भारतीय नागरिकता का सबसे मजबूत और असली सबूत भारत सरकार द्वारा जारी भारतीय नागरिकता का सबसे मजबूत और असली सबूत मुख्य रूप से भारत सरकार द्वारा जारी पासपोर्ट (Passport), जन्म प्रमाण पत्र (Birth Certificate) या नागरिकता प्रमाण पत्र (Certificate of Citizenship) है। आधार कार्ड (Aadhaar), पैन कार्ड (PAN), और वोटर आईडी (Voter ID) सिर्फ पहचान और निवास के सबूत हैं, नागरिकता के निर्णायक दस्तावेज नहीं। यह वीडियो भारतीय नागरिकता साबित करने वाले सबसे मजबूत दस्तावेजों के बारे में जानकारी देता है: नागरिकता के लिए मान्य दस्तावेज़ (जो 1955 के अधिनियम के अनुसार जन्म, वंश या पंजीकरण दर्शाते हैं): [1] भारतीय पासपोर्ट: पुलिस वेरिफिकेशन के बाद जारी होने के कारण यह बहुत मजबूत सबूत है। जन्म प्रमाण पत्र: यदि 1 जुलाई 1987 से पहले का है, या माता-पिता के भारतीय होने के सबूत के साथ है। शैक्षणिक रिकॉर्ड: स्कूल छोड़ने का प्रमाण पत्र (TC) या मैट्रिकुलेशन सर्टिफिकेट जिसमें जन्म स्थान भारत हो। संपत्ति/जमीन के दस्तावेज: पूर्वजों के नाम जमीन के पुराने रिकॉर्ड (1970 या उससे पहले के)। वोटर लिस्ट में नाम: 2003 या उससे पहले की मतदाता सूची में नाम होना। ध्यान रखें: सुप्रीम कोर्ट के अनुसार, आधार कार्ड नागरिकता का प्रमाण नहीं है। सभी दस्तावेज़ों में नाम और जन्मतिथि का मेल होना आवश्यक है
भारतीय नागरिकता का सबसे मजबूत और असली सबूत भारत सरकार द्वारा जारी भारतीय नागरिकता का सबसे मजबूत और असली सबूत मुख्य रूप से भारत सरकार द्वारा जारी पासपोर्ट (Passport), जन्म प्रमाण पत्र (Birth Certificate) या नागरिकता प्रमाण पत्र (Certificate of Citizenship) है। आधार कार्ड (Aadhaar), पैन कार्ड (PAN), और वोटर आईडी (Voter ID) सिर्फ पहचान और निवास के सबूत हैं, नागरिकता के निर्णायक दस्तावेज नहीं। यह वीडियो भारतीय नागरिकता साबित करने वाले सबसे मजबूत दस्तावेजों के बारे में जानकारी देता है: नागरिकता के लिए मान्य दस्तावेज़ (जो 1955 के अधिनियम के अनुसार जन्म, वंश या पंजीकरण दर्शाते हैं): [1] भारतीय पासपोर्ट: पुलिस वेरिफिकेशन के बाद जारी होने के कारण यह बहुत मजबूत सबूत है। जन्म प्रमाण पत्र: यदि 1 जुलाई 1987 से पहले का है, या माता-पिता के भारतीय होने के सबूत के साथ है। शैक्षणिक रिकॉर्ड: स्कूल छोड़ने का प्रमाण पत्र (TC) या मैट्रिकुलेशन सर्टिफिकेट जिसमें जन्म स्थान भारत हो। संपत्ति/जमीन के दस्तावेज: पूर्वजों के नाम जमीन के पुराने रिकॉर्ड (1970 या उससे पहले के)। वोटर लिस्ट में नाम: 2003 या उससे पहले की मतदाता सूची में नाम होना। ध्यान रखें: सुप्रीम कोर्ट के अनुसार, आधार कार्ड नागरिकता का प्रमाण नहीं है। सभी दस्तावेज़ों में नाम और जन्मतिथि का मेल होना आवश्यक है
