भीषण अग्निकांड में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। चालक और हेल्पर समय रहते ट्रक से बाहर निकल गए, वहीं अन्य वाहन चालकों की सतर्कता और सूझबूझ के कारण आग आसपास खड़े दूसरे वाहनों तक नहीं पहुंच सकी। हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाया जाना बाकी है।
    1
    आमदई माइंस के पास खड़े ट्रक में अचानक लगी भीषण आग, चालक और हेल्पर ने भागकर बचाई जान
नारायणपुर जिले के छोटे डोंगर स्थित आमदई माइंस क्षेत्र में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब मुख्य सड़क पर खड़े एक ट्रक में अचानक भीषण आग लग गई। ट्रक के अंदर सो रहे चालक और हेल्पर गर्मी महसूस होने पर किसी तरह वाहन से बाहर निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रहे। हालांकि घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो गया।
जानकारी के अनुसार, आमदई माइंस के समीप मुख्य सड़क पर एक ट्रक वाहन खड़ा हुआ था। उस दौरान वाहन चालक और हेल्पर ट्रक के अंदर सो रहे थे। बताया जा रहा है कि आग लगने से कुछ समय पहले ट्रक का हार्न लगातार और अचानक बजने लगा था।
इसी दौरान अचानक ट्रक में भीषण आग भड़क उठी। आग से उत्पन्न तेज गर्मी और धुएं के कारण चालक एवं हेल्पर की नींद खुल गई। दोनों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल ट्रक से बाहर निकलकर भागते हुए अपनी जान बचाई।
घटनास्थल के आसपास अन्य वाहन भी खड़े हुए थे। आग की तेज लपटें दूसरे वाहनों तक पहुंच सकती थीं, जिससे बड़ा हादसा होने की आशंका थी। लेकिन वहां मौजूद अन्य वाहन चालकों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए आग को फैलने से रोकने का प्रयास किया।
बताया जा रहा है कि सड़क पर पानी का छिड़काव करने वाले वाहन से पानी लेकर आग बुझाने का प्रयास किया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो चुका था।
गनीमत रही कि इस भीषण अग्निकांड में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। चालक और हेल्पर समय रहते ट्रक से बाहर निकल गए, वहीं अन्य वाहन चालकों की सतर्कता और सूझबूझ के कारण आग आसपास खड़े दूसरे वाहनों तक नहीं पहुंच सकी। हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाया जाना बाकी है।
    user_AKASH singh thakur
    AKASH singh thakur
    Narayanpur, Chhattisgarh•
    1 hr ago
  • नारायणपुर: सड़क किनारे खड़े मालवाहक वाहनों में लगी भीषण आग नारायणपुर में सड़क किनारे खड़े कई मालवाहक ट्रकों में आग लगने का वीडियो सामने आया है। वीडियो में ट्रकों से उठता धुआं और आग की तेज लपटें साफ दिखाई दे रही हैं। आग की चपेट में आए वाहनों को काफी नुकसान पहुंचा है। वीडियो में मौके पर मौजूद लोगों और घटनास्थल के दृश्य भी दिखाई दे रहे हैं। आग लगने का कारण और नुकसान का विस्तृत विवरण फिलहाल स्पष्ट नहीं है। मामले की जानकारी जुटाई जा रही है।
    1
    नारायणपुर: सड़क किनारे खड़े मालवाहक वाहनों में लगी भीषण आग
नारायणपुर में सड़क किनारे खड़े कई मालवाहक ट्रकों में आग लगने का वीडियो सामने आया है। वीडियो में ट्रकों से उठता धुआं और आग की तेज लपटें साफ दिखाई दे रही हैं। आग की चपेट में आए वाहनों को काफी नुकसान पहुंचा है।
वीडियो में मौके पर मौजूद लोगों और घटनास्थल के दृश्य भी दिखाई दे रहे हैं। आग लगने का कारण और नुकसान का विस्तृत विवरण फिलहाल स्पष्ट नहीं है। मामले की जानकारी जुटाई जा रही है।
    user_Atul Netam
    Atul Netam
    Local News Reporter फारसगाँव, नारायणपुर, छत्तीसगढ़•
    16 hrs ago
