कन्नौद के सिविल अस्पताल में बुधवार को एचडीएफसी बैंक के सहयोग से एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें कुल 17 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया। इस शिविर में बैंक कर्मचारियों, समाजसेवियों और आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शिविर का शुभारंभ बीएमओ डॉ. लोकेश मीणा और एचडीएफसी बैंक की कन्नौद शाखा के प्रबंधक मानसिंग चौहान ने किया। एकत्रित किए गए इस रक्त को जरूरतमंद मरीजों के लिए जिला ब्लड बैंक में सुरक्षित रखा जाएगा। इस अवसर पर डॉ. मीणा ने रक्तदान को महादान बताते हुए कहा कि आपके द्वारा दान किया गया एक यूनिट रक्त कई जिंदगियां बचा सकता है। उन्होंने युवाओं से नियमित रूप से रक्तदान करने की अपील की। वहीं, एचडीएफसी बैंक के शाखा प्रबंधक श्री चौहान ने बताया कि बैंक सामाजिक सरोकार के तहत समय-समय पर ऐसे कार्यक्रम आयोजित करता है और भविष्य में भी जनहित के कार्य जारी रखेगा। शिविर के दौरान जिला चिकित्सालय देवास ब्लड बैंक की टीम ने रक्तदाताओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर रक्त संग्रह किया। रक्तदान के बाद सभी रक्तदाताओं को जूस पिलाया गया और एचडीएफसी बैंक की ओर से प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में नर्सिंग ऑफिसर वंदना मंडलोई, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी सुनीता केलवा, सोफिया सांतवंत, लैब टेक्नीशियन श्री राम चौहान, महेंद्र सिंह जादौन, अर्बन बांडोत, राजपाल कर्मा, योगेन्द्र शर्मा, बैंक स्टाफ और अस्पताल के अन्य पैरामेडिकल स्टाफ उपस्थित रहे।
कन्नौद के सिविल अस्पताल में बुधवार को एचडीएफसी बैंक के सहयोग से एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें कुल 17 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया। इस शिविर में बैंक कर्मचारियों, समाजसेवियों और आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शिविर का शुभारंभ बीएमओ डॉ. लोकेश मीणा और एचडीएफसी बैंक की कन्नौद शाखा के प्रबंधक मानसिंग
चौहान ने किया। एकत्रित किए गए इस रक्त को जरूरतमंद मरीजों के लिए जिला ब्लड बैंक में सुरक्षित रखा जाएगा। इस अवसर पर डॉ. मीणा ने रक्तदान को महादान बताते हुए कहा कि आपके द्वारा दान किया गया एक यूनिट रक्त कई जिंदगियां बचा सकता है। उन्होंने युवाओं से नियमित रूप से रक्तदान करने की अपील
की। वहीं, एचडीएफसी बैंक के शाखा प्रबंधक श्री चौहान ने बताया कि बैंक सामाजिक सरोकार के तहत समय-समय पर ऐसे कार्यक्रम आयोजित करता है और भविष्य में भी जनहित के कार्य जारी रखेगा। शिविर के दौरान जिला चिकित्सालय देवास ब्लड बैंक की टीम ने रक्तदाताओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर रक्त संग्रह किया। रक्तदान के बाद सभी
रक्तदाताओं को जूस पिलाया गया और एचडीएफसी बैंक की ओर से प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में नर्सिंग ऑफिसर वंदना मंडलोई, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी सुनीता केलवा, सोफिया सांतवंत, लैब टेक्नीशियन श्री राम चौहान, महेंद्र सिंह जादौन, अर्बन बांडोत, राजपाल कर्मा, योगेन्द्र शर्मा, बैंक स्टाफ और अस्पताल के अन्य पैरामेडिकल स्टाफ उपस्थित रहे।
- मध्य प्रदेश शासन के निर्देशानुसार जनपद पंचायत कन्नौद विकासखंड के अंतर्गत तीन दिवसीय जनकल्याण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर के पहले दिन रोजगार मेला, सामाजिक न्याय विभाग द्वारा दिव्यांगजनों को सामग्री वितरण और प्रधानमंत्री पोषण आहार प्रतियोगिता आयोजित की गई। शिविर के दूसरे दिन स्वास्थ्य विभाग ने 135 पंजीकृत लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया, और स्वच्छ भारत अभियान के तहत पात्र लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र दिए गए। तीसरे और अंतिम दिन खातेगांव विधानसभा क्षेत्र के विधायक पंडित आशीष शर्मा की उपस्थिति रही, जिन्होंने पेंशन लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र, महिला