logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

सूरजपुर जिले का सोनगरा मार्केट अपनी सादगी और जीवंत माहौल के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इस ग्रामीण बाजार में रोजमर्रा की जरूरत का लगभग हर सामान और ताज़ी सब्जियां बेहद वाजिब और उचित दामों पर आसानी से मिल जाती हैं। यहां का सरल माहौल, लोगों की सहज सादगी और बाजार की रौनक लोगों को बेहद पसंद आ रही है। इसके साथ ही, सोनगरा के स्थानीय निवासियों और इस बाजार का दौरा कर चुके लोगों से अपने अनुभव व विचार साझा करने की अपील भी की गई है।

12 hrs ago
user_रिपोर्टर छत्तीसगढ़
रिपोर्टर छत्तीसगढ़
Advertising Photographer बैकुंठपुर, कोरिया, छत्तीसगढ़•
12 hrs ago

सूरजपुर जिले का सोनगरा मार्केट अपनी सादगी और जीवंत माहौल के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इस ग्रामीण बाजार में रोजमर्रा की जरूरत का लगभग हर सामान और ताज़ी सब्जियां बेहद वाजिब और उचित दामों पर आसानी से मिल जाती हैं। यहां का सरल माहौल, लोगों की सहज सादगी और बाजार की रौनक लोगों को बेहद पसंद आ रही है। इसके साथ ही, सोनगरा के स्थानीय निवासियों और इस बाजार का दौरा कर चुके लोगों से अपने अनुभव व विचार साझा करने की अपील भी की गई है।

More news from छत्तीसगढ़ and nearby areas
  • छत्तीसगढ़ के कोरिया जिला अंतर्गत पटना नगर पंचायत में करीब 70-80 वर्ष पुराना शासकीय स्कूल तोड़कर उसकी जगह निजी निर्माण किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। यह केवल एक भवन का मामला नहीं है, बल्कि उस स्कूल से शिक्षा हासिल करने वाली पीढ़ियों की यादों और सार्वजनिक संपत्ति से जुड़ा संवेदनशील मुद्दा है। किसी शासकीय भूमि पर बिना वैधानिक प्रक्रिया के इस तरह निजी निर्माण शुरू होने से संबंधित प्रशासनिक तंत्र की भूमिका पर बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं। इस पूरे मामले को लेकर स्वतंत्र नागरिक दिव्येश पाण्डेय ने प्रशासन से तीखे सवाल पूछे हैं कि आखिर इस शासकीय स्कूल को तोड़ने की अनुमति किसने दी और किस आधार पर वहां निजी निर्माण कार्य शुरू हुआ। जब यह सब हो रहा था, तब जिम्मेदार विभाग आखिर क्या कर रहे थे और समय रहते कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई। जनता अब इन सवालों के पारदर्शी और निष्पक्ष जवाब चाहती है ताकि गड़बड़ी होने पर जिम्मेदारी तय की जा सके। यही नहीं, शासकीय संपत्तियों की सुरक्षा और जवाबदेही से जुड़े इस मामले में जल्द ही एक और बड़ा खुलासा होने की तैयारी है। आवश्यक साक्ष्य और पूरे दस्तावेज हाथ में आते ही इस मामले से जुड़ी अगली कड़ी को भी सामने लाने की चेतावनी दी गई है।
    1
    छत्तीसगढ़ के कोरिया जिला अंतर्गत पटना नगर पंचायत में करीब 70-80 वर्ष पुराना शासकीय स्कूल तोड़कर उसकी जगह निजी निर्माण किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। यह केवल एक भवन का मामला नहीं है, बल्कि उस स्कूल से शिक्षा हासिल करने वाली पीढ़ियों की यादों और सार्वजनिक संपत्ति से जुड़ा संवेदनशील मुद्दा है। किसी शासकीय भूमि पर बिना वैधानिक प्रक्रिया के इस तरह निजी निर्माण शुरू होने से संबंधित प्रशासनिक तंत्र की भूमिका पर बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं।

