logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

खूंटी जिला के कर्रा प्रखंड में सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का शुभारंभ डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के द्वारा खूंटी जिला के कर्रा प्रखंड में +2 उच्च विद्यालय के समीप एक नए सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का शुभारंभ अत्यंत उत्साह और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस केंद्र का उद्घाटन प्रखंड विकास पदाधिकारी श्रीमती स्मिता नागेसिया तथा मुख्यमंत्री लघु कुटीर उद्योगो विकास बोर्ड की जिला समन्वयक श्रीमती अतेन तोपनो , प्रखंड समन्वयक संतोष कुमार सोनी के करकमलों द्वारा किया गया। उद्घाटन अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की और ग्रामीण महिलाओं के लिए इस पहल को आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। कार्यक्रम के दौरान डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के संस्थापक श्री जितेंद्र कुमार वर्मा ने संस्था की कार्यप्रणाली, उद्देश्यों और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह सिलाई केंद्र केवल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि महिलाओं को उत्पादन आधारित कार्य से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का प्रयास करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि संस्था का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों की महिलाओं और युवतियों को कौशल विकास के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना है, ताकि वे स्वयं के साथ-साथ अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को भी मजबूत कर सकें। इस अवसर पर राज्य समन्वयक प्रियंका कुमारी, प्रोग्राम मैनेजर जेसिंटा गुड़िया, एलेन गुड़िया तथा सिलाई शिक्षिका अनीमा तिरू की सक्रिय उपस्थिति रही। कार्यक्रम के दौरान सभी उपस्थित अतिथियों ने बारी-बारी से अपने विचार एवं सुझाव साझा किए। उन्होंने महिलाओं को नियमित प्रशिक्षण लेने, कौशल को व्यवसाय में बदलने और स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। सभी अतिथियों ने इस पहल को महिला सशक्तिकरण और आजीविका संवर्धन की दिशा में एक प्रभावी कदम बताया। सिलाई शिक्षिका द्वारा प्रशिक्षण की रूपरेखा प्रस्तुत की गई, जिसमें बताया गया कि केंद्र में महिलाओं को सिलाई, कटिंग, डिजाइनिंग तथा तैयार परिधान निर्माण का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे स्वरोजगार शुरू कर सकें या स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ सकें। इस अवसर पर पंचायत की महिला मित्र, स्थानीय ग्रामीण महिलाएं, अभिभावक एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे। ग्रामीण जनता ने इस पहल का स्वागत करते हुए संस्था और प्रशासन का आभार व्यक्त किया। सभी ने आशा व्यक्त की कि यह केंद्र क्षेत्र की महिलाओं के लिए रोजगार और सम्मानजनक जीवन का नया मार्ग प्रशस्त करेगा। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन एवं सामूहिक संकल्प के साथ हुआ, जिसमें सभी ने मिलकर क्षेत्र के विकास और महिला सशक्तिकरण के लिए निरंतर सहयोग का आश्वासन दिया। #WCSFCharitySpiritFoundation #WomenEmpowerment #SkillDevelopment #SewingTrainingCentre #LivelihoodPromotion #RuralWomenEmpowerment #SelfReliance #Khunti #KarraBlock #TribalDevelopment #VocalForLocal #SHG #SustainableLivelihood #CSR #CommunityDevelopment #WomenEntrepreneurship

1 hr ago
user_WCSF Team
WCSF Team
Women's Organisation Simdega, Jharkhand•
1 hr ago