एवं बाल विकास विभाग के तहत 02 लाड़ली लक्ष्मी योजना के स्वीकृति पत्र, और कृषि विभाग के तहत किसानों को अरहर मिनी किट प्रदान की। विधायक महोदय ने सभी विभागों को मानवीय संवेदनाओं का ध्यान रखते हुए पात्र लाभार्थियों को समय-सीमा में लाभान्वित करने के निर्देश दिए। बढ़ते तापमान को देखते हुए, उन्होंने उपस्थित जनसमुदाय को सार्वजनिक स्थलों पर दो वृक्ष लगाने के लिए प्रोत्साहित किया और सभी के साथ 'एक पेड़ माँ के नाम' कविता का सामूहिक गायन किया। इस दौरान शासन स्तर पर महिलाओं के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत जानकारी भी दी गई। जनकल्याण शिविर के पहले चरण में ग्राम पंचायतों से प्राप्त आयुष्मान योजना, मानधन-श्रमधन, व्हीबीजीरामजी योजना, कृषि विभाग, सामाजिक न्याय विभाग, स्वास्थ्य विभाग, उद्यानिकी विभाग, खाद्य आपूर्ति विभाग और महिला बाल विकास विभाग सहित अन्य विभागों से संबंधित आवेदनों का समय-सीमा में निराकरण किया गया।4
- मध्य प्रदेश के मुरैना जिले के सिहोनिया गांव में स्थित लगभग 1000 वर्ष पुराना ककनमठ मंदिर आज भी अपने रहस्यों और अद्भुत वास्तुकला के कारण चर्चा का विषय बना हुआ है। भगवान शिव को समर्पित यह मंदिर 11वीं शताब्दी में कच्छपघात वंश के राजा कीर्तिराज द्वारा बनवाया गया था। इस मंदिर की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसके निर्माण में पत्थरों को जोड़ने के लिए न तो सीमेंट का उपयोग किया गया और न ही चूने का। इसके बजाय, विशाल पत्थरों को एक-दूसरे के ऊपर इस तरह संतुलित किया गया है कि सदियों बाद भी यह संरचना मजबूती से खड़ी हुई है। मंदिर के निर्माण को लेकर स्थानीय मान्यताओं में कहा जाता है कि इसे एक ही रात में भूत-प्रेतों द्वारा बनाया गया था, जबकि इतिहासकार इसे प्राचीन भारतीय इंजीनियरिंग और वास्तुकला का एक अद्भुत नमूना मानते हैं। समय के साथ मंदिर का एक बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है, लेकिन इसकी मुख्य संरचना आज भी लोगों को आकर्षित करती है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) द्वारा संरक्षित यह रहस्यमयी धरोहर पर्यटकों और इतिहास प्रेमियों को दूर-दूर से अपनी ओर खींचती है, और मध्य प्रदेश की ऐतिहासिक पहचान का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनी हुई है।1
- मध्य प्रदेश के आष्टा में किसानों को डीजल संकट का सामना करना पड़ रहा है, जहां उन्हें कथित तौर पर 'ट्रैक्टर लाओ तभी डीजल मिलेगा' जैसी शर्तों का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर समस्या को लेकर कांग्रेस किसानों के हक की आवाज़ उठाते हुए प्रशासन के दरवाजे पर पहुंची और उन्होंने एसडीएम को ज्ञापन सौंपा है। कांग्रेस ने इस स्थिति को कृषि संकट बताते हुए किसानों की परेशानी को उजागर किया। उन्होंने मांग की है कि किसानों को आसानी से डीजल उपलब्ध कराया जाए ताकि उनकी कृषि गतिविधियों में कोई बाधा न आए। यह प्रदर्शन और ज्ञापन किसानों के हित में उठाया गया कदम है, जिसका उद्देश्य डीजल विवाद को सुलझाना और किसानों को राहत दिलाना है।1
- देवास में 16 जून 2026 को कलेक्टर श्री ऋतुराज सिंह की अध्यक्षता में कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में समय-सीमा संबंधी लंबित पत्रों के निराकरण की प्रगति और अंतरविभागीय समन्वय मामलों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री शोभाराम सोलंकी, अपर कलेक्टर श्री संजीव जैन, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती अंशु जावला, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती विशाखा देशमुख सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारीगण उपस्थित रहे, जबकि विकासखण्ड स्तरीय अधिकारी वर्चुअली शामिल हुए। कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों को प्राथमिकता से निपटाने के निर्देश दिए, कहा कि त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को 20 जून को जारी होने वाली प्रदेश स्तरीय