इस पूरे मामले को लेकर स्वतंत्र नागरिक दिव्येश पाण्डेय ने प्रशासन से तीखे सवाल पूछे हैं कि आखिर इस शासकीय स्कूल को तोड़ने की अनुमति किसने दी और किस आधार पर वहां निजी निर्माण कार्य शुरू हुआ। जब यह सब हो रहा था, तब जिम्मेदार विभाग आखिर क्या कर रहे थे और समय रहते कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई। जनता अब इन सवालों के पारदर्शी और निष्पक्ष जवाब चाहती है ताकि गड़बड़ी होने पर जिम्मेदारी तय की जा सके।

यही नहीं, शासकीय संपत्तियों की सुरक्षा और जवाबदेही से जुड़े इस मामले में जल्द ही एक और बड़ा खुलासा होने की तैयारी है। आवश्यक साक्ष्य और पूरे दस्तावेज हाथ में आते ही इस मामले से जुड़ी अगली कड़ी को भी सामने लाने की चेतावनी दी गई है।
    user_Guru Reality Show
    Guru Reality Show
    पटना, कोरिया, छत्तीसगढ़•
    15 hrs ago
  • शहडोल जिले की सीमा पर स्थित रामपुर में अपराध की बढ़ती घटनाएं बड़ी चिंता का विषय बन गई हैं। जब से रामपुर में कोयला खदान खुली है, तब से क्षेत्र में अवैध गतिविधियों में भारी वृद्धि हुई है। रातोंरात अमीर बनने के लालच में कुछ लोग अपराध का रास्ता चुन रहे हैं। ऐसे में यह जानना अत्यंत महत्वपूर्ण है कि इन अपराधियों के पीछे कौन सी ताकतें हैं और वे आखिर किसके इशारे पर इस तरह की गतिविधियों को अंजाम दे रहे हैं। हाल ही में हुए एक गोलीकांड में एक युवक की मौत होने से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल फैल गया है। इस घटना के बाद मृतक के परिजनों ने कई गंभीर आरोप लगाए हैं, जिनकी गहन जांच किए जाने की सख्त जरूरत है। रामपुर में बेखौफ अपराधियों की इस हरकत से लोग बेहद चिंतित हैं और मध्य प्रदेश पुलिस, डीजीपी और एडीजीपी शहडोल से मामले की निष्पक्ष जांच कर त्वरित कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
    1
    शहडोल जिले की सीमा पर स्थित रामपुर में अपराध की बढ़ती घटनाएं बड़ी चिंता का विषय बन गई हैं। जब से रामपुर में कोयला खदान खुली है, तब से क्षेत्र में अवैध गतिविधियों में भारी वृद्धि हुई है। रातोंरात अमीर बनने के लालच में कुछ लोग अपराध का रास्ता चुन रहे हैं। ऐसे में यह जानना अत्यंत महत्वपूर्ण है कि इन अपराधियों के पीछे कौन सी ताकतें हैं और वे आखिर किसके इशारे पर इस तरह की गतिविधियों को अंजाम दे रहे हैं।

