*लापरवाही की हद पार: जलभराव के बीच राशन लेने को मजबूर ग्रामीण, बुजुर्ग महिला गिरकर हुई घायल* *उन्नाव/सिकंदरपुर सरोसी* *संवाददाता - दिव्यांग बृजेन्द्र ठाकुर* उन्नाव। उन्नाव सदर के सिकंदरपुर सरोसी विकासखंड की ग्राम पंचायत सथरा के मजरा मोहद्दीपुर में जलभराव ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। सड़क पर पानी भरा होने के बावजूद कल और आज दो दिनों से इसी रास्ते से होकर ग्रामीणों को राशन लेने जाना पड़ रहा है। पानी से होकर गुजरने के दौरान लोगों को अपनी जान जोखिम में डालनी पड़ रही है। सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांगजनों को हो रही है। ग्रामीणों के अनुसार, शुक्रवार को एक बुजुर्ग महिला राशन लेने जाते समय पानी में गिर गईं, जिससे उन्हें चोट भी आई। हादसे के बाद ग्रामीणों में नाराजगी है कि आखिर किसी बड़े हादसे का इंतजार क्यों किया जा रहा है? ग्रामीणों का कहना है कि जब सड़क पर इतना जलभराव है तो राशन वितरण के लिए सुरक्षित स्थान का इस्तेमाल क्यों नहीं किया जा रहा। ग्राम पंचायत सथरा में पंचायत भवन मुख्य मार्ग पर स्थित है और वहां तक अभी पानी नहीं पहुंचा है। ऐसे में ग्रामीणों का सवाल है कि जब पंचायत भवन सुरक्षित है तो कोटेदार वहीं राशन वितरण क्यों नहीं कर रहे हैं? ग्रामीणों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों को समस्या की जानकारी होने के बावजूद अब तक कोई ठोस व्यवस्था नहीं की गई है। लोगों का कहना है कि प्रशासन अक्सर हादसा होने के बाद ही जागता है, लेकिन सवाल यह है कि क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार करना जरूरी है? ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि तत्काल मौके का निरीक्षण कर जलभराव की समस्या का समाधान कराया जाए और जब तक सड़क आवागमन के लिए सुरक्षित नहीं होती, तब तक राशन वितरण के लिए पंचायत भवन जैसे सुरक्षित स्थान की व्यवस्था की जाए, ताकि बुजुर्गों, महिलाओं, बच्चों और दिव्यांगजनों को जोखिम उठाकर पानी से होकर न गुजरना पड़े। *ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन हादसे का इंतजार करने के बजाय समय रहते कदम उठाए।*
*लापरवाही की हद पार: जलभराव के बीच राशन लेने को मजबूर ग्रामीण, बुजुर्ग महिला गिरकर हुई घायल* *उन्नाव/सिकंदरपुर सरोसी* *संवाददाता - दिव्यांग बृजेन्द्र ठाकुर* उन्नाव। उन्नाव सदर के सिकंदरपुर सरोसी विकासखंड की ग्राम पंचायत सथरा के मजरा मोहद्दीपुर में जलभराव ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। सड़क पर पानी भरा होने के बावजूद कल और आज दो दिनों से इसी रास्ते से होकर ग्रामीणों को राशन लेने जाना पड़ रहा है। पानी से होकर गुजरने के दौरान लोगों को अपनी जान जोखिम में डालनी पड़ रही है। सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांगजनों को हो रही है। ग्रामीणों के अनुसार, शुक्रवार को एक बुजुर्ग महिला राशन लेने जाते समय पानी में गिर गईं, जिससे उन्हें चोट भी आई। हादसे के बाद ग्रामीणों में नाराजगी है कि आखिर किसी बड़े हादसे का इंतजार क्यों किया जा रहा है? ग्रामीणों का कहना है कि जब सड़क पर इतना जलभराव है तो राशन वितरण के लिए सुरक्षित स्थान का इस्तेमाल क्यों नहीं किया जा रहा। ग्राम