खूंटी जिला के कर्रा प्रखंड में सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का शुभारंभ डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के द्वारा खूंटी जिला के कर्रा प्रखंड में +2 उच्च विद्यालय के समीप एक नए सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का शुभारंभ अत्यंत उत्साह और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस केंद्र का उद्घाटन प्रखंड विकास पदाधिकारी श्रीमती स्मिता नागेसिया तथा मुख्यमंत्री लघु कुटीर उद्योगो विकास बोर्ड की जिला समन्वयक श्रीमती अतेन तोपनो , प्रखंड समन्वयक संतोष कुमार सोनी के करकमलों द्वारा किया गया। उद्घाटन अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की और ग्रामीण महिलाओं के लिए इस पहल को आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। कार्यक्रम के दौरान डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के संस्थापक श्री जितेंद्र कुमार वर्मा ने संस्था की कार्यप्रणाली, उद्देश्यों और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह सिलाई केंद्र केवल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि महिलाओं को उत्पादन आधारित कार्य से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का प्रयास करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि संस्था का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों की महिलाओं और युवतियों को कौशल विकास के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना है, ताकि वे स्वयं के साथ-साथ अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को भी मजबूत कर सकें। इस अवसर पर राज्य समन्वयक प्रियंका कुमारी, प्रोग्राम मैनेजर जेसिंटा गुड़िया, एलेन गुड़िया तथा सिलाई शिक्षिका अनीमा तिरू की सक्रिय उपस्थिति रही। कार्यक्रम के दौरान सभी उपस्थित अतिथियों ने बारी-बारी से अपने विचार एवं सुझाव साझा किए। उन्होंने महिलाओं को नियमित प्रशिक्षण लेने, कौशल को व्यवसाय में बदलने और स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। सभी अतिथियों ने इस पहल को महिला सशक्तिकरण और आजीविका संवर्धन की दिशा में एक प्रभावी कदम बताया। सिलाई शिक्षिका द्वारा प्रशिक्षण की रूपरेखा प्रस्तुत की गई, जिसमें बताया गया कि केंद्र में महिलाओं को सिलाई, कटिंग, डिजाइनिंग तथा तैयार परिधान निर्माण का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे स्वरोजगार शुरू कर सकें या स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ सकें। इस अवसर पर पंचायत की महिला मित्र, स्थानीय ग्रामीण महिलाएं, अभिभावक एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे। ग्रामीण जनता ने इस पहल का स्वागत करते हुए संस्था और प्रशासन का आभार व्यक्त किया। सभी ने आशा व्यक्त की कि यह केंद्र क्षेत्र की महिलाओं के लिए रोजगार और सम्मानजनक जीवन का नया मार्ग प्रशस्त करेगा। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन एवं सामूहिक संकल्प के साथ हुआ, जिसमें सभी ने मिलकर क्षेत्र के विकास और महिला सशक्तिकरण के लिए निरंतर सहयोग का आश्वासन दिया। #WCSFCharitySpiritFoundation #WomenEmpowerment #SkillDevelopment #SewingTrainingCentre #LivelihoodPromotion #RuralWomenEmpowerment #SelfReliance #Khunti #KarraBlock #TribalDevelopment #VocalForLocal #SHG #SustainableLivelihood #CSR #CommunityDevelopment #WomenEntrepreneurship

More news from Jharkhand and nearby areas
  • डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के द्वारा खूंटी जिला के कर्रा प्रखंड में +2 उच्च विद्यालय के समीप एक नए सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का शुभारंभ अत्यंत उत्साह और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस केंद्र का उद्घाटन प्रखंड विकास पदाधिकारी श्रीमती स्मिता नागेसिया तथा मुख्यमंत्री लघु कुटीर उद्योगो विकास बोर्ड की जिला समन्वयक श्रीमती अतेन तोपनो , प्रखंड समन्वयक संतोष कुमार सोनी के करकमलों द्वारा किया गया। उद्घाटन अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की और ग्रामीण महिलाओं के लिए इस पहल को आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। कार्यक्रम के दौरान डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के संस्थापक श्री जितेंद्र कुमार वर्मा ने संस्था की कार्यप्रणाली, उद्देश्यों और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह सिलाई केंद्र केवल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि महिलाओं को उत्पादन आधारित कार्य से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का प्रयास करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि संस्था का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों की महिलाओं और युवतियों को कौशल विकास के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना है, ताकि वे स्वयं के साथ-साथ अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को भी मजबूत कर सकें। इस अवसर पर राज्य समन्वयक प्रियंका कुमारी, प्रोग्राम मैनेजर जेसिंटा गुड़िया, एलेन गुड़िया तथा सिलाई शिक्षिका अनीमा तिरू की सक्रिय उपस्थिति रही। कार्यक्रम के दौरान सभी उपस्थित अतिथियों ने बारी-बारी से अपने विचार एवं सुझाव साझा किए। उन्होंने महिलाओं को नियमित प्रशिक्षण लेने, कौशल को व्यवसाय में बदलने और स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। सभी अतिथियों ने इस पहल को महिला सशक्तिकरण और आजीविका संवर्धन की दिशा में एक प्रभावी कदम बताया। सिलाई शिक्षिका द्वारा प्रशिक्षण की रूपरेखा प्रस्तुत की गई, जिसमें बताया गया कि केंद्र में महिलाओं को सिलाई, कटिंग, डिजाइनिंग तथा तैयार परिधान निर्माण का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे स्वरोजगार शुरू कर सकें या स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ सकें। इस अवसर पर पंचायत की महिला मित्र, स्थानीय ग्रामीण महिलाएं, अभिभावक एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे। ग्रामीण जनता ने इस पहल का स्वागत करते हुए संस्था और प्रशासन का आभार व्यक्त किया। सभी ने आशा व्यक्त की कि यह केंद्र क्षेत्र की महिलाओं के लिए रोजगार और सम्मानजनक जीवन का नया मार्ग प्रशस्त करेगा। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन एवं सामूहिक संकल्प के साथ हुआ, जिसमें सभी ने मिलकर क्षेत्र के विकास और महिला सशक्तिकरण के लिए निरंतर सहयोग का आश्वासन दिया। #WCSFCharitySpiritFoundation #WomenEmpowerment #SkillDevelopment #SewingTrainingCentre #LivelihoodPromotion #RuralWomenEmpowerment #SelfReliance #Khunti #KarraBlock #TribalDevelopment #VocalForLocal #SHG #SustainableLivelihood #CSR #CommunityDevelopment #WomenEntrepreneurship
    1
    डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के द्वारा खूंटी जिला के कर्रा प्रखंड में +2 उच्च विद्यालय के समीप एक नए सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का शुभारंभ अत्यंत उत्साह और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस केंद्र का उद्घाटन प्रखंड विकास पदाधिकारी श्रीमती स्मिता नागेसिया तथा मुख्यमंत्री लघु कुटीर उद्योगो विकास बोर्ड की जिला समन्वयक श्रीमती अतेन तोपनो , प्रखंड समन्वयक संतोष कुमार सोनी के करकमलों द्वारा किया गया। उद्घाटन अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की और ग्रामीण महिलाओं के लिए इस पहल को आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
कार्यक्रम के दौरान डब्ल्यूसीएसएफ चैरिटीस्पिरिट फाउंडेशन के संस्थापक श्री जितेंद्र कुमार वर्मा ने संस्था की कार्यप्रणाली, उद्देश्यों और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह सिलाई केंद्र केवल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि महिलाओं को उत्पादन आधारित कार्य से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का प्रयास करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि संस्था का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों की महिलाओं और युवतियों को कौशल विकास के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना है, ताकि वे स्वयं के साथ-साथ अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को भी मजबूत कर सकें।