हाल ही में हुए एक गोलीकांड में एक युवक की मौत होने से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल फैल गया है। इस घटना के बाद मृतक के परिजनों ने कई गंभीर आरोप लगाए हैं, जिनकी गहन जांच किए जाने की सख्त जरूरत है। रामपुर में बेखौफ अपराधियों की इस हरकत से लोग बेहद चिंतित हैं और मध्य प्रदेश पुलिस, डीजीपी और एडीजीपी शहडोल से मामले की निष्पक्ष जांच कर त्वरित कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
    user_Ravindra chaturvedi News india
    Ravindra chaturvedi News india
    कोटमा, अनूपपुर, मध्य प्रदेश•
    14 hrs ago
  • सरगुजा के उदयपुर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले दाल गांव में बारिश न होने के कारण किसान भाई बेहद परेशान हैं और उनकी लहलहाती खेती पानी के लिए तरस रही है। गाँव में मौसम का हाल यह है कि अत्यधिक उमस बढ़ गई है, जिससे खेती पर संकट मंडरा रहा है। वर्तमान मौसमी परिस्थितियों को देखकर ऐसा लग रहा है कि अभी अगले दो-तीन सप्ताह तक बारिश नहीं होगी, जिससे किसानों की चिंताएं और अधिक गहरी हो गई हैं।
    1
    सरगुजा के उदयपुर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले दाल गांव में बारिश न होने के कारण किसान भाई बेहद परेशान हैं और उनकी लहलहाती खेती पानी के लिए तरस रही है। गाँव में मौसम का हाल यह है कि अत्यधिक उमस बढ़ गई है, जिससे खेती पर संकट मंडरा रहा है। वर्तमान मौसमी परिस्थितियों को देखकर ऐसा लग रहा है कि अभी अगले दो-तीन सप्ताह तक बारिश नहीं होगी, जिससे किसानों की चिंताएं और अधिक गहरी हो गई हैं।
    user_Hira Ratan Sarthi
    Hira Ratan Sarthi
    Driver उदयपुर, सरगुजा, छत्तीसगढ़•
    12 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के बिहारपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत सपहा में मूलभूत सुविधाओं की मांगों को पूरा न किए जाने के विरोध में पिछले 194 दिनों से अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी है। ग्रामीण छत्तीसगढ़ सुशासन तिहार 2025-26 के खिलाफ अपनी मांगों को लेकर लगातार आंदोलन कर रहे हैं। क्षेत्र की मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी मांगों को पूरा न किए जाने के कारण ग्रामीणों का यह अनिश्चितकालीन धरना और विरोध प्रदर्शन लगातार जारी है।
    4
    छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के बिहारपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत सपहा में मूलभूत सुविधाओं की मांगों को पूरा न किए जाने के विरोध में पिछले 194 दिनों से अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी है। ग्रामीण छत्तीसगढ़ सुशासन तिहार 2025-26 के खिलाफ अपनी मांगों को लेकर लगातार आंदोलन कर रहे हैं। क्षेत्र की मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी मांगों को पूरा न किए जाने के कारण ग्रामीणों का यह अनिश्चितकालीन धरना और विरोध प्रदर्शन लगातार जारी है।
    user_Lalji Boudh
    Lalji Boudh
    बिहारपुर, सूरजपुर, छत्तीसगढ़•
    18 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज जी का जन्मदिन महिला कांग्रेस द्वारा बड़े ही उत्साह के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर महिला कांग्रेस की कार्यवाहक अध्यक्ष संगीता सिन्हा जी के नेतृत्व में महिला कांग्रेस की टीम ने केक काटकर उन्हें जन्मदिन की बधाई और शुभकामनाएं दीं। इस कार्यक्रम के दौरान सभी कार्यकर्ताओं ने दीपक बैज जी के उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और सफल राजनीतिक जीवन की मंगलकामना की। पूरे उत्साह के साथ आयोजित इस कार्यक्रम में महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और संगठन की एकजुटता का संदेश दिया।
    1
    छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज जी का जन्मदिन महिला कांग्रेस द्वारा बड़े ही उत्साह के साथ मनाया गया। इस विशेष अवसर पर महिला कांग्रेस की कार्यवाहक अध्यक्ष संगीता सिन्हा जी के नेतृत्व में महिला कांग्रेस की टीम ने केक काटकर उन्हें जन्मदिन की बधाई और शुभकामनाएं दीं।

इस कार्यक्रम के दौरान सभी कार्यकर्ताओं ने दीपक बैज जी के उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु और सफल राजनीतिक जीवन की मंगलकामना की। पूरे उत्साह के साथ आयोजित इस कार्यक्रम में महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और संगठन की एकजुटता का संदेश दिया।
    user_Pradesh Khabar News Network
    Pradesh Khabar News Network
    Media company अंबिकापुर, सरगुजा, छत्तीसगढ़•
    5 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले के पटना नगर पंचायत में एक शासकीय स्कूल पर बुलडोजर चलाकर उस पर अवैध कब्जा करने और फिर वहां निर्माण कार्य कराए जाने के मामले में बड़े चेहरों के नाम सामने आने की चर्चा तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार, कथित मिलीभगत के चलते वर्षों पुराने इस शासकीय स्कूल और तालाब को तोड़कर एक कारोबारी के हवाले कर दिया गया है। इतनी तेजी से स्कूल हटाकर वहां निर्माण कार्य कराए जाने के इस फैसले ने पूरे क्षेत्र में गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस पूरे मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, कई चौंकाने वाले खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। स्थानीय लोगों और क्षेत्रवासियों की निगाहें अब जांच एजेंसियों की कार्रवाई पर टिकी हैं कि क्या यह जांच निष्पक्ष और गहराई से होगी ताकि इसमें शामिल जिम्मेदार अधिकारियों और लोगों की भूमिका उजागर हो सके। स्वतंत्र नागरिक दिव्येश पाण्डेय के अनुसार, भ्रष्टाचार के इस पूरे मामले पर जनता की नजर बनी हुई है और जल्द ही कई और बड़ी खबरें सामने आने की उम्मीद है।
    1
    छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले के पटना नगर पंचायत में एक शासकीय स्कूल पर बुलडोजर चलाकर उस पर अवैध कब्जा करने और फिर वहां निर्माण कार्य कराए जाने के मामले में बड़े चेहरों के नाम सामने आने की चर्चा तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार, कथित मिलीभगत के चलते वर्षों पुराने इस शासकीय स्कूल और तालाब को तोड़कर एक कारोबारी के हवाले कर दिया गया है। इतनी तेजी से स्कूल हटाकर वहां निर्माण कार्य कराए जाने के इस फैसले ने पूरे क्षेत्र में गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