पंचायत सथरा में पंचायत भवन मुख्य मार्ग पर स्थित है और वहां तक अभी पानी नहीं पहुंचा है। ऐसे में ग्रामीणों का सवाल है कि जब पंचायत भवन सुरक्षित है तो कोटेदार वहीं राशन वितरण क्यों नहीं कर रहे हैं? ग्रामीणों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों को समस्या की जानकारी होने के बावजूद अब तक कोई ठोस व्यवस्था नहीं की गई है। लोगों का कहना है कि प्रशासन अक्सर हादसा होने के बाद ही जागता है, लेकिन सवाल यह है कि क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार करना जरूरी है? ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि तत्काल मौके का निरीक्षण कर जलभराव की समस्या का समाधान कराया जाए और जब तक सड़क आवागमन के लिए सुरक्षित नहीं होती, तब तक राशन वितरण के लिए पंचायत भवन जैसे सुरक्षित स्थान की व्यवस्था की जाए, ताकि बुजुर्गों, महिलाओं, बच्चों और दिव्यांगजनों को जोखिम उठाकर पानी से होकर न गुजरना पड़े। *ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन हादसे का इंतजार करने के बजाय समय रहते कदम उठाए।*
- बुलडोजर मत चलाइए साहब!”—आंसुओं के साथ आशियाने बचाने की गुहार, पासी मोहल्ले में छाया डर “बुलडोजर मत चलाइए साहब!”—आंसुओं के साथ आशियाने बचाने की गुहार, पासी मोहल्ले में छाया डर अमेठी। आंखों में आंसू, हाथों में फरियाद और सामने उजड़ते आशियाने का डर—अमेठी तालाब के पूरे पासी मोहल्ले से सामने आई तस्वीरें लोगों को झकझोर रही हैं। महिलाएं और बच्चे अपने पुश्तैनी मकानों पर संभावित ध्वस्तीकरण की कार्रवाई को लेकर परेशान नजर आ रहे हैं। पीड़ित परिवारों की मांग है कि कार्रवाई से पहले उनकी बात सुनी जाए और उनके आशियानों को बचाने का रास्ता निकाला जाए। मोहल्ले की महिलाओं का कहना है कि घर उजड़ने की आशंका ने पूरे परिवार को मानसिक तनाव में डाल दिया है। उनका सवाल है कि अगर मकान टूट गए तो परिवारों के सामने रहने और बच्चों के भविष्य का संकट खड़ा हो जाएगा। इसी बीच कुछ महिलाओं ने स्थानीय कुछ युवकों पर छेड़खानी और अभद्र व्यवहार के आरोप भी लगाए हैं। महिलाओं का दावा है कि कथित घटनाओं के कारण मोहल्ले में डर का माहौल है और उन्हें घर से बाहर निकलने में परेशानी महसूस होती है। बच्चों की स्कूल जाने की सुरक्षा को लेकर भी परिवारों ने चिंता जताई है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में प्रशासन और पुलिस की जांच के बाद ही स्थिति की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है—क्या रोते-बिलखते इन परिवारों की फरियाद जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुंचेगी? क्या कार्रवाई से पहले इनकी बात सुनी जाएगी? और क्या इन परिवारों के आशियाने उजड़ने से बच पाएंगे? पार्ट-3 में सामने आई ये तस्वीरें प्रशासन से संवेदनशीलता, निष्पक्ष जांच और प्रभावित परिवारों की बात सुने जाने की मांग करती हैं।1