रैंकिंग में जिले की बेहतर स्थिति सुनिश्चित करने के लिए चार दिवसीय विशेष अभियान चलाकर लंबित शिकायतों का तुरंत समाधान करने और सभी विभागों को 'ए-ग्रेड' में रहने का लक्ष्य रखने को कहा। साथ ही, सभी विभागीय अधिकारियों को स्वयं शिकायतकर्ता से बात कर संतुष्टिपूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर श्री सिंह ने आगामी टीएल बैठक के लिए विकासखंड स्तरीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे अब अलग-अलग स्थानों से ऑनलाइन नहीं जुड़ेंगे, बल्कि सभी तहसीलदार, मुख्य नगरपालिका अधिकारी, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर और जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों सहित अन्य संबंधित अधिकारी अनिवार्य रूप से एसडीएम कार्यालय में एक साथ उपस्थित होकर ही जिला स्तरीय टीएल बैठक में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई अधिकारी एसडीएम कार्यालय की बजाय किसी अन्य स्थान से जुड़ता पाया गया, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी, क्योंकि एसडीएम कार्यालय में सभी की मौजूदगी से समन्वय बेहतर होगा और मामलों का मौके पर ही तेजी से निराकरण किया जा सकेगा। इसके अतिरिक्त, कलेक्टर श्री सिंह ने मत्स्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा के दौरान विभागीय कार्यों में लापरवाही बरतने पर मत्स्य पालन अधिकारी श्री एस मंडलोई को दो वेतन वृद्धि रोकने संबंधी शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। केसीसी कार्य में लापरवाही पाए जाने पर सहायक संचालक कृषि श्री लोकेश गंगराड़े को भी शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। राज्य शासन के निर्देशानुसार आयोजित जनकल्याण शिविरों की विस्तृत समीक्षा करते हुए कलेक्टर श्री सिंह ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य अंतिम छोर के व्यक्ति को लाभ पहुंचाना है, इसलिए अधिक से अधिक नागरिकों को शासन की योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। उन्होंने विभागवार और योजनावार जानकारी ली कि कितने नागरिकों को लाभ मिला है, और यह भी निर्देश दिए कि शिविरों के दौरान प्राप्त प्रत्येक आवेदन को अनिवार्य रूप से पोर्टल पर दर्ज किया जाए। कलेक्टर ने सभी विभागों से जनकल्याण शिविरों में निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कार्य करने और केंद्र व राज्य सरकार की सभी हितग्राही मूलक योजनाओं का लाभ पात्र नागरिकों को एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिविरों के संपादन और आवेदनों के निराकरण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होगी, और सभी जिला अधिकारियों को 18 जून तक चलने वाले शिविरों की फील्ड में उतरकर नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री सिंह ने जिले के सभी राजस्व अधिकारियों को शत-प्रतिशत किसानों की 'फार्मर आईडी' बनाने की कार्यवाही शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही, ई-विकास प्रणाली में समय पर कार्य करने और 'एक पेड़ मां के नाम अभियान' के तहत ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने तथा उनकी जानकारी पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए, जिसमें सभी अधिकारी/कर्मचारियों को सहभागिता कर नागरिकों को भी प्रेरित करने को कहा गया। बैठक में बताया गया कि देवास शहर के 1150 नजूल पट्टाधारियों ने पट्टों का नवीनीकरण नहीं कराया है। इस पर कलेक्टर श्री सिंह ने सभी को एक माह में नवीनीकरण करवाने का नोटिस जारी करने के निर्देश दिए और चेतावनी दी कि समय-सीमा में नवीनीकरण न कराने पर नजूल कार्यालय द्वारा पट्टे निरस्त कर प्लाट वापस लेने की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अविवादित नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन प्रकरणों की समीक्षा कर तय समय-सीमा में इनका निराकरण करने के निर्देश दिए और कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। जिले की सभी जनपद पंचायतों और नगर परिषदों में चल रहे ई-केवाईसी कार्य की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने शत-प्रतिशत ई-केवाईसी शीघ्र पूर्ण करने के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए, और इस कार्य में लापरवाही बरतने वालों पर भी कार्रवाई की चेतावनी दी। 