इस अवसर पर राज्य समन्वयक प्रियंका कुमारी, प्रोग्राम मैनेजर जेसिंटा गुड़िया, एलेन गुड़िया तथा सिलाई शिक्षिका अनीमा तिरू की सक्रिय उपस्थिति रही। कार्यक्रम के दौरान सभी उपस्थित अतिथियों ने बारी-बारी से अपने विचार एवं सुझाव साझा किए। उन्होंने महिलाओं को नियमित प्रशिक्षण लेने, कौशल को व्यवसाय में बदलने और स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। सभी अतिथियों ने इस पहल को महिला सशक्तिकरण और आजीविका संवर्धन की दिशा में एक प्रभावी कदम बताया।
सिलाई शिक्षिका द्वारा प्रशिक्षण की रूपरेखा प्रस्तुत की गई, जिसमें बताया गया कि केंद्र में महिलाओं को सिलाई, कटिंग, डिजाइनिंग तथा तैयार परिधान निर्माण का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे स्वरोजगार शुरू कर सकें या स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सामूहिक उत्पादन कार्य से जुड़ सकें।
इस अवसर पर पंचायत की महिला मित्र, स्थानीय ग्रामीण महिलाएं, अभिभावक एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे। ग्रामीण जनता ने इस पहल का स्वागत करते हुए संस्था और प्रशासन का आभार व्यक्त किया। सभी ने आशा व्यक्त की कि यह केंद्र क्षेत्र की महिलाओं के लिए रोजगार और सम्मानजनक जीवन का नया मार्ग प्रशस्त करेगा।
कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन एवं सामूहिक संकल्प के साथ हुआ, जिसमें सभी ने मिलकर क्षेत्र के विकास और महिला सशक्तिकरण के लिए निरंतर सहयोग का आश्वासन दिया।
#WCSFCharitySpiritFoundation
#WomenEmpowerment
#SkillDevelopment
#SewingTrainingCentre
#LivelihoodPromotion
#RuralWomenEmpowerment
#SelfReliance #Khunti #KarraBlock #TribalDevelopment
#VocalForLocal #SHG #SustainableLivelihood #CSR #CommunityDevelopment
#WomenEntrepreneurship
    user_WCSF Team
    WCSF Team
    Women's Organisation Simdega, Jharkhand•
    1 hr ago
  • गुमला भाजपा समर्थित उम्मीदवार के पक्ष में पूर्व मुख्यमंत्री ने किया चुनाव प्रचार, कहा गुमला का विकास चाहते हैं तो शकुंतला को बनाए अध्यक्ष झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास भाजपा समर्थित उम्मीदवार शकुंतला उरांव के पक्ष में प्रचार करने गुमला पहुंचे। उन्होंने भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की। सभी से एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार विकास विरोधी है गुमला का समुचित विकास रुका हुआ है इसलिए शकुंतला उरांव को भारी मतों से विजय बनाएं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से घर-घर जाकर चुनाव पर्ची बांटने और लोगों से बूथ तक पहुंचाने की अपील की। बाइट, रघुवर दास, पूर्व मुख्यमंत्री।
    3
    गुमला
भाजपा समर्थित उम्मीदवार के पक्ष में पूर्व मुख्यमंत्री ने किया चुनाव प्रचार, कहा गुमला का विकास चाहते हैं तो शकुंतला को बनाए अध्यक्ष
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास भाजपा समर्थित उम्मीदवार शकुंतला उरांव के पक्ष में प्रचार करने गुमला पहुंचे। उन्होंने भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की। सभी से एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार विकास विरोधी है गुमला का समुचित विकास रुका हुआ है इसलिए शकुंतला उरांव को भारी मतों से विजय बनाएं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से घर-घर जाकर चुनाव पर्ची बांटने और लोगों से बूथ तक पहुंचाने की अपील की।
बाइट, रघुवर दास, पूर्व मुख्यमंत्री।
    user_Dipak gupta
    Dipak gupta
    पत्रकार गुमला, गुमला, झारखंड•
    1 hr ago