  • नायब तहसीलदार निधि एस. नेताम का निधन, प्रशासनिक अमले में शोक की लहर नायब तहसीलदार निधि एस. नेताम का निधन, प्रशासनिक अमले में शोक की लहर _धनोरा में भी श्रद्धांजलि दी गई कोंडागांव :- जिले के धनोरा तहसील में नायब तहसीलदार के पद पर पदस्थ सुश्री निधि एस. नेताम का बीती रात रायपुर के अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हो गया। उनके निधन की खबर से प्रशासनिक अमले सहित धनोरा और फरसगांव क्षेत्र में शोक की लहर है। जानकारी के अनुसार, निधि एस. नेताम पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ थीं और उनका रायपुर में उपचार चल रहा था। हाल ही में स्थानांतरण के बाद उन्होंने धनोरा तहसील में नायब तहसीलदार के रूप में कार्यभार संभाला था। इससे पहले वे फरसगांव तहसील में करीब ढाई वर्ष तक सेवाएं दे चुकी थीं। फरसगांव उनकी पहली पदस्थापना थी। उनके निधन के बाद धनोरा में व्यापारियों, अधिकारी-कर्मचारियों और जनप्रतिनिधियों ने शोकसभा आयोजित कर श्रद्धांजलि दी। उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की तथा शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। इस दौरान लोगों ने कहा कि निधि एस. नेताम के असामयिक निधन से क्षेत्र ने एक संवेदनशील, कर्तव्यनिष्ठ और मिलनसार अधिकारी को खो दिया है। उनका निधन प्रशासनिक क्षेत्र के साथ-साथ स्थानीय लोगों के लिए भी अपूरणीय क्षति है। उनका अंतिम संस्कार मंगलवार को उनके गृह ग्राम कन्हानपुर, तहसील सरोना, जिला कांकेर में किया गया। धनोरा के नायब तहसीलदार नेताम मैडम के आकस्मिक निधन पर ग्राम धनोरा के व्यापारीगण कर्मचारी अधिकारी गण एवं जनप्रतिनिधियों ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए शोक सभा का आयोजन किया गया और भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई.
    2
    नायब तहसीलदार निधि एस. नेताम का निधन, प्रशासनिक अमले में शोक की लहर

नायब तहसीलदार निधि एस. नेताम का निधन, प्रशासनिक अमले में शोक की लहर
_धनोरा में भी श्रद्धांजलि दी गई 
कोंडागांव :- जिले के धनोरा तहसील में नायब तहसीलदार के पद पर पदस्थ सुश्री निधि एस. नेताम का बीती रात रायपुर के अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हो गया। उनके निधन की खबर से प्रशासनिक अमले सहित धनोरा और फरसगांव क्षेत्र में शोक की लहर है।
जानकारी के अनुसार, निधि एस. नेताम पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ थीं और उनका रायपुर में उपचार चल रहा था। हाल ही में स्थानांतरण के बाद उन्होंने धनोरा तहसील में नायब तहसीलदार के रूप में कार्यभार संभाला था। इससे पहले वे फरसगांव तहसील में करीब ढाई वर्ष तक सेवाएं दे चुकी थीं। फरसगांव उनकी पहली पदस्थापना थी।
उनके निधन के बाद धनोरा में व्यापारियों, अधिकारी-कर्मचारियों और जनप्रतिनिधियों ने शोकसभा आयोजित कर श्रद्धांजलि दी। उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की तथा शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।
इस दौरान लोगों ने कहा कि निधि एस. नेताम के असामयिक निधन से क्षेत्र ने एक संवेदनशील, कर्तव्यनिष्ठ और मिलनसार अधिकारी को खो दिया है। उनका निधन प्रशासनिक क्षेत्र के साथ-साथ स्थानीय लोगों के लिए भी अपूरणीय क्षति है। उनका अंतिम संस्कार मंगलवार को उनके गृह ग्राम कन्हानपुर, तहसील सरोना, जिला कांकेर में किया गया।
धनोरा के नायब तहसीलदार नेताम मैडम के आकस्मिक निधन पर ग्राम धनोरा के व्यापारीगण कर्मचारी अधिकारी गण एवं जनप्रतिनिधियों ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए शोक सभा का आयोजन किया गया और भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई.