'जल गंगा संवर्धन अभियान' की प्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए उन्होंने जल स्रोतों के पुनरुद्धार सहित चिन्हित कार्यों को समय-सीमा में पूरा करने का निर्देश दिया। सभी एसडीएम को तालाबों से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करने को कहा गया। कलेक्टर ने वन विभाग द्वारा कंटूर ट्रेंच निर्माण कार्य नहीं करने पर नाराजगी जाहिर की और अगली टीएल बैठक तक कार्य पूर्ण न होने पर संबंधितों पर कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने वन विभाग को 'एक पेड़ मां के नाम अभियान' के तहत ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने के भी निर्देश दिए। कलेक्टर श्री सिंह ने पीएम स्वनिधि योजना, प्रधानमंत्री श्रम योगी मान धन योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की विस्तृत समीक्षा कर ज्यादा से ज्यादा पात्र नागरिकों को योजनाओं का लाभ दिलाने और प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। 'लखपति दीदी' और 'लखपति पशुपालक दीदी' योजनाओं की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को अधिक से अधिक पात्र महिलाओं को दायरे में शामिल करने को कहा। उन्होंने महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त करने और दुग्ध उत्पादन से जोड़ने के लिए सीसीएल के माध्यम से त्वरित ऋण स्वीकृत कराकर गाय खरीदने हेतु प्रोत्साहित करने पर जोर दिया। कलेक्टर श्री सिंह ने विभागीय तालमेल और जमीनी स्तर पर निगरानी बढ़ाने पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों को लगातार संपर्क में रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 'लखपति दीदी' योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं की वार्षिक आय को एक लाख या उससे अधिक तक पहुंचाना है, और इस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जल जीवन मिशन अंतर्गत एकल नल-जल योजनाओं की प्रगति की समीक्षा कर सभी प्रगतिरत योजनाओं को शीघ्र पूर्ण करने और हैंडओवर करने के निर्देश भी दिए गए। स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर, कलेक्टर ने गर्भवती महिलाओं में शत-प्रतिशत एएनसी पंजीयन, सीवियर एनेमिक गर्भवती महिलाओं और पी.आई.एच. का प्रबंधन, तथा टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। अंत में, कलेक्टर श्री सिंह ने कृत्रिम गर्भाधान, सेक्स सॉर्टेड सीमेन, डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु, प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ़्त बिजली योजना, पीएमएफएमई, पीएम विश्वकर्मा योजना और मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, कुसुम बी योजना सहित सभी स्वरोजगार योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को इन योजनाओं में अधिक से अधिक पात्र नागरिकों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए।4
- हंडिया क्षेत्र में डीजल की उपलब्धता को लेकर उठ रहे सवालों के बीच अब स्थिति स्पष्ट होती नजर आ रही है। कोलीपुरा टप्पर पर स्थित गीता फ्यूल पेट्रोल पंप के संचालक द्वारा ट्रैक्टर चालकों को लाइन में लगाकर डीजल उपलब्ध कराया जा रहा है। पंप संचालक ने बताया कि यह लाइन सिस्टम पंप पर व्यवस्था बनाए रखने और सभी को समान रूप से डीजल मिल सके, यह सुनिश्चित करने के लिए लागू किया गया है। ट्रैक्टर चालकों को उनकी जरूरत के अनुसार पर्याप्त मात्रा में डीजल दिया जा रहा है। शासन के आदेशों के अनुसार, केवल वाहनों में ही डीजल उपलब्ध कराया जा रहा है और प्लास्टिक की बोतलों या केन में डीजल-पेट्रोल नहीं दिया जा रहा है। हालांकि, शुरुआत में कुछ लोगों को इस नई व्यवस्था के कारण असुविधा का सामना करना पड़ा था, लेकिन अब यह व्यवस्था सुचारू रूप से चल रही है।1