  • नया छत्तीसगढ़ डांस वीडियो वायरल
    1
    नया छत्तीसगढ़ डांस वीडियो वायरल
    user_SAMBHU RAVI
    SAMBHU RAVI
    पत्रकार Jashpur, Chhattisgarh•
    12 hrs ago
  • घाघरा (गुमला) :- उपायुक्त की पहल पर ग्रामीण क्षेत्र के कामकाजी अभिभावकों को संज्ञान में रखते हुए उनके बच्चों के उत्साहवर्धन के लिए आंगनबाड़ी केंद्रों में एक सराहनीय पहल शुरू की गई है। इसके तहत “एक प्लेट काम” योजना के अंतर्गत बच्चों का जन्मदिन सामूहिक रूप से मनाया जा रहा है।इसी क्रम में घाघरा प्रखंड के कोटामाटी, घोड़ाटांगर, पाकरटोली, गम्हरिया सहित कई अन्य आंगनबाड़ी केंद्रों में स्थानीय लोगों द्वारा निर्मित पालक एवं मडुवा (रागी) जैसे मोटे अनाज से बने केक का उपयोग कर बच्चों का जन्मदिन मनाया गया। इसका उद्देश्य बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखना है।बताया गया कि यह जन्मदिन कार्यक्रम हर महीने के तीसरे बुधवार को आयोजित किया जाएगा, जिसमें उसी माह जन्म लेने वाले बच्चों का जन्मदिन सामूहिक रूप से मनाया जाएगा।गम्हरिया आंगनबाड़ी केंद्र में प्रखंड विकास पदाधिकारी सह प्रभारी महिला बाल विकास पदाधिकारी दिनेश कुमार द्वारा बच्चों से केक कटवाकर जन्मदिन मनाया गया।इस अवसर पर बीडीओ दिनेश कुमार ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ाना और उन्हें विशेष महसूस कराना है। ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों के मानसिक एवं सामाजिक विकास पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।वहीं, कार्यक्रम को लेकर एलएस श्वेता ने बताया कि उपायुक्त, गुमला के निर्देशानुसार इस माह जन्म लेने वाले बच्चों का जन्मदिन मनाने का आदेश प्राप्त हुआ था, जिसके आलोक में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। उन्होंने यह भी कहा कि आगे भी उपायुक्त के निर्देशानुसार इस पहल को नियमित रूप से जारी रखा जाएगा।
    2
    घाघरा (गुमला) :- उपायुक्त की पहल पर ग्रामीण क्षेत्र के कामकाजी अभिभावकों को संज्ञान में रखते हुए उनके बच्चों के उत्साहवर्धन के लिए आंगनबाड़ी केंद्रों में एक सराहनीय पहल शुरू की गई है। इसके तहत “एक प्लेट काम” योजना के अंतर्गत बच्चों का जन्मदिन सामूहिक रूप से मनाया जा रहा है।इसी क्रम में घाघरा प्रखंड के कोटामाटी, घोड़ाटांगर, पाकरटोली, गम्हरिया सहित कई अन्य आंगनबाड़ी केंद्रों में स्थानीय लोगों द्वारा निर्मित पालक एवं मडुवा (रागी) जैसे मोटे अनाज से बने केक का उपयोग कर बच्चों का जन्मदिन मनाया गया। इसका उद्देश्य बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखना है।बताया गया कि यह जन्मदिन कार्यक्रम हर महीने के तीसरे बुधवार को आयोजित किया जाएगा, जिसमें उसी माह जन्म लेने वाले बच्चों का जन्मदिन सामूहिक रूप से मनाया जाएगा।गम्हरिया आंगनबाड़ी केंद्र में प्रखंड विकास पदाधिकारी सह प्रभारी महिला बाल विकास पदाधिकारी दिनेश कुमार द्वारा बच्चों से केक कटवाकर जन्मदिन मनाया गया।इस अवसर पर बीडीओ दिनेश कुमार ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ाना और उन्हें विशेष महसूस कराना है। ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों के मानसिक एवं सामाजिक विकास पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।वहीं, कार्यक्रम को लेकर एलएस श्वेता ने बताया कि उपायुक्त, गुमला के निर्देशानुसार इस माह जन्म लेने वाले बच्चों का जन्मदिन मनाने का आदेश प्राप्त हुआ था, जिसके आलोक में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। उन्होंने यह भी कहा कि आगे भी उपायुक्त के निर्देशानुसार इस पहल को नियमित रूप से जारी रखा जाएगा।
    user_अरविन्द यादव
    अरविन्द यादव
    Newspaper advertising department गुमला, गुमला, झारखंड•
    14 hrs ago
