हमीरपुर जिले की सरीला तहसील स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरीला में अव्यवस्था का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार नेत्र परीक्षण पद पर तैनात दीपक ने एमबीबीएस डॉक्टर की गैरमौजूदगी में उनकी सीट पर बैठकर मरीज देखने शुरू कर दिए। आरोप है कि इस दौरान एक बुजुर्ग महिला से इलाज के नाम पर फीस की मांग की गई। हमीरपुर जिले की सरीला तहसील स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरीला में अव्यवस्था का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार नेत्र परीक्षण पद पर तैनात दीपक ने एमबीबीएस डॉक्टर की गैरमौजूदगी में उनकी सीट पर बैठकर मरीज देखने शुरू कर दिए। आरोप है कि इस दौरान एक बुजुर्ग महिला से इलाज के नाम पर फीस की मांग की गई। जब महिला ने फीस देने से इनकार किया तो उसका पर्चा अपने पास रख लिया गया और कहा गया कि डॉक्टर मौजूद नहीं हैं, इसलिए इलाज नहीं हो पाएगा। इस पर महिला नाराज हो गई और उसने स्पष्ट कहा कि वह किसी भी प्रकार की फीस नहीं देगी। घटना के बाद वहां मौजूद लोगों में भी असंतोष देखने को मिला। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी अस्पताल में इस तरह फीस मांगना और बिना डॉक्टर के मरीज देखना गंभीर लापरवाही है।
हमीरपुर जिले की सरीला तहसील स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरीला में अव्यवस्था का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार नेत्र परीक्षण पद पर तैनात दीपक ने एमबीबीएस डॉक्टर की गैरमौजूदगी में उनकी सीट पर बैठकर मरीज देखने शुरू कर दिए। आरोप है कि इस दौरान एक बुजुर्ग महिला से इलाज के नाम पर फीस की मांग की गई। हमीरपुर जिले की सरीला तहसील स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरीला में अव्यवस्था का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार नेत्र परीक्षण पद पर तैनात दीपक ने एमबीबीएस डॉक्टर की गैरमौजूदगी में उनकी सीट पर बैठकर मरीज देखने शुरू कर दिए। आरोप
है कि इस दौरान एक बुजुर्ग महिला से इलाज के नाम पर फीस की मांग की गई। जब महिला ने फीस देने से इनकार किया तो उसका पर्चा अपने पास रख लिया गया और कहा गया कि डॉक्टर मौजूद नहीं हैं, इसलिए इलाज नहीं हो पाएगा। इस पर महिला नाराज हो गई और उसने स्पष्ट कहा कि वह किसी भी प्रकार की फीस नहीं देगी। घटना के बाद वहां मौजूद लोगों में भी असंतोष देखने को मिला। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी अस्पताल में इस तरह फीस मांगना और बिना डॉक्टर के मरीज देखना गंभीर लापरवाही है।
- हमीरपुर जिले की सरीला तहसील स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरीला में अव्यवस्था का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार नेत्र परीक्षण पद पर तैनात दीपक ने एमबीबीएस डॉक्टर की गैरमौजूदगी में उनकी सीट पर बैठकर मरीज देखने शुरू कर दिए। आरोप है कि इस दौरान एक बुजुर्ग महिला से इलाज के नाम पर फीस की मांग की गई। जब महिला ने फीस देने से इनकार किया तो उसका पर्चा अपने पास रख लिया गया और कहा गया कि डॉक्टर मौजूद नहीं हैं, इसलिए इलाज नहीं हो पाएगा। इस पर महिला नाराज हो गई और उसने स्पष्ट कहा कि वह किसी भी प्रकार की फीस नहीं देगी। घटना के बाद वहां मौजूद लोगों में भी असंतोष देखने को मिला। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी अस्पताल में इस तरह फीस मांगना और बिना डॉक्टर के मरीज देखना गंभीर लापरवाही है।2
- बिहार के कटिहार में आंगनबाड़ी सेविका बीमार पड़ गई. अधिकारी ने कहा- बीमारी का सबूत चाहिए. मजबूरन आंगनबाड़ी सेविका को हाथ में ड्रिप लगाकर कांपते हुए केंद्र पहुंचना पड़ा. • कहीं सबूत के लिए कंधे पर लाश ढोई जा रही है • कहीं नौकरी बचाने के लिए ड्रिप लगाकर काम पर जाना पड़ रहा है1
- हमीरपुर में टप्पेबाजों का खेल जारी है। एक महिला को लक्ष्मी प्राप्ति का झांसा देकर टप्पेबाजों ने उसके झुमके और नकदी ठग लिए। वारदात सीसीटीवी में कैद हो गई है, और पुलिस जांच में जुटी है। इस तरह की घटनाएं हमीरपुर में पहले भी हुई हैं, जहां लोगों को ठगने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपनाए जाते हैं। अगर आपके साथ भी ऐसी कोई घटना हुई है, तो तुरंत पुलिस से संपर्क करें ¹। रिर्पोट निर्दोष राजपूत1
- माती कलेक्ट्रेट कार्यालय में जिलाधिकारी कपिल सिंह द्वारा जनसुनवाई आयोजित की गई। जनसुनवाई के दौरान जिलाधिकारी ने जनसामान्य की विभिन्न शिकायतों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को प्रत्येक प्रकरण का समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जनसुनवाई में प्राप्त प्रार्थना पत्रों के संबंध में जिलाधिकारी द्वारा संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि सभी प्रकरणों का संतोषपरक निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर किया जाए तथा किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब न हो। शिकायतकर्ता को निस्तारण की प्रगति एवं स्थिति से समय-समय पर अवगत कराया जाए।1
- Post by Nirdosh1
- जालौन जनपद के कोंच कस्बे में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से अपर पुलिस अधीक्षक द्वारा कोतवाली कोंच का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। इस दौरान थाना परिसर की व्यवस्थाओं का गहनता से जायजा लेते हुए अभिलेखों के रखरखाव और कार्यप्रणाली की समीक्षा की गई। निरीक्षण के दौरान थाना कार्यालय के रजिस्टरों और अभिलेखों को बारीकी से देखा गया तथा लंबित विवेचनाओं को समयबद्ध तरीके से निस्तारित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही वांछित अभियुक्तों की शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।1
- कालपी में दबंगों का तांडव? महिला की गुहार का वीडियो वायरल, करवाई का इंतजार!!.....1
- राठ (हमीरपुर)। डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के मौके पर जिला पंचायत अध्यक्ष महोबा जेपी अनुरागी के बयान पर कुछ लोगों ने सोशल मीडिया पर अभद्र और जातिगत टिप्पणी की। इस पर डॉ. भीमराव अंबेडकर सामाजिक समिति राठ ने एसडीएम राठ अभिमन्यु कुमार को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की। समिति के अध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. कमलेश राम ने बताया कि जेपी अनुरागी ने बाबा साहब की जयंती पर कहा था कि कथावाचक रामायण और भागवत गीता की तरह संविधान को भी घर-घर पहुंचाएं। इस पर तुच्छ मानसिकता वाले लोगों ने सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ अभद्र और जातिगत टिप्पणी की, जिससे बहुजन समाज आहत है। समिति ने ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में दीनदयाल वर्मा, चौधरी रमेशचंद, रमाकांत कुटार, दिनेश प्रताप सिंह लोधी, सुरेंद्र सिंह, मनीराम पासवान, मुन्नालाल बौद्ध, सर्वेश कुमार, अरविंद कुमार वर्मा, हरीसिंह, महेंद्र कुमार सहित कई लोग शामिल थे।1