जहानाबाद : हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा की जिला स्तरीय बैठक में सदस्यता अभियान को लेकर बनी रणनीति। जहानाबाद में सदस्यता अभियान को लेकर हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा की जिला स्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में प्रदेश कमिटी द्वारा नियुक्त जिला सदस्यता प्रभारी का आगमन हुआ, जिनका कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इस अवसर पर उपस्थित नेताओं ने संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए अधिक से अधिक लोगों को पार्टी से जोड़ने का आह्वान किया। सदस्यता अभियान को गांव-गांव और वार्ड स्तर तक पहुंचाने की रणनीति पर चर्चा की गई। प्रभारी ने कार्यकर्ताओं को लक्ष्य निर्धारित कर सक्रिय रूप से अभियान चलाने के निर्देश दिए। बैठक में संगठन विस्तार, बूथ स्तरीय कमिटी गठन और आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा पर भी विचार-विमर्श किया गया। नेताओं ने कहा कि मजबूत संगठन के बल पर ही पार्टी की नीतियों और विचारों को जन-जन तक पहुंचाया जा सकता है।
जहानाबाद : हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा की जिला स्तरीय बैठक में सदस्यता अभियान को लेकर बनी रणनीति। जहानाबाद में सदस्यता अभियान को लेकर हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा की जिला स्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में प्रदेश कमिटी द्वारा नियुक्त जिला सदस्यता प्रभारी का आगमन हुआ, जिनका कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इस अवसर पर उपस्थित नेताओं ने संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए अधिक से अधिक लोगों को पार्टी से जोड़ने का आह्वान किया। सदस्यता अभियान को गांव-गांव और वार्ड स्तर तक पहुंचाने की रणनीति पर चर्चा की गई। प्रभारी ने कार्यकर्ताओं को लक्ष्य निर्धारित कर सक्रिय रूप से अभियान चलाने के निर्देश दिए। बैठक में संगठन विस्तार, बूथ स्तरीय कमिटी गठन और आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा पर भी विचार-विमर्श किया गया। नेताओं ने कहा कि मजबूत संगठन के बल पर ही पार्टी की नीतियों और विचारों को जन-जन तक पहुंचाया जा सकता है।
- जहानाबाद में सदस्यता अभियान को लेकर हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा की जिला स्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में प्रदेश कमिटी द्वारा नियुक्त जिला सदस्यता प्रभारी का आगमन हुआ, जिनका कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इस अवसर पर उपस्थित नेताओं ने संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए अधिक से अधिक लोगों को पार्टी से जोड़ने का आह्वान किया। सदस्यता अभियान को गांव-गांव और वार्ड स्तर तक पहुंचाने की रणनीति पर चर्चा की गई। प्रभारी ने कार्यकर्ताओं को लक्ष्य निर्धारित कर सक्रिय रूप से अभियान चलाने के निर्देश दिए। बैठक में संगठन विस्तार, बूथ स्तरीय कमिटी गठन और आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा पर भी विचार-विमर्श किया गया। नेताओं ने कहा कि मजबूत संगठन के बल पर ही पार्टी की नीतियों और विचारों को जन-जन तक पहुंचाया जा सकता है।1
- देखिए एक लड़की है जो 3 बच्चा को अपने साथ ले जाने के कोशिश कर रही थी तभी एक बाबा ने उनसे बोला कि तुम ईसब बच्चों को कहा ले जा रही 💀💀💀💀💀💀💀💀💀 कृपया कर के अपनों बच्चों को अकेला कही नहीं भेजे thank you1
- वीडियो में छात्रा ने हाथ में एक सम्मान (Trophy) थाम रखा है, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि यह किसी स्कूल या स्थानीय कार्यक्रम के दौरान का दृश्य है। लोक संस्कृति का संगम: छात्रा ने जिस सादगी और शुद्धता के साथ पारंपरिक गीतों को गाया है, उसकी तुलना लोग सोशल मीडिया पर 'बिहार की कोकिला' शारदा सिन्हा और मैथिली ठाकुर से कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया: फेसबुक और इंस्टाग्राम पर इस वीडियो को लाखों बार देखा जा चुका है। लोग 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' के साथ-साथ 'बेटी को आगे बढ़ाओ' के संदेश के साथ इसे शेयर कर रहे हैं। "बिहार की लोक संस्कृति की बात ही अलग है। इस बच्ची की आवाज में वो मिट्टी की सोंधी खुशबू और सादगी साफ झलकती है।"1