  • गुमला: निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 की धारा 12(1)(सी) के अंतर्गत जिले के मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों की प्रवेश कक्षा में 25 प्रतिशत सीटें पड़ोस के अभिवंचित समूह एवं कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए आरक्षित की गई हैं। इस प्रावधान के तहत शैक्षणिक सत्र हेतु निम्नलिखित विद्यालयों में नामांकन लिया जाना है: * सरस्वती विद्या मंदिर, गुमला * सरस्वती शिशु मंदिर, गुमल * सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, भरनो * डी०ए०वी० पब्लिक स्कूल, गुमला * संत मेरी स्कूल, कुदा, कामडारा * चंचल सिग्नेस स्कूल, अरमई * सरस्वती शिशु मंदिर, भलमंदा * सोलिटियर एजुकेशनल अकादमी, मकरा * उर्सुलाईन इंग्लिश मीडियम स्कूल, कोनबीर नवाटोली, बसिया * उर्सुलाईन इंग्लिश मीडियम स्कूल, टोंगों, चैनपुर * मॉट फोर्ट सीनियर सेकेंडरी स्कूल, कोनबीर नवाटोली, बसिया, * किशोर मोहन लाल साहू, सरस्वती शिशु मंदिर, कयम्बा, पालकोट * रंजीत नारायण सिंह सरस्वती विद्यालय, कुदरा, सिसई * कार्तिक उरांव आदिवासी बाल विद्यालय, निजमा बधराईटोली * संत अन्ना मध्य विद्यालय, दाउदनगर पुग्गु * नोट्रेडेम स्कूल, गुमला * जटया मध्य विद्यालय, बुरहू * संत जेवियर्स स्कूल, गुमला * विकास चिल्ड्रेन एकेडमी, विशुनपुर अधिनियम के प्रावधान के अनुसार ‘पड़ोस’ से आशय विद्यालय से 01 किलोमीटर की परिधि के अंतर्गत निवास करने वाले बच्चों से है। यदि 01 किलोमीटर की परिधि में पर्याप्त संख्या में बच्चे उपलब्ध नहीं होते हैं, तो विद्यालय की विस्तारित सीमा 06 किलोमीटर की परिधि तक निवास करने वाले बच्चों का नामांकन किया जाएगा। जिला शिक्षा अधीक्षक, गुमला ने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए इस महत्वपूर्ण अवसर का लाभ उठाएँ तथा निर्धारित प्रक्रिया के तहत समय पर आवेदन सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि शिक्षा प्रत्येक बच्चे का अधिकार है और आरटीई अधिनियम के माध्यम से आर्थिक रूप से कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से जोड़ने का यह एक सशक्त माध्यम है। अभिभावकों से अनुरोध है कि वे संबंधित विद्यालय अथवा प्रखंड शिक्षा कार्यालय से संपर्क कर आवश्यक जानकारी प्राप्त करें एवं अपने बच्चों का नामांकन सुनिश्चित करें।
    1
    गुमला: निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 की धारा 12(1)(सी) के अंतर्गत जिले के मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों की प्रवेश कक्षा में 25 प्रतिशत सीटें पड़ोस के अभिवंचित समूह एवं कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए आरक्षित की गई हैं।
इस प्रावधान के तहत शैक्षणिक सत्र हेतु निम्नलिखित विद्यालयों में नामांकन लिया जाना है:
* सरस्वती विद्या मंदिर, गुमला
* सरस्वती शिशु मंदिर, गुमल
* सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, भरनो
* डी०ए०वी० पब्लिक स्कूल, गुमला
* संत मेरी स्कूल, कुदा, कामडारा
* चंचल सिग्नेस स्कूल, अरमई
* सरस्वती शिशु मंदिर, भलमंदा
* सोलिटियर एजुकेशनल अकादमी, मकरा
* उर्सुलाईन इंग्लिश मीडियम स्कूल, कोनबीर नवाटोली, बसिया
* उर्सुलाईन इंग्लिश मीडियम स्कूल, टोंगों, चैनपुर
* मॉट फोर्ट सीनियर सेकेंडरी स्कूल, कोनबीर नवाटोली, बसिया,
* किशोर मोहन लाल साहू, सरस्वती शिशु मंदिर, कयम्बा, पालकोट
* रंजीत नारायण सिंह सरस्वती विद्यालय, कुदरा, सिसई
* कार्तिक उरांव आदिवासी बाल विद्यालय, निजमा बधराईटोली
* संत अन्ना मध्य विद्यालय, दाउदनगर पुग्गु
* नोट्रेडेम स्कूल, गुमला
* जटया मध्य विद्यालय, बुरहू
* संत जेवियर्स स्कूल, गुमला
* विकास चिल्ड्रेन एकेडमी, विशुनपुर
अधिनियम के प्रावधान के अनुसार ‘पड़ोस’ से आशय विद्यालय से 01 किलोमीटर की परिधि के अंतर्गत निवास करने वाले बच्चों से है। यदि 01 किलोमीटर की परिधि में पर्याप्त संख्या में बच्चे उपलब्ध नहीं होते हैं, तो विद्यालय की विस्तारित सीमा 06 किलोमीटर की परिधि तक निवास करने वाले बच्चों का नामांकन किया जाएगा।