- *लापरवाही की हद पार: जलभराव के बीच राशन लेने को मजबूर ग्रामीण, बुजुर्ग महिला गिरकर हुई घायल* *उन्नाव/सिकंदरपुर सरोसी* *संवाददाता - दिव्यांग बृजेन्द्र ठाकुर* उन्नाव। उन्नाव सदर के सिकंदरपुर सरोसी विकासखंड की ग्राम पंचायत सथरा के मजरा मोहद्दीपुर में जलभराव ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। सड़क पर पानी भरा होने के बावजूद कल और आज दो दिनों से इसी रास्ते से होकर ग्रामीणों को राशन लेने जाना पड़ रहा है। पानी से होकर गुजरने के दौरान लोगों को अपनी जान जोखिम में डालनी पड़ रही है। सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों, महिलाओं और दिव्यांगजनों को हो रही है। ग्रामीणों के अनुसार, शुक्रवार को एक बुजुर्ग महिला राशन लेने जाते समय पानी में गिर गईं, जिससे उन्हें चोट भी आई। हादसे के बाद ग्रामीणों में नाराजगी है कि आखिर किसी बड़े हादसे का इंतजार क्यों किया जा रहा है? ग्रामीणों का कहना है कि जब सड़क पर इतना जलभराव है तो राशन वितरण के लिए सुरक्षित स्थान का इस्तेमाल क्यों नहीं किया जा रहा। ग्राम पंचायत सथरा में पंचायत भवन मुख्य मार्ग पर स्थित है और वहां तक अभी पानी नहीं पहुंचा है। ऐसे में ग्रामीणों का सवाल है कि जब पंचायत भवन सुरक्षित है तो कोटेदार वहीं राशन वितरण क्यों नहीं कर रहे हैं? ग्रामीणों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों को समस्या की जानकारी होने के बावजूद अब तक कोई ठोस व्यवस्था नहीं की गई है। लोगों का कहना है कि प्रशासन अक्सर हादसा होने के बाद ही जागता है, लेकिन सवाल यह है कि क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार करना जरूरी है? ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि तत्काल मौके का निरीक्षण कर जलभराव की समस्या का समाधान कराया जाए और जब तक सड़क आवागमन के लिए सुरक्षित नहीं होती, तब तक राशन वितरण के लिए पंचायत भवन जैसे सुरक्षित स्थान की व्यवस्था की जाए, ताकि बुजुर्गों, महिलाओं, बच्चों और दिव्यांगजनों को जोखिम उठाकर पानी से होकर न गुजरना पड़े। *ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन हादसे का इंतजार करने के बजाय समय रहते कदम उठाए।*1
- रायपुर,,, पीएम मोदी और पुनित की होगी मुलाकात,, श्रद्धालु उत्सव में हुए शामिल1
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- अभ्युदय प्रतियोगी परीक्षार्थियों ने डीएम से लगाई गुहार अभ्युदय प्रतियोगी परीक्षार्थियों ने डीएम से लगाई गुहार समाज विभाग द्वारा संचालित अभ्युदय योजना के तहत डायट परिसर में छात्र छात्राएं प्रतियोगी परीक्षाओं की कर रहे तैयारी उन्नाव। जिले के डायट परिसर स्थित समाज विभाग द्वारा अभ्युदय कोचिंग में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों ने जिला प्रशासन से वर्तमान अध्ययन व्यवस्था को यथावत बनाए रखने की मांग की है। जिलाधिकारी को दिए गए प्रार्थना पत्र में विद्यार्थियों ने बताया कि वे वर्तमान में डायट परिसर में संचालित कोचिंग संस्थान के माध्यम से पीसीएस, एसएससी समेत विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं। इसी बीच डायट परिसर में संचालित अभ्युदय योजना के अंतर्गत संचालित कोचिंग को अन्य स्थान पर स्थानांतरित किए जाने की प्रक्रिया प्रस्तावित होने की जानकारी से विद्यार्थियों में चिंता है।