    user_रामकुमार भारद्वाज
    रामकुमार भारद्वाज
    कोंडागाँव, कोंडागांव, छत्तीसगढ़•
    10 hrs ago
  • कोंडागांव: अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस पर विधिक जागरूकता शिविर, विद्यार्थियों को बताए कानूनी अधिकार और कर्तव्य कोंडागांव के शासकीय हाई स्कूल कोकोड़ी में अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। विद्यार्थियों को बाल अधिकार, पॉक्सो अधिनियम, बाल विवाह प्रतिषेध कानून, साइबर अपराध और निःशुल्क विधिक सहायता सहित महत्वपूर्ण कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। साथ ही साइबर अपराध से बचाव और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के लिए जागरूक किया गया।
    1
    कोंडागांव: अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस पर विधिक जागरूकता शिविर, विद्यार्थियों को बताए कानूनी अधिकार और कर्तव्य
कोंडागांव के शासकीय हाई स्कूल कोकोड़ी में अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। विद्यार्थियों को बाल अधिकार, पॉक्सो अधिनियम, बाल विवाह प्रतिषेध कानून, साइबर अपराध और निःशुल्क विधिक सहायता सहित महत्वपूर्ण कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। साथ ही साइबर अपराध से बचाव और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के लिए जागरूक किया गया।
    user_Tomesh Rana
    Tomesh Rana
    Local News Reporter फरसगाँव, कोंडागांव, छत्तीसगढ़•
    12 hrs ago
  • ग्राम चिलपरस में काकन नाला के पास सड़क हादसे में युवक की मौत,जांच में जुटी पुलिस 8 सितम्बर शाम 6 बजे मिली जानकारी अनुसार,जिले के कोयलीबेड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम चिलपरस में, काकन नाला के पास सड़क हादसे में 21 वर्षीय तमेश्वर मंडावी की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार घटना 6 सितंबर को हुई, पुलिस ने मर्ग कायम कर विवेचना में लिया। मृतक तमेश्वर मंडावी के सड़क दुर्घटना में घायल होने के बाद मौत होने की रिपोर्ट पर पुलिस ने मर्ग कायम कर विवेचना में लिया।
    1
    ग्राम चिलपरस में काकन नाला के पास सड़क हादसे में युवक की मौत,जांच में जुटी पुलिस
8 सितम्बर शाम 6 बजे मिली जानकारी अनुसार,जिले के कोयलीबेड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम चिलपरस में, काकन नाला के पास सड़क हादसे में 21 वर्षीय तमेश्वर मंडावी की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार घटना 6 सितंबर को हुई, पुलिस ने मर्ग कायम कर विवेचना में लिया। मृतक तमेश्वर मंडावी के सड़क दुर्घटना में घायल होने के बाद मौत होने की रिपोर्ट पर पुलिस ने मर्ग कायम कर विवेचना में लिया।
    user_Ashish parihar
    Ashish parihar
    कांकेर, कांकेर, छत्तीसगढ़•
    11 hrs ago
  • खड़का जलहूर में जंगल पर कब्जे का आरोप, काट डाले अनगिनत पेड़ विभाग को जानकारी तक नहीं, वन क्षेत्र में लगातार नुकसान को लेकर उठे सवाल भानुप्रतापपुर। खड़का जलहूर क्षेत्र में जंगल की जमीन पर कथित कब्जे और बड़ी संख्या में पेड़ों की कटाई का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि ग्रामीणों द्वारा वन क्षेत्र के एक हिस्से में कथित रूप से कब्जा कर वहां मौजूद कई पेड़ों को काट दिया गया। इस मामले में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि इतने बड़े स्तर पर पेड़ों की कटाई और जंगल की जमीन पर कथित कब्जे के बावजूद संबंधित विभाग को इसकी जानकारी क्यों नहीं हो सकी। स्थानीय स्तर पर सामने आई जानकारी के अनुसार, जंगल के एक हिस्से को साफ करने के लिए अनगिनत पेड़ों की कटाई की गई है। पेड़ों की कटाई से वन क्षेत्र को नुकसान पहुंचने के साथ पर्यावरण संरक्षण को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। वहीं, संबंधित विभाग की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं। यदि वन क्षेत्र में लंबे समय से पेड़ों की कटाई