जिला शिक्षा अधीक्षक, गुमला ने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए इस महत्वपूर्ण अवसर का लाभ उठाएँ तथा निर्धारित प्रक्रिया के तहत समय पर आवेदन सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि शिक्षा प्रत्येक बच्चे का अधिकार है और आरटीई अधिनियम के माध्यम से आर्थिक रूप से कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से जोड़ने का यह एक सशक्त माध्यम है।
अभिभावकों से अनुरोध है कि वे संबंधित विद्यालय अथवा प्रखंड शिक्षा कार्यालय से संपर्क कर आवश्यक जानकारी प्राप्त करें एवं अपने बच्चों का नामांकन सुनिश्चित करें।
    user_राहुल कुमार
    राहुल कुमार
    Local News Reporter चैनपुर, गुमला, झारखंड•
    2 hrs ago
  • चैनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत लंगड़ामोड़ गांव के पास मंगलवार शाम करीब 7 बजे एक युवक बाइक दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल की पहचान डिपाडीह निवासी 22 वर्षीय उमेश नायक, पिता मोथो नायक के रूप में हुई है।
    1
    चैनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत लंगड़ामोड़ गांव के पास मंगलवार शाम करीब 7 बजे एक युवक बाइक दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल की पहचान डिपाडीह निवासी 22 वर्षीय उमेश नायक, पिता मोथो नायक के रूप में हुई है।
    user_Sachin public news
    Sachin public news
    Local News Reporter चैनपुर, गुमला, झारखंड•
    11 hrs ago
  • *मनरेगा सामाजिक अंकेक्षन में भारी लापरवाही* सिसई (गुमला)। सिसई प्रखंड के भदौली पंचायत में इन दिनों मनरेगा से संबंधित वित्तीय वर्ष 2024 - 25 में हुए कार्यों का भारी लापरवाही के साथ सामाजिक अंकेक्षन का कार्य किया जा रहा है। पंचायत में बिना एंट्री पॉइंट जनप्रतिनिधियों के साथ बिना बैठक कर के कार्य किया जा रहा है। ऑडिट टीम के द्वारा बताया गया कि पंचायत सचिव विनोद भगत और रोजगार सेवक अजय पात्रिक लकड़ा कार्य में सहयोग नहीं कर रहे हैं, जिसके कारण परेशानी हो रहा है। दिन मंगलवार को पंचायत के राजस्व ग्राम सकरौली में ग्राम प्रधान सुमन पहान की अध्यक्षता में तीन वार्ड सदस्यों की अनुपस्थिति में ग्राम सभा का बैठक किया गया। प्रचार प्रसार नहीं होने के कारण चार टोला में से मात्र 12 से 14 ग्रामीण ही उपस्थित रहे । वहीं ग्रामीणों के बैठने के लिए कोई व्यवस्था भी नहीं किया गया था जिसके कारण ग्रामीण जमीन पर बैठने को विवश थे। यह देखकर सकरौली वार्ड सदस्य कृष्णा कुमार साहु भड़क उठे और उन्होंने कहा कि हर समय ग्रामीणों को अंधकार में रखकर हस्ताक्षर लेकर सिर्फ कोरम पूरा किया जाता हैं। जिसके कारण योग्य लाभुक को योजना का लाभ नहीं मिल पाता है। राजस्व ग्राम सकरौली के अंतर्गत सकरौली खास, उरांव टोली सकरौली, सकरौली कुंबाटोली एवं छापर डीपा आता है। चार वार्ड को मिलाकर लगभग 2000 की आबादी है जिसमें से सिर्फ 12 से 14 ग्रामीणों के बीच ग्राम सभा का बैठक करा कर कोरम पूरा किया गया। इस विषय में जब भदौली पंचायत के रोजगार सेवक से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि ग्रामसभा के बैठक की सूचना सभी ग्रामीणों को दिया गया था वहीं ग्राम प्रधान के द्वारा बैठक को लेकर घंट भी बजवाया गया था। बावजूद ग्रामीण बैठक में नहीं आये। जबकि ग्रामीणों का कहना है कि हमलोगों को इस बैठक के विषय में पूर्व में किसी के द्वारा कोई सूचना नहीं मिली थी। जानकारी ना होने के कारण हमलोग बैठक में शामिल नहीं हो सके।
    1
    *मनरेगा सामाजिक अंकेक्षन में भारी लापरवाही*
सिसई (गुमला)। सिसई प्रखंड के भदौली पंचायत में इन दिनों मनरेगा से संबंधित वित्तीय वर्ष 2024 - 25 में हुए कार्यों का भारी लापरवाही के साथ सामाजिक अंकेक्षन का कार्य किया जा रहा है। 
पंचायत में बिना एंट्री पॉइंट जनप्रतिनिधियों के साथ बिना बैठक कर के कार्य किया जा रहा है। ऑडिट टीम के द्वारा बताया गया कि पंचायत सचिव विनोद भगत और रोजगार सेवक अजय पात्रिक लकड़ा कार्य में सहयोग नहीं कर रहे हैं, जिसके कारण परेशानी हो रहा है। 
