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धनबाद के झरिया स्थित जोड़ापोखर थाना क्षेत्र के जामाडोबा डुमरी नंबर-2 में हुई गोलीबारी की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
Chandu thakur
धनबाद के झरिया स्थित जोड़ापोखर थाना क्षेत्र के जामाडोबा डुमरी नंबर-2 में हुई गोलीबारी की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
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- धनबाद के झरिया स्थित जोड़ापोखर थाना क्षेत्र के जामाडोबा डुमरी नंबर-2 में हुई गोलीबारी की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।1
- धनबाद में पुलिस ने एक मोटरसाइकिल चोर को जेल भेज दिया है। इस संबंध में अधिक जानकारी साधना न्यूज द्वारा नीरज कुमार ने दी।1
- हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर धनबाद के वरिष्ठ पत्रकार राजेंद्र वर्मा को सम्मानित किया गया है।1
- धनबाद क्रिकेट एसोसिएशन (DCA) ने झारखंड टी-20 क्रिकेट लीग के लिए आयोजित खिलाड़ियों की नीलामी में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इस नीलामी में धनबाद के आठ प्रतिभाशाली खिलाड़ियों का चयन विभिन्न टीमों में किया गया है, जिससे जिले के क्रिकेट जगत में और DCA में खुशी का माहौल है। चयनित खिलाड़ियों में कुनैन कुरैशी, श्रेष्ठ, राहुल प्रसाद, अनुराग सिंह सेंगर, प्रतीक रंजन, सिद्धार्थ सिन्हा, युवराज सिंह और आर्यमन लाला शामिल हैं। इन सभी खिलाड़ियों को उनकी प्रतिभा के आधार पर विभिन्न फ्रेंचाइजी टीमों ने अपनी टीम का हिस्सा बनाया है।1
- धनबाद के कतरास क्षेत्र के टीलाटांड़ में एक जमीन धोखाधड़ी का मामला सामने आया है, जहां एक परिवार ने अपनी 71 डिसमिल जमीन को कथित तौर पर फर्जी तरीके से रजिस्ट्री करवाकर ऑनलाइन चढ़ाने और बेचने का आरोप लगाया है। रविवार सुबह 11:00 बजे मुकेश कुमार सिंह और उनके परिजनों ने एक प्रेस वार्ता कर बताया कि कतरास क्षेत्र के तिलटन आकाश कनारी जमुना के पास स्थित उनकी कुल 71 डिसमिल जमीन है, जिसका खाता नंबर 11 और 6, मौजा 251 एवं प्लॉट नंबर 181 है, जो जागेश्वर राय के नाम पर अंकित है और उसकी ऑफलाइन रसीद 2017 तक कटी हुई थी। उन्होंने यह भी दावा किया कि 2012 तक उनके परिजनों ने इस जमीन पर खेती भी की थी। मुकेश कुमार सिंह के अनुसार, उनके दादाजी की मृत्यु छह माह पहले हुई, जिसके बाद उन्हें पता चला कि उनकी जमीन को टीलाटांड़ बस्ती निवासी सोनिया देवी (स्वर्गीय फिरंगी मिस्त्री की पत्नी) और संतोष मिस्त्री ने कथित तौर पर फर्जी तरीके से रजिस्ट्री करवाकर ऑनलाइन दर्ज करा लिया है। इतना ही नहीं, उन्होंने आरोप लगाया कि इस जमीन का एक हिस्सा, 14 डिसमिल, टीलाटांड़ निवासी हरिमोहन सिंह और उनके पोते राहुल सिंह को बेच दिया गया है। जब उन्होंने इस संबंध में धनबाद उपायुक्त, बाघमारा के अंचलाधिकारी और अन्य अधिकारियों से शिकायत करने की कोशिश की, तो उनकी फरियाद नहीं सुनी गई और अधिकारियों ने अपना पल्ला झाड़ लिया, जिसके बाद थक हारकर उन्हें प्रेस का सहारा लेना पड़ा। वहीं, इस मामले में द्वितीय पक्ष यानी सोनिया देवी और संतोष मिस्त्री के घर के बाहर होने के कारण उनका पक्ष नहीं जाना जा सका। तृतीय पक्ष के राहुल सिंह और उनके दादाजी हरिमोहन सिंह ने भी एक अलग प्रेस वार्ता आयोजित की। उन्होंने प्रथम पक्ष द्वारा लगाए गए सभी आरोपों का खंडन करते हुए कहा कि उन्होंने यह जमीन खरीदने से पहले सही तरीके से जांच-पड़ताल की थी और इसमें क्या कुछ है, इसकी उन्हें जानकारी नहीं है। उन्होंने प्रथम पक्ष के आरोपों को बेबुनियाद बताया।1
- झारखंड के धनबाद जिले के गोबिंदपुर में भीषण गर्मी के बीच पानी के लिए हाहाकार मचा हुआ है, खासकर विलेज रोड इलाके में, जहाँ पीने और आवश्यक जरूरतों के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है। स्थानीय निवासी पानी की समस्या को लेकर आंदोलन कर रहे हैं और सरकारी बाबुओं को आवेदन के माध्यम से लगातार स्थिति से अवगत करा रहे हैं, लेकिन उनकी गुहार अनसुनी की जा रही है। इसी बीच, एक विरोधाभासी तस्वीर सामने आई है जहाँ मैथन जलापूर्ति से संबंधित रतनपुर खालसा होटल के पास एक वाल्व से पिछले दो दिनों से हजारों लीटर पानी लगातार बर्बाद हो रहा है। यह बहता हुआ पानी जीटी रोड किनारे जमा हो रहा है, जिससे आने-जाने वाले राहगीरों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आरोप है कि PHED विभाग के अधिकारी इस गंभीर समस्या के प्रति पूरी तरह से उदासीन हैं और “कुंभकरण की नींद” में सोए हुए हैं। दो दिनों से हो रही पानी की इस बर्बादी पर उनकी नजर नहीं गई है, जिससे यह सवाल उठ रहा है कि क्या विभाग के अधिकारियों का दायित्व केवल गरीब जनता के टैक्स के पैसे को वेतन के रूप में लेना है, या उन्हें जनता की सुविधाओं का संरक्षण भी करना चाहिए।1
- झारखंड के धनबाद जिले में बेलगड़िया सिंह बस्ती से पालनी मोड़ तक प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण परियोजना का स्थानीय निवासियों द्वारा कड़ा विरोध किया जा रहा है। लोगों को आशंका है कि इस परियोजना के कारण उनकी जमीन और मकान प्रभावित होंगे। विरोध प्रदर्शनकारियों का स्पष्ट आरोप है कि प्रशासन बिना किसी उचित मुआवजे के उनकी निजी जमीन का अधिग्रहण करने का प्रयास कर रहा है, जिससे उन्हें भारी नुकसान होगा।1
- धनबाद के तोंपचाची क्षेत्र अंतर्गत ब्रह्मांडीहा-नेपोडीह में माइंस संबंधी गतिविधियों को लेकर जोरदार बवाल सामने आया है। स्थानीय ग्रामीणों ने नियमों की अनदेखी और मनमानी का गंभीर आरोप लगाते हुए तीव्र विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान, ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों और प्रबंधन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने और दोषियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने की मांग की।1