इस पूरे मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, कई चौंकाने वाले खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। स्थानीय लोगों और क्षेत्रवासियों की निगाहें अब जांच एजेंसियों की कार्रवाई पर टिकी हैं कि क्या यह जांच निष्पक्ष और गहराई से होगी ताकि इसमें शामिल जिम्मेदार अधिकारियों और लोगों की भूमिका उजागर हो सके। स्वतंत्र नागरिक दिव्येश पाण्डेय के अनुसार, भ्रष्टाचार के इस पूरे मामले पर जनता की नजर बनी हुई है और जल्द ही कई और बड़ी खबरें सामने आने की उम्मीद है।
    user_Guru Reality Show
    Guru Reality Show
    पटना, कोरिया, छत्तीसगढ़•
    17 hrs ago
  • अनूपपुर जिले के जैतहरी विकास खंड अंतर्गत ग्राम पंचायत पड़रिया के ग्राम चोई में स्थित शासकीय प्राथमिक विद्यालय जुनहा टोला घोर बदहाली का शिकार होकर धराशाई होने की कगार पर पहुंच गया है। इस जर्जर स्कूल में पढ़ने वाले नन्हे मासूम बच्चे हर रोज अपनी जान जोखिम में डालकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं। चुनाव जीतने के बाद जहां जनप्रतिनिधि 'मिस्टर इंडिया' बन चुके हैं, वहीं जिम्मेदार विभाग और प्रशासन 'धृतराष्ट्र' और 'भीष्म पितामह' की तरह आंखें मूंदे बैठे हैं। स्थानीय लोगों का सवाल है कि क्या प्रशासन तभी जागेगा जब किसी मासूम की जान चली जाएगी। स्कूल भवन की हालत इतनी दयनीय है कि दीवारों में बड़ी-बड़ी दरारें आ चुकी हैं, खिड़कियों के फ्रेम जंग खाकर टूट गए हैं और छत से प्लास्टर लगातार टूटकर गिर रहा है। बरसात के दिनों में कक्षाओं में पानी टपकने के कारण बच्चों को खुले में या बरामदे में बैठकर पढ़ना पड़ता है। सिर्फ भवन ही नहीं, स्कूल परिसर में पीने के पानी का भी कोई इंतजाम नहीं है, जिससे बच्चे भीषण गर्मी में प्यास से बेहाल रहते हैं और कई बार उन्हें बिना पानी के ही पूरा दिन गुजारना पड़ता है। इस मामले को लेकर वार्ड क्रमांक 20 के पंच दिनेश राठौर ने चिंता जताते हुए बताया कि उन्होंने कई बार सरपंच और ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को इस गंभीर स्थिति से अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई। जर्जर भवन के डर से कई अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने से कतरा रहे हैं, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। आक्रोशित ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही स्कूल भवन की मरम्मत और पेयजल की व्यवस्था नहीं की गई, तो वे कलेक्टर कार्यालय का घेराव करेंगे।
    1
    अनूपपुर जिले के जैतहरी विकास खंड अंतर्गत ग्राम पंचायत पड़रिया के ग्राम चोई में स्थित शासकीय प्राथमिक विद्यालय जुनहा टोला घोर बदहाली का शिकार होकर धराशाई होने की कगार पर पहुंच गया है। इस जर्जर स्कूल में पढ़ने वाले नन्हे मासूम बच्चे हर रोज अपनी जान जोखिम में डालकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं। चुनाव जीतने के बाद जहां जनप्रतिनिधि 'मिस्टर इंडिया' बन चुके हैं, वहीं जिम्मेदार विभाग और प्रशासन 'धृतराष्ट्र' और 'भीष्म पितामह' की तरह आंखें मूंदे बैठे हैं। स्थानीय लोगों का सवाल है कि क्या प्रशासन तभी जागेगा जब किसी मासूम की जान चली जाएगी।