दिन मंगलवार को पंचायत के राजस्व ग्राम सकरौली में ग्राम प्रधान सुमन पहान की अध्यक्षता में तीन वार्ड सदस्यों की अनुपस्थिति में ग्राम सभा का बैठक किया गया। प्रचार प्रसार नहीं होने के कारण चार टोला में से मात्र 12 से 14 ग्रामीण ही उपस्थित रहे । वहीं ग्रामीणों के बैठने के लिए कोई व्यवस्था भी नहीं किया गया था जिसके कारण ग्रामीण जमीन पर बैठने को विवश थे। यह देखकर सकरौली वार्ड सदस्य कृष्णा कुमार साहु भड़क उठे और उन्होंने कहा कि हर समय ग्रामीणों को अंधकार में रखकर हस्ताक्षर लेकर सिर्फ कोरम पूरा किया जाता हैं। जिसके कारण योग्य लाभुक को योजना का लाभ नहीं मिल पाता है। 
राजस्व ग्राम सकरौली के अंतर्गत सकरौली खास, उरांव टोली सकरौली, सकरौली कुंबाटोली एवं छापर डीपा आता है। चार वार्ड को मिलाकर लगभग 2000 की आबादी है जिसमें से सिर्फ 12 से 14 ग्रामीणों के बीच ग्राम सभा का बैठक करा कर कोरम पूरा किया गया।
इस विषय में जब भदौली पंचायत के रोजगार सेवक से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि ग्रामसभा के बैठक की सूचना सभी ग्रामीणों को दिया गया था वहीं ग्राम प्रधान के द्वारा बैठक को लेकर घंट भी बजवाया गया था। बावजूद ग्रामीण बैठक में नहीं आये। जबकि ग्रामीणों का कहना है कि हमलोगों को इस बैठक के विषय में पूर्व में किसी के द्वारा कोई सूचना नहीं मिली थी।  जानकारी ना होने के कारण हमलोग बैठक में शामिल नहीं हो सके।
    user_उदय कुशवाहा
    उदय कुशवाहा
    सिसई, गुमला, झारखंड•
    12 hrs ago
  • गुमला *जिले में अलग-अलग हादसे में चार लोगों की हुई मौत* गुमला जिले में अलग अलग सड़क हादसे और आत्महत्या मामले में 4 लोगों की मौत हो गई। पहली घटना जारी थाना क्षेत्र के पांची गांव की ही। जहां 43 वर्षीय फुलजेम्स एक्का की कुएं में डूबने से मौत हो गई। दूसरी घटना में सिसई थाना क्षेत्र के पंडरानी निवासी 53 वर्षीय कुलवीर सिंह ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के समय घर पर कोई मौजूद नहीं था। मृतक के भाई उमेश सिंह ने बताया कि सोमवार की सुबह परिवार के सभी सदस्य किसी काम से बाहर गए थे। वही, घाघरा बिशुनपुर पथ पर देवाकी मोड़ के समीप बॉक्साइट ट्रक की चपेट में आने से 36 वर्षीय सरोज सिंह की मौके पर ही मौत हो गई। चौथी घटना डुमरी थाना क्षेत्र के भागी टोली गांव की है। जहां प्रवीण मिंज 48 वर्ष बकरी चराने जंगल की ओर गया था। सखुआ के पेड़ के नीचे बैठा था तभी पेड़ की मोटी डाली टूटकर उसके सिर में गिर गई जिससे घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई। पुलिस सभी मामले पर छानबीन कर रही है।
    2
    गुमला
*जिले में अलग-अलग हादसे में चार लोगों की हुई मौत*
गुमला जिले में अलग अलग सड़क हादसे और आत्महत्या मामले में 4 लोगों की मौत हो गई। पहली घटना जारी थाना क्षेत्र के पांची गांव की ही। जहां 43 वर्षीय फुलजेम्स एक्का की कुएं में डूबने से मौत हो गई। दूसरी घटना में सिसई थाना क्षेत्र के पंडरानी निवासी 53 वर्षीय कुलवीर सिंह ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के समय घर पर कोई मौजूद नहीं था। मृतक के भाई उमेश सिंह ने बताया कि सोमवार की सुबह परिवार के सभी सदस्य किसी काम से बाहर गए थे। वही,  घाघरा बिशुनपुर पथ पर देवाकी मोड़ के समीप बॉक्साइट ट्रक की चपेट में आने से 36 वर्षीय सरोज सिंह की मौके पर ही मौत हो गई। चौथी घटना डुमरी थाना क्षेत्र के भागी टोली गांव की है। जहां प्रवीण मिंज 48 वर्ष बकरी चराने जंगल की ओर गया था। सखुआ के पेड़ के नीचे बैठा था तभी पेड़ की मोटी डाली टूटकर उसके सिर में गिर गई जिससे घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई। पुलिस सभी मामले पर छानबीन कर रही है।
    user_Dipak gupta
    Dipak gupta
    पत्रकार गुमला, गुमला, झारखंड•
    2 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.