और जमीन पर कब्जे की गतिविधियां चल रही थीं, तो विभागीय अमले को इसकी जानकारी समय रहते क्यों नहीं मिली? क्या क्षेत्र में नियमित गश्त और निगरानी की जा रही थी, यह भी जांच का विषय है। मामले को लेकर स्थानीय लोगों ने प्रशासन और वन विभाग से मौके का निरीक्षण कर जमीन की स्थिति, पेड़ों की कटाई तथा कथित कब्जे की जांच कराने की मांग की है। साथ ही दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग भी उठ रही है। अब देखना होगा कि शिकायत अथवा मामला सामने आने के बाद वन विभाग और प्रशासन मौके पर पहुंचकर क्या कार्रवाई करता है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि जंगल की जमीन पर कब्जा और पेड़ों की कटाई किस स्तर पर हुई तथा इसके लिए कौन जिम्मेदार है।
    3
    खड़का जलहूर में जंगल पर कब्जे का आरोप, काट डाले अनगिनत पेड़

विभाग को जानकारी तक नहीं, वन क्षेत्र में लगातार नुकसान को लेकर उठे सवाल
भानुप्रतापपुर। खड़का जलहूर क्षेत्र में जंगल की जमीन पर कथित कब्जे और बड़ी संख्या में पेड़ों की कटाई का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि ग्रामीणों द्वारा वन क्षेत्र के एक हिस्से में कथित रूप से कब्जा कर वहां मौजूद कई पेड़ों को काट दिया गया। इस मामले में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि इतने बड़े स्तर पर पेड़ों की कटाई और जंगल की जमीन पर कथित कब्जे के बावजूद संबंधित विभाग को इसकी जानकारी क्यों नहीं हो सकी।
स्थानीय स्तर पर सामने आई जानकारी के अनुसार, जंगल के एक हिस्से को साफ करने के लिए अनगिनत पेड़ों की कटाई की गई है। पेड़ों की कटाई से वन क्षेत्र को नुकसान पहुंचने के साथ पर्यावरण संरक्षण को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
वहीं, संबंधित विभाग की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं। यदि वन क्षेत्र में लंबे समय से पेड़ों की कटाई और जमीन पर कब्जे की गतिविधियां चल रही थीं, तो विभागीय अमले को इसकी जानकारी समय रहते क्यों नहीं मिली? क्या क्षेत्र में नियमित गश्त और निगरानी की जा रही थी, यह भी जांच का विषय है।
मामले को लेकर स्थानीय लोगों ने प्रशासन और वन विभाग से मौके का निरीक्षण कर जमीन की स्थिति, पेड़ों की कटाई तथा कथित कब्जे की जांच कराने की मांग की है। साथ ही दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग भी उठ रही है।
अब देखना होगा कि शिकायत अथवा मामला सामने आने के बाद वन विभाग और प्रशासन मौके पर पहुंचकर क्या कार्रवाई करता है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि जंगल की जमीन पर कब्जा और पेड़ों की कटाई किस स्तर पर हुई तथा इसके लिए कौन जिम्मेदार है।
    user_Roshan Mishra
    Roshan Mishra
    भानुप्रतापपुर, कांकेर, छत्तीसगढ़•
    22 hrs ago
  • करलखा में धर्मांतरण का विवाद और जमीन पर कब्जे का आरोप! सैकड़ों ग्रामीण ट्रैक्टरों से पहुंचे नारायणपुर हेडिंग करलखा के सैकड़ों ग्रामीणों का नारायणपुर में प्रदर्शन, धर्मांतरण गतिविधियों और जमीन पर कथित अवैध कब्जे को लेकर कलेक्टर, एसपी व तहसीलदार से मिले नारायणपुर जिले के ग्राम पंचायत करलखा के सैकड़ों ग्रामीण आज ट्रैक्टरों में सवार होकर जिला मुख्यालय पहुंचे। ग्रामीणों ने गांव में कथित अवैध धर्मांतरण गतिविधियों और भूमि पर कथित अवैध कब्जे के दो अलग-अलग मामलों को लेकर कलेक्टर नम्रता जैन, पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल और तहसीलदार से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। प्रशासनिक अधिकारियों से मिले आश्वासन के बाद ग्रामीण संतुष्ट नजर आए। नारायणपुर जनपद क्षेत्र के ग्राम पंचायत करलखा में आज बड़ी संख्या में ग्रामीण एकजुट होकर ट्रैक्टरों के माध्यम से जिला मुख्यालय नारायणपुर पहुंचे। ग्रामीणों के साथ ग्राम पंचायत के सरपंच, उपसरपंच एवं अन्य जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। ग्रामीणों ने सर्वप्रथम कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर नम्रता जैन को दो अलग-अलग ज्ञापनों के माध्यम से अपनी समस्याओं से अवगत कराया। धर्मांतरण गतिविधियों को लेकर जताई आपत्ति ग्रामीणों द्वारा सौंपे गए ज्ञापन में गांव में कथित रूप से बिना पंचायत की अनुमति प्रार्थना सभा आयोजित किए जाने और धर्मांतरण से जुड़ी गतिविधियों की शिकायत की गई है। ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम पंचायत करलखा पांचवीं अनुसूची क्षेत्र में आता है और यहां पेसा कानून लागू है। ऐसे में ग्राम सभा और पंचायत की अनुमति के बिना इस प्रकार की गतिविधियां संचालित किए जाने पर ग्रामीणों ने आपत्ति जताई है। ग्रामीणों ने ज्ञापन में एक व्यक्ति पर कथित रूप से प्रार्थना सभा और धर्मांतरण गतिविधियों से जुड़े होने का आरोप लगाते हुए मामले की जांच और आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने यह भी कहा कि गांव में शांति एवं सद्भाव बनाए रखने के लिए प्रशासन को मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए। कलेक्टर नम्रता जैन ने ग्रामीणों को सुझाव दिया कि धर्मांतरण और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामले में वे पुलिस अधीक्षक से मिलकर अपनी शिकायत विस्तार से रखें। एसपी को सौंपा लिखित ज्ञापन कलेक्टर से मिलने के बाद ग्रामीण पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने एसपी संदीप कुमार पटेल को लिखित ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने ज्ञापन में संबंधित व्यक्ति और कथित धर्मांतरण गतिविधियों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की।ग्रामीणों के अनुसार पुलिस प्रशासन ने उन्हें हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया है। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों से कहा कि भविष्य में यदि संबंधित व्यक्ति या कोई अन्य व्यक्ति इस प्रकार की कोई गतिविधि करता है, तो इसकी तत्काल सूचना पुलिस को दी जाए, ताकि शिकायत और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा सके। 6 डिसमिल जमीन पर कथित अवैध कब्जे का मामला ग्रामीणों ने दूसरा ज्ञापन भूमि पर कथित अवैध कब्जे को लेकर सौंपा। ज्ञापन के अनुसार गांव में लगभग 6 डिसमिल भूमि पर कथित रूप से अवैध कब्जा किए जाने का आरोप है। ग्रामीणों का कहना है कि मामले को लेकर पूर्व में भी प्रशासन को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है। कलेक्टर नम्रता जैन ने ग्रामीणों को भूमि विवाद और अवैध कब्जे के मामले में तहसीलदार से मिलकर विस्तृत जानकारी देने का सुझाव दिया। इसके बाद ग्राम पंचायत के ग्रामीण सरपंच एवं उपसरपंच के साथ तहसील कार्यालय पहुंचे और तहसीलदार से मामले की जानकारी ली। तहसीलदार ने ग्रामीणों को बताया कि प्रकरण में न्यायिक प्रक्रिया जारी है और संबंधित पक्ष से न्यायालयीन प्रक्रिया के तहत पूछताछ एवं सुनवाई की जा रही है। तहसीलदार ने यह भी आश्वासन दिया कि मामले की नियमानुसार सुनवाई की जाएगी और यदि जांच एवं न्यायिक प्रक्रिया में भूमि पर अवैध कब्जा पाया जाता है तो नियमानुसार कब्जा हटाने की कार्रवाई प्रारंभ की जाएगी। एक ही दिन में करलखा के सैकड़ों ग्रामीणों ने कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और तहसीलदार से मिलकर गांव से जुड़े दो महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रशासन के सामने रखा। धर्मांतरण गतिविधियों की शिकायत और भूमि पर कथित अवैध कब्जे के मामले में अधिकारियों द्वारा जांच एवं नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद ग्रामीण संतुष्ट नजर आए। अब ग्रामीणों की निगाह प्रशासन और पुलिस द्वारा आगे की जाने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई है।
    1
    करलखा में धर्मांतरण का विवाद और जमीन पर कब्जे का आरोप! सैकड़ों ग्रामीण ट्रैक्टरों से पहुंचे नारायणपुर
हेडिंग