स्कूल भवन की हालत इतनी दयनीय है कि दीवारों में बड़ी-बड़ी दरारें आ चुकी हैं, खिड़कियों के फ्रेम जंग खाकर टूट गए हैं और छत से प्लास्टर लगातार टूटकर गिर रहा है। बरसात के दिनों में कक्षाओं में पानी टपकने के कारण बच्चों को खुले में या बरामदे में बैठकर पढ़ना पड़ता है। सिर्फ भवन ही नहीं, स्कूल परिसर में पीने के पानी का भी कोई इंतजाम नहीं है, जिससे बच्चे भीषण गर्मी में प्यास से बेहाल रहते हैं और कई बार उन्हें बिना पानी के ही पूरा दिन गुजारना पड़ता है।

इस मामले को लेकर वार्ड क्रमांक 20 के पंच दिनेश राठौर ने चिंता जताते हुए बताया कि उन्होंने कई बार सरपंच और ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को इस गंभीर स्थिति से अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई। जर्जर भवन के डर से कई अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने से कतरा रहे हैं, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। आक्रोशित ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही स्कूल भवन की मरम्मत और पेयजल की व्यवस्था नहीं की गई, तो वे कलेक्टर कार्यालय का घेराव करेंगे।
    user_Ravindra chaturvedi News india
    Ravindra chaturvedi News india
    कोटमा, अनूपपुर, मध्य प्रदेश•
    14 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के उदयपुर में मौसम ने अचानक अपनी करवट बदल ली है, जिससे अब बादल फटने लगे हैं और बारिश होने की उम्मीद बेहद कम लग रही है। मौसम के इस बदलते मिजाज के कारण आज बारिश नहीं होगी और आशंका है कि अब अगले एक-दो सप्ताह तक बारिश नहीं होने वाली है। ऐसे में अगर क्षेत्र में बारिश नहीं आती है, तो किसान भाइयों के लिए बहुत बड़ी मुश्किल खड़ी हो जाएगी।
    1
    छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के उदयपुर में मौसम ने अचानक अपनी करवट बदल ली है, जिससे अब बादल फटने लगे हैं और बारिश होने की उम्मीद बेहद कम लग रही है। मौसम के इस बदलते मिजाज के कारण आज बारिश नहीं होगी और आशंका है कि अब अगले एक-दो सप्ताह तक बारिश नहीं होने वाली है। ऐसे में अगर क्षेत्र में बारिश नहीं आती है, तो किसान भाइयों के लिए बहुत बड़ी मुश्किल खड़ी हो जाएगी।
    user_Hira Ratan Sarthi
    Hira Ratan Sarthi
    Driver उदयपुर, सरगुजा, छत्तीसगढ़•
    14 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के गृह जिले जशपुर के पत्थलगांव थाना क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की धज्जियां उड़ाते हुए पुलिस की मौजूदगी में पत्रकार अमित पांडेय की बेरहमी से पिटाई का बेहद संगीन मामला सामने आया है। एक बेबस परिवार की बेशकीमती जमीन को फर्जीवाड़े से हड़पने और विरोध करने पर भू-स्वामी की हत्या करने वाले कथित भू-माफियाओं का पर्दाफाश करने की सजा पत्रकार को इस तरह भुगतनी पड़ी है। इस सनसनीखेज वारदात से पूरे सूबे में 'सुशासन' के दावों की धज्जियां उड़ गई हैं और इलाके की न्यायप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि थाने के भीतर, पुलिस बल और खुद एसडीओपी (SDOP) ध्रुवेश जायसवाल की मौजूदगी में सत्ता से जुड़े गुंडों ने पत्रकार के गिरेबान पर हाथ डाला और उन्हें बेरहमी से लहूलुहान कर दिया, जबकि कानून के रखवाले