- देवास जिला अस्पताल में मरीजों को परोसे जा रहे भोजन की गुणवत्ता को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। अस्पताल में भर्ती एक महिला मरीज ने आरोप लगाया है कि सुबह के नाश्ते में वितरित किए गए पोहे में मरी हुई इल्ली मिली, जिससे मरीजों और उनके परिजनों में भारी नाराजगी फैल गई। इस घटना की शिकायत अस्पताल प्रबंधन से भी की गई है। सिविल लाइन निवासी स्वीटी पांचाल, जो पिछले तीन दिनों से अस्पताल में भर्ती हैं, ने बताया कि नाश्ता वितरण के दौरान पोहे में मरी हुई इल्ली देखकर मरीजों ने तुरंत आपत्ति जताई और कर्मचारियों को इसकी जानकारी दी। उनका आरोप है कि शिकायत के बाद भी उन्हें कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। स्वीटी पांचाल रक्त की उल्टी और नाक से रक्तस्राव की समस्या के कारण भर्ती हैं और उनके सीटी स्कैन की रिपोर्ट अभी आनी बाकी है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि बीमार मरीजों को स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन मिलना चाहिए। इस मामले पर जिला अस्पताल के डाइटिशियन रूप नारायण सिंह राठौर ने प्रतिक्रिया देते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा कि ऐसी शिकायत पहली बार सामने आई है, जो संभवतः मानवीय भूल का परिणाम हो सकती है। उन्होंने जांच का आश्वासन दिया और कहा कि भविष्य में ऐसी घटना की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे। घटना के बाद, मरीजों और उनके परिजनों ने अस्पताल प्रशासन से खाद्य सामग्री की गुणवत्ता की नियमित जांच कराने और जिम्मेदार एजेंसी पर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।1
- देवास मंडी गेट के सामने ब्रिज के नीचे अवैध अतिक्रमण के कारण राहगीरों को रोज़ाना भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों ने सड़क पर ही अपनी दुकानें लगा रखी हैं और वाहन खड़े कर दिए हैं, जिससे आने-जाने वाले लोगों के लिए आवागमन में बाधा उत्पन्न हो रही है। इस मार्ग से गुजरने वाले राहगीरों का कहना है कि उन्हें हर दिन इस समस्या से जूझना पड़ता है, और कई बार तो स्थिति विवाद की हद तक पहुँच जाती है। प्रशासन द्वारा इस ओर कोई ध्यान नहीं दिए जाने और अतिक्रमण पर कार्रवाई न होने से लोगों में गहरी नाराजगी है।1
- कन्नौद के सिविल अस्पताल में बुधवार को एचडीएफसी बैंक के सहयोग से एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें कुल 17 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया। इस शिविर में बैंक कर्मचारियों, समाजसेवियों और आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शिविर का शुभारंभ बीएमओ डॉ. लोकेश मीणा और एचडीएफसी बैंक की कन्नौद शाखा के प्रबंधक मानसिंग चौहान ने किया। एकत्रित किए गए इस रक्त को जरूरतमंद मरीजों के लिए जिला ब्लड बैंक में सुरक्षित रखा जाएगा। इस अवसर पर डॉ. मीणा ने रक्तदान को महादान बताते हुए कहा कि आपके द्वारा दान किया गया एक यूनिट रक्त कई जिंदगियां बचा सकता है। उन्होंने युवाओं से नियमित रूप से रक्तदान करने की अपील की। वहीं, एचडीएफसी बैंक के शाखा प्रबंधक श्री चौहान ने बताया कि बैंक सामाजिक सरोकार के तहत समय-समय पर ऐसे कार्यक्रम आयोजित करता है और भविष्य में भी जनहित के कार्य जारी रखेगा। शिविर के दौरान जिला चिकित्सालय देवास ब्लड बैंक की टीम ने रक्तदाताओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर रक्त संग्रह किया। रक्तदान के बाद सभी रक्तदाताओं को जूस पिलाया गया और एचडीएफसी बैंक की ओर से प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में नर्सिंग ऑफिसर वंदना मंडलोई, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी सुनीता केलवा, सोफिया सांतवंत, लैब टेक्नीशियन श्री राम चौहान, महेंद्र सिंह जादौन, अर्बन बांडोत, राजपाल कर्मा, योगेन्द्र शर्मा, बैंक स्टाफ और अस्पताल के अन्य पैरामेडिकल स्टाफ उपस्थित रहे।4