करलखा के सैकड़ों ग्रामीणों का नारायणपुर में प्रदर्शन, धर्मांतरण गतिविधियों और जमीन पर कथित अवैध कब्जे को लेकर कलेक्टर, एसपी व तहसीलदार से मिले
नारायणपुर जिले के ग्राम पंचायत करलखा के सैकड़ों ग्रामीण आज ट्रैक्टरों में सवार होकर जिला मुख्यालय पहुंचे। ग्रामीणों ने गांव में कथित अवैध धर्मांतरण गतिविधियों और भूमि पर कथित अवैध कब्जे के दो अलग-अलग मामलों को लेकर कलेक्टर नम्रता जैन, पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल और तहसीलदार से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। प्रशासनिक अधिकारियों से मिले आश्वासन के बाद ग्रामीण संतुष्ट नजर आए। नारायणपुर जनपद क्षेत्र के ग्राम पंचायत करलखा में आज बड़ी संख्या में ग्रामीण एकजुट होकर ट्रैक्टरों के माध्यम से जिला मुख्यालय नारायणपुर पहुंचे। ग्रामीणों के साथ ग्राम पंचायत के सरपंच, उपसरपंच एवं अन्य जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। ग्रामीणों ने सर्वप्रथम कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर नम्रता जैन को दो अलग-अलग ज्ञापनों के माध्यम से अपनी समस्याओं से अवगत कराया।
धर्मांतरण गतिविधियों को लेकर जताई आपत्ति
ग्रामीणों द्वारा सौंपे गए ज्ञापन में गांव में कथित रूप से बिना पंचायत की अनुमति प्रार्थना सभा आयोजित किए जाने और धर्मांतरण से जुड़ी गतिविधियों की शिकायत की गई है। ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम पंचायत करलखा पांचवीं अनुसूची क्षेत्र में आता है और यहां पेसा कानून लागू है। ऐसे में ग्राम सभा और पंचायत की अनुमति के बिना इस प्रकार की गतिविधियां संचालित किए जाने पर ग्रामीणों ने आपत्ति जताई है। ग्रामीणों ने ज्ञापन में एक व्यक्ति पर कथित रूप से प्रार्थना सभा और धर्मांतरण गतिविधियों से जुड़े होने का आरोप लगाते हुए मामले की जांच और आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने यह भी कहा कि गांव में शांति एवं सद्भाव बनाए रखने के लिए प्रशासन को मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए। कलेक्टर नम्रता जैन ने ग्रामीणों को सुझाव दिया कि धर्मांतरण और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामले में वे पुलिस अधीक्षक से मिलकर अपनी शिकायत विस्तार से रखें।
एसपी को सौंपा लिखित ज्ञापन
कलेक्टर से मिलने के बाद ग्रामीण पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने एसपी संदीप कुमार पटेल को लिखित ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने ज्ञापन में संबंधित व्यक्ति और कथित धर्मांतरण गतिविधियों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की।ग्रामीणों के अनुसार पुलिस प्रशासन ने उन्हें हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया है। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों से कहा कि भविष्य में यदि संबंधित व्यक्ति या कोई अन्य व्यक्ति इस प्रकार की कोई गतिविधि करता है, तो इसकी तत्काल सूचना पुलिस को दी जाए, ताकि शिकायत और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा सके।
6 डिसमिल जमीन पर कथित अवैध कब्जे का मामला
ग्रामीणों ने दूसरा ज्ञापन भूमि पर कथित अवैध कब्जे को लेकर सौंपा। ज्ञापन के अनुसार गांव में लगभग 6 डिसमिल भूमि पर कथित रूप से अवैध कब्जा किए जाने का आरोप है। ग्रामीणों का कहना है कि मामले को लेकर पूर्व में भी प्रशासन को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है।
कलेक्टर नम्रता जैन ने ग्रामीणों को भूमि विवाद और अवैध कब्जे के मामले में तहसीलदार से मिलकर विस्तृत जानकारी देने का सुझाव दिया।
इसके बाद ग्राम पंचायत के ग्रामीण सरपंच एवं उपसरपंच के साथ तहसील कार्यालय पहुंचे और तहसीलदार से मामले की जानकारी ली। तहसीलदार ने ग्रामीणों को बताया कि प्रकरण में न्यायिक प्रक्रिया जारी है और संबंधित पक्ष से न्यायालयीन प्रक्रिया के तहत पूछताछ एवं सुनवाई की जा रही है।