मूकदर्शक बनकर तमाशा देखते रहे। यह सवाल बेहद तेजी से उठ रहा है कि क्या खुद एसडीओपी ध्रुवेश जायसवाल ने ही भू-माफियाओं से साठगांठ कर साजिश के तहत पत्रकार को थाने बुलवाया था ताकि गुंडे पुलिस के 'सुरक्षित घेरे' में अपनी भड़ास निकाल सकें। एसडीओपी का इतिहास भी काफी दागदार रहा है; बलरामपुर (वाड्रफनगर) में पदस्थापना के दौरान भी उन पर कोयला-रेत माफिया से मिलकर निर्भीक पत्रकारों को फर्जी केस में फंसाने के आरोप लगे थे, जिसकी जांच के निर्देश मानवाधिकार आयोग (NHRC) को देने पड़े थे। इसके अलावा सरगुजा (अम्बिकापुर) कार्यकाल के दौरान आदिवासियों, विशेषकर पहाड़ी कोरवाओं के लाखों रुपये डकारने वाले भ्रष्ट एनजीओ को मूक संरक्षण देने के मामले में भी उनकी कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में रही थी। पत्थलगांव को रसूखदार व्यापारियों और 'सेठों' का गढ़ माना जाता है, जहाँ अरबों रुपये के जमीन फर्जीवाड़े, कोयला चोरी, अवैध रेत खनन और नकली बीज बेचने जैसे काले धंधे चलते हैं। जब पत्रकार अमित पांडेय ने इनके काले कारनामों को बेनकाब किया, तो इन रसूखदारों ने पुलिस को अपनी 'प्राइवेट सिक्योरिटी' की तरह इस्तेमाल किया। सच दिखाने वाले ईमानदार पत्रकार को डराने के लिए अब उन पर वसूली (Extortion) के झूठे केस थोपने की धमकी देकर चरित्र हनन की घटिया साजिशें रची जा रही हैं। इस संकट की घड़ी में भी सत्ता की चाटुकारिता करने वाले कुछ स्वयंभू पत्रकार और प्रेस क्लब के दलाल रसूखदारों के तलवे चाटने में व्यस्त हैं और पीड़ित पत्रकार के खिलाफ खड़े हैं। इस पूरे मामले में छत्तीसगढ़ के मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस की भूमिका भी पूरी तरह रीढ़विहीन नजर आ रही है। कांग्रेस के बड़े नेता केवल अपने बंद कमरों में बैठकर सोशल मीडिया पर निंदा-प्रस्ताव के दो-चार पोस्ट डालकर कर्तव्य की इतिश्री कर रहे हैं, क्योंकि पत्थलगांव के इन 'सेठों' के तार कांग्रेस के बड़े नेताओं की जेबों से भी जुड़े हुए हैं। सबसे बड़ा विरोधाभास यह है कि सरगुजा संभाग से आने वाले कांग्रेस के कद्दावर नेता टी.एस. सिंहदेव (टीएस बाबा), जो इस समय प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष (PCC Chief) बनने की दौड़ में सबसे आगे चल रहे हैं, अपने ही क्षेत्र में हुई इतनी बड़ी वारदात पर पूरी तरह मौन साधे हुए हैं। सुशासन के नाम पर चल रहे इस नंगे नाच के खिलाफ अब सीधे 'जनता बनाम व्यवस्था' की जंग छिड़ गई है और लोग सोशल मीडिया पर आरोपी एसडीओपी ध्रुवेश जायसवाल को सस्पेंड करने की पुरजोर मांग कर रहे हैं।
    1
    छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के गृह जिले जशपुर के पत्थलगांव थाना क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की धज्जियां उड़ाते हुए पुलिस की मौजूदगी में पत्रकार अमित पांडेय की बेरहमी से पिटाई का बेहद संगीन मामला सामने आया है। एक बेबस परिवार की बेशकीमती जमीन को फर्जीवाड़े से हड़पने और विरोध करने पर भू-स्वामी की हत्या करने वाले कथित भू-माफियाओं का पर्दाफाश करने की सजा पत्रकार को इस तरह भुगतनी पड़ी है। इस सनसनीखेज वारदात से पूरे सूबे में 'सुशासन' के दावों की धज्जियां उड़ गई हैं और इलाके की न्यायप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