- भारतीय नागरिकता का सबसे मजबूत और असली सबूत भारत सरकार द्वारा जारी भारतीय नागरिकता का सबसे मजबूत और असली सबूत मुख्य रूप से भारत सरकार द्वारा जारी पासपोर्ट (Passport), जन्म प्रमाण पत्र (Birth Certificate) या नागरिकता प्रमाण पत्र (Certificate of Citizenship) है। आधार कार्ड (Aadhaar), पैन कार्ड (PAN), और वोटर आईडी (Voter ID) सिर्फ पहचान और निवास के सबूत हैं, नागरिकता के निर्णायक दस्तावेज नहीं। यह वीडियो भारतीय नागरिकता साबित करने वाले सबसे मजबूत दस्तावेजों के बारे में जानकारी देता है: नागरिकता के लिए मान्य दस्तावेज़ (जो 1955 के अधिनियम के अनुसार जन्म, वंश या पंजीकरण दर्शाते हैं): [1] भारतीय पासपोर्ट: पुलिस वेरिफिकेशन के बाद जारी होने के कारण यह बहुत मजबूत सबूत है। जन्म प्रमाण पत्र: यदि 1 जुलाई 1987 से पहले का है, या माता-पिता के भारतीय होने के सबूत के साथ है। शैक्षणिक रिकॉर्ड: स्कूल छोड़ने का प्रमाण पत्र (TC) या मैट्रिकुलेशन सर्टिफिकेट जिसमें जन्म स्थान भारत हो। संपत्ति/जमीन के दस्तावेज: पूर्वजों के नाम जमीन के पुराने रिकॉर्ड (1970 या उससे पहले के)। वोटर लिस्ट में नाम: 2003 या उससे पहले की मतदाता सूची में नाम होना। ध्यान रखें: सुप्रीम कोर्ट के अनुसार, आधार कार्ड नागरिकता का प्रमाण नहीं है। सभी दस्तावेज़ों में नाम और जन्मतिथि का मेल होना आवश्यक है1
- सेवानिवृत्त शिक्षक ने अपनी आय का पैसा व्यय कर भव्य मंदिर एवं आश्रम का कराया निर्माण- सोहागपुर (नर्मदापुरम)- शोभापुर निवासी सेवानिवृत्त शिक्षक श्री डी.पी.दुबे जी द्वारा स्वयं की लागत से शोभापुर में साधु संतों एवं परिक्रमावासियों के लिए आश्रम का निर्माण कराया एवं नवनिर्मित श्री राधे कृष्ण मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा व सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा समापन के अवसर पर महाप्रसादी एवं भव्य भंडारा आयोजित किया गया उसके पश्चात आपने यहां पर भी राम रहीम रोटी बैंक के माध्यम से इन जरूरतमंद, बेघर, बेसहारा लोगों एवं नर्मदा परिक्रमावासियों को व्यंजनों के साथ स्वादिष्ट भोजन कराकर पुण्य व सराहनीय कार्य किया। जरूरतमंद लोगों की भोजन व्यवस्था में सदैव सहयोग प्रदान करने वाले सेवाभावी श्री डी पी दुबे जी का हृदय से आभार व्यक्त किया जाता है। ईश्वर आपको सदैव स्वस्थ रखे, प्रसन्न रखें, आप दीर्घायु हों और इसी तरह पुण्य लाभ अर्जित करते रहें।1
- अगर देश के असली मुद्दों पर बात क्यों नहीं होती, जिस दिन देश की जनता असली मुद्दों पर बात करेगी देश की राजनीति बदल जाएगी1
- ग्वालियर लॉ कॉलेज की अपहृत छात्रा को पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है। 'ऑपरेशन हॉट परशूट' के तहत काम कर रही मध्य प्रदेश पुलिस की 12 टीमों ने मुख्य आरोपी जीतू तोमर को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया।1