तहसीलदार ने यह भी आश्वासन दिया कि मामले की नियमानुसार सुनवाई की जाएगी और यदि जांच एवं न्यायिक प्रक्रिया में भूमि पर अवैध कब्जा पाया जाता है तो नियमानुसार कब्जा हटाने की कार्रवाई प्रारंभ की जाएगी।
एक ही दिन में करलखा के सैकड़ों ग्रामीणों ने कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और तहसीलदार से मिलकर गांव से जुड़े दो महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रशासन के सामने रखा। धर्मांतरण गतिविधियों की शिकायत और भूमि पर कथित अवैध कब्जे के मामले में अधिकारियों द्वारा जांच एवं नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद ग्रामीण संतुष्ट नजर आए। अब ग्रामीणों की निगाह प्रशासन और पुलिस द्वारा आगे की जाने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई है।
    user_AKASH singh thakur
    AKASH singh thakur
    Narayanpur, Chhattisgarh•
    21 hrs ago
  • 07 नग मवेशियों को बूचड़खाने ले जाते 02 व्यक्ति चढ़े पुलिस के हत्थे *कुसमी* बलरामपुर जिले के कुसमी थाना क्षेत्र अंतर्गत दिनांक 07.09.2026 को ग्राम कटिमा के ढोंग सरना के पास कुछ व्यक्तियों द्वारा 07 नग मवेशियों (गाय, बैल एवं बछड़ा) को क्रूरतापूर्वक मारते-पीटते एवं हांकते हुए झारखण्ड स्थित बुच्चड़खाना ले जाने की रिपोर्ट धारा सदर का अपराध पंजीबद कर विवेचना में लिया गया। विवेचना दौरान कुसमी पुलिस द्वारा तत्काल मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्यवाही की गई मौके से 07 नग मवेशियों सहित 02 व्यक्तियों को पकड़ा गया। पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम 01.अज्मेरूल्ला अंसारी पिता रशीद अंसारी उम्र 34 वर्ष, निवासी ग्राम खमली , थाना आस्ता, जिला जशपुर 02. जितेन्द्र राम बुनकर पिता छोटे राम उम्र 29 वर्ष, निवासी ग्राम खमली, थाना आस्ता, जिला जशपुर बताया। जिस पर आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। आरोपियों के कथन एवं उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर 07 नग मवेशियों को विधिवत जप्त कर सुरक्षार्थ रखा गया। प्रकरण में अपराध घटित करना पाए जाने पर दोनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में आरोपी क्रमांक 01 अज्मेरूल्ला अंसारी स्थायी वारंटी पाया गया है। जिससे न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।
    3
    07 नग मवेशियों को बूचड़खाने ले जाते 02 व्यक्ति चढ़े पुलिस के हत्थे 
*कुसमी*  बलरामपुर जिले के कुसमी थाना क्षेत्र अंतर्गत दिनांक 07.09.2026 को ग्राम कटिमा के ढोंग सरना के पास कुछ व्यक्तियों द्वारा 07 नग मवेशियों (गाय, बैल एवं बछड़ा) को क्रूरतापूर्वक मारते-पीटते एवं हांकते हुए झारखण्ड स्थित बुच्चड़खाना ले जाने की रिपोर्ट धारा सदर का अपराध पंजीबद कर विवेचना में लिया गया। विवेचना दौरान कुसमी पुलिस द्वारा तत्काल मौके पर पहुंचकर  आवश्यक कार्यवाही की गई मौके से 07 नग मवेशियों सहित 02 व्यक्तियों को पकड़ा गया। पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम 01.अज्मेरूल्ला अंसारी पिता रशीद अंसारी उम्र 34 वर्ष, निवासी ग्राम खमली , थाना आस्ता, जिला जशपुर 02. जितेन्द्र राम बुनकर पिता छोटे राम उम्र 29 वर्ष, निवासी ग्राम खमली, थाना आस्ता, जिला जशपुर बताया। जिस पर आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। आरोपियों के कथन एवं उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर 07 नग मवेशियों को विधिवत जप्त कर सुरक्षार्थ रखा गया। प्रकरण में अपराध घटित करना पाए जाने पर दोनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में आरोपी क्रमांक 01 अज्मेरूल्ला अंसारी स्थायी वारंटी पाया गया है। जिससे न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।
    user_Umesh Singh
    Umesh Singh
    Animal rescue service राजपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    16 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.