विद्यार्थियों का कहना है कि मौजूदा परिसर में अध्ययन के लिए अपेक्षाकृत शांत, अनुशासित और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध है। पुस्तकालय अथवा अन्य संस्थान के स्थानांतरण के कारण परिसर में विद्यार्थियों की संख्या और गतिविधियां बढ़ने से नियमित पढ़ाई प्रभावित होने की आशंका है। प्रार्थना पत्र में कहा गया है कि एक ही कैंपस में एक ही समय पर अलग-अलग कक्षाएं संचालित होने से विद्यार्थियों की ओर से शोर-शराबा और आवागमन बढ़ता है, जिससे कक्षाओं में पढ़ाई के दौरान व्यवधान उत्पन्न होता है। विद्यार्थियों ने आशंका जताई है कि यदि बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं को एक ही परिसर में लाकर अध्ययन और पुस्तकालय की व्यवस्थाएं संचालित की जाती हैं तो परिसर के आसपास भीड़ बढ़ सकती है। इससे आने-जाने वाले विद्यार्थियों और वाहनों की संख्या बढ़ने के कारण ट्रैफिक व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ने तथा आवागमन में जाम और अव्यवस्था की स्थिति बनने की संभावना है। विशेषकर कक्षाओं के शुरू होने और छुट्टी के समय छात्र-छात्राओं की भीड़ तथा वाहनों की आवाजाही से मुख्य मार्गों पर यातायात प्रभावित हो सकता है।प्रार्थना पत्र में विद्यार्थियों ने यह भी कहा है कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए एकाग्रता और शांत वातावरण बेहद जरूरी है। वर्तमान व्यवस्था में बदलाव होने पर पढ़ाई का अनुकूल माहौल प्रभावित होगा। विद्यार्थियों के अनुसार आगामी यूपीपीसीएस प्रारंभिक परीक्षा छह दिसंबर 2026 को प्रस्तावित है और परीक्षा की तैयारी के लिए अब सीमित समय बचा है। ऐसे समय में अध्ययन स्थल और व्यवस्था में बदलाव होने से उन्हें अतिरिक्त परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।विद्यार्थियों ने बताया कि वर्तमान परिसर में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए नियमित कक्षाएं संचालित हो रही हैं। एक ही परिसर में अलग-अलग गतिविधियों और कक्षाओं के संचालन से पहले से ही विद्यार्थियों को शोर एवं भीड़ की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में अतिरिक्त गतिविधियां शुरू होने पर समस्या और बढ़ सकती है।छात्र-छात्राओं ने जिलाधिकारी से मांग की है कि प्रतियोगी परीक्षार्थियों के हित को ध्यान में रखते हुए वर्तमान शैक्षणिक व्यवस्था और स्थान को यथासंभव यथावत रखा जाए, ताकि आगामी परीक्षाओं की तैयारी शांत एवं अनुशासित वातावरण में निर्बाध रूप से जारी रह सके। साथ ही परिसर में भीड़ और वाहनों की बढ़ती आवाजाही को देखते हुए यातायात व्यवस्था को भी व्यवस्थित किए जाने की मांग की गई है।ज्ञापन देने वालो में महेंद्र कुमार कुलदीप संस्कार गुप्ता , अमन, अपूर्वा , प्राची, भौमी, अशुतोष, सौम्या चौधरी, कीर्ति यादव, मोनिका, साक्षी, मधुरेश सिंह, सोनाली,वैभव शुक्ला, सचिन रावत, सौरभ कुमार, वैभव शुक्ला, सौम्य गुप्ता , शिवम, वत्सल, आशीष शुक्ला आदि छात्र छात्राएं शामिल रहे।4
- *बाढ़ के पानी की जद में ऐरा भदियार पावरहाउस, दो सीढ़ियों तक भरा पानी; बिजली आपूर्ति को लेकर ग्रामीणों में बढ़ी चिंता*1
- आज शाम 7 बजे के करीब हुआ भीषण एक्सीडेंट जिसमें बाइक की आपस में भिड़ंत हो गई और एक व्यक्ति को काफी ज्यादा चोट लग गई है 🚨। बिग ब्रेकिंग 🚨 आज शाम 7 बजे के करीब हुआ भीषण एक्सीडेंट जिसमें बाइक की आपस में भिड़ंत हो गई और एक व्यक्ति को काफी ज्यादा चोट लग गई है मामला है कोलुवा गाडा से बेथर जाने वाले रास्ते पर बिहारी बाबा मंदिर से करीब 500 मीटर आगे1