- मध्य प्रदेश के किसान कमीशनखोरी के कारण अपना अनाज बेचने के लिए मजबूर हैं। नरसिंहपुर के गाडरवारा में अन्नदाता दिन-रात भूखे-प्यासे बैठकर अपनी फसल की रखवाली कर रहे हैं। वहीं, नेताओं और मंत्रियों पर आरोप है कि वे एसी कमरों में बैठे हैं और किसानों की दुर्दशा से बेखबर हैं।1
- किसानों ने 12 सूत्रीय मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन, आंदोलन की चेतावनी जिले के किसानों ने विभिन्न समस्याओं के निराकरण को लेकर प्रशासन को 12 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। किसानों ने उपार्जन केंद्रों पर पर्याप्त कांटे और हम्माल उपलब्ध कराने, गुणवत्ता के नाम पर हो रही परेशानियां बंद करने तथा सर्वर समस्या दूर कर समय पर भुगतान सुनिश्चित करने की मांग उठाई। इसके अलावा वेयरहाउस फुल होने पर वैकल्पिक व्यवस्था, ओटीपी के माध्यम से भुगतान, तौल और गुणवत्ता की नियमित जांच तथा स्लॉट बुकिंग की तारीख छूटने पर किसानों को पुनः अवसर देने की मांग की गई। किसानों ने खरीफ सीजन के लिए अग्रिम खाद भंडारण, समर्थन मूल्य पर ग्रीष्मकालीन मूंग खरीदी हेतु पंजीयन शुरू कराने और सिंचाई के लिए प्रतिदिन 10 घंटे नियमित बिजली उपलब्ध कराने की भी मांग रखी। किसानों ने आरोप लगाया कि सैंपल के नाम पर अनाज की कटौती की जा रही है। मांगें 5 दिनों में पूरी नहीं होने पर भारतीय किसान संघ ने जिला मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन की चेतावनी दी है।1
- जून्नरदेव, ग्राम उमराड़ी अवैध रेत माफीया ने टेक्टर से गाय के बछड़े को मारी टककर बचढ़े की हुई मौत खबर,,उमराड़ी, जुन्नारदेव,, कट्टा नदी से रेत भरकर आ रहा ट्रैक्टर ट्राली ने गाय के बछड़े को मारी टक्कर बछड़े की हुई मौत ट्रैक्टर ड्राइवर हुआ फरार ग्रामीण नवयुवकों का कहना है की चीज भी ट्रैक्टर मालिक की गाड़ी हो तुरंत अपनी गलती स्वीकार कर ले अन्यथा ट्रैक्टर ट्रॉली रेट लेकर गांव से नहीं जाने देंगे सुबह होते ही सभी ग्रामीण इकट्ठे होकर सभी ट्राली ट्रैक्टर मालिकों को बुलाया गया किसी ने नहीं बताया कि गाड़ी से नवजात बछड़े की मौत हुई यह खबर पूरे ग्रामीण क्षेत्र में फैल गई और बछड़े को सभी ने मिलकर हिंदू रीति रिवाज के तहत संस्कार किया इसी प्रकार की घटना दिनांक 8 मैं दिन शुक्रवार को सुबह गोरख घाट छबड़ा में भी इसी प्रकार एक पालतू गाय को रेत से भरे ट्रैक्टर ने राउंद दिया और पालतू गाय का पैर टूट गया खबर लगते ही जांच के लिए ग्रामीण ग्रुप घाट पहुंचे और वहां की जानकारी ली किस वजह से गाय का पैर टूटा वहां के निवास रत नंदल पटेल ने है जानकारी बताइएई ग्रामीणों का कहना है कि सभी ट्रैक्टर मालिकों को अवगत करा दिया जाए के ट्रैक्टर रेत लेकर आराम से जाए कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है3
- खंडवा ₹500 नहीं दिए, तो मोमोज वाले के साथ गुंडागर्दी...1