- Post by Ajaykumar ajaykumar1
- गूगल CEO सुंदर पिचाई ने मोदीजी से मुलाक़ात की, गलगोटिया यूनिवर्सिटी का दावा चीनी नकल AI Summit से बाहर निकाला, बीजेपी बंगाल में मांस मछली नहीं बिकने देगी- ममता, इंडी ब्लाक सिर्फ लोकसभा चुनाव में ही सक्रिय होता - संजय राऊत और रीवा में महिला को जिंदा गाड़ा.... देखिए देश दुनिया की छ बड़ी खबरें राजपथ न्यूज़ पर....1
- https://youtu.be/rpeiXctTRBI?si=lI8YnADX0d5vLLNt3
- अरवल। जिले में नेशनल हाईवे-139 पर लगातार लगने वाले जाम से परेशान लोगों की आवाज अब तेज होती जा रही है। इसी मुद्दे को लेकर अरवल विकास मंच की ओर से ब्लॉक परिसर में स्थित बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के समीप एक अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मंच के अध्यक्ष एवं रेल आंदोलन के सूत्रधार मनोज सिंह यादव ने की। बैठक को संबोधित करते हुए मनोज सिंह यादव ने कहा कि NH-139 पर लगने वाले भीषण जाम के कारण आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। अरवल शहर से लेकर बैदराबाद, वलिदाद, मेहंदिया, बेलसार, कलेर, प्रसादी और इंग्लिश सहित लगभग सभी बाजारों में स्थिति भयावह बनी हुई है। उन्होंने कहा कि पूरे बिहार से आने वाले बालू लदे ट्रकों की आवाजाही के कारण अरवल जिला जाम का केंद्र बन गया है, जिससे लोगों को घंटों तक सड़कों पर फंसे रहना पड़ता है। मंच अध्यक्ष ने जिला प्रशासन से मांग करते हुए कहा कि बालू उठाव वाले ट्रकों के लिए सोन नदी के किनारे एक निर्धारित डिपो बनाया जाए। वहां से समय-सीमा के अनुसार ट्रकों को नेशनल हाईवे पर छोड़ा जाए, ताकि जाम की समस्या पर नियंत्रण पाया जा सके और आम लोगों को राहत मिल सके। उन्होंने यह भी कहा कि जाम के कारण स्वास्थ्य सेवाओं, स्कूल जाने वाले बच्चों और दैनिक कामकाज करने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसके बावजूद प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने जिलाधिकारी और स्थानीय विधायक पर भी इस गंभीर समस्या पर उदासीन रहने का आरोप लगाया। बैठक में जनार्दन सिंह, ओमप्रकाश पप्पू, कामेश्वर यादव, सुभाष सिंह, सुदर्शन यादव, गोवर्धन यादव, मंटू कुमार, रजनीश कुमार, धनंजय कुमार सिंह समेत कई लोगों ने अपने विचार रखे और जाम की समस्या के जल्द समाधान की मांग की।1
- जहानाबाद के कोर्ट एरिया स्थित टीचर ट्रेनिंग कॉलेज में प्रख्यात शिक्षाविद स्वर्गीय डॉ. चंद्रिका प्रसाद यादव की प्रथम पुण्यतिथि श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में जिले के कई गणमान्य नागरिक, शिक्षाविद, समाजसेवी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। इस अवसर पर कॉलेज परिसर में स्थापित उनकी प्रतिमा का विधिवत अनावरण किया गया, जिसके बाद उपस्थित लोगों ने माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और श्रद्धांजलि सभा से हुई। वक्ताओं ने डॉ. यादव के शिक्षा क्षेत्र में दिए गए योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने अपने जीवन को समाज के शैक्षणिक उत्थान के लिए समर्पित कर दिया। उनके प्रयासों से न केवल शिक्षक प्रशिक्षण की गुणवत्ता में सुधार हुआ, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र के छात्रों को भी बेहतर शैक्षणिक अवसर मिल सके। वक्ताओं ने कहा कि डॉ. चंद्रिका प्रसाद यादव का जीवन सादगी, समर्पण और अनुशासन का प्रतीक था। उन्होंने हमेशा शिक्षा को समाज परिवर्तन का सबसे सशक्त माध्यम माना। उनके आदर्शों और सिद्धांतों पर चलना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस दौरान उपस्थित लोगों ने संकल्प लिया कि वे उनके पदचिन्हों पर चलकर शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करेंगे और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों तक ज्ञान की रोशनी पहुंचाने का प्रयास करेंगे।1