आरोप है कि थाने के भीतर, पुलिस बल और खुद एसडीओपी (SDOP) ध्रुवेश जायसवाल की मौजूदगी में सत्ता से जुड़े गुंडों ने पत्रकार के गिरेबान पर हाथ डाला और उन्हें बेरहमी से लहूलुहान कर दिया, जबकि कानून के रखवाले मूकदर्शक बनकर तमाशा देखते रहे। यह सवाल बेहद तेजी से उठ रहा है कि क्या खुद एसडीओपी ध्रुवेश जायसवाल ने ही भू-माफियाओं से साठगांठ कर साजिश के तहत पत्रकार को थाने बुलवाया था ताकि गुंडे पुलिस के 'सुरक्षित घेरे' में अपनी भड़ास निकाल सकें। एसडीओपी का इतिहास भी काफी दागदार रहा है; बलरामपुर (वाड्रफनगर) में पदस्थापना के दौरान भी उन पर कोयला-रेत माफिया से मिलकर निर्भीक पत्रकारों को फर्जी केस में फंसाने के आरोप लगे थे, जिसकी जांच के निर्देश मानवाधिकार आयोग (NHRC) को देने पड़े थे। इसके अलावा सरगुजा (अम्बिकापुर) कार्यकाल के दौरान आदिवासियों, विशेषकर पहाड़ी कोरवाओं के लाखों रुपये डकारने वाले भ्रष्ट एनजीओ को मूक संरक्षण देने के मामले में भी उनकी कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में रही थी।

पत्थलगांव को रसूखदार व्यापारियों और 'सेठों' का गढ़ माना जाता है, जहाँ अरबों रुपये के जमीन फर्जीवाड़े, कोयला चोरी, अवैध रेत खनन और नकली बीज बेचने जैसे काले धंधे चलते हैं। जब पत्रकार अमित पांडेय ने इनके काले कारनामों को बेनकाब किया, तो इन रसूखदारों ने पुलिस को अपनी 'प्राइवेट सिक्योरिटी' की तरह इस्तेमाल किया। सच दिखाने वाले ईमानदार पत्रकार को डराने के लिए अब उन पर वसूली (Extortion) के झूठे केस थोपने की धमकी देकर चरित्र हनन की घटिया साजिशें रची जा रही हैं। इस संकट की घड़ी में भी सत्ता की चाटुकारिता करने वाले कुछ स्वयंभू पत्रकार और प्रेस क्लब के दलाल रसूखदारों के तलवे चाटने में व्यस्त हैं और पीड़ित पत्रकार के खिलाफ खड़े हैं।

इस पूरे मामले में छत्तीसगढ़ के मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस की भूमिका भी पूरी तरह रीढ़विहीन नजर आ रही है। कांग्रेस के बड़े नेता केवल अपने बंद कमरों में बैठकर सोशल मीडिया पर निंदा-प्रस्ताव के दो-चार पोस्ट डालकर कर्तव्य की इतिश्री कर रहे हैं, क्योंकि पत्थलगांव के इन 'सेठों' के तार कांग्रेस के बड़े नेताओं की जेबों से भी जुड़े हुए हैं। सबसे बड़ा विरोधाभास यह है कि सरगुजा संभाग से आने वाले कांग्रेस के कद्दावर नेता टी.एस. सिंहदेव (टीएस बाबा), जो इस समय प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष (PCC Chief) बनने की दौड़ में सबसे आगे चल रहे हैं, अपने ही क्षेत्र में हुई इतनी बड़ी वारदात पर पूरी तरह मौन साधे हुए हैं। सुशासन के नाम पर चल रहे इस नंगे नाच के खिलाफ अब सीधे 'जनता बनाम व्यवस्था' की जंग छिड़ गई है और लोग सोशल मीडिया पर आरोपी एसडीओपी ध्रुवेश जायसवाल को सस्पेंड करने की पुरजोर मांग कर रहे हैं।
    user_SURGUJA TIMES
    SURGUJA TIMES
    Digital News & Media Agency अंबिकापुर, सरगुजा, छत्तीसगढ़•
    12 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.